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भारत के छात्रों के साथ न्याय की मांग को लेकर आवाज उठाई गई है। इसमें साफ तौर पर कहा गया है कि अब जवाबदेही से बचना पूरी तरह से नामुमकिन हो चुका है और जिम्मेदार पक्षों को हर हाल में जवाब देना ही होगा।
सत्य के अंजोर न्यूज
भारत के छात्रों के साथ न्याय की मांग को लेकर आवाज उठाई गई है। इसमें साफ तौर पर कहा गया है कि अब जवाबदेही से बचना पूरी तरह से नामुमकिन हो चुका है और जिम्मेदार पक्षों को हर हाल में जवाब देना ही होगा।
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- कबीरधाम जिले के ग्राम पंचायत तरेंगांव मैदान के आश्रित ग्राम लालपुर खुर्द में चल रहा नाली निर्माण कार्य भारी भ्रष्टाचार और विभागीय लापरवाही की भेंट चढ़ गया है। ग्रामीणों की सुविधा के लिए ₹5 लाख की भारी-भरकम लागत से स्वीकृत इस निर्माण कार्य में निर्माण एजेंसी 'ग्राम पंचायत तरेंगांव मैदान' द्वारा नियमों को ताक पर रखकर घटिया सामग्री का धड़ल्ले से उपयोग किया जा रहा है। ग्रामीणों की शिकायत और मीडिया द्वारा इस जमीनी हकीकत को उजागर करने के बाद प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है। निर्माण स्थल पर तकनीकी मानकों की जमकर धज्जियां उड़ाई गई हैं। मजबूत सफेद कंक्रीट की जगह बेहद घटिया क्वालिटी की 'लाल बारीक गिट्टी' का धड़ल्ले से उपयोग किया जा रहा था। इतना ही नहीं, नाली को मजबूती देने वाले लोहे के सरियों की दूरी भी निर्धारित सरकारी मानक से कहीं अधिक रखी गई थी ताकि सरिए की मात्रा कम करके सरकारी राशि को ठिकाने लगाया जा सके। इस गंभीर लापरवाही पर पर्दा डालते हुए तकनीकी सहायक ने यह हास्यास्पद और अजीबोगरीब दलील दी कि लाल गिट्टी केवल बेस के लिए थी और मुख्य मटेरियल खत्म होने के कारण थोड़ा सा काम इससे कर दिया गया। ₹5 लाख के इस प्रोजेक्ट में हुए इस खुले भ्रष्टाचार का मामला अब गरमा गया है और जनपद CEO आकाश राजपूत ने इसे बेहद गंभीरता से लिया है। उन्होंने दोटूक शब्दों में कहा है कि निर्माण कार्यों में किसी भी प्रकार की गुणवत्ता से समझौता नहीं किया जाएगा। मामले की जांच के लिए जनपद CEO ने SDO (अनुविभागीय अधिकारी) को मौके पर भेजने की बात कही है, जो पूरे निर्माण कार्य की बारीकी से जांच करेंगे और उनकी रिपोर्ट के आधार पर आगे की कड़ी कार्रवाई की जाएगी। अब देखना यह होगा कि क्या दोषी पंचायत प्रतिनिधियों और गैर-जिम्मेदार तकनीकी अमले पर वास्तव में गाज गिरती है या फिर इस फाइल को भी ठंडे बस्ते में डाल दिया जाएगा।1
- रायपुर ग्रामीण पुलिस ने कानून-व्यवस्था को मजबूत करने और आपराधिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने के उद्देश्य से रविवार देर रात तिल्दा-नेवरा क्षेत्र में व्यापक कॉम्बिंग गश्त अभियान चलाया। रात 12 बजे से सुबह 4 बजे तक चले इस विशेष अभियान के दौरान पुलिस टीमों ने तिल्दा-नेवरा, तुलसी, सासाहोली, देवार पारा, अटल आवास और मोहभट्ठा पारा सहित विभिन्न इलाकों में सघन जांच की। इस दौरान रेलवे स्टेशन चौक, दीनदयाल चौक, सराफा मार्केट, सिंधी कैंप, बुधवारी बाजार, मिशन कॉलोनी और रेस्ट हाउस जैसे प्रमुख सार्वजनिक स्थलों के साथ-साथ बैंकों, एटीएम, लॉज, ढाबों एवं अन्य संवेदनशील स्थानों की सुरक्षा व्यवस्था का निरीक्षण किया गया। कार्रवाई के तहत पुलिस टीम ने निगरानीशुदा और गुंडा बदमाशों के घरों पर दबिश देकर उनकी गतिविधियों की जानकारी ली और उन्हें भविष्य में किसी भी आपराधिक गतिविधि से दूर रहने की कड़ी चेतावनी दी। इसके साथ ही फरार वारंटियों एवं संदिग्ध व्यक्तियों के संभावित ठिकानों पर भी जांच की गई। अभियान के दौरान देर रात बिना किसी उचित कारण के सार्वजनिक स्थानों पर घूमते मिले लोगों को थाने लाकर पूछताछ की गई, जिसके बाद उनके परिजनों के सुपुर्द करते हुए भविष्य में अनावश्यक रूप से देर रात तक बाहर न घूमने की सख्त हिदायत दी गई। पुलिस ने आम नागरिकों को अवैध या संदिग्ध प्रवासियों की जानकारी देने के लिए शासन के टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर 1800-233-1905 और 'समाधान' ऐप का उपयोग करने के प्रति जागरूक किया। साथ ही मकान मालिकों से किरायेदारों का सत्यापन कराने की अपील की गई। रायपुर ग्रामीण पुलिस का कहना है कि आमजन की सुरक्षा, शांति और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए ऐसे विशेष कॉम्बिंग अभियान आगे भी लगातार जारी रहेंगे।4
- दुर्ग जिले के नंदिनी नगर थाना क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम सहगांव में दहेज प्रताड़ना से तंग आकर एक नवविवाहिता द्वारा आत्महत्या किए जाने के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। इस प्रकरण में फरार चल रहे दो आरोपियों को नंदिनी नगर पुलिस ने घेराबंदी कर गिरफ्तार कर लिया है। घटना 7 अप्रैल 2026 की है, जब ससुराल वालों द्वारा लगातार दहेज की मांग और मानसिक प्रताड़ना से तंग आकर पीड़िता ने आत्महत्या कर ली थी। इस मामले की जांच के बाद थाना नंदिनी नगर में अपराध क्रमांक 206/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 80(2) और 3(5) के अंतर्गत प्रकरण दर्ज किया गया था। अपराध दर्ज होने की जानकारी मिलते ही सभी आरोपी अपने घर से फरार हो गए थे। विवेचना के दौरान पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली कि आरोपी सिमगा क्षेत्र में लुक-छिपकर रह रहे हैं। इसके बाद त्वरित कार्रवाई करते हुए पुलिस टीम ने घेराबंदी की और आरोपी युवराज पटेल (उम्र 29 वर्ष) तथा ओम प्रकाश पटेल (उम्र 58 वर्ष) को गिरफ्तार कर लिया। दोनों ही आरोपी सहगांव के निवासी हैं। विधिवत गिरफ्तारी के बाद आरोपियों को न्यायालय में प्रस्तुत कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। पुलिस अनुविभागीय अधिकारी धमधा के मार्गदर्शन में हुई इस कार्रवाई के बाद अब पुलिस अन्य फरार आरोपियों की तलाश में जुटी है। इस घटना के संदर्भ में दुर्ग पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे दहेज प्रथा जैसी सामाजिक कुरीतियों का पुरजोर विरोध करें। पुलिस ने कहा है कि महिलाओं के विरुद्ध किसी भी प्रकार की दहेज प्रताड़ना या अपराध की सूचना तत्काल पुलिस को दी जाए, ताकि दोषियों के खिलाफ कठोर वैधानिक कार्रवाई की जा सके।2
- छत्तीसगढ़ के धमधा ब्लॉक स्थित ग्राम पंचायत दनिया के शासकीय शाला परिसर में शाला विकास समिति का गठन किया गया है। इसके साथ ही, मुख्यमंत्री सरस्वती साइकिल योजना के अंतर्गत कक्षा 9वीं में पढ़ने वाली 19 छात्राओं को निशुल्क साइकिलों का वितरण किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत "एक मां - एक पेड़ के नाम" अभियान के तहत वृक्षारोपण से हुई, जहां छात्राओं और ग्रामवासियों ने मिलकर शाला परिसर में पौधे लगाकर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में जिला किसान मोर्चा उपाध्यक्ष, विधायक प्रतिनिधि एवं पूर्व मंडल अध्यक्ष बोरी लिटिया भाजपा मंडल श्री कृष्णा पटेल जी का भव्य स्वागत किया गया। इस अवसर पर ग्राम पंचायत दनिया के सरपंच हुलास पटेल, उप सरपंच हिमांचल पटेल, नवगठित शाला विकास समिति के अध्यक्ष, शिक्षक, ग्रामवासी और पदाधिकारी उपस्थित रहे। सभी ने सरकार की शिक्षा और पर्यावरण से जुड़ी इन योजनाओं की जमकर सराहना की और इन्हें आगे बढ़ाने का संकल्प लिया। शिक्षकों के अनुसार, इस साइकिल वितरण से दूर-दराज से आने वाली बच्चियों को पढ़ाई में मदद मिलेगी और उनका आत्मविश्वास बढ़ेगा, जिससे स्कूलों में ड्रॉपआउट दर को रोका जा सकेगा। वहीं, नवनिर्मित शाला विकास समिति अब स्कूल में भवन, पेयजल, शौचालय और स्मार्ट क्लास जैसी महत्वपूर्ण सुविधाओं को बेहतर करने पर काम करेगी, जिससे शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ेगी और सरकारी स्कूलों पर जनता का भरोसा और अधिक मजबूत होगा।4
- महासमुंद जिले के ग्राम पंडरीखार के दिव्यांग कवि महेशराम टंडन ने लोगों का अमन-चैन छीनने और बसे-बसाए घरों को तोड़ने वालों के खिलाफ तीखा आक्रोश व्यक्त किया है। कवि ने अपनी कविता के माध्यम से ऐसे लोगों पर सीधा निशाना साधते हुए कहा है कि दूसरों का सुख-चैन छीनने वाले और बसे-बसाए आशियानों को उजाड़ने वाले लोग कभी भी वफादार नहीं बन सकते हैं। उन्होंने अपनी इन काव्य पंक्तियों के जरिए शांति भंग करने वालों और बर्बादी फैलाने वालों के प्रति अपनी गहरी नाराजगी और कड़ा विरोध दर्ज कराया है।1
- भारत के छात्रों के साथ न्याय की मांग को लेकर आवाज उठाई गई है। इसमें साफ तौर पर कहा गया है कि अब जवाबदेही से बचना पूरी तरह से नामुमकिन हो चुका है और जिम्मेदार पक्षों को हर हाल में जवाब देना ही होगा।1