40 घंटे बाद तैरता नजर आया नदी में डूबे युवक का शव, सोम नदी में भैंसे निकालने के दौरान डुबा था युवक आसपुर थाना क्षेत्र का मामला 40 घंटे बाद तैरता नजर आया नदी में डूबे युवक का शव, सोम नदी में भैंसे निकालने के दौरान डुबा था युवक आसपुर थाना क्षेत्र का मामला आसपुर थाना क्षेत्र के सडा गांव में एक युवक अपनी भैंसों को नदी में निकालने के दौरान पैर फिसलने से अन्दर गिर गया था । *सिविल डिफेंस व एसडीआरएफ टीम को मिला सफलता* सुबह सिविल डिफेंस व एसडीआरएफ टीम के चर्च ऑपरेशन के दौरान शव तैरता हुआ पानी से उपर आया। 40 घंटे बाद मंगलवार सवेरे 7 बजे सोम नदी में शव मिला प्राप्त जानकारी के अनुसार सड़ा खुदरड़ा निवासी राइया(40) पुत्र कैसिया बरगोट मीणा की भैंसे जो सोम नदी में विचरण कर रही थी जिसे रविवार दोपहर को अपनी भैंसों को सोम नदी से निकालने का प्रयास कर रहा था कि अचानक पैर फिसलने से सोम नदी में गिर गया था। ग्रामीणों ने कई प्रयास किए पर नहीं मिला। बाद पुलिस ने डुंगरपुर से सिविल डिफेंस वएसडीआरएफ टीम को सूचना दी ।सोमवार को 13 सदस्य की टीम कमांडर हेड कांस्टेबल शिवराज व सिविल डिफेंस टीम के रवी परमार के नेतृत्व में मौके पर पहुंची ,लेकिन देर शाम तक कोई सुराग नहीं लग पाने और अंधेरा होने से आसपुर रुकी और सवेरे 7बजे जैसे टीम वापस पहुंची तो शव नदी के पानी में शव को नदी से बहार निकाला। और जानकारी मिलते ही थानाधिकारी शैलेन्द्र सिंह मय जाप्ते के मौके पर पहुंचे । बाद शव को निकाल कर इसे आसपुर मोर्चरी में रखवाया गया । जिसका पोस्टमार्टम कर शव परिजनों को दिया गया ।भाई लालू राम की रिपोर्ट पर मामला दर्ज किया गया है ।पुलिस मामले को लेकर अनुसंधान कर रही है । मृतक के दो लड़कियां और एक लड़का है । जिसका पालन पोषण करने वाला कोई नहीं रहा।
40 घंटे बाद तैरता नजर आया नदी में डूबे युवक का शव, सोम नदी में भैंसे निकालने के दौरान डुबा था युवक आसपुर थाना क्षेत्र का मामला 40 घंटे बाद तैरता नजर आया नदी में डूबे युवक का शव, सोम नदी में भैंसे निकालने के दौरान डुबा था युवक आसपुर थाना क्षेत्र का मामला आसपुर थाना क्षेत्र के सडा गांव में एक युवक अपनी भैंसों को नदी में निकालने के दौरान पैर फिसलने से अन्दर गिर गया था । *सिविल डिफेंस व एसडीआरएफ टीम को मिला सफलता* सुबह सिविल डिफेंस व एसडीआरएफ टीम के चर्च ऑपरेशन के दौरान शव तैरता हुआ पानी से उपर आया। 40 घंटे बाद मंगलवार सवेरे 7 बजे सोम नदी में शव मिला प्राप्त जानकारी के अनुसार सड़ा खुदरड़ा निवासी राइया(40) पुत्र कैसिया बरगोट मीणा की भैंसे जो सोम नदी में विचरण कर रही थी जिसे रविवार दोपहर को अपनी भैंसों को सोम नदी से निकालने का प्रयास कर रहा था कि अचानक पैर फिसलने से सोम नदी में गिर गया था। ग्रामीणों ने कई प्रयास किए पर नहीं मिला। बाद पुलिस ने डुंगरपुर से सिविल डिफेंस वएसडीआरएफ टीम को सूचना दी ।सोमवार को 13 सदस्य की टीम कमांडर हेड कांस्टेबल शिवराज व सिविल डिफेंस टीम के रवी परमार के नेतृत्व में मौके पर पहुंची ,लेकिन देर शाम तक कोई सुराग नहीं लग पाने और अंधेरा होने से आसपुर रुकी और सवेरे 7बजे जैसे टीम वापस पहुंची तो शव नदी के पानी में शव को नदी से बहार निकाला। और जानकारी मिलते ही थानाधिकारी शैलेन्द्र सिंह मय जाप्ते के मौके पर पहुंचे । बाद शव को निकाल कर इसे आसपुर मोर्चरी में रखवाया गया । जिसका पोस्टमार्टम कर शव परिजनों को दिया गया ।भाई लालू राम की रिपोर्ट पर मामला दर्ज किया गया है ।पुलिस मामले को लेकर अनुसंधान कर रही है । मृतक के दो लड़कियां और एक लड़का है । जिसका पालन पोषण करने वाला कोई नहीं रहा।
- 40 घंटे बाद तैरता नजर आया नदी में डूबे युवक का शव, सोम नदी में भैंसे निकालने के दौरान डुबा था युवक आसपुर थाना क्षेत्र का मामला 40 घंटे बाद तैरता नजर आया नदी में डूबे युवक का शव, सोम नदी में भैंसे निकालने के दौरान डुबा था युवक आसपुर थाना क्षेत्र का मामला आसपुर थाना क्षेत्र के सडा गांव में एक युवक अपनी भैंसों को नदी में निकालने के दौरान पैर फिसलने से अन्दर गिर गया था । *सिविल डिफेंस व एसडीआरएफ टीम को मिला सफलता* सुबह सिविल डिफेंस व एसडीआरएफ टीम के चर्च ऑपरेशन के दौरान शव तैरता हुआ पानी से उपर आया। 40 घंटे बाद मंगलवार सवेरे 7 बजे सोम नदी में शव मिला प्राप्त जानकारी के अनुसार सड़ा खुदरड़ा निवासी राइया(40) पुत्र कैसिया बरगोट मीणा की भैंसे जो सोम नदी में विचरण कर रही थी जिसे रविवार दोपहर को अपनी भैंसों को सोम नदी से निकालने का प्रयास कर रहा था कि अचानक पैर फिसलने से सोम नदी में गिर गया था। ग्रामीणों ने कई प्रयास किए पर नहीं मिला। बाद पुलिस ने डुंगरपुर से सिविल डिफेंस वएसडीआरएफ टीम को सूचना दी ।सोमवार को 13 सदस्य की टीम कमांडर हेड कांस्टेबल शिवराज व सिविल डिफेंस टीम के रवी परमार के नेतृत्व में मौके पर पहुंची ,लेकिन देर शाम तक कोई सुराग नहीं लग पाने और अंधेरा होने से आसपुर रुकी और सवेरे 7बजे जैसे टीम वापस पहुंची तो शव नदी के पानी में शव को नदी से बहार निकाला। और जानकारी मिलते ही थानाधिकारी शैलेन्द्र सिंह मय जाप्ते के मौके पर पहुंचे । बाद शव को निकाल कर इसे आसपुर मोर्चरी में रखवाया गया । जिसका पोस्टमार्टम कर शव परिजनों को दिया गया ।भाई लालू राम की रिपोर्ट पर मामला दर्ज किया गया है ।पुलिस मामले को लेकर अनुसंधान कर रही है । मृतक के दो लड़कियां और एक लड़का है । जिसका पालन पोषण करने वाला कोई नहीं रहा।1
- भरत पंड्या संवाददाता डुंगरपुर 9829264909 जिला कलक्टर देशलदान की अध्यक्षता एवं जिला पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार की उपस्थिति में जिला परिषद के ईडीपी सभागार में वी.सी के माध्यम आयोजित हो रही बैठक । भरत पंड्या संवाददाता डुंगरपुर 9829264909 जिला कलक्टर देशलदान की अध्यक्षता एवं जिला पुलिस अधीक्षक मनीष कुमार की उपस्थिति में जिला परिषद के ईडीपी सभागार में वी.सी के माध्यम आयोजित हो रही बैठक । जिला परिषद के ईडीपी सभागार में वीसी के माध्यम से आयोजित बैठक में सडक सुरक्षा, एन. एच. अतिक्रमण, अवैध खनन, एनकोर्ड समिति (NCORD) समीक्षा करते हुए आवश्यक दिशा निर्देश दिए बैठक में अतिरिक्त जिला कलक्टर प्रकाश चंद्र रेगर , अतिरिक्त जिला पुलिस अधीक्षक खीव सिंह, नगरपरिषद आयुक्त ललित सिंह, उपखंड अधिकारी, तहसीलदार, सहित समस्त जिला स्तरीय अधिकारी जिला परिषद के ईडीपी सभागार में एवं ब्लॉक स्तरीय अधिकारी वीसी के माध्यम से मौजूद।2
- डूंगरपुर में हाल ही में हुई मूसलाधार बारिश ने स्थानीय प्रशासन की जल निकासी व्यवस्था की पोल खोलकर रख दी है। मुख्यमंत्री जन आवास रोड पर बारिश के कारण मुख्य सड़कों और रास्तों पर जलभराव की गंभीर समस्या पैदा हो गई है, जिससे आम जनता और राहगीरों को आवाजाही में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि सड़कों पर नालियों की उचित सफाई और जल निकासी की सही व्यवस्था न होने के कारण बारिश का पानी घंटों सड़कों पर ही जमा रहता है। देखते ही देखते सड़कें लबालब भर जाती हैं और पोखरे जैसी नज़र आने लगती हैं। स्कूली बच्चे और दुपहिया वाहन चालक सबसे ज्यादा प्रभावित हैं। खतरे में दुपहिया वाहन चालक: पानी से भरे गड्ढों का सही अंदाज़ा न मिलने के कारण आए दिन बाइक व स्कूटी फिसलने और बंद होने की घटनाएँ सामने आ रही हैं। बच्चों की पढ़ाई और सुरक्षा प्रभावित: सुबह-सुबह स्कूल जाने वाले छोटे बच्चों को पानी के बीच से होकर गुज़रना पड़ रहा है, जिससे उनके कपड़े और जूते खराब हो रहे हैं। कई बार जलभराव के कारण बच्चे हादसों का शिकार होने से बाल-बाल बचते हैं। क्षेत्र के लोगों ने नगर निकाय और संबंधित प्रशासन से जल्द से जल्द जल निकासी का स्थायी समाधान निकालने की मांग की है, ताकि भविष्य में होने वाली बारिश में लोगों को इस परेशानी से राहत मिल सके।3
- राजकीय खेल छात्रावास बेडसा में नया भवन जर्जर हालत में है राजकीय खेल छात्रावास बेडसा में नया भवन जर्जर हालत में1
- ग्रामीण सेवा शिविर से संगठन ने साधा जनसंपर्क, महूडी में कार्यकर्ताओं ने सुनी ग्रामीणों की समस्याएं भारतीय जनता पार्टी के चौरासी क्षेत्र अंतर्गत पाडली गुजरेश्वर मंडल द्वारा ग्राम पंचायत महूडी में ग्रामीण सेवा शिविर में ग्रामीणों से संवाद स्थापित कर उनकी समस्याएं सुनी गईं तथा केंद्र एवं राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी देकर पात्र लोगों तक उनका लाभ पहुंचाने पर जोर दिया गया। शिविर में चौरासी विधानसभा प्रत्याशी कारीलाल ननेमा ने कहा कि संगठन का उद्देश्य गांव-गांव तक पहुंचकर आमजन की समस्याओं को समझना और उनके समाधान के लिए प्रभावी प्रयास करना है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से सेवा, समर्पण और जनसंपर्क को प्राथमिकता देने का आह्वान किया।कार्यक्रम में प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य दीनदयाल चौहान, मंडल अध्यक्ष प्रवीण रोत (एडवोकेट), मंडल महामंत्री देवी सिंह चौहान, पूर्व मंडल अध्यक्ष भंवरलाल, वरिष्ठ कार्यकर्ता हरिजी, मंडल उपाध्यक्ष रमेश कटारा, बूथ अध्यक्ष जीतमल,नारायण सहित ग्राम पंचायत महूडी सरपंच सभी विभागों के अधिकारियों एवं बड़ी संख्या में कार्यकर्ता और ग्रामीण उपस्थित रहे। शिविर के दौरान संगठन को बूथ स्तर तक और अधिक सशक्त बनाने, जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने तथा ग्रामीणों की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए समन्वित प्रयास करने पर भी चर्चा की गई। कार्यक्रम का समापन ग्रामीणों के प्रति सेवा और संगठन विस्तार के संकल्प के साथ हुआ।4
- सीमलवाड़ा के चौरासी विधानसभा क्षेत्र के पाडली गुजरेश्वर मंडल के अंतर्गत ग्राम पंचायत महूडी में एक ग्रामीण सेवा शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में क्षेत्र के ग्रामीणों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और अपनी विभिन्न समस्याओं एवं आवश्यकताओं से जनप्रतिनिधियों एवं संबंधित अधिकारियों को अवगत कराया। शिविर का मुख्य उद्देश्य ग्रामीणों को शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ स्थानीय स्तर पर उपलब्ध कराना और उनकी समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित करना था। कार्यक्रम में चौरासी विधानसभा क्षेत्र के विधानसभा प्रत्याशी कारीलालजी ननेमा, प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य दीनदयालजी चौहान, मंडल अध्यक्ष प्रवीण रोत एडवोकेट, मंडल महामंत्री देवी सिंह चौहान, पूर्व मंडल अध्यक्ष भंवरलालजी, वरिष्ठ कार्यकर्ता हरिजी, मंडल उपाध्यक्ष रमेशजी कटारा, बूथ अध्यक्ष जीतमलजी, नारायणजी सहित ग्राम पंचायत के सरपंच एवं अन्य जनप्रतिनिधि व कार्यकर्ता उपस्थित रहे। शिविर के दौरान ग्रामीणों ने विभिन्न सरकारी योजनाओं से संबंधित जानकारी प्राप्त की और पात्र लाभार्थियों को योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए आवश्यक प्रक्रिया की जानकारी दी गई। जनप्रतिनिधियों ने ग्रामीणों से संवाद करते हुए उनकी समस्याएं सुनीं और संबंधित अधिकारियों के समक्ष समस्याओं के समाधान के लिए आवश्यक कार्रवाई करने की बात कही। इस अवसर पर उपस्थित जनप्रतिनिधियों ने कहा कि ग्रामीण सेवा शिविर सरकार की योजनाओं को गांव-गांव तक पहुंचाने और आमजन की समस्याओं का स्थानीय स्तर पर समाधान करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। ऐसे शिविरों के माध्यम से ग्रामीणों को सरकारी कार्यालयों के चक्कर लगाने से राहत मिलती है और उन्हें विभिन्न विभागों की सेवाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध हो पाती हैं। शिविर में बड़ी संख्या में ग्रामीणों की मौजूदगी रही। कार्यक्रम के दौरान कार्यकर्ताओं एवं ग्रामीणों ने सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अधिक से अधिक पात्र लोगों तक पहुंचाने तथा क्षेत्र के विकास के लिए मिलकर कार्य करने का आह्वान किया।4
- दहेगाम नगर में वागड़ विभूषण पूज्य आचार्य श्री मृदुरत्न सागर सुरीश्वर जी म.सा एवं पूज्य साध्वी श्री स्वर्णज्योति श्रीजी म.सा का भव्यातिभव्य चातुर्मास प्रवेश हुआ। इस अवसर पर नगर में विशेष आयोजन किए गए और बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। चातुर्मास का यह प्रवेश राजस्थान के डूंगरपुर जिले के असपुर उप-जिले में स्थित दहेगाम नगर में हुआ।1
- धरियावद-बांसी मार्ग पर आरामपुरा घाट सेक्शन के समीप सोमवार को ट्रॉला और बोलेरो की भीषण टक्कर में बोलेरो में सवार 13 यात्री घायल हो गए। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बोलेरो सड़क किनारे खाई में जा गिरी। हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। घटना की सूचना मिलते ही धरियावद थानाधिकारी हजारी लाल मीणा ने तत्काल एएसआई भगवान लाल मीणा, हेड कांस्टेबल मोहन पाल सिंह सहित पुलिस जाब्ते को सरकारी वाहन से मौके पर रवाना किया। पुलिस ने स्थानीय लोगों की सहायता से सभी घायलों को निजी वाहनों से तत्काल राजकीय चिकित्सालय धरियावद पहुंचाया। अस्पताल में डॉ. ईश्वर मीणा तथा मेल नर्स लक्ष्मण डड़गा, पियूष मनोहर एवं चिकित्सा स्टाफ ने सभी घायलों का प्राथमिक उपचार किया। गंभीर रूप से घायल यात्रियों को आगे के उपचार के लिए रेफर कर दिया गया। घायलों की पहचान शिवपुरी (थाना केसरियावाद) निवासी केसिया पुत्र रूपा मीणा, बाबरू पुत्र लिम्बा मीणा, नरदा रूपा मीणा, भगवती चोखा मीणा, रतनलाल मीणा, नाथूलाल पुत्र मानिया मीणा, कानुराम पुत्र गोतिया मीणा, मेघा पुत्र थावरा मीणा, रतनलाल पुत्र लालजी मीणा, गौतमा पुत्र मानिया मीणा, कालुराम पुत्र नाथिया मीणा, नारायण पुत्र भगवान मीणा, केशु पुत्र नाथिया मीणा के रूप में हुई है। इनमें से गंभीर रूप से घायल यात्रियों को प्रतापगढ़ और उदयपुर के लिए रेफर किया गया। सभी यात्री बोलेरो से बांसी की ओर से धरियावद आ रहे थे। पुलिस ने दुर्घटना का मामला दर्ज कर कारणों की जांच शुरू कर दी है। हादसे के बाद क्षेत्रवासियों ने बांसी घाट सेक्शन की खराब एवं अव्यवस्थित सड़क व्यवस्था पर नाराजगी जताई। लोगों का कहना है कि इस घाट पर आए दिन दुर्घटनाएं होती रहती हैं, लेकिन संबंधित विभाग अब तक स्थायी समाधान नहीं कर पाया है। करोड़ों रुपये की स्वीकृतियों के बावजूद घाट सेक्शन का समुचित सुधार नहीं होने से आमजन की जान जोखिम में बनी हुई है। ग्रामीणों ने सरकार एवं संबंधित विभाग से मांग की है कि प्रतापगढ़ घाट की तर्ज पर बांसी घाट का भी शीघ्र चौड़ीकरण एवं सुरक्षा कार्य कराया जाए, ताकि भविष्य में इस प्रकार की दर्दनाक दुर्घटनाओं पर रोक लग सके।1