महिलाओं के लिए सुरक्षित, सुगम एवं सम्मानजनक परिवहन की दिशा में महत्वपूर्ण पहल* *जनपद में लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति यात्रा योजना का भव्य शुभारंभ* *महिलाओं के लिए सुरक्षित, सुगम एवं सम्मानजनक परिवहन की दिशा में महत्वपूर्ण पहल* *700 से अधिक महिलाओं को वितरित की गई साड़ी एवं मिष्ठान* *अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों एवं बड़ी संख्या में महिलाओं की रही सहभागिता* *गोण्डा 26 अगस्त,2026*। वेंकटाचार्य क्लब, में परिवहन विभाग (रोडवेज) द्वारा आयोजित लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति यात्रा योजना के शुभारंभ एवं विशेष बसों के माननीय मुख्यमंत्री जी, उत्तर प्रदेश द्वारा फ्लैग ऑफ किए जाने के सजीव प्रसारण कार्यक्रम का आयोजन उत्साह एवं गरिमापूर्ण वातावरण में किया गया। कार्यक्रम में जिलाधिकारी श्रीमती प्रियंका निरंजन, मुख्य विकास अधिकारी दयानंद प्रसाद, भाजपा जिला अध्यक्ष अकबाल बहादुर तिवारी, ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि झंझरी आशीष मिश्रा, महिला मोर्चा पदाधिकारी बीना राय सहित संबंधित विभागों के अधिकारी, जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में महिलाएं उपस्थित रहीं। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित महिलाओं को लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति यात्रा योजना की जानकारी देते हुए इसके उद्देश्यों एवं महिला सशक्तिकरण में इसकी भूमिका पर प्रकाश डाला गया। योजना के माध्यम से महिलाओं को बेहतर, सुरक्षित एवं सुगम परिवहन सुविधा उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की गई है। मुख्यमंत्री जी के फ्लैग ऑफ कार्यक्रम का सजीव प्रसारण उपस्थित महिलाओं एवं जनप्रतिनिधियों द्वारा उत्साहपूर्वक देखा गया। कार्यक्रम स्थल पर महिलाओं में विशेष उत्साह देखने को मिला और उन्होंने इस पहल की सराहना की। कार्यक्रम में उपस्थित 700 से अधिक महिलाओं को सम्मान एवं उपहार स्वरूप साड़ी तथा मिष्ठान का वितरण किया गया। उपहार प्राप्त कर महिलाओं के चेहरे पर प्रसन्नता दिखाई दी। अधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों ने महिलाओं से संवाद करते हुए उन्हें शासन की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ उठाने तथा अन्य महिलाओं को भी योजनाओं के प्रति जागरूक करने का आह्वान किया। कार्यक्रम में महिला सहभागिता ने आयोजन को विशेष रूप से प्रभावी एवं उत्साहपूर्ण बना दिया। उपस्थित अधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों ने कहा कि शासन की योजनाओं का उद्देश्य समाज के प्रत्येक वर्ग, विशेषकर महिलाओं को सुविधाएं एवं सम्मान प्रदान करते हुए उन्हें आत्मनिर्भर और सशक्त बनाना है। लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति यात्रा योजना इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। कार्यक्रम का समापन उत्साहपूर्ण वातावरण में हुआ तथा उपस्थित सभी लोगों ने महिला सशक्तिकरण एवं सुरक्षित परिवहन की इस पहल को जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम के दौरान एआरएम रोडवेज, परियोजना निदेशक डीआरडीए सुशील कुमार पांडेय, डीसी एनआरएलएम जेएन राव, अपर जिला पंचायत राज अधिकारी जीडी जैन सहित अन्य संबंधित अधिकारीगण एवं प्रतिनिधिगण उपस्थित रहे। बड़ी संख्या में महिलाओं की सहभागिता से कार्यक्रम सफल एवं प्रभावशाली रहा।
महिलाओं के लिए सुरक्षित, सुगम एवं सम्मानजनक परिवहन की दिशा में महत्वपूर्ण पहल* *जनपद में लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति यात्रा योजना का भव्य शुभारंभ* *महिलाओं के लिए सुरक्षित, सुगम एवं सम्मानजनक परिवहन की दिशा में महत्वपूर्ण पहल* *700 से अधिक महिलाओं को वितरित की गई साड़ी एवं मिष्ठान* *अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों एवं बड़ी संख्या में महिलाओं की रही सहभागिता* *गोण्डा 26 अगस्त,2026*। वेंकटाचार्य क्लब, में परिवहन विभाग (रोडवेज) द्वारा आयोजित लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति यात्रा योजना के शुभारंभ एवं विशेष बसों के माननीय मुख्यमंत्री जी, उत्तर प्रदेश द्वारा फ्लैग ऑफ किए जाने के सजीव प्रसारण कार्यक्रम का आयोजन उत्साह एवं गरिमापूर्ण वातावरण में किया गया। कार्यक्रम में जिलाधिकारी श्रीमती प्रियंका निरंजन, मुख्य विकास अधिकारी दयानंद प्रसाद, भाजपा जिला अध्यक्ष अकबाल बहादुर तिवारी, ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि झंझरी आशीष मिश्रा, महिला मोर्चा पदाधिकारी बीना राय सहित संबंधित विभागों के अधिकारी, जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में महिलाएं उपस्थित रहीं। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित महिलाओं को लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति यात्रा योजना की जानकारी देते हुए इसके उद्देश्यों एवं महिला सशक्तिकरण में इसकी भूमिका पर प्रकाश डाला गया। योजना के माध्यम से महिलाओं को बेहतर, सुरक्षित एवं सुगम परिवहन सुविधा उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की गई है। मुख्यमंत्री जी के फ्लैग ऑफ कार्यक्रम का सजीव प्रसारण उपस्थित महिलाओं एवं जनप्रतिनिधियों द्वारा उत्साहपूर्वक देखा गया। कार्यक्रम स्थल पर महिलाओं में विशेष उत्साह देखने को मिला और उन्होंने इस पहल की सराहना की। कार्यक्रम में उपस्थित 700 से अधिक महिलाओं को सम्मान एवं उपहार स्वरूप साड़ी तथा मिष्ठान का वितरण किया गया। उपहार प्राप्त कर महिलाओं के चेहरे पर प्रसन्नता दिखाई दी। अधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों ने महिलाओं से संवाद करते हुए उन्हें शासन की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ उठाने तथा अन्य महिलाओं को भी योजनाओं के प्रति जागरूक करने का आह्वान किया। कार्यक्रम में महिला सहभागिता ने आयोजन को विशेष रूप से प्रभावी एवं उत्साहपूर्ण बना दिया। उपस्थित अधिकारियों एवं जनप्रतिनिधियों ने कहा कि शासन की योजनाओं का उद्देश्य समाज के प्रत्येक वर्ग, विशेषकर महिलाओं को सुविधाएं एवं सम्मान प्रदान करते हुए उन्हें आत्मनिर्भर और सशक्त बनाना है। लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति यात्रा योजना इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। कार्यक्रम का समापन उत्साहपूर्ण वातावरण में हुआ तथा उपस्थित सभी लोगों ने महिला सशक्तिकरण एवं सुरक्षित परिवहन की इस पहल को जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम के दौरान एआरएम रोडवेज, परियोजना निदेशक डीआरडीए सुशील कुमार पांडेय, डीसी एनआरएलएम जेएन राव, अपर जिला पंचायत राज अधिकारी जीडी जैन सहित अन्य संबंधित अधिकारीगण एवं प्रतिनिधिगण उपस्थित रहे। बड़ी संख्या में महिलाओं की सहभागिता से कार्यक्रम सफल एवं प्रभावशाली रहा।
- लोक माता अहिल्याबाई मातृशक्ति यात्रा योजना कर्यक्रम मे जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन ने सभी भाई बहिनो को रक्षाबंधन की बहुत बहुत बधाई डी “लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति यात्रा योजना महिलाओं के सम्मान, सुरक्षा और सुगम आवागमन की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। इस योजना से महिलाओं को सुरक्षित एवं सुविधाजनक परिवहन की सुविधा मिलेगी। हमारा प्रयास है कि अधिक से अधिक महिलाएं इस योजना का लाभ उठाएं और उनका आवागमन और अधिक सुगम हो।”1
- ब्रेकिंग -बारहरबीअव्वल के जुलूस में भड़काऊ गाने पुलिस हुई सख्त,वाहन सीज कर एक को किया गिरफ्तार ब्रेकिंग -बारहरबीअव्वल के जुलूस में भड़काऊ गाने पुलिस हुई सख्त,वाहन सीज कर एक को किया गिरफ्तार थाना मोतीगंज पुलिस द्वारा धार्मिक भावनाओं को आहत करने के आरोप में 01 अभियुक्त को किया गया गिरफ्तार-* *कार्यवाही/घटना का संक्षिप विवरण-* थाना मोतीगंज पुलिस द्वारा बारावफात त्यौहार के दृष्टिगत क्षेत्र में भ्रमणशील रहकर जुलूस एवं कार्यक्रमों की सतर्कतापूर्वक निगरानी की जा रही थी। इसी दौरान ग्राम बेलावाँ नाऊ पुरवा में बारावफात जुलूस के दौरान दूसरे धर्म के धार्मिक विश्वासों का अपमान करने एवं धार्मिक भावनाओं को आहत करने के आशय से भड़काऊ नारे बजाने एवं लगाने के प्रकरण में तत्काल संज्ञान लेते हुए डी0जे0 लगे वाहन को डी0जे0 सहित सीज किया गया। प्रकरण में अभियोग पंजीकृत कर शांति एवं कानून-व्यवस्था के दृष्टिगत 01 अभियुक्त रियाज अहमद को गिरफ्तार कर नियमानुसार अग्रिम विधिक कार्यवाही की गयी। *गिरफ्तार अभियुक्त* 1. रियाज अहमद पुत्र मो0 युनुस निवासी ग्राम बेलावाँ नाऊ पुरवा, थाना मोतीगंज, जनपद गोण्डा। *पंजीकृत अभियोग* 1. मु0अ0सं0 188/2026, धारा 196(1)/223/299/302 बीएनएस, थाना मोतीगंज, जनपद गोण्डा। *गिरफ्तार करने वाली टीम-* 1. उ0नि0 नारदमुनि कन्नौजिया 2. का0 गंगाशरण यादव *मीडिया सेल, गोण्डा।*2
- बहराइच जिले के कैसरगंज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के अंतर्गत ग्राम खेवकर मौजा कटका मरौठा थाना हुजूरपुर तहसील कैसरगंज जनपद बहराइच की निवासिनी सीमा पत्नी सुरेश की 19 जुलाई 2026 को प्रसव पीड़ा होने पर उन्हीं के गांव की आशा बहू शोभावती पत्नी राजेश ने कहा कि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कैसरगंज में प्रसव कर दो वह साथ में आई भी उनपर आरोप है कि उपरोक्त आशा बहू ने सिटी हॉस्पिटल और मैटर निजी सेंटर कैसरगंज के चिकित्सकों से साठ गांठ करके वहां पर भर्ती कर दिया। इसपर पति ने ऐतराज जताते हुए सरकारी अस्पताल में इलाज के लिए कहा तो उन्होंने कहा कि सरकारी अस्पताल में बड़ी लापरवाही होती है और सिटी हॉस्पिटल में इलाज की विशेष सुविधा है यह कहते हुए प्रार्थी की पत्नी को वहीं पर रोक कर सामान्य प्रसव कराए जाने की बात हुई थी। पीड़ित का आरोप है कि बिना उसे जानकारी दिए ऑपरेशन कर दिया था जिसके उपरांत अगूठा लगवा लिया गया पीड़ित के पत्नी की तबीयत बिगड़ी जिसके बाद अस्पताल के जिम्मेदारों ने कहा कि इनकी तबीयत बिगड़ती जा रही है कहीं दूसरी जगह दिखाने की बात कहते हुए पीड़ित की पत्नी को अस्पताल से बाहर निकाल दिया। आनंन फानन में प्रार्थी सुरेश कुमार पुत्र हरीशचंद्र ने एंबुलेंस की मदद से पत्नी सीमा को केजीएमयू लखनऊ में भर्ती कराया जहां इलाज के दौरान उनकी 23 जुलाई को मृत्यु हो गई। मामले की शिकायत प्रार्थी द्वारा स्थानीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कैसरगंज सहित कई उच्च अधिकारियों को भी भेज कर न्याय की उम्मीद जताई है। मामले के संबंध में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कैसरगंज के सीएससी अधीक्षक वीडी वर्मा से संपर्क करने का प्रयास किया गया पर विडंबना है कि तहसील मुख्यालय के स्वास्थ्य महकमे के जिम्मेदार के फोन की घंटी बजती रही किन्हीं कारणों से रिसीव नहीं हो सका।1
- रक्षाबंधन पर कस्तूरबा की बेटियों ने डीएम को बांधी अपने हाथों से बनाई राखी, डीएम ने उपहार देकर जताया स्नेह आप सभी मन लगाकर पढ़ाई करें, बाकी जरूरतों की चिंता मुझ पर छोड़ दे डीएम बालिकाओं की आवश्यकताओं पर तत्काल संज्ञान, पूर्व निरीक्षण के क्रम में इंटरलॉकिंग कार्य की स्वीकृति शशिकांत अवस्थी बाराबंकी, रक्षाबंधन के पावन पर्व पर कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय करपिया, मसौली की बालिकाओं ने जिलाधिकारी ईशान प्रताप सिंह से आत्मीय मुलाकात कर उन्हें अपने हाथों से बनाई राखी बांधी। जिलाधिकारी ने बालिकाओं के स्नेह को सहर्ष स्वीकार करते हुए उन्हें उपहार भेंट किए तथा उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर जिलाधिकारी ने बालिकाओं से सहज संवाद करते हुए उनकी पढ़ाई-लिखाई, विद्यालय की व्यवस्थाओं, खान-पान एवं रहने-सहने की सुविधाओं के संबंध में जानकारी ली। उन्होंने बालिकाओं से कहा कि वे मन लगाकर पढ़ाई करें और विद्यालय में किसी भी प्रकार की आवश्यकता या समस्या होने पर बिना संकोच अपनी बात रखें।जिलाधिकारी ने कहा, “आप सभी मन लगाकर पढ़ाई करें, बाकी जरूरतों की चिंता मुझ पर छोड़ दें संवाद के दौरान बालिकाओं ने विद्यालय की आवश्यकताओं से भी जिलाधिकारी को अवगत कराया। उन्होंने उच्चीकृत एकेडमिक भवन से हॉस्टल तक आने-जाने वाले मार्ग पर इंटरलॉकिंग कार्य कराने तथा खेल मैदान में मिट्टी पटाई कराकर उसे खेल गतिविधियों के लिए बेहतर बनाने का अनुरोध किया। जिलाधिकारी ने बालिकाओं की आवश्यकताओं को गंभीरता से लेते हुए अधिशासी अभियंता ग्रामीण अभियंत्रण को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। खेल मैदान में मिट्टी पटाई के संबंध में उन्होंने बरसात समाप्त होने के बाद आवश्यक कार्रवाई कराने का आश्वासन दिया। पूर्व निरीक्षण के क्रम में इंटरलॉकिंग कार्य की स्वीकृति जिलाधिकारी ने बताया कि गत 13 अगस्त को कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय मुजीबपुर, देवा के निरीक्षण के दौरान छात्राओं द्वारा परिसर के अंदर के रास्ते पर इंटरलॉकिंग की आवश्यकता बताई गई थी। छात्राओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए इंटरलॉकिंग कार्य की स्वीकृति प्रदान कर दी गई है। साथ ही विद्यालय की अन्य मूलभूत आवश्यकताओं के संबंध में भी संबंधित अधिकारियों को आवश्यक सुधार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। बोर्ड परीक्षा उत्तीर्ण करने वाली बालिकाएं प्रमाण पत्र देकर सम्मानित रक्षाबंधन के अवसर पर बालिकाओं से संवाद के दौरान जिलाधिकारी ने कक्षा 10 की बोर्ड परीक्षा उत्तीर्ण करने वाली बालिकाओं को प्रमाण पत्र प्रदान कर सम्मानित किया। उन्होंने बालिकाओं को उनकी सफलता पर बधाई देते हुए आगे भी पूरी लगन एवं मेहनत के साथ पढ़ाई जारी रखने के लिए प्रेरित किया तथा उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। इस अवसर पर जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी नवीन कुमार पाठक, जिला समन्वयक बालिका शिक्षा पुनीत मणि त्रिपाठी, वार्डेन विभा मिश्रा, शिक्षिका आरती मिश्रा सहित केजीबीवी मसौली की बालिकाएं उपस्थित रहीं।1
- दो बच्चों की मां प्रेमी के संग फरार, पति परदेश में कर रहा मजदूरी। दो बच्चों की मां प्रेमी के संग फरार, पति परदेश में कर रहा मजदूरी। थाना - धानेपुर थाना क्षेत्र के राजापुर मजरा सुक्खा पुरवा की रहने वाली विवाहिता अपने दो बच्चों को लेकर प्रेमी के साथ रफूचक्कर हो गई। विवाहिता के ससुर ने सुबह थाने पर इसकी सूचना दी है जिसमें उन्होंने बताया है कि बेटा कमाने के लिए एक सप्ताह पूर्व दिल्ली मजदूरी करने गया गया, घर पर बहू और उसके नाती नातिन रहते हैं। रात में खाना खा कर वे बाहर सो गए रात में जब बारिश शुरू हुई तो वे टीन शेड के नीचे सोने चले गए। सुबह होने पर उन्होंने नाती नातिन को आवाज लगाई कोई जवाब न मिलने पर भीतर जा कर देखा तो घर खाली था, उन्होंने आशंका जताई है कि गांव का ही रहने वाला ननकन गोसाईं पुत्र राम केवल घर आता जाता था, अपने भाई की मदद बहु को बहला फुसला कर भगा ले गया है। सूचना दे कर उन्होंने कार्यवाही की मांग की है। थाना अध्यक्ष विपुल पांडेय ने बताया है कि प्रेम प्रसंग से जुड़ा प्रकरण है, सूचना मिली है, कार्यवाही की जा रही है।1
- बेरिया पुल की टूटी रेलिंग बनी हादसे का सबब, ग्रामीणों ने खुद भरा गड्ढा जिम्मेदारों की अनदेखी पर उठे सवाल बाराबंकी /उत्तर प्रदेश जनपद के ग्राम बेरिया के निकट शारदा सहायक नहर पर बना पुल इन दिनों बदहाली और विभागीय उदासीनता की कहानी बयां कर रहा है। कई गांवों और कस्बों को जोड़ने वाले इस महत्वपूर्ण पुल की रेलिंग लंबे समय से टूटी पड़ी है। पुल के समीप डिग्री कॉलेज और इंटर कॉलेज होने के कारण प्रतिदिन बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं और राहगीर इसी रास्ते से गुजरते हैं। ऐसे में पुल की जर्जर हालत किसी बड़े हादसे की खुली दस्तक बनी हुई है।पुल पर जगह-जगह बने गहरे गड्ढे राहगीरों के लिए मुसीबत बने हुए हैं। सबसे गंभीर स्थिति टूटी रेलिंग को लेकर है। नीचे गहरी नहर में पानी का बहाव और ऊपर पुल पर बेतरतीब आवागमन ऐसे में सामने से आने वाले वाहन से बचने के दौरान यदि किसी बाइक सवार का संतुलन बिगड़ जाए तो उसके सीधे नहर में गिरने की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।कुछ दिन पहले ही इस खतरे की एक बानगी भी सामने आ चुकी है। चर्चा के मुताबिक करीब तीन-चार दिन पूर्व एक युवक पुल पर गिर गया और उसकी बाइक पुलिया की ओर लटक गई। मौके पर मौजूद लोगों ने तत्परता दिखाते हुए युवक को संभाला और बाइक को सुरक्षित बाहर निकाला। गनीमत रही कि उस समय कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ, लेकिन यह घटना पुल की भयावह स्थिति को उजागर करने के लिए काफी है।ग्रामीणों का कहना है कि शिकायतों के बाद टूटी रेलिंग के पास बांस लगाकर उस पर लाल कपड़ा बांध दिया गया था, लेकिन यह व्यवस्था भी महज खानापूर्ति साबित हुई। कुछ ही दिनों बाद बांस टूटकर नहर में जा गिरा और खतरा फिर जस का तस खड़ा हो गया।जब व्यवस्था सोई रही, ग्रामीणों ने संभाली जिम्मेदारी पुल पर बने गहरे गड्ढे को भरने के लिए ग्रामीणों ने आखिरकार विभाग का इंतजार छोड़ दिया। उन्होंने आपस में चंदा जुटाया, सीमेंट और कंक्रीट खरीदा और अपने स्तर से गड्ढे को भरने का काम शुरू कर दिया। ग्रामीणों की यह पहल केवल सड़क की मरम्मत नहीं, बल्कि व्यवस्था के प्रति एक बड़ा सवाल है।जिस काम की जिम्मेदारी संबंधित विभाग की थी, उसे ग्रामीणों ने अपनी जेब से पूरा किया, ताकि किसी स्कूली बच्चे, छात्र-छात्रा या राहगीर की जिंदगी खतरे में न पड़े। यह तस्वीर व्यवस्था के उस चेहरे को सामने लाती है, जहां जनता अपने जीवन की सुरक्षा के लिए भी खुद ही इंतजाम करने को मजबूर दिखाई दे रही है।बेरिया पुल पर ग्रामीणों ने सिर्फ एक गड्ढा नहीं भरा है, बल्कि उन्होंने जिम्मेदार व्यवस्था के सामने आईना रख दिया है। टूटी रेलिंग और जर्जर पुलिया किसी हादसे की प्रतीक्षा कर रहे हैं। सवाल अब यह है कि संबंधित अधिकारी इस चेतावनी को गंभीरता से लेते हुए पुल की स्थायी मरम्मत कराएंगे या फिर किसी अनहोनी के बाद ही सरकारी मशीनरी की नींद टूटेगी।1
- कैसरगंज में बारह रबीउल अव्वल यानी जश्न-ए-ईद मिलादुन्नबी के मुबारक मौके पर बुधवार को कैसरगंज में शानदार और बेमिसाल जुलूस निकाला गया। मोहम्मद साहब की विलादत की खुशी में आयोजित जुलूस में क्षेत्र के सैकड़ों गांवों से हजारों की संख्या में अकीदतमंद शामिल हुए। लोगों ने पैदल, मोटरसाइकिल और चार पहिया वाहनों के साथ जुलूस में शिरकत कर अपनी खुशी का इजहार किया। कैसरगंज क्षेत्र के विभिन्न गांवों से निकले जुलूस के लोग कैसरगंज बस स्टॉप पर एकत्र हुए, जहां कई गांवों से आए लोगों का संगम दिखाई दिया। इसके बाद जुलूस का कारवां महमूद साहब बाबा की मजार की जानिब बढ़ा और बरखुर्द्वारापुर चौराहे से होते हुए जरवल की ओर रवाना हुआ। पूरे रास्ते लोगों में जश्न का माहौल रहा। इस मौके पर कैसरगंज चेयरमैन एवं पूर्व जिला पंचायत सदस्य सैयद वली सहित विभिन्न अंजुमन कमेटियों के पदाधिकारियों ने उपजिलाधिकारी कैसरगंज प्रशांत कुमार नायक, पुलिस क्षेत्राधिकारी डीके श्रीवास्तव और प्रभारी निरीक्षक कैसरगंज राजकुमार पांडेय को अंगवस्त्र भेंट कर सम्मानित किया। अंजुमन के लोगों ने मोहम्मद साहब की विलादत की खुशी का इजहार करते हुए अतिथियों का स्वागत किया। वहीं ग्राम नौगैया निवासी एवं स्वतंत्रता सेनानी परिवार से ताल्लुक रखने वाले लोकतंत्र रक्षक सेनानी क्रांति कुमार सिंह तथा वरिष्ठ पत्रकार अशोक कुमार सिंह को भी अंगवस्त्र भेंट कर सम्मानित किया गया। जुलूस में विधायक कैसरगंज आनंद यादव, शमसुद्दीन बरकाती सहित अनिल कुमार यादव और क्षेत्र के तमाम जनप्रतिनिधि, सामाजिक कार्यकर्ता, अंजुमन कमेटियों के पदाधिकारी तथा बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे। पुलिस-प्रशासन की मुस्तैदी से शांतिपूर्ण रहा आयोजन जुलूस को लेकर कैसरगंज पुलिस-प्रशासन की ओर से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। भीड़ और यातायात व्यवस्था को देखते हुए जगह-जगह रूट डायवर्जन किया गया। भारी संख्या में पुलिस बल की तैनाती की गई। तपती धूप के बावजूद पुलिसकर्मी लगातार ड्यूटी पर मुस्तैद रहे और पूरे जुलूस की निगरानी करते रहे। प्रशासन और पुलिस की बेहतर समन्वय व्यवस्था के चलते जुलूस शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुआ। पूरे आयोजन के दौरान कहीं भी अप्रिय स्थिति सामने नहीं आई। जुलूस में दिखी गंगा-जमुनी तहजीब की खूबसूरत तस्वीर कैसरगंज के जश्न-ए-ईद मिलादुन्नबी के जुलूस में हिंदू-मुस्लिम एकता और आपसी भाईचारे की खूबसूरत मिसाल भी देखने को मिली। विभिन्न समुदायों के लोगों ने एक-दूसरे का सम्मान करते हुए सौहार्द और भाईचारे का संदेश दिया। जुलूस ने कैसरगंज की गंगा-जमुनी तहजीब और सामाजिक सद्भाव की मजबूत तस्वीर पेश की।1
- नेपाल में कुदरत का कहर! नेपाल में कुदरत का कहर! तिब्बत की ओर से अचानक आए पानी ने नेपाल के सीमावर्ती इलाके में खतरे की घंटी बजा दी है Nepal Flood: नेपाल में कुदरत का कहर! Bhote Koshi Flood: तिब्बत की ओर से अचानक आए पानी ने नेपाल के सीमावर्ती इलाके में खतरे की घंटी बजा दी है। भोटे कोशी के साथ-साथ नीचे बहने वाली नदियों के किनारे बसे इलाकों में भी सतर्कता बढ़ा दी गई है। Nepal Flood: नेपाल में कुदरत का कहर! तिब्बत बॉर्डर पर अचानक सैलाब, गांव और प्रोजेक्ट साइट्स पानी में समाईं Bhote Koshi Flood: तिब्बत की ओर से अचानक आए पानी ने नेपाल के सीमावर्ती इलाके में खतरे की घंटी बजा दी है। भोटे कोशी के साथ-साथ नीचे बहने वाली नदियों के किनारे बसे इलाकों में भी सतर्कता बढ़ा दी गई है।नेपाल में फ्लैश फ्लड से भारी तबाही, सेना-पुलिस उतरी मैदान में नेपाल में बुधवार सुबह आई अचानक बाढ़ ने हिमालयी क्षेत्र की भयावह तस्वीर सामने ला दी। तिब्बत सीमा से लगे रसुवा जिले में भोटे कोशी नदी का जलस्तर अचानक उफान पर पहुंच गया और देखते ही देखते बस्तियों, बाजारों तथा बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान पहुंचा। प्रशासन ने निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील की है। स्थिति को देखते हुए नेपाल पुलिस, सेना और राहत दलों को बचाव अभियान में लगाया गया है।आ गई। प्रशासन के मुताबिक, तिब्बत की तरफ से बड़ी मात्रा में पानी आने की सूचना करीब सुबह 9 बजे के आसपास मिली। बाढ़ का सबसे ज्यादा असर स्याफ्रुबेसी और तिमुरे इलाके में बताया जा रहा है। स्थानीय अधिकारियों के अनुसार, पानी का बहाव इतना तेज था कि लोगों को संभलने तक का मौका नहीं मिला। कई जगहों पर बाजार, सड़कें, पुल और जलविद्युत परियोजनाएं प्रभावित हुई हैं। कुछ बस्तियों और परियोजना स्थलों के बह जाने की भी खबर है। हालांकि, शुरुआती घंटों में नुकसान का पूरा आकलन नहीं हो सका था।तिमुरे और आसपास के क्षेत्रों से सामने आ रही सूचनाओं ने चिंता बढ़ा दी है। स्थानीय प्रतिनिधियों के मुताबिक, कुछ लोग बाढ़ के बाद ऊंचे स्थानों पर फंस गए हैं और मदद का इंतजार कर रहे हैं। स्याफ्रुबेसी से तिमुरे तक कुछ इलाकों में संपर्क स्थापित करने में भी परेशानी सामने आई है। अधिकारियों ने कहा है कि फिलहाल मृतकों या लापता लोगों की निश्चित संख्या बताना जल्दबाजी होगी। राहत और बचाव दल प्रभावित क्षेत्रों में पहुंचकर स्थिति का जायजा ले रहे हैं।बाढ़ का खतरा केवल रसुवा तक सीमित नहीं है। भोटे कोशी आगे जाकर त्रिशूली नदी से जुड़ती है और नदी तंत्र के निचले हिस्सों में भी जलस्तर बढ़ने की आशंका बनी हुई है। नुवाकोट में भी बाढ़ का पानी पहुंचने की सूचना सामने आई है। प्रशासन ने रसुवा के अलावा नुवाकोट, धादिंग, गोरखा और चितवन जैसे इलाकों में नदी किनारे रहने वाले लोगों को विशेष सतर्कता बरतने को कहा है। कुछ क्षेत्रों में लोगों को निचले इलाकों से हटाकर सुरक्षित स्थानों पर ले जाने के निर्देश भी दिए गए हैं।ने राहत और बचाव अभियान तेज करने के निर्देश दिए हैं। नेपाल पुलिस, सशस्त्र पुलिस बल, नेपाली सेना और स्थानीय प्रशासन को अभियान में लगाया गया है। प्रभावित क्षेत्रों में खोज, बचाव और राहत के लिए सेना के हेलीकॉप्टरों के साथ मेडिकल टीमों को भी तैनात किया गया है। सरकार ने नदी किनारे और संवेदनशील निचले इलाकों में रहने वाले लोगों से अपील की है कि वे प्रशासन के निर्देशों का पालन करें और खतरा बढ़ने का इंतजार किए बिना सुरक्षित स्थानों की ओर चले जाएं।रसुवा नेपाल के प्रमुख जलविद्युत और सीमा व्यापार क्षेत्रों में शामिल है। बाढ़ से यहां की परियोजनाओं, सड़कों और अन्य ढांचागत सुविधाओं को नुकसान पहुंचने की आशंका है। स्थानीय रिपोर्टों के अनुसार, कुछ जलविद्युत परियोजनाओं को सीधे नुकसान हुआ है, जबकि अन्य परियोजनाओं पर भी बाढ़ का प्रभाव पड़ा है। प्रशासन के सामने अब दोहरी चुनौती है एक तरफ प्रभावित लोगों तक राहत पहुंचाना और दूसरी तरफ नीचे की ओर बढ़ रहे पानी से नए इलाकों को सुरक्षित रखना।नेपाल सरकार और स्थानीय प्रशासन लगातार स्थिति का आकलन कर रहे हैं। फिलहाल सबसे बड़ी प्राथमिकता लोगों को सुरक्षित निकालना, नदी किनारे बसे संवेदनशील क्षेत्रों को खाली कराना और संपर्क टूटे इलाकों तक बचाव दल पहुंचाना है। Russia Gas Plant Fire: रूस के गैस केमिकल प्लांट में लगी आग, 7 की मौत; 6 चीनी नागरिकों की गई जान, 9 अब भी लापताअधिकारियों ने लोगों से अफवाहों पर भरोसा नहीं करने और केवल सरकारी तथा स्थानीय प्रशासन की आधिकारिक सूचनाओं का पालन करने की अपील की है। बाढ़ की अचानक प्रकृति को देखते हुए प्रशासन ने लोगों को नदी किनारे जाने और जोखिम वाले इलाकों में अनावश्यक यात्रा से बचने की सलाह दी है। स्थिति अभी विकसित हो रही है और मृतकों, लापता लोगों तथा संपत्ति के नुकसान का अंतिम आंकड़ा राहत एवं बचाव अभियान के आगे बढ़ने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।1