अमेठी के उद्योगपति और समाजसेवी राजेश मसाला ने मानवता की मिसाल पेश करते हुए ब्रेन हैमरेज से पीड़ित एक युवक के इलाज के लिए 25 हजार रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की है। आर्थिक तंगी से जूझ रहे पीड़ित परिवार के पास इलाज का खर्च उठाने के लिए पर्याप्त संसाधन नहीं थे और वर्तमान में युवक का इलाज मेडिकल कॉलेज में चल रहा है। इस कठिन स्थिति की जानकारी मिलने पर राजेश मसाला ने तत्काल पीड़ित के परिजनों से मुलाकात कर सहायता राशि प्रदान की और उन्हें हरसंभव सहयोग का भरोसा दिया। इस अचानक मिली मदद से पीड़ित परिवार भावुक हो उठा और उन्होंने राजेश मसाला का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस मुश्किल समय में मिली मदद उनके लिए एक बड़ी राहत है। इस अवसर पर राजेश मसाला ने कहा कि समाज के सक्षम लोगों को हमेशा जरूरतमंदों की मदद के लिए आगे आना चाहिए। इसके साथ ही उन्होंने युवक के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हुए भविष्य में भी आवश्यक सहयोग देने का आश्वासन दिया।
अमेठी के उद्योगपति और समाजसेवी राजेश मसाला ने मानवता की मिसाल पेश करते हुए ब्रेन हैमरेज से पीड़ित एक युवक के इलाज के लिए 25 हजार रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की है। आर्थिक तंगी से जूझ रहे पीड़ित परिवार के पास
इलाज का खर्च उठाने के लिए पर्याप्त संसाधन नहीं थे और वर्तमान में युवक का इलाज मेडिकल कॉलेज में चल रहा है। इस कठिन स्थिति की जानकारी मिलने पर राजेश मसाला ने तत्काल पीड़ित के परिजनों से मुलाकात कर सहायता राशि प्रदान की
और उन्हें हरसंभव सहयोग का भरोसा दिया। इस अचानक मिली मदद से पीड़ित परिवार भावुक हो उठा और उन्होंने राजेश मसाला का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस मुश्किल समय में मिली मदद उनके लिए एक बड़ी राहत है। इस अवसर
पर राजेश मसाला ने कहा कि समाज के सक्षम लोगों को हमेशा जरूरतमंदों की मदद के लिए आगे आना चाहिए। इसके साथ ही उन्होंने युवक के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हुए भविष्य में भी आवश्यक सहयोग देने का आश्वासन दिया।
- लोकसभा सांसद डिंपल यादव ने सरकार पर कड़ा प्रहार करते हुए कहा है कि मासूम बच्चों को लाठियां खानी पड़ीं और बेटियों के कपड़े तक फाड़े गए। उन्होंने आक्रोश व्यक्त करते हुए कहा कि ये बच्चे संसद भवन तक केवल इसलिए आए थे ताकि वे सरकार को यह बता सकें कि उसका पूरा सिस्टम बीमार पड़ गया है और वह बिल्कुल भी काम नहीं कर रहा है। लेकिन व्यवस्था की कमी बताने की कोशिश करने वाले इन मासूम बच्चों के साथ ऐसा हिंसक बर्ताव किया गया।1
- अमेठी के मुसाफिरखाना थाना क्षेत्र के भद्दौर गांव में जमीन के विवाद में एक सगे भाई ने अपने ही भाई की निर्मम हत्या कर दी। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए वारदात के 24 घंटे के भीतर हत्यारोपित भाई, उसके बेटे और एक अन्य सहयोगी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर घटना में इस्तेमाल किया गया चाकू और एक टूटी हुई हॉकी भी बरामद कर ली है। सोमवार की सुबह गांव के बाहर राम करन का रक्तरंजित शव मिलने से ग्रामीणों में हड़कंप मच गया था। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचनामा करते हुए पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतक राम करन का अपने सगे भाई गया प्रसाद चौहान के साथ काफी समय से जमीन को लेकर विवाद चल रहा था। रविवार को भी दोनों के बीच विवाद हुआ था, जिसके बाद गया प्रसाद ने अपने बेटे दीपक के साथ मिलकर राम करन को जान से मारने की योजना बनाई। दीपक ने इस साजिश में अपने एक अन्य साथी विरई उर्फ तेज प्रताप को भी बुला लिया, जिसे तेजवीर भी कहा जाता है। इसके बाद तीनों ने मिलकर राम करन पर चाकू और हॉकी से हमला कर उसकी हत्या कर दी और फरार हो गए। पुलिस परिजनों की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर आरोपियों की तलाश में जुटी थी। मंगलवार को मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। महज जमीन के एक टुकड़े के लिए सगे भाई द्वारा की गई इस हत्या ने अमेठी में पारिवारिक रिश्तों को तार-तार कर दिया है।2
- अमेठी में एआरटीओ कार्यालय के पास प्रशासन ने सड़क किनारे किए गए अतिक्रमण के खिलाफ बुलडोजर चलाकर बड़ी कार्रवाई की है। इस अचानक हुई प्रशासनिक कार्रवाई से दुकानदारों और अतिक्रमणकारियों के बीच हड़कंप मच गया। अभियान के दौरान सड़क किनारे लगी अस्थायी दुकानों, टीन शेड और अन्य अवैध कब्जों को पूरी तरह से हटा दिया गया। कार्रवाई के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए मौके पर पुलिस बल मौजूद रहा। प्रशासन ने सड़क को अतिक्रमण मुक्त कराने के साथ ही लोगों को सख्त चेतावनी दी है कि वे दोबारा सरकारी भूमि या सड़क किनारे अवैध कब्जा न करें। प्रशासनिक अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि सड़क को सुरक्षित और सुगम बनाने के उद्देश्य से यह अभियान चलाया गया है और भविष्य में भी अतिक्रमण के खिलाफ इस तरह की कार्रवाई जारी रहेगी।1
- अमेठी जिले के गौरीगंज कोतवाली क्षेत्र में अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे "ऑपरेशन चक्रव्यूह" अभियान के तहत पुलिस और शातिर चोरों के बीच मुठभेड़ हो गई। मंगलवार तड़के रोहसी खुर्द गांव स्थित टीवी टावर के पास हुई इस मुठभेड़ में एक हिस्ट्रीशीटर के पैर में गोली लग गई, जबकि उसके तीन अन्य साथियों को पुलिस ने घेराबंदी कर गिरफ्तार कर लिया। पुलिस अधीक्षक सरवणन टी. के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक ज्ञानेन्द्र कुमार सिंह के पर्यवेक्षण और क्षेत्राधिकारी गौरीगंज अखिलेश वर्मा के नेतृत्व में यह कार्रवाई उस समय हुई जब पुलिस टीम संदिग्ध वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान मुखबिर से पिकअप सवार संदिग्धों के रोहसी खुर्द से टीवी टावर की तरफ जाने की सूचना मिली थी, जिसके बाद पुलिस ने मौके पर घेराबंदी की। पुलिस को देखकर पिकअप सवार भागने लगे और आरोपियों में से एक ने पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से फायरिंग कर दी। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में गोली लगने से घायल आरोपी की पहचान गौरीगंज के संपतपुर मजरे गुवावां निवासी अख्तर हुसैन उर्फ राजू (30 वर्ष) के रूप में हुई। उसके पास से एक तमंचा, कारतूस और ₹9,000 बरामद हुए। अन्य गिरफ्तार आरोपियों में जामो थाना क्षेत्र के निवासी दद्दन प्रसाद वर्मा (31 वर्ष), मोहम्मद रईस उर्फ बब्लू (40 वर्ष) और तेजबहादुर (45 वर्ष) शामिल हैं। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से कुल ₹32,200 नकद, फर्जी नंबर प्लेट लगी एक पिकअप, तीन रस्सियां, टॉर्च, चाकू, पेचकस और प्लायर बरामद किया है। पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे भैंस, पड़वा और सोलर पैनल चोरी कर बेचने का काम करते थे। उन्होंने करीब 12 दिन पहले ग्राम लोनियन का पुरवा से एक भैंस और एक पड़वा चोरी कर ₹60,000 में बेचने और पूर्व में बासूपुर व अत्तानगर पंचायत भवन से सोलर पैनल चोरी करने की बात भी कबूली। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, घायल अख्तर हुसैन उर्फ राजू के खिलाफ चोरी, आर्म्स एक्ट और गैंगस्टर एक्ट के तहत अमेठी जिले में 16 मुकदमे दर्ज हैं। वहीं तेजबहादुर पर छह और मोहम्मद रईस पर दो आपराधिक मामले दर्ज हैं। घायल आरोपी को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया है और पुलिस ने सभी के खिलाफ मामला दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।2
- सुल्तानपुर में समाजवादी पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार और दिल्ली पुलिस के खिलाफ उग्र विरोध प्रदर्शन किया। मंगलवार शाम जंतर-मंतर पर सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव की जबरन गिरफ्तारी और प्रदर्शनकारी युवाओं पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में यह प्रदर्शन किया गया, जिसमें पुलिस-प्रशासन और सपा कार्यकर्ताओं के बीच जमकर नोकझोंक हुई। इस दौरान समाजवादी पार्टी के पूर्व जिलाध्यक्ष पृथ्वी पाल यादव ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में भाजपा की सरकार बनने के बाद से 90 से अधिक परीक्षाओं के पेपर लीक हो चुके हैं और धांधली के जरिए नियुक्तियां कर छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है। जंतर-मंतर पर हुए लाठीचार्ज को लोकतंत्र पर हमला बताते हुए उन्होंने चेतावनी दी कि वे इस तानाशाही के खिलाफ एकजुट होकर संघर्ष करेंगे और साल 2027 के विधानसभा चुनाव में उत्तर प्रदेश से भाजपा सरकार का सफाया कर देंगे। सपा के प्रदेश सचिव तेजिंदर सिंह (बग्गा) ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान को लगातार हो रहे पेपर लीक के लिए जिम्मेदार ठहराया। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार शांतिपूर्ण धरना दे रहे युवाओं की जायज मांगों को सुनने के बजाय उन पर लाठीचार्ज करवा रही है और सादी वर्दी में भाजपा कार्यकर्ताओं तथा बिना नेमप्लेट वाले पुलिसकर्मियों के जरिए हमले करवा रही है।3
- उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर में 'ऑपरेशन सवेरा' अभियान के तहत थाना फुगाना पुलिस और एसओजी देहात की संयुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दो कथित मादक पदार्थ तस्करों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने मेरठ-करनाल हाईवे स्थित लोई नहर पटरी के पास चेकिंग के दौरान इन दोनों को दबोचा। पकड़े गए आरोपियों की पहचान मुजफ्फरनगर जनपद के ग्राम रूडकली (थाना भोपा) निवासी अब्दुल समद और ग्राम कम्हैड़ा (थाना ककरौली) निवासी नजमुद्दीन के रूप में हुई है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से करीब चार लाख रुपये की अनुमानित कीमत का 27.780 किलोग्राम गांजा और तस्करी में इस्तेमाल की जा रही एक ब्रेजा कार (यूपी-15 डीवाई-6236) बरामद की है। पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने कथित रूप से बताया कि वे ओडिशा से गांजा लाकर विभिन्न स्थानों पर फुटकर में बेचते थे। आरोपियों के खिलाफ थाना फुगाना में एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/20 के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है और मामले में आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।1
- दिल्ली के जंतर-मंतर पर छात्रों और युवाओं पर हुए लाठीचार्ज और पुलिस कार्रवाई के विरोध में समर्थ किसान पार्टी ने अपना कड़ा विरोध दर्ज कराया है। इस दमनकारी कार्रवाई के खिलाफ पार्टी ने एक प्रदर्शन किया और देश के राष्ट्रपति को संबोधित एक ज्ञापन सौंपा है। यह प्रदर्शन नीट (NEET) परीक्षा, पेपर लीक मामले और शिक्षा व्यवस्था में सुधार को लेकर आंदोलन कर रहे छात्रों के समर्थन में किया गया है। समर्थ किसान पार्टी ने छात्रों के लिए न्याय की आवाज बुलंद करते हुए पुलिस की इस कार्रवाई का पुरजोर विरोध किया है।1