नया सवेरा 2.0 का बड़ा एक्शन: 8 नाबालिग लड़कियां रेस्क्यू, 4 संचालक गिरफ्तार, तस्करी नेटवर्क पर करारा वार बेतिया में मानव तस्करी और बाल श्रम के खिलाफ नया सवेरा 2.0 अभियान के तहत पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 8 नाबालिग लड़कियों को रेस्क्यू किया है और अवैध आर्केस्ट्रा संचालन में संलिप्त 4 संचालकों को गिरफ्तार कर लिया है। यह कार्रवाई गौनाहा थाना क्षेत्र में की गई, जहां आर्केस्ट्रा के नाम पर नाबालिगों से जबरन काम कराए जाने का सनसनीखेज खुलासा हुआ। राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग एवं अपर पुलिस महानिदेशक (कमजोर वर्ग) के निर्देश के आलोक में बेतिया पुलिस ने मिशन मुक्ति फाउंडेशन के साथ मिलकर मानव तस्करी उन्मूलन और पीड़ितों के पुनर्वास के लिए समकालीन अभियान चलाया। इसी कड़ी में मिली गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने कई ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की और 8 नाबालिग लड़कियों को सुरक्षित बाहर निकाला। नरकटियागंज के एसडीपीओ जयप्रकाश सिंह ने बताया कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि लड़कियों को बहला-फुसलाकर या दबाव बनाकर इस काम में लगाया गया था, जो मानव तस्करी और बाल मजदूरी जैसे गंभीर अपराधों की श्रेणी में आता है। रेस्क्यू के बाद सभी बच्चियों को सुरक्षित संरक्षण में रखा गया है, उनकी काउंसलिंग शुरू कर दी गई है और पुनर्वास की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा रहा है। पुलिस ने मौके से 4 आर्केस्ट्रा संचालकों को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया है और गहन पूछताछ जारी है। पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क की तह तक जाने में जुटी है, ताकि इस अवैध कारोबार से जुड़े अन्य लोगों का भी पर्दाफाश किया जा सके। इस अभियान में सामाजिक संगठनों की सक्रिय भागीदारी ने कार्रवाई को और प्रभावी बनाया है, वहीं नया सवेरा 2.0 अभियान का मकसद महिलाओं और बच्चों के शोषण के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर सुरक्षित समाज का निर्माण करना है।
नया सवेरा 2.0 का बड़ा एक्शन: 8 नाबालिग लड़कियां रेस्क्यू, 4 संचालक गिरफ्तार, तस्करी नेटवर्क पर करारा वार बेतिया में मानव तस्करी और बाल श्रम के खिलाफ नया सवेरा 2.0 अभियान के तहत पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 8 नाबालिग लड़कियों को रेस्क्यू किया है और अवैध आर्केस्ट्रा संचालन में संलिप्त 4 संचालकों को गिरफ्तार कर लिया है। यह कार्रवाई गौनाहा थाना क्षेत्र में की गई, जहां आर्केस्ट्रा के नाम पर नाबालिगों से जबरन काम कराए जाने का सनसनीखेज खुलासा हुआ। राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग एवं अपर पुलिस महानिदेशक (कमजोर वर्ग) के निर्देश के आलोक में बेतिया पुलिस ने मिशन मुक्ति फाउंडेशन के साथ मिलकर मानव तस्करी उन्मूलन और पीड़ितों के पुनर्वास के लिए समकालीन अभियान चलाया। इसी कड़ी में मिली गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने कई ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की और 8 नाबालिग लड़कियों को सुरक्षित बाहर निकाला। नरकटियागंज के एसडीपीओ जयप्रकाश सिंह ने बताया कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि लड़कियों को बहला-फुसलाकर या दबाव बनाकर इस काम में लगाया गया था, जो मानव तस्करी और बाल मजदूरी जैसे गंभीर अपराधों की श्रेणी में आता है। रेस्क्यू के बाद सभी बच्चियों को सुरक्षित संरक्षण में रखा गया है, उनकी काउंसलिंग शुरू कर दी गई है और पुनर्वास की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा रहा है। पुलिस ने मौके से 4 आर्केस्ट्रा संचालकों को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया है और गहन पूछताछ जारी है। पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क की तह तक जाने में जुटी है, ताकि इस अवैध कारोबार से जुड़े अन्य लोगों का भी पर्दाफाश किया जा सके। इस अभियान में सामाजिक संगठनों की सक्रिय भागीदारी ने कार्रवाई को और प्रभावी बनाया है, वहीं नया सवेरा 2.0 अभियान का मकसद महिलाओं और बच्चों के शोषण के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर सुरक्षित समाज का निर्माण करना है।
- मोतिहारी के जहरीली शराब कांड के बाद पूरे चंपारण में प्रशासन अलर्ट मोड में है। इसी कड़ी में मझौलिया प्रखंड के करमवा गांव और नदी किनारे उत्पाद विभाग ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अवैध शराब के एक बड़े नेटवर्क पर प्रहार किया। 7 अप्रैल की शाम करीब 5 बजे की गई इस छापेमारी में टीम ने मौके से 21 लीटर स्पिरिट और करीब 3800 लीटर अर्धनिर्मित शराब बरामद की, जिसे तुरंत वहीं विनष्ट कर दिया गया। कार्रवाई के दौरान शराब बनाने में इस्तेमाल हो रही मशीनें और कई उपकरण भी जब्त किए गए, जिससे साफ है कि यह कारोबार बड़े स्तर पर संचालित हो रहा था। इस मामले में श्याम बाबू पटेल नामक एक तस्कर को गिरफ्तार किया गया है, जबकि अन्य जुड़े लोगों की तलाश तेज कर दी गई है। अधिकारियों का कहना है कि बरामद स्पिरिट का इस्तेमाल जहरीली शराब बनाने में किया जाना था, जिससे किसी बड़े हादसे की आशंका थी। प्रशासन को शक है कि स्पिरिट की यह सप्लाई चेन चंपारण के कई जिलों तक फैली हुई है। पूरे नेटवर्क को खंगालने के लिए गहन जांच शुरू कर दी गई है। इस कार्रवाई के बाद इलाके में हड़कंप मच गया है और अवैध शराब कारोबारियों में दहशत का माहौल है।1
- Hyderabad mein kam karte samay company mein1
- जनपद कुशीनगर से एक सबसे बड़ी खबर वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल1
- Post by RAJHANSH VERMA1
- **32 वर्षों से बंद चनपटिया चीनी मिल का हुआ निरीक्षण, किसानों की उम्मीदें जगीं** **बेतिया | सत्यम श्रीवास्तव** बेतिया के चनपटिया में पिछले 32 वर्षों से बंद पड़ी चीनी मिल को फिर से चालू करने की दिशा में राज्य सरकार ने पहल तेज कर दी है। गन्ना उद्योग विभाग के निर्देश पर राष्ट्रीय सहकारी चीनी कारखाना संघ लिमिटेड (नई दिल्ली) की एक टीम ने मिल परिसर का स्थल निरीक्षण किया। निरीक्षण टीम में मुख्य सलाहकार डॉ. आर.बी. डोले, जिला गन्ना पदाधिकारी रेमंत झा, तकनीकी सलाहकार मुरलीधर चौधरी और डिप्टी तकनीकी सलाहकार एस. सोमसुंदरम समेत कई अधिकारी शामिल थे। अधिकारियों ने मिल की वर्तमान स्थिति और उपलब्ध आधारभूत संरचनाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान टीम ने गन्ना किसानों से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं और आसपास के खेतों में गन्ने की फसल की स्थिति का भी अवलोकन किया। मुख्य सलाहकार डॉ. डोले ने बताया कि मौजूदा हालात में पुरानी चीनी मिल मरम्मत योग्य नहीं है। हालांकि, यहां नई चीनी मिल और इथेनॉल प्लांट स्थापित करने के लिए पर्याप्त जमीन उपलब्ध है। इस संबंध में सरकार को सिफारिश भेजी जाएगी। निरीक्षण के आधार पर गन्ना व्यवहार्यता रिपोर्ट तैयार कर आगे की कार्ययोजना बनाई जाएगी। जिला गन्ना पदाधिकारी ने टीम से जरूरी आंकड़े और तकनीकी जानकारी मांगी और कहा कि इस पहल का उद्देश्य गन्ना उद्योग को विकसित करना और किसानों को बेहतर आर्थिक अवसर प्रदान करना है। गौरतलब है कि राज्य सरकार ‘सात निश्चय-3’ के तहत बंद पड़ी चीनी मिलों को पुनर्जीवित करने और 25 नई चीनी मिल स्थापित करने की दिशा में काम कर रही है। इसी क्रम में विभागीय अधिकारी विभिन्न बंद मिलों का निरीक्षण कर रहे हैं। चीनी मिल के निरीक्षण से क्षेत्र के गन्ना किसानों में नई उम्मीद जगी है। वहीं, मिल के केयरटेकर और इंटक नेता मो. कलाम ने मिल की कुड़िया और महाना फार्म की जमीन को अतिक्रमणकारियों से मुक्त कराने की मांग की है।1
- जिला पदाधिकारी माननीय श्री तरण जोत सिंह ने प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र वितरित करते हुए अपने संबोधन में कहा कि बीज और उर्वरक आवश्यक वस्तु अधिनियम के अंतर्गत आते हैं, इसलिए किसानों को उचित मूल्य पर समय से इनकी उपलब्धता सुनिश्चित करना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है। 08.04.2026.1
- मैट्रिक पास छात्राओं को पखनाहा बाजार में बीडीओ ने किया सम्मानित, बढ़ाया हौसला बैरिया प्रखंड क्षेत्र के पखनाहा बाजार स्थित एक निजी कोचिंग संस्थान में बुधवार के दोपहर करीब 12:00 बजे मैट्रिक परीक्षा में सफल छात्राओं को सम्मानित करने के लिए एक कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर प्रखंड विकास पदाधिकारी कर्मजीत राम मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने छात्राओं को मेडल, प्रमाण पत्र और उपहार देकर सम्मानित किया तथा उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। बीडीओ ने कहा कि बेटियां आज हर क्षेत्र में आगे बढ़ रही हैं और उनकी सफलता समाज के लिए प्रेरणादायक है। उन्होंने छात्राओं को आगे की पढ़ाई जारी रखने और अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित रहने की सलाह दी। कार्यक्रम में कोचिंग संस्थान के संचालक, शिक्षक एवं अभिभावक भी मौजूद रहे। सभी ने छात्राओं की सफलता पर खुशी जताई और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।1
- बेतिया में मानव तस्करी और बाल श्रम के खिलाफ नया सवेरा 2.0 अभियान के तहत पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 8 नाबालिग लड़कियों को रेस्क्यू किया है और अवैध आर्केस्ट्रा संचालन में संलिप्त 4 संचालकों को गिरफ्तार कर लिया है। यह कार्रवाई गौनाहा थाना क्षेत्र में की गई, जहां आर्केस्ट्रा के नाम पर नाबालिगों से जबरन काम कराए जाने का सनसनीखेज खुलासा हुआ। राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग एवं अपर पुलिस महानिदेशक (कमजोर वर्ग) के निर्देश के आलोक में बेतिया पुलिस ने मिशन मुक्ति फाउंडेशन के साथ मिलकर मानव तस्करी उन्मूलन और पीड़ितों के पुनर्वास के लिए समकालीन अभियान चलाया। इसी कड़ी में मिली गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने कई ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की और 8 नाबालिग लड़कियों को सुरक्षित बाहर निकाला। नरकटियागंज के एसडीपीओ जयप्रकाश सिंह ने बताया कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि लड़कियों को बहला-फुसलाकर या दबाव बनाकर इस काम में लगाया गया था, जो मानव तस्करी और बाल मजदूरी जैसे गंभीर अपराधों की श्रेणी में आता है। रेस्क्यू के बाद सभी बच्चियों को सुरक्षित संरक्षण में रखा गया है, उनकी काउंसलिंग शुरू कर दी गई है और पुनर्वास की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा रहा है। पुलिस ने मौके से 4 आर्केस्ट्रा संचालकों को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया है और गहन पूछताछ जारी है। पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क की तह तक जाने में जुटी है, ताकि इस अवैध कारोबार से जुड़े अन्य लोगों का भी पर्दाफाश किया जा सके। इस अभियान में सामाजिक संगठनों की सक्रिय भागीदारी ने कार्रवाई को और प्रभावी बनाया है, वहीं नया सवेरा 2.0 अभियान का मकसद महिलाओं और बच्चों के शोषण के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर सुरक्षित समाज का निर्माण करना है।1