दूसरों की खुशी में अपनी खुशी ढूँढने की सच्ची मानवता को सार्थक करते हुए, मातापुरा वार्ड निवासी शिक्षक श्री अखिलेश तिवारी जी ने अपना जन्मदिन राम रहीम रोटी बैंक में जरूरतमंद लोगों के बीच मनाया। उन्होंने अपने मित्रों सर्वश्री राजेश मौर्य जी, प्रदीप दुबे जी और लखन चौरसिया जी के साथ मिलकर यह नेक कार्य किया। इस अवसर पर केक काटने के साथ-साथ, श्री अखिलेश तिवारी जी ने सभी बेसहारा भाई-बहनों को भोजन प्रसाद वितरित कर अपने जन्मदिन को यादगार बना दिया। उनके इस सेवाभाव की सराहना की गई है। इसी क्रम में, जवाहर वार्ड निवासी श्री लखन चौरसिया जी ने भी पूर्णिमा के पावन अवसर पर जरूरतमंद, बेघर और बेसहारा लोगों को अपने हाथों से स्वादिष्ट खीर वितरित कर पुण्य अर्जित किया। राम रहीम रोटी बैंक परिवार ने श्री अखिलेश तिवारी जी को उनके जन्मदिन की हार्दिक शुभकामनाएं दी हैं और माँ नर्मदा से उनके स्वस्थ, दीर्घायु और यश-कीर्तिपूर्ण जीवन की प्रार्थना की है। साथ ही, श्री राजेश मौर्य, प्रदीप दुबे और लखन चौरसिया का भी इस पुण्य कार्य में सहभागिता के लिए हृदय से आभार व्यक्त किया गया है। यह सेवाभाव समाज के लिए प्रेरणादायक बताया गया है, खासकर जब एक शिक्षक जैसा मार्गदर्शक सेवा का मार्ग अपनाता है।
दूसरों की खुशी में अपनी खुशी ढूँढने की सच्ची मानवता को सार्थक करते हुए, मातापुरा वार्ड निवासी शिक्षक श्री अखिलेश तिवारी जी ने अपना जन्मदिन राम रहीम रोटी बैंक में जरूरतमंद लोगों के बीच मनाया। उन्होंने अपने मित्रों सर्वश्री राजेश मौर्य जी, प्रदीप दुबे जी और लखन चौरसिया जी के साथ मिलकर यह नेक कार्य किया। इस अवसर पर केक काटने के साथ-साथ, श्री अखिलेश तिवारी जी ने सभी बेसहारा भाई-बहनों को भोजन प्रसाद वितरित कर अपने जन्मदिन को यादगार बना दिया। उनके इस सेवाभाव की सराहना की गई है। इसी क्रम में, जवाहर वार्ड निवासी श्री लखन चौरसिया जी ने भी पूर्णिमा के पावन अवसर पर जरूरतमंद, बेघर और बेसहारा लोगों को अपने हाथों से स्वादिष्ट खीर वितरित कर पुण्य अर्जित किया। राम रहीम रोटी बैंक परिवार ने श्री अखिलेश तिवारी जी को उनके जन्मदिन की हार्दिक शुभकामनाएं दी हैं और माँ नर्मदा से उनके स्वस्थ, दीर्घायु और यश-कीर्तिपूर्ण जीवन की प्रार्थना की है। साथ ही, श्री राजेश मौर्य, प्रदीप दुबे और लखन चौरसिया का भी इस पुण्य कार्य में सहभागिता के लिए हृदय से आभार व्यक्त किया गया है। यह सेवाभाव समाज के लिए प्रेरणादायक बताया गया है, खासकर जब एक शिक्षक जैसा मार्गदर्शक सेवा का मार्ग अपनाता है।
- नर्मदापुरम के मीनाक्षी क्षेत्र स्थित भवानी चौक पर देवी मां भवानी के भव्य और आकर्षक मंदिर की एक छोटी दान पेटी खोली गई। इस प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी बनाने के लिए मंदिर समिति के अध्यक्ष महेंद्र यादव की उपस्थिति में और समिति के सभी सदस्यों के समक्ष यह कार्य किया गया। खोली गई पेटी से श्रद्धालुओं द्वारा दान किए गए हजारों रुपये की राशि निकली, जिसे बाद में दूसरी बड़ी और सुरक्षित दान पेटी में डाल दिया गया। मंदिर समिति के अध्यक्ष महेंद्र यादव ने बताया कि यह राशि नवरात्रि के दौरान निकाली जाती है और विभिन्न धार्मिक अनुष्ठानों में खर्च की जाती है।4
- राष्ट्रीय बजरंग दल ने नर्मदापुरम में अपना 9वां स्थापना दिवस उत्साहपूर्वक मनाया। इस अवसर पर सेठानी घाट स्थित हनुमान जी मंदिर में एक नए हनुमान चालीसा केंद्र का शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम में संगीतमय हनुमान चालीसा का पाठ किया गया और प्रसाद वितरण किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में लोग उपस्थित रहे। संगठन के प्रांत मंत्री जगवीर राजवंशी ने बताया कि अंतरराष्ट्रीय हिंदू परिषद के संस्थापक डॉ. प्रवीण भाई तोगड़िया के मार्गदर्शन में, देश भर में 24 जून से 7 जुलाई तक संगठन का स्थापना दिवस मनाया जा रहा है। इस दौरान प्रत्येक वार्ड और ग्राम समिति में हनुमान चालीसा पाठ, पौधारोपण, स्वास्थ्य शिविर, रक्तदान शिविर, गरीब परिवारों को बारिश में सहायता और बच्चों की शिक्षा के लिए कॉपी-किताब वितरण जैसे अनेक कार्य किए जाएंगे। इस कार्यक्रम में राष्ट्रीय बजरंग दल के प्रांत मंत्री और विभाग मंत्री विनोद कसार तथा जिला अध्यक्ष अजय ठाकुर की अनुशंसा पर नई नियुक्तियां भी की गईं। इनमें राष्ट्रीय महिला परिषद की जिला अध्यक्ष किरण वैष्णव (इटारसी, जिला नर्मदापुरम), नगर इटारसी अध्यक्ष दिलीप वैष्णव, नगर मंत्री दीपक पवार, नर्मदापुरम के नगर अध्यक्ष रवि शर्मा, नगर उपाध्यक्ष आशीष चौहान, नगर मंत्री विजय मेहरा और नगर मीडिया प्रभारी पं. दीपक उपाध्याय प्रमुख हैं। अंशुल राय को राष्ट्रीय बजरंग दल के जिला महामंत्री की अहम भूमिका मिली है। कार्यक्रम में अतुल राय, यश चौहान, ओम सोनी, मयंक, आदित्य, संजू, विक्की, सीताराम, अभिषेक, लक्की सहित नगर के बड़ी संख्या में लोग और सभी पदाधिकारी मौजूद रहे।2
- पीप्रिया शहीद भगत सिंह शासकीय महाविद्यालय में बुधवार दोपहर 3:00 बजे नव प्रवेशित विद्यार्थियों के लिए तीन दिवसीय दीक्षा आरंभ कार्यक्रम की शुरुआत हुई। इस कार्यक्रम के पहले दिन एसडीओपी मोहित यादव ने छात्रों को साइबर अपराधों से बचाव के लिए महत्वपूर्ण सुझाव दिए, जिसमें सुरक्षित मोबाइल उपयोग पर जोर दिया गया। एसडीओपी मोहित यादव ने विद्यार्थियों को जागरूक करते हुए कहा कि मोबाइल का उपयोग केवल शैक्षिक आवश्यकताओं के लिए ही करें और अनावश्यक लिंक या वेबसाइटों पर जाने से बचें। उन्होंने छात्रों को फ्रॉड कॉल पर अपनी निजी जानकारी साझा न करने तथा अनजान नंबरों से सावधान रहने की भी सलाह दी। किसी भी साइबर धोखाधड़ी की स्थिति में तत्काल 1930 पर शिकायत दर्ज करने, परिजनों को सूचित करने और नजदीकी थाने में रिपोर्ट करने के लिए कहा गया। इस दौरान थाना प्रभारी आदित्य सेन भी मौजूद रहे।1
- शहर की जनता पानी की गंभीर समस्या से जूझ रही है, जहाँ नल में 7 से 8 दिनों में एक बार पानी आता है। इस स्थिति से परेशान होकर, नगर निगम अध्यक्ष धर्मेंद्र सोनू मगो ने प्रशासन को स्पष्ट अल्टीमेटम दिया है कि यदि जल्द ही पानी की व्यवस्था में सुधार नहीं होता है, तो एक बड़ा आंदोलन किया जाएगा। दूसरी ओर, महापौर ने बताया है कि शहर में 100 टैंकरों के माध्यम से पानी की सप्लाई की जा रही है और उन्होंने भरोसा दिलाया है कि पानी की व्यवस्था में जल्द ही सुधार होगा।1
- सारनी नगरपालिका क्षेत्र में शुरू की गई करोड़ों रुपये की नल जल योजना लगातार बाधित हो रही है। यह महत्वपूर्ण योजना बार-बार बंद हो जाती है, जिससे क्षेत्र के निवासियों को जल आपूर्ति में असुविधा का सामना करना पड़ रहा है।1
- रायसेन जिले में 50 करोड़ रुपये की भारी लागत से निर्मित आयुष्मान आरोग्य मंदिर अब ताले में बंद पड़े हैं। इन सुविधाओं को मरीजों को इलाज मुहैया कराने के लिए बनाया गया था, लेकिन वर्तमान में ये पूरी तरह से वीरान पड़े हैं। इस स्थिति के कारण क्षेत्र के लोगों को इलाज के लिए 20-30 किलोमीटर तक भटकना पड़ रहा है, जिससे उन्हें अत्यधिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। यह विरोधाभास दर्शाता है कि कागजों पर भले ही एक बड़ा स्वास्थ्य नेटवर्क खड़ा हो, लेकिन जमीन पर केवल लापरवाही का ताला लगा हुआ है। 50 करोड़ रुपये खर्च कर बनाए गए ये 'आरोग्य' स्थल अब सरकारी अस्पताल कम और खंडहर ज्यादा प्रतीत हो रहे हैं, जो स्वास्थ्य सेवाओं की वास्तविक स्थिति पर गंभीर प्रश्नचिन्ह लगाता है।1
- बेटूल जिले के आमला थाना क्षेत्र में पुलिस ने एक अंधे हत्याकांड का सनसनीखेज खुलासा करते हुए मृतक के पुत्र और पत्नी को गिरफ्तार किया है। जांच में सामने आया कि खेती और पैसों को लेकर विवाद से नाराज बेटे ने अपनी मां के साथ मिलकर पिता का गला घोंटकर हत्या कर दी। हत्या के बाद शव को कुड़मुड नदी के सूखे हिस्से में छिपा दिया गया, वहीं मां ने पुलिस को गुमराह करने के लिए बोरदेही थाने में पति की झूठी गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज करा दी थी। पुलिस अधीक्षक वीरेंद्र जैन के निर्देश पर आमला पुलिस ने वैज्ञानिक और तकनीकी जांच के आधार पर इस मामले को सुलझाया। 25 जून 2026 को कुड़मुड नदी के पास एक अज्ञात शव मिला था, जिसकी पहचान बाद में ग्राम शंभूढाना बड़ाखारी निवासी लब्बू यादव के रूप में हुई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने गला घोंटने से मौत की पुष्टि की, जिससे यह हत्या का मामला सिद्ध हुआ। जांच में पता चला कि मृतक का 19 वर्षीय पुत्र संदीप यादव अपने पिता से खेती न करने देने, खर्च के लिए पैसे न देने और आए दिन के विवादों से परेशान था। उसने अपनी मां सुनीता यादव के साथ मिलकर 22-23 जून की रात रेलवे स्टेशन से लौटते समय गमछे से पिता का गला घोंट दिया और शव को नदी में छिपा दिया। पुलिस जांच में यह भी खुलासा हुआ कि आरोपी की मां सुनीता यादव को पूरी घटना की जानकारी थी। उसने न केवल बेटे का साक्ष्य छिपाने में साथ दिया, बल्कि पति की झूठी गुमशुदगी दर्ज कराकर पुलिस को भटकाने का भी प्रयास किया। यह भी पाया गया कि वह लगातार अपने पुत्र को मृतक के विरुद्ध उकसाती रहती थी। पुलिस ने साक्ष्यों के आधार पर थाना आमला में अपराध क्रमांक 277/2026 दर्ज कर भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1), 238(ए) एवं 3(5) के तहत दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इस अंधे हत्याकांड के सफल खुलासे में निरीक्षक मुकेश ठाकुर के नेतृत्व में उपनिरीक्षक बलराम यादव, सहायक उपनिरीक्षक मूलचंद अनंत, प्रधान आरक्षक बसंत उईके, कमल पांसे, आरक्षक रोहित कुशवाह, नागेंद्र सिंह, विवेक पाल, तिलक कुडापे, महिला आरक्षक विनिता नागवंशी एवं प्रियांशी पटेल सहित आमला पुलिस टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस अधीक्षक वीरेंद्र जैन ने नागरिकों से अपील की है कि वे पारिवारिक विवादों का समाधान बातचीत और कानूनी माध्यमों से करें, कानून अपने हाथ में न लें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस या डायल 112 पर दें।3
- बनखेड़ी नगर परिषद में स्टेट हाईवे-22 पर निर्माणाधीन रेलवे ओवरब्रिज (आरओबी) का धीमा निर्माण कार्य अब आम जनता के लिए एक बड़ी मुसीबत बन गया है। बारिश शुरू होते ही निर्माण स्थल पर कीचड़ और जलभराव की स्थिति बन गई है। समय पर वैकल्पिक सर्विस रोड का निर्माण न होने के कारण स्कूली छात्र-छात्राओं, रेल यात्रियों और आसपास के 50 से अधिक गांवों के लोगों का आवागमन गंभीर रूप से प्रभावित हो रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि उन्हें रोजमर्रा के आवागमन में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। रेलवे स्टेशन पहुंचने वाले यात्रियों, बाजार आने वाले ग्रामीणों और शासकीय कार्यालयों में काम से जाने वाले लोगों को घंटों तक संघर्ष करना पड़ता है। बारिश के कारण यह स्थिति और अधिक विकट हो गई है, जिससे लगातार दुर्घटना की आशंका बनी हुई है। ग्रामीणों और नगरवासियों का आरोप है कि निर्माण एजेंसी और संबंधित विभाग ने मानसून से पहले सर्विस रोड की व्यवस्था नहीं की, जबकि इसकी आवश्यकता लंबे समय से महसूस की जा रही थी। लोगों का कहना है कि यदि वैकल्पिक मार्ग समय पर तैयार हो जाता तो आज यह स्थिति उत्पन्न नहीं होती। नागरिक रेलवे स्टेशन तक सुगम पहुंच और नगर के दोनों हिस्सों के बीच निर्बाध आवागमन के लिए लगातार अंडरपास निर्माण की मांग भी उठा रहे हैं। इस संबंध में नागरिकों द्वारा हाईकोर्ट में याचिका भी दायर की गई है। लोगों की मांग है कि जब तक ओवरब्रिज का निर्माण पूरा नहीं हो जाता, तब तक एक सुरक्षित सर्विस रोड और स्थायी समाधान के रूप में अंडरपास की व्यवस्था की जानी चाहिए। क्षेत्रवासियों ने प्रशासन और संबंधित विभाग से तत्काल हस्तक्षेप कर सर्विस रोड का निर्माण कराने तथा आवागमन की इस समस्या का शीघ्र समाधान करने की अपील की है, ताकि बारिश के मौसम में लोगों को राहत मिल सके।1