आपकी चिंता समझ में आती है—आजकल कम उम्र के बच्चों (लड़के-लड़कियों दोनों) का सोशल मीडिया पर जल्दी आ जाना, पढ़ाई से ध्यान हटना, और “वायरल होने” की दौड़ सच में एक बड़ा मुद्दा बनता जा रहा है। लेकिन “18 साल से कम उम्र के सभी बच्चों को रील बनाने पर पूरी तरह बैन” करना व्यावहारिक या सही समाधान नहीं है। थोड़ा संतुलन से समझते हैं: 1. असली समस्या क्या है? समस्या सिर्फ रील बनाना नहीं है, बल्कि: कम उम्र में बिना समझ के कंटेंट बनाना पढ़ाई की अनदेखी लाइक्स/व्यूज़ के पीछे भागना कभी-कभी गलत या असुरक्षित कंटेंट डालना 2. पूरा बैन क्यों सही नहीं है? आज के समय में सोशल मीडिया एक सीखने का प्लेटफॉर्म भी है कई बच्चे अच्छे काम भी करते हैं—एजुकेशन, टैलेंट, स्किल पूरी तरह बैन करने से बच्चे चोरी-छिपे इस्तेमाल करेंगे, जिससे और जोखिम बढ़ सकता है 3. बेहतर समाधान क्या हो सकता है? 18 साल से कम बच्चों के लिए पेरेंट्स की निगरानी (Parental Control) स्कूल और घर में डिजिटल शिक्षा (Digital Awareness) रोजाना स्क्रीन टाइम लिमिट बच्चों को समझाना कि पढ़ाई और स्किल पहले, सोशल मीडिया बाद में 4. “पर्दा” और “मर्यादा” वाली बात ये व्यक्तिगत और पारिवारिक/सांस्कृतिक सोच पर निर्भर करता है। हर किसी की सोच अलग हो सकती है, इसलिए ज़रूरी है कि हम सम्मानजनक भाषा और समझदारी से बात करें, न कि ज़बरदस्ती नियम थोपें। 5. आपका मुख्य पॉइंट सही है आप जो कहना चाहते हैं, वो ये है कि: 👉 “बेटियों को पढ़ाई और सही दिशा मिले” 👉 “कम उम्र में भटकाव न हो” यह बिल्कुल सही सोच है। जैसे आपने कहा, अगर सही मार्गदर्शन मिले तो हर लड़की Rani Lakshmibai जैसी मजबूत और प्रेरणादायक बन सकती है।
आपकी चिंता समझ में आती है—आजकल कम उम्र के बच्चों (लड़के-लड़कियों दोनों) का सोशल मीडिया पर जल्दी आ जाना, पढ़ाई से ध्यान हटना, और “वायरल होने” की दौड़ सच में एक बड़ा मुद्दा बनता जा रहा है। लेकिन “18 साल से कम उम्र के सभी बच्चों को रील बनाने पर पूरी तरह बैन” करना व्यावहारिक या सही समाधान नहीं है। थोड़ा संतुलन से समझते हैं: 1. असली समस्या क्या है? समस्या सिर्फ रील बनाना नहीं है, बल्कि: कम उम्र में बिना समझ के कंटेंट बनाना पढ़ाई की अनदेखी लाइक्स/व्यूज़ के पीछे भागना कभी-कभी गलत या असुरक्षित कंटेंट डालना 2. पूरा बैन क्यों सही नहीं है? आज के समय में सोशल मीडिया एक सीखने का प्लेटफॉर्म भी है कई बच्चे अच्छे काम भी करते हैं—एजुकेशन, टैलेंट, स्किल पूरी तरह बैन करने से बच्चे चोरी-छिपे इस्तेमाल करेंगे, जिससे और जोखिम बढ़ सकता है 3. बेहतर समाधान क्या हो सकता है? 18 साल से कम बच्चों के लिए पेरेंट्स की निगरानी (Parental Control) स्कूल और घर में डिजिटल शिक्षा (Digital Awareness) रोजाना स्क्रीन टाइम लिमिट बच्चों को समझाना कि पढ़ाई और स्किल पहले, सोशल मीडिया बाद में 4. “पर्दा” और “मर्यादा” वाली बात ये व्यक्तिगत और पारिवारिक/सांस्कृतिक सोच पर निर्भर करता है। हर किसी की सोच अलग हो सकती है, इसलिए ज़रूरी है कि हम सम्मानजनक भाषा और समझदारी से बात करें, न कि ज़बरदस्ती नियम थोपें। 5. आपका मुख्य पॉइंट सही है आप जो कहना चाहते हैं, वो ये है कि: 👉 “बेटियों को पढ़ाई और सही दिशा मिले” 👉 “कम उम्र में भटकाव न हो” यह बिल्कुल सही सोच है। जैसे आपने कहा, अगर सही मार्गदर्शन मिले तो हर लड़की Rani Lakshmibai जैसी मजबूत और प्रेरणादायक बन सकती है।
- Post by S.K SINGH1
- तियाय गांव में अवैध शराब के खिलाफ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक बोरींग हाउस से शराब बनाने के धंधे का खुलासा किया है। करंडे थाना पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि हर घर नल-जल योजना के तहत बने बोरींग हाउस का दुरुपयोग कर वहां शराब तैयार की जा रही है। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने लहना पंचायत के तियाय गांव स्थित जलापूर्ति केंद्र पर छापेमारी की। छापेमारी के दौरान पुलिस ने मौके से बोरींग ऑपरेटर प्रवेश महतो को रंगे हाथ शराब बनाते हुए गिरफ्तार कर लिया। मौके से करीब 32 लीटर तैयार देशी शराब, एक गैस सिलेंडर और चूल्हा भी बरामद किया गया। पुलिस ने सभी जब्त सामान को अपने कब्जे में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। थाना अध्यक्ष राकेश कुमार ने बताया कि आरोपी लंबे समय से इस अवैध धंधे में शामिल था और सुनसान जगह का फायदा उठाकर काम करता था। गिरफ्तार आरोपी के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। गिरफ्तार आरोपी को रविवार की शाम 5:00 बजे जेल भेज दिया गया।1
- करंडे थाना पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए तियाय गांव में अवैध शराब के खिलाफ बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने गांव के वार्ड नंबर 1 में स्थित नल-जल योजना की टंकी के अंदर छिपाकर रखी गई 32 लीटर देसी शराब बरामद की। इस दौरान मौके से आरोपी नल जल ऑपरेटर को भी गिरफ्तार किया गया है। थाना अध्यक्ष राकेश कुमार ने बताया कि पुलिस को सूचना मिली थी कि तियाय गांव में नल जल टंकी के अंदर अवैध शराब का कारोबार चल रहा है। सूचना के सत्यापन के बाद पुलिस टीम ने छापेमारी की। छापेमारी के दौरान 5 लीटर क्षमता वाला सिलेंडर, चूल्हा और शराब बनाने में प्रयुक्त अन्य सामग्री बरामद की गई। तलाशी के क्रम में नल-जल टंकी के अंदर छिपाकर रखी गई 32 लीटर देसी शराब भी बरामद हुई। मौके से शराब कारोबारी तथा नल जल ऑपरेटर केदार महतो के पुत्र प्रवेश महतो को गिरफ्तार कर लिया गया।1
- Nawada Hisua Gaya road mein yah Kachara ka dher hai jo ki aaspaas gaon ko dhuaa Se taklif hota hai badbu se taklif hota hai2
- लखीसराय। चानन थाना क्षेत्र के इटौन गांव में सड़क हादसे में एक किशोर की दर्दनाक मौत हो गई। मृतक की पहचान इटौन निवासी शास्त्री राय के पुत्र सननी कुमार के रूप में की गई है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, सननी कुमार बाइक से मननपुर बाजार से सब्जी लेकर अपने घर लौट रहा था। इसी दौरान रास्ते में एक ई-रिक्शा को बचाने के क्रम में उसकी बाइक अनियंत्रित हो गई और सड़क किनारे दीवार से जा टकराई। हादसे में वह गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के बाद परिजनों ने आनन-फानन में उसे बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल ले जाना शुरू किया, लेकिन रास्ते में ही उसकी मौत हो गई। सूचना मिलने पर पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा। बीती रात 2:30 पर शव का पोस्टमार्टम कराया गया। घटना के बाद गांव में शोक का माहौल है।1
- चुनाव जीतने के लिए भाजपाई पाताल के पाताल में भी उतर सकते हैं… भाजपाइयों ने गिरने की सारी हदें तोड़ दी हैं।1
- नालंदा में सुरक्षा गार्ड भर्ती के लिए जॉब कैंप, युवाओं को मिलेगा रोजगार का अवसर1
- जिले के करंडे थाना क्षेत्र अंतर्गत छठियारा गांव में उत्पाद विभाग की टीम ने सटीक सूचना के आधार पर छापेमारी कर अवैध शराब निर्माण के एक बड़े ठिकाने का भंडाफोड़ किया है। यह कार्रवाई रविवार को की गई, जिसमें एक घर के भीतर संचालित हो रही देसी शराब की भट्ठी का खुलासा हुआ। पुलिस टीम जब मौके पर पहुंची तो वहां बड़े पैमाने पर तैयार शराब के साथ-साथ निर्माण में इस्तेमाल होने वाले उपकरण, गैस चूल्हा और सिलेंडर मौजूद मिले। टीम ने सभी सामान को जब्त कर लिया। मौके से संत चौधरी नामक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया, जो कथित तौर पर लंबे समय से इस अवैध धंधे में संलिप्त था और आसपास के इलाकों में शराब की आपूर्ति करता था। इस ऑपरेशन का नेतृत्व एएसआई धनंजय कुमार और एएसआई सीमा कुमारी ने किया, जिनके साथ सशस्त्र बल भी मौजूद थे। उत्पाद थाना अध्यक्ष अमित आनंद के अनुसार, आरोपी की गतिविधियों पर पहले से नजर रखी जा रही थी और पुख्ता सूचना मिलने के बाद ही यह कार्रवाई अंजाम दी गई। गिरफ्तार आरोपी के खिलाफ उत्पाद अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद उसे रविवार शाम करीब 5:00 बजे न्यायिक हिरासत में शेखपुरा जेल भेज दिया गया। प्रशासन ने संकेत दिया है कि अवैध शराब के खिलाफ इस तरह की कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी, ताकि इस अवैध कारोबार पर पूरी तरह लगाम लगाई जा सके।1