कासगंज में रोडवेज की वातानुकूलित बसें अब महज कबाड़ बनकर रह गई हैं। डिपो में एक या दो नहीं, बल्कि पूरी चार-चार वातानुकूलित बसें पिछले कई महीनों से खराब हालत में खड़ी धूल फांक रही हैं। लाखों रुपये की लागत से आई इन बसों के इस हाल में होने से यात्रियों को भारी परेशानी हो रही है। इस पूरे मामले में अधिकारियों की भारी लापरवाही देखने को मिल रही है। अपनी नाकामी को छिपाने और अपनी जान बचाने के लिए जिम्मेदार अधिकारियों ने वेबसाइट से इन बसों की ऑनलाइन टिकट बुकिंग का ऑप्शन ही पूरी तरह से समाप्त करवा दिया है। अब सबसे बड़ा सवाल यह खड़ा हो गया है कि आखिर लाखों की लागत से आईं ये बसें यात्रियों के लिए दोबारा कब उपलब्ध हो पाएंगी और इसका जवाब आखिरकार किसके पास है? निगम की बसें वर्कशॉप में कबाड़ हो रही हैं और अनुबंधित बसों की मौज चल रही है, जिससे यह सवाल भी उठ रहा है कि क्या रोडवेज निजीकरण की राह पर चल पड़ा है।
कासगंज में रोडवेज की वातानुकूलित बसें अब महज कबाड़ बनकर रह गई हैं। डिपो में एक या दो नहीं, बल्कि पूरी चार-चार वातानुकूलित बसें पिछले कई महीनों से खराब हालत में खड़ी धूल फांक रही हैं। लाखों रुपये की लागत से आई इन बसों के इस हाल में होने से यात्रियों को भारी परेशानी हो रही है। इस पूरे मामले में अधिकारियों की भारी लापरवाही देखने को मिल रही है। अपनी नाकामी को छिपाने और अपनी जान बचाने के लिए जिम्मेदार अधिकारियों ने वेबसाइट से इन बसों की ऑनलाइन टिकट बुकिंग का ऑप्शन ही पूरी तरह से समाप्त करवा दिया है। अब सबसे बड़ा सवाल यह खड़ा हो गया है कि आखिर लाखों की लागत से आईं ये बसें यात्रियों के लिए दोबारा कब उपलब्ध हो पाएंगी और इसका जवाब आखिरकार किसके पास है? निगम की बसें वर्कशॉप में कबाड़ हो रही हैं और अनुबंधित बसों की मौज चल रही है, जिससे यह सवाल भी उठ रहा है कि क्या रोडवेज निजीकरण की राह पर चल पड़ा है।
- कासगंज में रोडवेज की वातानुकूलित बसें अब महज कबाड़ बनकर रह गई हैं। डिपो में एक या दो नहीं, बल्कि पूरी चार-चार वातानुकूलित बसें पिछले कई महीनों से खराब हालत में खड़ी धूल फांक रही हैं। लाखों रुपये की लागत से आई इन बसों के इस हाल में होने से यात्रियों को भारी परेशानी हो रही है। इस पूरे मामले में अधिकारियों की भारी लापरवाही देखने को मिल रही है। अपनी नाकामी को छिपाने और अपनी जान बचाने के लिए जिम्मेदार अधिकारियों ने वेबसाइट से इन बसों की ऑनलाइन टिकट बुकिंग का ऑप्शन ही पूरी तरह से समाप्त करवा दिया है। अब सबसे बड़ा सवाल यह खड़ा हो गया है कि आखिर लाखों की लागत से आईं ये बसें यात्रियों के लिए दोबारा कब उपलब्ध हो पाएंगी और इसका जवाब आखिरकार किसके पास है? निगम की बसें वर्कशॉप में कबाड़ हो रही हैं और अनुबंधित बसों की मौज चल रही है, जिससे यह सवाल भी उठ रहा है कि क्या रोडवेज निजीकरण की राह पर चल पड़ा है।1
- बदायूँ जिले के सहसवान अंतर्गत ग्राम बाजपुर में ईंट के विवाद को लेकर एक महिला और उसकी दो बेटियों के साथ मारपीट किए जाने का मामला सामने आया है। पीड़िता का आरोप है कि गांव के ही कुछ लोगों ने उनके साथ इस मारपीट की घटना को अंजाम दिया। इस घटना के बाद पीड़िता ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, बदायूँ को एक प्रार्थना पत्र देकर आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की गुहार लगाई है।1
- एटा के सकीट विकासखंड अंतर्गत ग्राम नगला फूले में पर्यावरण संरक्षण और हरियाली बढ़ाने के उद्देश्य से सोमवार को चरागाह भूमि पर पौधरोपण अभियान चलाया गया। इस अभियान के दौरान ग्रामवासियों ने सामूहिक रूप से 151 पौधों का रोपण किया और उनके संरक्षण का भी संकल्प लिया। कार्यक्रम के तहत जामुन, अमरूद, यूकेलिप्टस, आम, नीम, पीपल और बरगद सहित विभिन्न प्रजातियों के पौधे रोपे गए। ग्रामीणों ने इस बात पर जोर दिया कि पेड़-पौधे न केवल पर्यावरण को संतुलित रखते हैं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ हवा, छाया और प्राकृतिक संसाधन भी प्रदान करते हैं। ग्रामीणों के अनुसार, बढ़ते प्रदूषण और जलवायु परिवर्तन की चुनौती से निपटने के लिए पौधरोपण सबसे प्रभावी उपायों में से एक है। चरागाह भूमि को हरा-भरा बनाने के संकल्प के साथ ग्रामीणों ने पौधों की नियमित सिंचाई और सुरक्षा का जिम्मा उठाया है। इस अभियान में बड़ी संख्या में ग्रामीण, युवा और बुजुर्ग मौजूद रहे, जिन्होंने प्रत्येक व्यक्ति से कम से कम एक पौधा लगाने, उसकी देखभाल करने और दूसरों को भी इसके लिए प्रेरित करने का आह्वान किया।4
- एटा के जलेसर में एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसके बारे में अभी तक यह स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आ पाई है कि यह असल में किस जगह का है। हालांकि, वीडियो को देखने से यह साफ पता चल रहा है कि यह किसी सरकारी दफ्तर का ही वीडियो है।1
- एटा कलेक्ट्रेट परिसर में थाना मिरहची क्षेत्र के निवासी एक युवक द्वारा अपने ऊपर पेट्रोल डाल लेने का मामला सामने आया है। इस घटना के संबंध में अपर पुलिस अधीक्षक श्वेताभ पाण्डेय द्वारा आधिकारिक तौर पर बयान (बाइट) जारी कर जानकारी दी गई है।1
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- सहारनपुर के थाना गागलहेड़ी क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले गांव सोना सैयद माजरा स्थित कब्रिस्तान में लगातार हो रही भारी बारिश के कारण भारी जलभराव और मिट्टी का कटाव हो गया, जिससे कई कब्रें प्रभावित हो गईं। इस स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने धार्मिक परंपराओं का पूर्ण सम्मान करते हुए प्रभावित कब्रों के शवों को सुरक्षित स्थान पर दोबारा सुपुर्द-ए-खाक कराया। इस घटना की जानकारी मिलने के बाद पूर्व सांसद मनसूर अली के पुत्र और वरिष्ठ समाजसेवी मासुफ अली खान अपने सहयोगियों के साथ गांव पहुंचे। उन्होंने कब्रिस्तान का निरीक्षण कर वहां के हालातों का जायजा लिया और प्रभावित परिवारों व ग्रामीणों से मुलाकात कर उनका हालचाल जाना। मासुफ अली खान ने कब्रिस्तान की मरम्मत और जरूरी व्यवस्थाओं के लिए तुरंत आर्थिक सहयोग प्रदान किया और ग्रामीणों को विश्वास दिलाया कि भविष्य में भी उन्हें हरसंभव सहायता दी जाएगी। इस मौके पर उन्होंने कहा कि प्राकृतिक आपदा के इस मुश्किल दौर में समाज के हर व्यक्ति का कर्तव्य है कि वह पीड़ित परिवारों के साथ खड़ा रहे और मानवता की मिसाल पेश करे। इस दौरान ग्राम प्रधान अवनीस चौधरी, राव बाबर खा सैयद पाशा, सैयद सुहैल, हाजी प्रधान साबेज, मोहम्मद अब्दुल्ला, इस्माइल खान सहित बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीण उपस्थित रहे।1
- एटा कलेक्ट्रेट परिसर में उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब राहुल नाम के एक युवक ने खुद पर पेट्रोल डालकर आत्मदाह करने का प्रयास किया। युवक की इस हरकत से मौके पर मौजूद लोगों और डीएम कार्यालय पर हड़कंप मच गया। युवक राहुल ने अपनी पत्नी की आत्महत्या के मामले में खुद को निर्दोष बताते हुए निष्पक्ष जांच की मांग की है। उसका आरोप है कि उसे गलत तरीके से फंसाया जा रहा है, जबकि वास्तविक आरोपियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। इस घटना के दौरान कलेक्ट्रेट परिसर में तैनात सुरक्षा कर्मियों ने तत्काल सतर्कता दिखाते हुए युवक को आत्मदाह करने से रोक लिया और उसे सुरक्षित अपने कब्जे में ले लिया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी भी तुरंत मौके पर पहुंच गए और युवक को समझाने का प्रयास किया। फिलहाल पुलिस इस पूरे मामले की जांच कर रही है और प्रशासन का कहना है कि प्रकरण की निष्पक्ष जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।1