आबूरोड नगर पालिका के स्वच्छता कर्मियों का धरना प्रदर्शन पिछले छह दिनों से नगर पालिका कार्यालय के बाहर जारी है। ये कर्मी अपनी विभिन्न मांगों को लेकर धरने पर बैठे हैं। इसी क्रम में, भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष सुरेश सिंदल और नगर कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष नरगिस कायमखानी ने धरना स्थल पर पहुंचकर सफाई कर्मियों से बातचीत की। उन्होंने उनकी समस्याओं और मांगों को सुना, साथ ही मौके पर ही अधिशासी अधिकारी अनिल झींगोनिया से वार्ता कर मांगों को पूरा करने की मांग की। स्वच्छता कर्मियों की कुल छह मांगों में से नगर पालिका प्रशासन ने पांच मांगों को मान लिया है। हालांकि, मामला छठी मांग पर अटका हुआ है। यह मांग संविदा पर नियुक्त एक कर्मचारी परेश माली को दी गई स्थाई नियुक्ति के आधार की प्रतिलिपि उपलब्ध कराने से संबंधित है। जब तक यह मांग पूरी नहीं होती, तब तक धरना समाप्त नहीं हुआ है। इस गतिरोध को हल करने के लिए भाजपा और कांग्रेस के नेता एक साथ मिलकर सामंजस्य बिठाते नजर आए।
आबूरोड नगर पालिका के स्वच्छता कर्मियों का धरना प्रदर्शन पिछले छह दिनों से नगर पालिका कार्यालय के बाहर जारी है। ये कर्मी अपनी विभिन्न मांगों को लेकर धरने पर बैठे हैं। इसी क्रम में, भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष सुरेश सिंदल
और नगर कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष नरगिस कायमखानी ने धरना स्थल पर पहुंचकर सफाई कर्मियों से बातचीत की। उन्होंने उनकी समस्याओं और मांगों को सुना, साथ ही मौके पर ही अधिशासी अधिकारी अनिल झींगोनिया से वार्ता कर मांगों को पूरा करने की मांग
की। स्वच्छता कर्मियों की कुल छह मांगों में से नगर पालिका प्रशासन ने पांच मांगों को मान लिया है। हालांकि, मामला छठी मांग पर अटका हुआ है। यह मांग संविदा पर नियुक्त एक कर्मचारी परेश माली को दी गई स्थाई नियुक्ति के आधार
की प्रतिलिपि उपलब्ध कराने से संबंधित है। जब तक यह मांग पूरी नहीं होती, तब तक धरना समाप्त नहीं हुआ है। इस गतिरोध को हल करने के लिए भाजपा और कांग्रेस के नेता एक साथ मिलकर सामंजस्य बिठाते नजर आए।
- आबूरोड नगर पालिका के स्वच्छता कर्मियों का धरना प्रदर्शन पिछले छह दिनों से नगर पालिका कार्यालय के बाहर जारी है। ये कर्मी अपनी विभिन्न मांगों को लेकर धरने पर बैठे हैं। इसी क्रम में, भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष सुरेश सिंदल और नगर कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष नरगिस कायमखानी ने धरना स्थल पर पहुंचकर सफाई कर्मियों से बातचीत की। उन्होंने उनकी समस्याओं और मांगों को सुना, साथ ही मौके पर ही अधिशासी अधिकारी अनिल झींगोनिया से वार्ता कर मांगों को पूरा करने की मांग की। स्वच्छता कर्मियों की कुल छह मांगों में से नगर पालिका प्रशासन ने पांच मांगों को मान लिया है। हालांकि, मामला छठी मांग पर अटका हुआ है। यह मांग संविदा पर नियुक्त एक कर्मचारी परेश माली को दी गई स्थाई नियुक्ति के आधार की प्रतिलिपि उपलब्ध कराने से संबंधित है। जब तक यह मांग पूरी नहीं होती, तब तक धरना समाप्त नहीं हुआ है। इस गतिरोध को हल करने के लिए भाजपा और कांग्रेस के नेता एक साथ मिलकर सामंजस्य बिठाते नजर आए।4
- सुमेरपुर उपखंड क्षेत्र के बांकली गाँव में नवनिर्मित श्री मल्लिनाथ महादेव मंदिर का प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव 16 जून को श्रद्धा और उत्साह के साथ संपन्न हुआ। इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री एवं स्थानीय विधायक जोराराम कुमावत ने समारोह में हिस्सा लेकर भगवान मल्लिनाथ महादेव के दर्शन-पूजन किए और प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि तथा खुशहाली की कामना की। महोत्सव के दौरान आयोजित भजन संध्या में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए, जहाँ प्राण प्रतिष्ठा समिति के पदाधिकारियों ने मंत्री सहित अन्य अतिथियों का माला एवं साफा पहनाकर स्वागत किया। मंगलवार को ब्रह्म मुहूर्त में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच देव प्रतिमाओं की विधिवत प्राण प्रतिष्ठा की गई। इससे पूर्व, प्रथम दिवस आखरिया चौक से मल्लिनाथ मंदिर तक एक भव्य शोभायात्रा निकाली गई, जिसमें ग्रामीणों और श्रद्धालुओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। सभा को संबोधित करते हुए मंत्री कुमावत ने कहा कि लगभग 100 वर्ष पुराने मंदिर के जीर्णोद्धार और पुनः प्रतिष्ठा से क्षेत्रवासियों की आस्था को नई मजबूती मिलेगी। उन्होंने ज़ोर दिया कि ऐसे धार्मिक आयोजन भारतीय संस्कृति, परंपरा और सामाजिक एकता को सुदृढ़ करने का कार्य करते हैं। मंदिर परिसर में पेयजल सुविधा की मांग पर मंत्री ने तत्काल ट्यूबवेल खुदवाने और बिजली कनेक्शन स्वीकृत करने की घोषणा भी की। इस कार्यक्रम में पूर्व प्रधान हरिशंकर मेवाड़ा, उपखंड अधिकारी कालूराम कुम्हार, पुलिस उपाधीक्षक जितेन्द्र सिंह, किसान संघर्ष समिति अध्यक्ष जयेन्द्र सिंह सहित कई जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। पूरे आयोजन के दौरान वातावरण भक्तिमय बना रहा।2
- खेरवाड़ा तहसील के ग्राम पंचायत कातरवास कलां के राजस्व गांव काटवी में स्थानीय युवाओं ने जन-सहयोग के माध्यम से एक क्षतिग्रस्त तालाब की पाल का जीर्णोद्धार किया है। यह तालाब पिछले वर्ष हुई तेज बारिश के कारण टूट गया था, जिसके बाद प्रशासन और सरकार ने इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया था। ग्रामीणों ने बताया कि तालाब की पाल टूटने के बाद उन्होंने प्रशासन और संबंधित विभाग को इसकी सूचना दी थी, लेकिन किसी भी विभाग ने आकर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की। एक छोटी पक्की पाल बनाई भी गई थी, पर वह गलत जगह पर थी, जिससे न तो पानी रुकता और न ही मिट्टी। इस अनदेखी के बीच, ग्रामीणों और स्थानीय युवाओं ने 'हमारा तालाब, हमारी जिम्मेदारी' नामक एक मुहिम शुरू की। इसके तहत घर-घर जाकर चंदा इकट्ठा किया गया, जिसमें ग्रामीणों ने आर्थिक सहयोग दिया और युवाओं तथा स्थानीय लोगों ने श्रमदान सहित भरपूर सहयोग किया। इस मरम्मत कार्य से अब तालाब में बारिश का पानी व्यर्थ बहने से रुकेगा, जिससे क्षेत्र के भू-जल स्तर में सुधार होगा। साथ ही, यह तालाब पशु-पक्षियों के लिए पानी की समस्या को भी दूर करने में सहायक होगा। युवाओं की यह पहल सरकारी सहायता का इंतजार किए बिना आत्मनिर्भरता का मजबूत संदेश देती है। इस मुहिम में बाबू लाल डोडायार, कालू जाबला, लक्ष्मी लाल, संजय गरासिया, नाहर सिंह चौहान, ताजु गरासिया, गणेश गरासिया, गल्ला, राम लाल असारी, अजीत हगात, नाथु करोवा, मणिलाल मसार और कालू लाल गरासिया सहित कई ग्रामीण सक्रिय रूप से शामिल रहे।2
- रोटरी क्लब जालोर ने मंगलवार को समाज सेवा के अपने निरंतर प्रयासों के तहत भागली सिंधलान क्षेत्र के नौ आंगनवाड़ी केंद्रों पर एक महत्वपूर्ण कार्यक्रम आयोजित किया। इस दौरान बच्चों को चरणपादुका और वस्त्र वितरित किए गए, साथ ही उनका उत्साह बढ़ाने के लिए बिस्किट, टॉफी और चॉकलेट भी बांटे गए। कार्यक्रम का संचालन और मार्गदर्शन रोटरी क्लब जालोर की अध्यक्ष विनिता ओझा द्वारा किया गया, जबकि परियोजना संयोजक निरा माथुर ने निर्देशन दिया। इस अवसर पर, बच्चों के पोषण, शिक्षा और देखभाल के क्षेत्र में सराहनीय कार्य कर रही आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं एवं सहायिकाओं गीता देवी गर्ग, बिंदू, सीता, लीला, मनोज बानो और अनिता का माल्यार्पण कर सम्मान किया गया। रोटरी क्लब अध्यक्ष विनिता ओझा ने अपने संबोधन में आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं से बच्चों के समुचित लालन-पालन, स्वास्थ्य और शिक्षा पर विशेष ध्यान देने का आग्रह किया। उन्होंने ज़ोर दिया कि बच्चों का सर्वांगीण विकास ही समाज के उज्ज्वल भविष्य की आधारशिला है। कार्यक्रम में वरिष्ठ रोटेरियन सपना बजाज, रमेश जी जैन और अन्य गणमान्य नागरिक भी उपस्थित रहे। समस्त कार्यक्रम की व्यवस्थाओं का सफल संचालन मधुर ओझा ने किया।4
- राष्ट्रीय छात्र संघ (NSUI) उदयपुर देहात ने बुधवार शाम को पेपर लीक और परीक्षा में हुई अनियमितताओं के विरोध में उदयपुर शहर के हीरणमगरी क्षेत्र में एक विशाल मशाल जुलूस निकाला। इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं और NSUI कार्यकर्ताओं ने भाग लिया, जिन्होंने केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। जुलूस के दौरान प्रदर्शनकारियों ने NEET परीक्षा में हुई कथित गड़बड़ियों की निष्पक्ष जांच की मांग की और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के तत्काल इस्तीफे की भी मांग उठाई। कार्यकर्ताओं का आरोप था कि पेपर लीक जैसी घटनाओं ने देशभर के लाखों विद्यार्थियों की मेहनत और भविष्य के साथ खिलवाड़ किया है, जिससे युवाओं में गहरा आक्रोश व्याप्त है। इस अवसर पर उदयपुर शहर जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष फतह सिंह राठौड़ ने कहा कि देश के युवाओं के भविष्य को सुरक्षित रखना सरकार की जिम्मेदारी है, लेकिन लगातार सामने आ रही परीक्षा अनियमितताओं ने शिक्षा व्यवस्था की विश्वसनीयता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि NSUI तब तक छात्रों की आवाज बुलंद करती रहेगी, जब तक उन्हें न्याय नहीं मिल जाता और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई नहीं होती। देहात उदयपुर NSUI जिलाध्यक्ष प्रदीप चौधरी ने NEET पेपर लीक को करोड़ों युवाओं के विश्वास का भंग बताते हुए शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा देने, दोषियों पर सख्त कार्रवाई करने और छात्रों को न्याय दिलाने की अपनी प्रमुख मांग दोहराई। मशाल जुलूस के दौरान युवाओं ने हाथों में मशाल लेकर शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता, जवाबदेही और छात्रों को न्याय दिलाने की मांग की। यह कार्यक्रम छात्र हितों की रक्षा और दोषियों पर कठोर कार्रवाई की मांग के साथ संपन्न हुआ। इस अवसर पर फतह सिंह राठौड़ के साथ जिला कांग्रेस सचिव बबलू टांक, युवा कांग्रेस प्रदेश महासचिव लव चौधरी, जिलाध्यक्ष पर्यावरण प्रकोष्ठ जिला अध्यक्ष योगेश पुष्करणा, युवा कांग्रेस गोगुन्दा विधानसभा अध्यक्ष शक्ति सिंह झाला, जिला सचिव युवा कांग्रेस हार्दिक तेली, अजय तंवर, वैभव चौधरी, एकांश रावल समेत कई NSUI कार्यकर्ता और छात्र-छात्राएं मौजूद थे।1
- सुमेरपुर में 15 जून को स्थानीय विधायक एवं कैबिनेट मंत्री जोराराम कुमावत ने सेई बांध सुरंग चौड़ीकरण परियोजना का निरीक्षण कर निर्माण कार्यों की प्रगति का जायजा लिया। इस दौरान उनके साथ किसान प्रतिनिधि, जल संसाधन विभाग के अधिकारी और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। मंत्री ने अधिकारियों के साथ सुरंग के भीतर जाकर चल रहे कार्यों का अवलोकन किया और मानसून से पहले शेष कार्य समयबद्ध रूप से पूरा करने के निर्देश दिए। यह परियोजना पूर्ववर्ती सरकार के कार्यकाल में लगभग 100 करोड़ रुपये की लागत से स्वीकृत की गई थी। पिछले तीन वर्षों से जारी इस कार्य का 90 प्रतिशत से अधिक हिस्सा पूरा हो चुका है, जबकि केवल 5 से 10 प्रतिशत कार्य शेष है। अधिकारियों ने बताया कि परियोजना पूरी होने के बाद सेई बांध से प्रतिदिन लगभग 65 एमसीएफटी पानी जवाई बांध तक पहुंच सकेगा, जो वर्तमान क्षमता 34 एमसीएफटी से उल्लेखनीय रूप से अधिक है। इससे जवाई बांध की जल आवक क्षमता में वृद्धि होने की उम्मीद है। मंत्री ने निरीक्षण के दौरान निर्माण कार्य की गुणवत्ता और प्रगति की जानकारी ली। अधिकारियों ने उन्हें आश्वस्त किया कि परियोजना का शेष कार्य 15 जुलाई तक पूरा कर लिया जाएगा। हालांकि, इस दौरे में जवाई बांध पुनर्भरण (रीचार्ज) को लेकर कोई विशेष चर्चा नहीं हुई; पूरा निरीक्षण सुरंग चौड़ीकरण कार्य की प्रगति और उसकी समयबद्ध पूर्णता पर केंद्रित रहा। इस अवसर पर किसान संघर्ष समिति अध्यक्ष जयेंद्र सिंह गलथनी, नगर मंडल अध्यक्ष रविकांत रावल, शिवराज सिंह बिटिया, सीओ जितेंद्र सिंह राठौड़ और जल संसाधन विभाग के अधिकारी राज भंवरायत सहित अन्य किसान और भाजपा पदाधिकारी उपस्थित रहे।4
- रानीवाड़ा के सांचौर रोड मुख्य मार्ग पर लंबे समय से जलभराव की गंभीर समस्या बनी हुई है, जिससे आमजन, वाहन चालकों और व्यापारियों को भारी कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि प्रशासन और जनप्रतिनिधियों को इस मुद्दे पर कई बार अवगत कराने के बावजूद अभी तक कोई ठोस समाधान नहीं निकाला गया है। बताया गया है कि नट बस्ती क्षेत्र से आने वाला पानी सीधे मुख्य सड़क पर जमा हो जाता है, जिसके कारण मार्ग पर हर समय कीचड़ और फिसलन की स्थिति बनी रहती है। इस स्थिति के चलते कई दोपहिया वाहन चालक फिसलकर गिर चुके हैं, जिससे बड़े हादसों का खतरा लगातार बना हुआ है। स्थानीय व्यापारियों ने यह भी बताया कि क्षेत्र के बड़े अधिकारी और जनप्रतिनिधि प्रतिदिन इसी मार्ग से गुजरते हैं, फिर भी किसी का ध्यान इस गंभीर समस्या की ओर नहीं जा रहा है। व्यापारियों ने प्रशासन से तत्काल कार्रवाई की मांग करते हुए कहा है कि जल्द से जल्द पानी की निकासी की उचित व्यवस्था की जाए और नट बस्ती से आने वाले पानी को मुख्य मार्ग पर आने से रोका जाए।1