अटरू समेत उपखण्ड में हर्षोल्लास से मनाया होली धुलैंडी पर्व अटरू में 4 मार्च 2026 को धुलेंडी का पर्व पारंपरिक उत्साह और उल्लास के साथ मनाया गया। सबसे पहले फागुन्या भेरू जी मंदिर में फाग के गीत गाए गए और गुलाल होली खेली गई। कस्बे में रंग-गुलाल से होली खेली गई, युवा डीजे की धुन पर थिरके और बड़ों ने एक-दूसरे से रामाश्यामी की। धुलेंडी के कारण अटरू मंडी में कृषि उपज की नीलामी बंद रही। बतादें कि फागुन्या भेरू मंदिर में ढोल और चंग के साथ पारंपरिक होली की शुरुआत की गई।अटरू के धूणी क्लब, खेडलीगंज चौराहा, नांगली मोहल्ला, समेत सभी लोगों ने एक-दूसरे को रंग-गुलाल लगाकर होली मनाई।युवकों की टोलियों ने डीजे की धुन पर नाचते-गाते हुए होली मनाई। महिलाओं ने भी राधा-कृष्ण की झांकी सजाकर गुलाल होली खेली।धुलेंडी के अवसर पर अटरू मंडी में 4 मार्च को अवकाश रहा, अब 5 मार्च से काम शुरू होगा। यह त्यौहार भाईचारे और उल्लास के साथ मनाया गया। राजस्थान में धुलेंडी (धुलंडी) सिर्फ रंगों का त्योहार नहीं, बल्कि अनूठी परंपराओं का संगम है। यहाँ कहीं पत्थरों से 'खूनी होली' तो कहीं डोलची से पानी की बौछार की होली खेली गई है। कुछ स्थान पर महिलाएं पुरुषों पर लाठियां बरसाती हैं। ये परंपराएं सामाजिक एकता और जीवंत संस्कृति का प्रतीक हैं। मगर ऐसे में पुलिस व समाज भी असहाय हो जाता है जब होली खेलने वाले भिड़ जाते हैं यही हकीकत अटरू के चौथमाता मन्दिर के पीछे नजर आई जहाँ पुलिस ने धमाचौकड़ी कर रहे युवकों को पकड़कर थाने पहुंचाया।वहीँ कुंजेड क्षेत्र के सहरोद, जिरोद, रिछन्दा, किरपुरिया, चौथ्या में 4 मार्च 2026 को धुलेंडी का पर्व पारंपरिक उत्साह और उल्लास के साथ मनाया गया। सबसे पहले मायथा भेरू जी मंदिर में फाग के गीत गाए गए और गुलाल होली खेली गई। कस्बे में रंग-गुलाल से होली खेली गई, युवा डीजे की धुन पर थिरके और बड़ों ने एक-दूसरे से रामाश्यामी की। धुलेंडी के कारण चहल पहल बनी रही भेरू मंदिर में ढोल और चंग के साथ पारंपरिक होली की शुरुआत की।लोगों ने एक-दूसरे को रंग-गुलाल लगाकर होली मनाई। युवकों की टोलियों ने डीजे की धुन पर नाचते-गाते हुए होली मनाई। यह त्यौहार भाईचारे और उल्लास के साथ मनाया गया। इस प्रकार ही मोठपुर कस्बे में बुधवार को रंगों का त्योहार हर्षोल्लास से मनाया गया। सुबह से ही लोगों ने टोलियां बनाकर एक दूसरे को रंग लगाया।
अटरू समेत उपखण्ड में हर्षोल्लास से मनाया होली धुलैंडी पर्व अटरू में 4 मार्च 2026 को धुलेंडी का पर्व पारंपरिक उत्साह और उल्लास के साथ मनाया गया। सबसे पहले फागुन्या भेरू जी मंदिर में फाग के गीत गाए गए और गुलाल होली खेली गई। कस्बे में रंग-गुलाल से होली खेली गई, युवा डीजे की धुन पर थिरके और बड़ों ने एक-दूसरे से रामाश्यामी की। धुलेंडी के कारण अटरू मंडी में कृषि उपज की नीलामी बंद रही। बतादें कि फागुन्या भेरू मंदिर में ढोल और चंग के साथ पारंपरिक होली की शुरुआत की गई।अटरू के धूणी क्लब, खेडलीगंज चौराहा, नांगली मोहल्ला, समेत सभी लोगों ने एक-दूसरे को रंग-गुलाल लगाकर होली मनाई।युवकों की टोलियों ने डीजे की धुन पर नाचते-गाते हुए होली मनाई। महिलाओं ने भी राधा-कृष्ण की झांकी सजाकर गुलाल होली खेली।धुलेंडी के अवसर पर अटरू मंडी में 4 मार्च को अवकाश रहा, अब 5 मार्च से काम शुरू होगा। यह त्यौहार भाईचारे और उल्लास के साथ मनाया गया। राजस्थान में धुलेंडी (धुलंडी) सिर्फ रंगों का त्योहार नहीं, बल्कि अनूठी परंपराओं का संगम है। यहाँ कहीं पत्थरों से 'खूनी होली' तो कहीं डोलची से पानी की बौछार की होली खेली गई है। कुछ स्थान पर महिलाएं पुरुषों पर लाठियां बरसाती हैं। ये परंपराएं सामाजिक एकता और जीवंत संस्कृति का प्रतीक हैं। मगर ऐसे में पुलिस व समाज भी असहाय हो जाता है जब होली खेलने वाले भिड़ जाते हैं यही हकीकत अटरू के चौथमाता मन्दिर के पीछे नजर आई जहाँ पुलिस ने धमाचौकड़ी कर रहे युवकों को पकड़कर थाने पहुंचाया।वहीँ कुंजेड क्षेत्र के सहरोद, जिरोद, रिछन्दा, किरपुरिया, चौथ्या में 4 मार्च 2026 को धुलेंडी का पर्व पारंपरिक उत्साह और उल्लास के साथ मनाया गया। सबसे पहले मायथा भेरू जी मंदिर में फाग के गीत गाए गए और गुलाल होली खेली गई। कस्बे में रंग-गुलाल से होली खेली गई, युवा डीजे की धुन पर थिरके और बड़ों ने एक-दूसरे से रामाश्यामी की। धुलेंडी के कारण चहल पहल बनी रही भेरू मंदिर में ढोल और चंग के साथ पारंपरिक होली की शुरुआत की।लोगों ने एक-दूसरे को रंग-गुलाल लगाकर होली मनाई। युवकों की टोलियों ने डीजे की धुन पर नाचते-गाते हुए होली मनाई। यह त्यौहार भाईचारे और उल्लास के साथ मनाया गया। इस प्रकार ही मोठपुर कस्बे में बुधवार को रंगों का त्योहार हर्षोल्लास से मनाया गया। सुबह से ही लोगों ने टोलियां बनाकर एक दूसरे को रंग लगाया।
- *श्री खाटूश्याम निर्माणाधीन मन्दिर परिसर में 2 मार्च,2025 को मनाई गई पहली धुलेंडी।* छबड़ा:खाटूश्याम गो शाला समिति एवं श्री खाटूश्याम मन्दिर निर्माण समिति,भुवाखेड़ी के साधकों नें हर्षोल्लास के साथ होली के बाद आने वाला गरीब,मध्यम,अमीर लोगों के त्यौहार को हिलमिल कर मनाया गया।मन्दिर परिसर की साफ-सफाई कर मन्दिर समिति के अध्यक्ष की ओर से सबको गर्मागर्म पकौड़ों का प्रसाद और छाछ का प्रसाद वितरण किया गया।सभी होली खेलने वालों ने नृत्य और संगीत के साथ ओशो आशीष ध्यान योग केंद्र,अमीरपुर खेड़ी,भुवाखेड़ी स्थित स्विमिंग पुल में स्नान कर ध्यान का अभ्यास किया गया।4
- झालावाड़ दो दिन से लगातार होली धूलंडी की कानून व्यवस्थाओं में व्यस्त पुलिस कर्मियों और अधिकारियों ने आज लाइन पुलिस में होली खेली इस दौरान कांस्टेबल से लेकर अफसर तक सब एक ही कलर में होली खेलते नजर आए1
- झालावाड़ | जिले में गौवंश तस्करी के खिलाफ गौपुत्रों द्वारा एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया गया। प्राप्त जानकारी के अनुसार गौ पुत्र सेना झालावाड़ के कार्यकर्ताओं को देर रात सूचना मिली कि एक वाहन में गौवंश को भरकर पिड़ावा क्षेत्र से होते हुए कत्लखाने की ओर ले जाया जा रहा है। सूचना मिलते ही गौपुत्रों ने तुरंत सक्रियता दिखाते हुए वाहन की तलाश शुरू कर दी।बताया जा रहा है कि यह वाहन रायपुर नया गांव क्षेत्र से पिड़ावा-डग मार्ग की ओर जा रहा था। गौपुत्रों ने संदिग्ध वाहन का लगभग 80 किलोमीटर तक पीछा किया और रात करीब 2 बजे घेराबंदी कर वाहन को रोकने में सफलता प्राप्त की। जब वाहन की जांच की गई तो उसमें 10 से अधिक गौवंश ठूस-ठूस कर भरे हुए पाए गए, जिन्हें बेहद अमानवीय तरीके से ले जाया जा रहा था।गौपुत्रों द्वारा वाहन को रोकने के बाद मौके पर काफी संख्या में लोग भी एकत्रित हो गए। घटना की सूचना स्थानीय प्रशासन और पुलिस को दी गई, जिसके बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई। गौवंश को सुरक्षित बाहर निकालने की व्यवस्था भी की गई। गौ पुत्र सेना के कार्यकर्ताओं का कहना है कि गौवंश तस्करी के खिलाफ उनका अभियान लगातार जारी रहेगा और जहां भी ऐसी गतिविधियों की सूचना मिलेगी, वहां तत्काल कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि गौमाता की रक्षा और संरक्षण के लिए संगठन पूरी तरह प्रतिबद्ध है। इस घटना के बाद क्षेत्र में चर्चा का माहौल बना हुआ है और लोगों ने गौपुत्रों की इस कार्रवाई की सराहना भी की है। (रिपोर्ट: झालावाड़)1
- 🛑 शहर गुना के वार्ड नंबर 12 की समस्या ले रही है विकराल रूप बेजुबान डोग की समस्या बनी प्रशासन की बनी चुनौती आए दिन आ रही है डॉग बाइट की घटना सामने. वहीं दूसरे और बेजुबान की संख्या इतना ज्यादा हो गई है कि कहीं भी उनका आपस में लड़ते देखा जा सकता है जिससे आने वाले राहगीरों को निकालने में काफी समस्या का सामना करना पड़ रहा है साथी लोगों की वस्तुओं को यह नुकसान पहुंचा रहे हैं1
- Post by महेश मालवीय1
- कोटा जिले की रामगंज मंडी में हो रही होली की धूम ! अपने विधानसभा क्षेत्र रामगंज मंडी में लोगों के साथ मंत्री राजस्थान सरकार शिक्षा एवं पंचायती राज मंत्री मदन दिलावर खेल रहे हैं होली ! फाग की मस्ती में झूमते कार्यकर्ता रंग और गुलाब से सरोवर एक दूसरे को दे रहे होली की बधाइयां ! *नीला घोड़ा रा असवार मारा मेवाड़ी सरदार......* देश भक्ति के गीतों पर नाच और झूम रहे हैं शिक्षा एवं पंचायती राज मंत्री मदन दिलावर !2
- झाली जी का बराना में श्री श्याम परिवार का तृतीय फागोत्सव भव्य आयोजन, खाटू श्याम भजन संध्या में झूमे श्रद्धालु।#खाटूश्याम #श्यामबाबा #फागोत्सव #भजनसंध्या #झालीजीकाबराना #KhatuShyam #ShyamBaba #Fagotsav #BhajanSandhya #ViralReel #RajasthanNews #BundiNews #Keshoraypatan #LocalNews #TrendingNews #ViralNews #FacebookReels #ReelViral #BreakingNews #NitinBabarJournalist #NewsUpdate #LiveBhajan1
- Post by VKH NEWS1
- Post by Kishan Lal jangid1