सक्ती के श्री सिद्ध हनुमान मंदिर की 174वीं महाआरती में पंडित राज शर्मा हुए शामिल, सक्ती के श्री सिद्ध हनुमान मंदिर की 174वीं महाआरती में पंडित राज शर्मा हुए शामिल, श्री सिद्ध हनुमान मंदिर सक्ती में मंगलवार को आयोजित 174वीं महाआरती श्रद्धा और भक्ति के माहौल में संपन्न हुई। महाआरती में पंडित राज शर्मा विशेष रूप से शामिल हुए और हनुमान परिवार के सदस्यों के साथ 51 दीपों की महाआरती भगवान हनुमान लला को समर्पित की। कार्यक्रम की शुरुआत मंदिर परिवार की संध्या वैष्णव, लता गबेल, माया ठाकुर सहित अन्य महिला श्रद्धालुओं द्वारा दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई। इसके बाद मंदिर के पुजारी ओमप्रकाश वैष्णव ने हनुमान लला का श्रृंगार-पूजन कर विधिवत आरती संपन्न कराई। कार्यक्रम का सफल संचालन कोंडके मौर्य ने किया। इस अवसर पर पंडित राज शर्मा ने कहा कि उन्हें हनुमान लला की महाआरती में शामिल होने का सौभाग्य प्राप्त हुआ है, जिसके लिए उन्होंने हनुमान परिवार के प्रति आभार व्यक्त किया। वहीं उच्च न्यायालय के अधिवक्ता चितरंजय सिंह पटेल ने कहा कि श्री सिद्ध हनुमान मंदिर में नियमित रूप से आयोजित होने वाली महाआरती सनातन संस्कृति के उत्थान और समाज में धार्मिक चेतना को सशक्त करने की दिशा में एक सार्थक पहल है।
सक्ती के श्री सिद्ध हनुमान मंदिर की 174वीं महाआरती में पंडित राज शर्मा हुए शामिल, सक्ती के श्री सिद्ध हनुमान मंदिर की 174वीं महाआरती में पंडित राज शर्मा हुए शामिल, श्री सिद्ध हनुमान मंदिर सक्ती में मंगलवार को आयोजित 174वीं महाआरती श्रद्धा और भक्ति के माहौल में संपन्न हुई। महाआरती में पंडित राज शर्मा विशेष रूप से शामिल हुए और हनुमान परिवार के सदस्यों के साथ 51 दीपों की महाआरती भगवान हनुमान लला को समर्पित की। कार्यक्रम की शुरुआत मंदिर परिवार की संध्या वैष्णव, लता गबेल, माया ठाकुर सहित अन्य महिला श्रद्धालुओं द्वारा दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई। इसके बाद मंदिर के पुजारी ओमप्रकाश वैष्णव ने हनुमान लला का श्रृंगार-पूजन कर विधिवत आरती संपन्न कराई। कार्यक्रम का सफल संचालन कोंडके मौर्य ने किया। इस अवसर पर पंडित राज शर्मा ने कहा कि उन्हें हनुमान लला की महाआरती में शामिल होने का सौभाग्य प्राप्त हुआ है, जिसके लिए उन्होंने हनुमान परिवार के प्रति आभार व्यक्त किया। वहीं उच्च न्यायालय के अधिवक्ता चितरंजय सिंह पटेल ने कहा कि श्री सिद्ध हनुमान मंदिर में नियमित रूप से आयोजित होने वाली महाआरती सनातन संस्कृति के उत्थान और समाज में धार्मिक चेतना को सशक्त करने की दिशा में एक सार्थक पहल है।
- सक्ती के श्री सिद्ध हनुमान मंदिर की 174वीं महाआरती में पंडित राज शर्मा हुए शामिल, सक्ती के श्री सिद्ध हनुमान मंदिर की 174वीं महाआरती में पंडित राज शर्मा हुए शामिल, श्री सिद्ध हनुमान मंदिर सक्ती में मंगलवार को आयोजित 174वीं महाआरती श्रद्धा और भक्ति के माहौल में संपन्न हुई। महाआरती में पंडित राज शर्मा विशेष रूप से शामिल हुए और हनुमान परिवार के सदस्यों के साथ 51 दीपों की महाआरती भगवान हनुमान लला को समर्पित की। कार्यक्रम की शुरुआत मंदिर परिवार की संध्या वैष्णव, लता गबेल, माया ठाकुर सहित अन्य महिला श्रद्धालुओं द्वारा दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुई। इसके बाद मंदिर के पुजारी ओमप्रकाश वैष्णव ने हनुमान लला का श्रृंगार-पूजन कर विधिवत आरती संपन्न कराई। कार्यक्रम का सफल संचालन कोंडके मौर्य ने किया। इस अवसर पर पंडित राज शर्मा ने कहा कि उन्हें हनुमान लला की महाआरती में शामिल होने का सौभाग्य प्राप्त हुआ है, जिसके लिए उन्होंने हनुमान परिवार के प्रति आभार व्यक्त किया। वहीं उच्च न्यायालय के अधिवक्ता चितरंजय सिंह पटेल ने कहा कि श्री सिद्ध हनुमान मंदिर में नियमित रूप से आयोजित होने वाली महाआरती सनातन संस्कृति के उत्थान और समाज में धार्मिक चेतना को सशक्त करने की दिशा में एक सार्थक पहल है।1
- सक्ती में सेवा संकल्प अभियान की तैयारियों पर प्रभारी मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने ली वर्चुअल बैठक, सक्ती जिले में 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक आयोजित होने वाले सेवा संकल्प अभियान की तैयारियों की समीक्षा के लिए जिले के प्रभारी मंत्री एवं छत्तीसगढ़ शासन के मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने बुधवार को जनप्रतिनिधियों और जिला प्रशासन के साथ वर्चुअल बैठक की। बैठक में सांसद कमलेश जांगड़े, कलेक्टर जयश्री जैन, अभियान के नोडल अधिकारी वासु जैन सहित अन्य जनप्रतिनिधि और अधिकारी शामिल हुए। बैठक में अभियान के तहत प्रस्तावित कार्यक्रमों, दीप प्रज्वलन, मेरे सपनों का भारत प्रतियोगिता, आंगन मिलन सेवा कार्यक्रम तथा विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं से लाभान्वित हितग्राहियों की प्रेरक कहानियों के व्यापक प्रचार-प्रसार पर चर्चा हुई। प्रभारी मंत्री ने बाइक रैली, सेवा मेरा योगदान, सेवा सेतु अभियान और सेवा के रंग राष्ट्र के संग जैसे कार्यक्रमों के सुव्यवस्थित एवं सफल आयोजन के निर्देश दिए। बैठक में अपर कलेक्टर बीरेंद्र लकड़ा, टिकेश्वर गबेल, संयोगिता युद्धवीर सिंह जूदेव, कृष्णकांत चंद्रा सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।1
- CG : झीरम घाटी केस में बड़ा फैसला! 13 साल बाद 10 दोषियों पर आया ऐसा फैसला...जानकर हैरान हो जायेगे छत्तीसगढ़ के सबसे बड़े राजनीतिक नरसंहारों में शामिल झीरम घाटी हत्याकांड को लेकर आज बड़ा फैसला आया है। करीब 13 साल से चल रहे इस मामले में जगदलपुर की विशेष NIA अदालत ने आज 10 दोषियों को मृत्युदंड यानी फांसी की सजा सुनाई है। 2013 में हुए इस हमले ने पूरे देश को झकझोर दिया था। दरअसल, 25 मई 2013 को बस्तर की झीरम घाटी में कांग्रेस की परिवर्तन यात्रा पर नक्सली हमला हुआ था। इस हमले में कांग्रेस के कई बड़े नेताओं समेत कुल 29 लोगों की मौत हुई थी। मामले की जांच NIA ने की और लंबे समय तक चली न्यायिक प्रक्रिया के बाद 5 सितंबर 2026 को अदालत ने 10 आरोपियों को दोषी करार दिया था। इसके बाद आज यानी 16 सितंबर को अदालत ने दोषियों की सजा पर अपना फैसला सुनाया। विशेष NIA अदालत ने 10 दोषियों को मृत्युदंड सुनाया है। रिपोर्टों के मुताबिक दोषियों में प्रमिला मोडियाम, चैतू लेकाम, सुमित्रा पुनेम मोडियाम, मुक्का मंडावी, कोसा कवासी, आयता मरकाम, मड़कामी देवा, जोगा मड़कामी, बंजामी सन्ना और महादेव नाग के नाम शामिल हैं। इस पूरे मामले में अदालत के सामने 101 गवाहों के बयान दर्ज हुए और मुकदमे की प्रक्रिया करीब 13 वर्षों तक चली। कानूनी जानकारी हालांकि यहां एक महत्वपूर्ण कानूनी बात समझना जरूरी है। ट्रायल कोर्ट द्वारा सुनाई गई फांसी की सजा के बाद भी इसे तुरंत लागू नहीं किया जाता। मृत्युदंड की पुष्टि उच्च न्यायालय द्वारा की जानी होती है। दोषियों को फैसले के खिलाफ अपील करने का कानूनी अधिकार भी है। 13 साल लंबे इंतजार के बाद झीरम घाटी मामले में आज अदालत का बड़ा फैसला सामने आया है। 10 दोषियों को मृत्युदंड सुनाया गया है। अब इस फैसले के बाद आगे की न्यायिक प्रक्रिया क्या होगी और क्या उच्च न्यायालय में इसे चुनौती दी जाएगी—इस पर भी नजर रहेगी।1
- तीन माह से मानदेय नहीं मिलने पर स्कूल सफाई कर्मचारियों में आक्रोश, बीईओ कार्यालय पहुँचकर जताई नाराजगी। तीन माह से मानदेय नहीं मिलने पर स्कूल सफाई कर्मचारियों में आक्रोश, बीईओ कार्यालय पहुँचकर जताई नाराजगी।1
- #Rare_Interview_SantRampalJi पत्रकार: क्या वेद-पुराणों में भूत-प्रेत भगाने के लिए 'झाड़ा' लगाने का कोई ज़िक्र है? संत रामपाल जी: वेद, पुराणों और गीता में झाड़ा लगाने का कोई ज़िक्र या विधान नहीं है। गीता अध्याय 9 श्लोक 25 में स्पष्ट है कि भूतों को पूजने वाले भूत बनते हैं। झाड़ा लगाना पाखंड है; केवल शास्त्रानुकूल सतभक्ति और सतनाम के जाप से ही ये कष्ट दूर होते हैं। पूरा वीडियो देखिए Sant Rampal Ji Maharaj यूट्यूब चैनल पर Sant RampalJi YtChannel1
- घरघोड़ा में पैतृक भूमि विवाद ने पकड़ा तूल,कलेक्टर से 1979 से अब तक के राजस्व रिकॉर्ड की जांच की मांग।1
- 16 साल के किशोर की हत्या का 24 घंटे में खुलासा, ‘लव ट्रायंगल’ में खूनी वारदात; दो आरोपी गिरफ्तार,चक्रधर समारोह देखने निकला था किशोर, सुबह खाली प्लॉट में मिली लाश; पहले मोबाइल छीना और मांगे ₹1,000, विवाद बढ़ा तो पत्थर से सिर पर किए कई वार रायगढ़। छत्तीसगढ़ के रायगढ़ में 16 वर्षीय किशोर की हत्या के मामले ने पूरे इलाके को हिला दिया। रामभांठा के पुराने बस डिपो के पास खाली प्लॉट में मिले किशोर के शव की गुत्थी कोतवाली पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर सुलझाने का दावा किया है। पुलिस ने इस मामले में दो युवकों को गिरफ्तार किया है। पुलिस की जांच के मुताबिक, वारदात के पीछे एक स्थानीय युवती को लेकर विवाद और आरोपी शिवम बानी का कथित एकतरफा लगाव सामने आया है। चक्रधर समारोह देखने निकला था किशोर पुलिस के मुताबिक, 14 सितंबर की रात करीब 9 बजे 16 वर्षीय किशोर चक्रधर समारोह देखने जाने की बात कहकर घर से निकला था। इसके बाद वह वापस नहीं लौटा। अगली सुबह 15 सितंबर को कोतवाली पुलिस को सूचना मिली कि रामभांठा क्षेत्र में पुराने बस डिपो के पास संजय बेरीवाल के खाली प्लॉट में एक किशोर का शव पड़ा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम और फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची। शव की पहचान परिजनों ने अपने 16 वर्षीय बेटे के रूप में की। किशोर के सिर पर गंभीर चोट के निशान पाए गए थे। हत्या की FIR, शुरू हुई जांच पुलिस ने मर्ग कायम कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। घटनास्थल से मिले साक्ष्यों के आधार पर अज्ञात आरोपी के खिलाफ अपराध क्रमांक 541/2026, धारा 103(1) BNS के तहत मामला दर्ज किया गया। इसके बाद वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी कोतवाली निरीक्षक अमित तिवारी के नेतृत्व में पुलिस टीम ने जांच तेज कर दी। आखिरी बार किन लोगों के साथ था किशोर? हत्या की गुत्थी सुलझाने के लिए पुलिस ने घटनास्थल के आसपास पूछताछ की और गवाहों से जानकारी जुटाई। इसी दौरान किशोर को आखिरी बार दो युवकों के साथ देखे जाने की जानकारी सामने आई। पुलिस ने 20 वर्षीय शिवम बरेठ और 23 वर्षीय शिवम बानी को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पुलिस के अनुसार, शुरुआती पूछताछ में दोनों ने घटना से इनकार किया, लेकिन आगे की वैज्ञानिक तरीके से की गई पूछताछ और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर दोनों से वारदात को लेकर महत्वपूर्ण जानकारी मिली। एकतरफा प्यार से शुरू हुआ विवाद? पुलिस के मुताबिक, आरोपी शिवम बानी का एक स्थानीय युवती के प्रति एकतरफा लगाव था। किशोर का भी उक्त युवती से मेलजोल था। 14 सितंबर की रात आरोपी ने किशोर को युवती के साथ देखा। इसके बाद उसे रामलीला मैदान के पास बुलाया गया। पुलिस की जांच के अनुसार, शिवम बरेठ ने किशोर का मोबाइल अपने कब्जे में ले लिया और मोबाइल वापस करने के लिए ₹1,000 देने की मांग की। इसके बाद दोनों आरोपी किशोर को मोबाइल के साथ पुराने बस डिपो की ओर ले गए। डराने-धमकाने के बाद पत्थर से हमला पुलिस के अनुसार, पुराने बस डिपो के पास दोनों आरोपियों ने किशोर को उक्त युवती से बातचीत और मेलजोल नहीं रखने की बात कहकर डराया-धमकाया। इसी दौरान विवाद बढ़ गया और आरोप है कि दोनों ने पत्थर से किशोर के सिर पर कई वार किए। गंभीर चोटों के कारण किशोर की मौत हो गई। वारदात के बाद दोनों आरोपी मौके से फरार हो गए। मोबाइल और रक्तरंजित कपड़े बरामद पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर मृतक का मोबाइल बरामद किया है। इसके अलावा आरोपियों के मेमोरेडम के आधार पर घटना के समय पहने गए कथित रक्तरंजित कपड़े भी जब्त किए गए हैं। जांच के दौरान पुलिस ने दोनों आरोपियों को घटनास्थल पर ले जाकर क्राइम सीन रिकंस्ट्रक्शन कराया और अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए। एक आरोपी पर पहले भी दर्ज हैं मामले पुलिस के मुताबिक, आरोपी शिवम बरेठ आदतन बदमाश प्रवृत्ति का है और उसके खिलाफ पूर्व में थाना कोतवाली में मारपीट के मामले दर्ज हैं। दोनों आरोपियों को हत्या के मामले में गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया जा रहा है। पुलिस ने बताया कि मामले में आगे की विवेचना जारी है। गिरफ्तार आरोपी - शिवम बरेठ, उम्र 20 वर्ष, पिता दिनेश बरेठ, निवासी बैकुंठपुर, रायगढ़। - शिवम बानी, उम्र 23 वर्ष, पिता संतराम बानी, निवासी बैकुंठपुर, महावीर चौक, रायगढ़। पुलिस की तफ्तीश ने 24 घंटे में जोड़ी कड़ियां 16 वर्षीय किशोर की हत्या के बाद पुलिस के सामने आरोपियों तक पहुंचना बड़ी चुनौती थी। लेकिन गवाहों से पूछताछ, आखिरी बार साथ देखे गए संदिग्धों की धरपकड़, वैज्ञानिक तरीके से पूछताछ और घटनास्थल से जुटाए गए साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने 24 घंटे के भीतर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार करने का दावा किया है। अब बरामद मोबाइल, कथित रक्तरंजित कपड़े और अन्य साक्ष्यों को जांच में शामिल किया जा रहा है।4
- सक्ती जिले के बरदुली-तुमि डीहनहर माइनर में मिली अज्ञात लाश, क्षेत्र में सनसनी, सक्ती जिले के बरदुली-तुमिडीह नहर माइनर में एक अज्ञात व्यक्ति का शव मिलने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई। नहर में लाश मिलने की खबर फैलते ही आसपास के ग्रामीणों की मौके पर भारी भीड़ जुट गई और बड़ी संख्या में लोग शव देखने के लिए पहुंचने लगे। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को अपने कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी। फिलहाल मृतक की पहचान नहीं हो सकी है। पुलिस पहचान कराने के प्रयास के साथ मामले की जांच में जुटी हुई है।1