अंबाह/थरा क्षेत्र के युवाओं ने भीषण गर्मी के बीच राहगीरों और आमजन की सेवा में एक अनूठा उदाहरण पेश किया है। समाजसेवा के संकल्प के साथ, थरा के इन युवाओं ने शीतल पेयजल वितरण का अभियान शुरू किया है, जिसके तहत लगाए गए शिविर में प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोगों को ठंडा और स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराया जा रहा है। इस सेवा शिविर में स्थानीय समाजसेवी और युवा स्वयंसेवक पूरी निष्ठा के साथ अपनी जिम्मेदारी निभाते हुए सड़क से गुजरने वाले यात्रियों, वाहन चालकों और ग्रामीणों को रुक-रुककर शीतल पेयजल पिला रहे हैं, जिससे उन्हें गर्मी से काफी राहत मिल रही है। युवाओं का कहना है कि समाजसेवा केवल किसी विशेष अवसर तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि प्रत्येक व्यक्ति को जरूरतमंदों की सहायता के लिए अपनी जिम्मेदारी समझनी चाहिए। इसी सोच के साथ उन्होंने अपने इस सेवा कार्य को निरंतर जारी रखने का संकल्प लिया है। स्थानीय नागरिकों ने युवाओं की इस पहल की सराहना करते हुए इसे भीषण गर्मी के समय मानवता की मिसाल बताया है। उनकी यह पहल न केवल लोगों को तत्काल राहत प्रदान कर रही है, बल्कि समाज में सेवा और सहयोग की भावना को भी मजबूत कर रही है।
अंबाह/थरा क्षेत्र के युवाओं ने भीषण गर्मी के बीच राहगीरों और आमजन की सेवा में एक अनूठा उदाहरण पेश किया है। समाजसेवा के संकल्प के साथ, थरा के इन युवाओं ने शीतल पेयजल वितरण का अभियान शुरू किया है, जिसके तहत लगाए गए शिविर में प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोगों को ठंडा और स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराया जा रहा है। इस सेवा शिविर में स्थानीय समाजसेवी और युवा स्वयंसेवक पूरी निष्ठा के साथ अपनी जिम्मेदारी निभाते हुए सड़क से गुजरने वाले यात्रियों, वाहन चालकों और ग्रामीणों को रुक-रुककर शीतल पेयजल पिला रहे हैं, जिससे उन्हें गर्मी से
काफी राहत मिल रही है। युवाओं का कहना है कि समाजसेवा केवल किसी विशेष अवसर तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि प्रत्येक व्यक्ति को जरूरतमंदों की सहायता के लिए अपनी जिम्मेदारी समझनी चाहिए। इसी सोच के साथ उन्होंने अपने इस सेवा कार्य को निरंतर जारी रखने का संकल्प लिया है। स्थानीय नागरिकों ने युवाओं की इस पहल की सराहना करते हुए इसे भीषण गर्मी के समय मानवता की मिसाल बताया है। उनकी यह पहल न केवल लोगों को तत्काल राहत प्रदान कर रही है, बल्कि समाज में सेवा और सहयोग की भावना को भी मजबूत कर रही है।
- भीमसेन सिंह तोमर पत्रकार थराअंबाह, मुरैना, मध्य प्रदेशजय हो4 hrs ago
- मुरैना के पहाड़गढ़ क्षेत्र में भीषण जल संकट का सामना कर रहे लोग पानी की एक-एक बूंद के लिए तरस रहे हैं। इस गंभीर स्थिति का मुख्य कारण नल जल योजना का पूरी तरह से ठप पड़ना है, जिसके चलते क्षेत्रवासियों को पेयजल के लिए भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।1
- अंबाह/थरा क्षेत्र के युवाओं ने भीषण गर्मी के बीच राहगीरों और आमजन की सेवा में एक अनूठा उदाहरण पेश किया है। समाजसेवा के संकल्प के साथ, थरा के इन युवाओं ने शीतल पेयजल वितरण का अभियान शुरू किया है, जिसके तहत लगाए गए शिविर में प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोगों को ठंडा और स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराया जा रहा है। इस सेवा शिविर में स्थानीय समाजसेवी और युवा स्वयंसेवक पूरी निष्ठा के साथ अपनी जिम्मेदारी निभाते हुए सड़क से गुजरने वाले यात्रियों, वाहन चालकों और ग्रामीणों को रुक-रुककर शीतल पेयजल पिला रहे हैं, जिससे उन्हें गर्मी से काफी राहत मिल रही है। युवाओं का कहना है कि समाजसेवा केवल किसी विशेष अवसर तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि प्रत्येक व्यक्ति को जरूरतमंदों की सहायता के लिए अपनी जिम्मेदारी समझनी चाहिए। इसी सोच के साथ उन्होंने अपने इस सेवा कार्य को निरंतर जारी रखने का संकल्प लिया है। स्थानीय नागरिकों ने युवाओं की इस पहल की सराहना करते हुए इसे भीषण गर्मी के समय मानवता की मिसाल बताया है। उनकी यह पहल न केवल लोगों को तत्काल राहत प्रदान कर रही है, बल्कि समाज में सेवा और सहयोग की भावना को भी मजबूत कर रही है।2
- भिण्ड देहात पुलिस ने शराब तस्करी के मामले में फरार चल रहे एक इनामी बदमाश को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई भिण्ड के पुलिस अधीक्षक श्री सूरज कुमार वर्मा और नगर पुलिस अधीक्षक श्री निरंजन राजपूत के निर्देशन और मार्गदर्शन में गठित टीम ने की। यह मामला 26 दिसंबर 2021 का है, जब दबोहा मोड़ के पास एक टाटा इंडिका कार से दो आरोपियों को शराब की तस्करी करते हुए पकड़ा गया था। उस समय कार से 21 पेटी रॉयल व्हिस्की शराब जब्त की गई थी। इस संबंध में थाना देहात में अपराध क्रमांक 760/21, धारा 34 (2) आबकारी एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई थी। उस घटना के बाद से तीसरा आरोपी फरार चल रहा था। मामले की गंभीरता को देखते हुए, फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस अधीक्षक भिण्ड द्वारा ढाई हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था। इसी क्रम में, थाना देहात भिण्ड पुलिस को सूचना मिली कि फरार आरोपी अपने गाँव में आया हुआ है। सूचना मिलते ही, पहले से गठित पुलिस टीम ने एण्डोरी पहुंचकर घेराबंदी की और उसे सफलतापूर्वक गिरफ्तार कर लिया। इस सराहनीय कार्रवाई में निरी. शिवप्रताप राजावत (थाना प्रभारी देहात), उनि विजय शिवहरे, आर कमल तोमर, सुमित शर्मा, ज्ञानेन्द्र मिश्रा, अजीत सिकरवार, भूपेन्द्र तोमर, कुलदीप कसोटिया, अवधेश चौहान, राहुल यादव (सायबर सेल भिण्ड), प्रआर जगन भदौरिया, आर धर्मेन्द्र और नीरज (थाना एण्डोरी) की महत्वपूर्ण भूमिका रही।1
- कैलारस में पहाड़गढ़ रोड पर लगभग 1 करोड़ 68 लाख रुपये की लागत से चल रहे नाला निर्माण और सड़क चौड़ीकरण कार्य को लेकर स्थानीय नागरिकों में भारी रोष है। लोगों का आरोप है कि निर्माण कार्य में निम्न गुणवत्ता वाली सामग्री का इस्तेमाल किया जा रहा है, और बार-बार शिकायतें करने के बावजूद जिम्मेदार अधिकारियों द्वारा कोई ठोस कार्रवाई नहीं की जा रही है। नागरिकों का कहना है कि नाले की लंबाई, चौड़ाई और गहराई में एकरूपता नहीं है। इसके साथ ही, सरिया, गिट्टी और सीमेंट की गुणवत्ता पर भी गंभीर सवाल उठाए जा रहे हैं। कई स्थानीय लोगों ने तहसीलदार, सीएमओ और कलेक्टर की जनसुनवाई में अपनी शिकायतें दर्ज कराते हुए मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। यह देखना बाकी है कि जनता की इन शिकायतों को आखिर कब गंभीरता से लिया जाएगा और क्या करोड़ों रुपये के इस महत्वपूर्ण निर्माण कार्य की निष्पक्ष जांच सुनिश्चित की जाएगी।1
- धौलपुर जिले के मनिया स्थित ग्राम मढ़ाभाऊ में बौहरे सियाराम शर्मा एवं भूदेव शर्मा के सानिध्य में आयोजित नौ दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा ज्ञान यज्ञ के आठवें दिन कथा पंडाल में श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा। पूरे परिसर में भक्ति, श्रद्धा और कृष्ण प्रेम की रसधारा प्रवाहित होती रही, जिससे वातावरण भक्तिमय हो गया। कथा व्यास आचार्य पं. गीताराम पराशर (कुर्रा चितरपुर) ने भगवान श्रीकृष्ण की दिव्य लीलाओं का मनोहारी वर्णन किया, जिसमें कंस वध का प्रसंग प्रमुख रहा। उन्होंने बताया कि भगवान श्रीकृष्ण ने अधर्म और अत्याचार के विनाश तथा धर्म की स्थापना के लिए कंस का वध किया। आचार्य श्री ने इस बात पर जोर दिया कि श्रीकृष्ण ने अपने जीवनकाल में अनेक भक्तों और संतों का उद्धार कर मानवता को सत्य, धर्म और सदाचार का संदेश दिया। इसके पश्चात आचार्य श्री ने सुदामा चरित्र का अत्यंत भावपूर्ण वर्णन किया, जिसमें उन्होंने सच्ची मित्रता में धन-दौलत और गरीबी के महत्वहीन होने का संदेश दिया। उन्होंने भगवान श्रीकृष्ण और सुदामा की मित्रता को प्रेम, समर्पण और निष्कपट भाव का सर्वोत्तम उदाहरण बताया। जब सुदामा द्वारिका पहुंचे, तो भगवान श्रीकृष्ण स्वयं नंगे पैर दौड़कर अपने बालसखा के स्वागत के लिए आए और उन्हें हृदय से लगा लिया। इस मार्मिक प्रसंग को सुनकर कथा पंडाल में उपस्थित श्रद्धालुओं की आंखें नम हो गईं। कथा के दौरान प्रस्तुत हुए भजनों और संकीर्तन ने भी वातावरण को भक्ति से भर दिया, और श्रद्धालु श्रीकृष्ण के जयकारों के साथ भक्ति रस में सराबोर दिखे। कथा के समापन पर, सभी उपस्थित श्रद्धालुओं ने भगवान श्रीकृष्ण के आदर्शों को अपने जीवन में अपनाने का संकल्प लिया।1
- आगरा के शमशाबाद रोड पर बड़ा गांव के पास सफाई कर्मचारियों की घोर लापरवाही के कारण भीषण आग लग गई। इस घटना में डेढ़ दर्जन हरे-भरे पेड़ जलकर खाक हो गए, साथ ही सड़क किनारे खड़ी आरो पानी की सप्लाई करने वाली गाड़ी में रखी दो बड़ी पानी की टंकियां भी जल गईं। बताया गया है कि ग्राम पंचायत सिकंतरा के विकास खंड शमशाबाद के सफाई कर्मचारी सड़क किनारे सफाई कर रहे थे और इकट्ठा किए गए कूड़े को जलाना चाहते थे। इस दौरान खेत करने वाले किसान सुनील और करुआ ने उन्हें आग लगाने से मना किया, लेकिन कर्मचारियों ने उनकी बात नहीं मानी और कूड़े में आग लगा दी। सूखे कूड़े और भीषण गर्मी तथा तेज हवा के कारण आग ने तुरंत विकराल रूप ले लिया और तेजी से फैल गई, जिससे हरे पेड़ भी जलने लगे। अरुण सिंह नामक व्यक्ति ने बताया कि वह आरो पानी की सप्लाई का काम करता है और अपनी गाड़ी लेकर वी पी एस कॉलेज में पानी की सप्लाई करने जा रहा था, तभी उसकी गाड़ी खराब हो गई। वह गाड़ी को सड़क किनारे खड़ा कर आगरा से गाड़ी के पार्ट्स लेने गया था, लेकिन इस आग ने उसकी गाड़ी में रखी दोनों बड़ी पानी की टंकियों को भी जला डाला। इस घटना से आसपास के लोगों में हड़कंप मच गया, और आग लगाने वाले सफाई कर्मचारी मौके से भाग खड़े हुए। उन्होंने बाद में ब्लॉक खंड कार्यालय में घटना की सूचना दी, जिससे वहां भी कर्मचारियों में खलबली मच गई। सूचना मिलने पर संबंधित सचिव और एडीओ पंचायत तुरंत मौके पर पहुंचे। फायर सर्विस की गाड़ी ने भी मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया, वहीं थाना प्रभारी निरीक्षक अपनी टीम के साथ घटना स्थल पर मौजूद रहे। किसानों का कहना है कि सफाई कर्मचारियों की इस लापरवाही से एक बड़ी घटना होने से बच गई है।2
- मुरैना-पोरसा मार्ग पर मोरैना से पोरसा जा रही एक यात्री बस में गंजरामपुर और जिगनी के बीच अचानक आग लगने से यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई। हालांकि, चालक और परिचालक की सूझबूझ और तत्परता के कारण सभी यात्रियों को समय रहते सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जिससे कोई जनहानि नहीं हुई और एक बड़ा हादसा टल गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, बस अपने निर्धारित मार्ग पर चल रही थी कि अचानक उसमें से धुआँ उठने लगा, और देखते ही देखते आग ने विकराल रूप ले लिया। आग लगते ही बस में सवार यात्रियों में भगदड़ मच गई, लेकिन चालक और परिचालक ने तुरंत बस रोककर सभी को सुरक्षित बाहर निकाला। कुछ ही देर में आग ने पूरी बस को अपनी चपेट में ले लिया, और बस जलकर खाक हो गई। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग और संबंधित विभाग के अधिकारी मौके पर पहुँचे, लेकिन तब तक बस को भारी नुकसान हो चुका था। फिलहाल आग लगने के कारणों का पता नहीं चल सका है, और संबंधित विभाग द्वारा मामले की जाँच की जा रही है। प्रारंभिक तौर पर आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट या तकनीकी खराबी माना जा रहा है, जिसकी वास्तविक वजह जाँच पूरी होने के बाद ही सामने आ सकेगी। इस घटना के वीडियो और तस्वीरें सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं, और स्थानीय लोगों ने चालक व परिचालक की समझदारी और तत्परता की सराहना की है, जिनके कारण सभी यात्रियों की जान बच सकी।1