उत्तर प्रदेश के बागपत जिले के हिलवाड़ी गांव में 25 वर्षीय मैकेनिक चंद्रपाल की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। यह घटना कूलर ठीक करने के पैसे मांगने को लेकर हुए विवाद के बाद सामने आई है। चंद्रपाल इलेक्ट्रॉनिक मिस्त्री का काम करता था और उसकी शादी दो साल पहले हुई थी, जिसकी छह माह की एक बेटी है। घटना के बाद से परिवार में गहरा शोक है। पुलिस के अनुसार, आरोप है कि गांव के ही बबलू नामक युवक ने कुछ दिन पहले चंद्रपाल से एक कूलर ठीक करवाया था। जब चंद्रपाल ने बबलू से अपने पैसे मांगे, तो बबलू ने उसे गांव के बाहर तालाब के पास बुलाया। यहीं दोनों के बीच विवाद हुआ और बबलू ने चंद्रपाल की बेरहमी से पिटाई की, जिससे उसकी मौत हो गई। पुलिस ने पीड़ित परिवार की तहरीर पर दो नामजद व्यक्तियों सहित अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज किया है और एक आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। मामले की जांच-पड़ताल जारी है। चंद्रपाल का शव गांव पहुंचने पर परिजनों ने अंतिम संस्कार करने से साफ इनकार कर दिया। वे अपनी पांच मुख्य मांगों को पूरा करने पर अड़े हुए हैं। इन मांगों में पीड़ित परिवार को ₹50 लाख की आर्थिक सहायता, परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी, और दोषियों पर कठोर कार्रवाई शामिल है। परिजनों का स्पष्ट कहना है कि ये मांगें पूरी होने तक वे अंतिम संस्कार नहीं करेंगे। मौके पर ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा है और अधिकारी तथा जनप्रतिनिधि परिवार को समझाने का लगातार प्रयास कर रहे हैं। पुलिस भी पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है।
उत्तर प्रदेश के बागपत जिले के हिलवाड़ी गांव में 25 वर्षीय मैकेनिक चंद्रपाल की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। यह घटना कूलर ठीक करने के पैसे मांगने को लेकर हुए विवाद के बाद सामने आई है। चंद्रपाल इलेक्ट्रॉनिक मिस्त्री का काम करता था और उसकी शादी दो साल पहले हुई थी, जिसकी छह माह की एक बेटी है। घटना के बाद से परिवार में गहरा शोक है। पुलिस के अनुसार, आरोप है कि गांव के ही बबलू नामक युवक ने कुछ दिन पहले चंद्रपाल से एक कूलर ठीक करवाया था। जब चंद्रपाल ने बबलू से अपने पैसे मांगे, तो बबलू ने उसे गांव के बाहर तालाब के पास बुलाया। यहीं दोनों के बीच विवाद हुआ और बबलू ने चंद्रपाल की बेरहमी से पिटाई की, जिससे उसकी मौत हो गई। पुलिस ने पीड़ित परिवार की तहरीर पर दो नामजद व्यक्तियों सहित अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज किया है और एक आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। मामले की जांच-पड़ताल जारी है। चंद्रपाल का शव गांव पहुंचने पर परिजनों ने अंतिम संस्कार करने से साफ इनकार कर दिया। वे अपनी पांच मुख्य मांगों को पूरा करने पर अड़े हुए हैं। इन मांगों में पीड़ित परिवार को ₹50 लाख की आर्थिक सहायता, परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी, और दोषियों पर कठोर कार्रवाई शामिल है। परिजनों का स्पष्ट कहना है कि ये मांगें पूरी होने तक वे अंतिम संस्कार नहीं करेंगे। मौके पर ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा है और अधिकारी तथा जनप्रतिनिधि परिवार को समझाने का लगातार प्रयास कर रहे हैं। पुलिस भी पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है।
- उत्तर प्रदेश के बागपत जिले के हिलवाड़ी गांव में 25 वर्षीय मैकेनिक चंद्रपाल की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। यह घटना कूलर ठीक करने के पैसे मांगने को लेकर हुए विवाद के बाद सामने आई है। चंद्रपाल इलेक्ट्रॉनिक मिस्त्री का काम करता था और उसकी शादी दो साल पहले हुई थी, जिसकी छह माह की एक बेटी है। घटना के बाद से परिवार में गहरा शोक है। पुलिस के अनुसार, आरोप है कि गांव के ही बबलू नामक युवक ने कुछ दिन पहले चंद्रपाल से एक कूलर ठीक करवाया था। जब चंद्रपाल ने बबलू से अपने पैसे मांगे, तो बबलू ने उसे गांव के बाहर तालाब के पास बुलाया। यहीं दोनों के बीच विवाद हुआ और बबलू ने चंद्रपाल की बेरहमी से पिटाई की, जिससे उसकी मौत हो गई। पुलिस ने पीड़ित परिवार की तहरीर पर दो नामजद व्यक्तियों सहित अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज किया है और एक आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। मामले की जांच-पड़ताल जारी है। चंद्रपाल का शव गांव पहुंचने पर परिजनों ने अंतिम संस्कार करने से साफ इनकार कर दिया। वे अपनी पांच मुख्य मांगों को पूरा करने पर अड़े हुए हैं। इन मांगों में पीड़ित परिवार को ₹50 लाख की आर्थिक सहायता, परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी, और दोषियों पर कठोर कार्रवाई शामिल है। परिजनों का स्पष्ट कहना है कि ये मांगें पूरी होने तक वे अंतिम संस्कार नहीं करेंगे। मौके पर ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा है और अधिकारी तथा जनप्रतिनिधि परिवार को समझाने का लगातार प्रयास कर रहे हैं। पुलिस भी पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है।1
- बागपत जिले के मालकपुर मेल में एक दुखद घटना सामने आई है, जहाँ एक घर के पाँच लोग जहरीले पदार्थ के संपर्क में आने से घायल हो गए हैं। सभी घायलों को आवश्यक इलाज के लिए ले जाया गया है।1
- मूल पाठ में मुजफ्फरनगर जिले के अंतर्गत आने वाले रियावली नगला गांव का उल्लेख किया गया है।1
- सोनीपत जिले की राई तहसील के अंतर्गत आने वाली अटेरना ग्राम पंचायत में सरपंच और ग्राम सचिव ने मिलकर पंचायत फंड का गबन किया है। इस मामले से संबंधित जानकारी के लिए 9466979114 पर संपर्क किया जा सकता है।1
- मुजफ्फरनगर के बुढाना में बसी रोड पर पुलिस और एक शातिर चोर के बीच मुठभेड़ हो गई। इस मुठभेड़ के दौरान चोर के पैर में गोली लगी, जिसके बाद पुलिस ने उसे घायल अवस्था में ही गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार किए गए शातिर चोर की पहचान शाहनवाज के रूप में हुई है, जो तरीका का पुत्र और मेरठ के सरूरपुर थाना क्षेत्र का रहने वाला बताया गया है। शाहनवाज पर लगभग 28 मुकदमे दर्ज होने की जानकारी दी गई है।1
- सोनीपत में कार्थि नामक एक युवक ने अपनी पूर्व प्रेमिका के घर पर पेट्रोल बम फेंक दिया। यह घटना तब हुई जब लड़की ने उसके 30 से अधिक आपराधिक मामलों के बारे में जानने के बाद उससे अपना रिश्ता तोड़ लिया था, जिसके कारण युवक ने गुस्से में आकर बदला लेने के लिए यह कदम उठाया। बाइक पर आए कार्थि और उसके साथियों ने लड़की के घर के बरामदे पर बम फेंका, जिससे वहां आग लग गई। हालांकि, पड़ोसियों ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आग बुझा दी, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। पुलिस ने इस मामले में प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर ली है और आरोपी कार्थि व उसके सहयोगियों की तलाश शुरू कर दी है।1
- बड़े मंगल के अवसर पर उन्नाव फूड्स इंडस्ट्रीज द्वारा एक भंडारे का आयोजन किया गया। इस भंडारे का शुभारंभ सदर विधायक ने किया।1
- बागपत की साइबर क्राइम पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए 7 साइबर ठगों को गिरफ्तार किया है, जिनमें एक महिला भी शामिल है। यह गिरोह सोशल मीडिया पर आकर्षक लोन के ऑफर देकर लोगों को ठगी का शिकार बनाता था। गिरफ्तार अभियुक्तों ने देशभर में 5,000 से अधिक लोगों को निशाना बनाया और करोड़ों रुपये की धोखाधड़ी की है। यह गिरोह पिछले 10 वर्षों से सक्रिय था और देश के विभिन्न हिस्सों में साइबर ठगी की कई बड़ी वारदातों को अंजाम दे चुका है। बागपत के एडिशनल एसपी प्रवीण सिंह चौहान ने इस मामले का खुलासा करते हुए बताया कि लगातार मिल रही शिकायतों के बाद यह कार्रवाई की गई। गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान मेरठ निवासी नदीम, अतीक, शाहरुख और शौकीन के रूप में हुई है, जबकि हरियाणा से मतीन और गाजियाबाद से अभिषेक को भी पकड़ा गया है, साथ ही एक महिला भी इसमें शामिल है। पुलिस ने इनके कब्जे से 15 मोबाइल फोन, 45,250 रुपये नकद, दो गाड़ियां, एक प्रिंटर, एक लेमिनेशन मशीन, एक लैपटॉप और दो फर्जी आधार कार्ड बरामद किए हैं। यह गिरोह पहले सोशल मीडिया पर विज्ञापन साझा करता था और लोन दिलाने के नाम पर आवेदकों से 4,000 से 15,000 रुपये तक की 'प्रोसेसिंग फीस' की मांग करता था। फीस मिलने के बाद ये अपराधी आवेदक का नंबर बंद कर देते थे। गिरफ्तार अभियुक्तों के खिलाफ हरियाणा, राजस्थान और मध्य प्रदेश सहित देश के कई हिस्सों में शिकायतें दर्ज हैं।1