Shuru
Apke Nagar Ki App…
एक पूर्व जस्टिस ने बेहद गंभीर निवेदन करते हुए आगाह किया है कि यदि देश में 2/3 बहुमत हुआ, तो विपक्ष पूरी तरह से खत्म हो जाएगा। उन्होंने चिंता व्यक्त करते हुए कहा है कि ऐसी स्थिति होने पर यह देश का अंतिम चुनाव साबित होगा।
Pradeep Kumar bairwa
एक पूर्व जस्टिस ने बेहद गंभीर निवेदन करते हुए आगाह किया है कि यदि देश में 2/3 बहुमत हुआ, तो विपक्ष पूरी तरह से खत्म हो जाएगा। उन्होंने चिंता व्यक्त करते हुए कहा है कि ऐसी स्थिति होने पर यह देश का अंतिम चुनाव साबित होगा।
More news from राजस्थान and nearby areas
- झालावाड़ जिले के खानपुर क्षेत्र अंतर्गत सूमर और उसके आसपास के गांवों में बारिश न होने से चिंतित लोगों ने बिलासरा गांव में एक विशेष धार्मिक अनुष्ठान का आयोजन किया। शनिवार को बिलासरा के बाबा जी मंदिर परिसर में सर्व समाज के लोगों द्वारा अच्छी वर्षा की कामना को लेकर सुंदरकांड का पाठ किया गया। इसके साथ ही वैदिक मंत्रोच्चार और पूरे विधि-विधान के साथ हवन का आयोजन हुआ, जिसमें ग्रामीणों ने बड़ी संख्या में आहुति देकर क्षेत्र की समृद्धि और किसानों की खुशहाली की प्रार्थना की। दरअसल, सूमर और नजदीकी इलाकों में लंबे समय से बारिश न होने के कारण खेतों में नमी खत्म हो चुकी है। इसका सीधा असर खरीफ की फसलों पर पड़ रहा है, जिससे कई जगहों पर बुवाई का काम अटक गया है। वहीं, जिन किसानों ने पहले ही सोयाबीन, मक्का और उड़द जैसी फसलों की बुवाई कर ली थी, वे फसलें अब पानी के अभाव में झुलसने लगी हैं। बादलों के आने-जाने के बावजूद बारिश न होने से किसानों की धड़कनें बढ़ी हुई हैं। परेशान किसानों का कहना है कि यदि जल्द ही जोरदार बारिश नहीं हुई, तो उन्हें फिर से बुवाई करनी पड़ेगी। इससे न केवल उनकी मेहनत बेकार जाएगी बल्कि आर्थिक बोझ और लागत भी दोगुनी हो जाएगी। फसलों की बढ़वार प्रभावित होने से पैदावार घटने का खतरा मंडराने लगा है। इसी संकट को देखते हुए पूरे क्षेत्र के किसानों और ग्रामीणों ने एकजुट होकर ईश्वर से जल्द मानसून मेहरबान करने की गुहार लगाई है।1
- झालावाड़ जिले के खानपुर उपखंड के अंतर्गत पनवाड़ थाना क्षेत्र में शुक्रवार देर रात शातिर चोरों ने एक साथ 18 ट्यूबवेलों की थ्री-फेस बिजली केबल चोरी करने की बड़ी वारदात को अंजाम दिया है। चोरों ने पूरी रेकी करने के बाद केवल उन्हीं लाइनों को अपना निशाना बनाया जिनमें रात के समय बिजली बंद रहती है। इसके अलावा, चोर महावीर नागर नामक किसान के ट्यूबवेल से मोटर बोर्ड भी निकाल ले गए। मानसून की बेरुखी और बारिश की कमी के कारण क्षेत्र के किसान पहले से ही बेहद परेशान हैं। धान और सोयाबीन की फसलों को बचाने के लिए वे पूरी तरह ट्यूबवेल के भरोसे थे, लेकिन इस सामूहिक चोरी की घटना से उन पर भारी आर्थिक बोझ आ गया है। सिंचाई पूरी तरह ठप होने से किसानों की फसलें अब सूखने की कगार पर पहुंच गई हैं। इस चोरी से सत्यनारायण नागर, जाकिर हुसैन, सोहनलाल, रामप्रसाद, इकबाल हुसैन, भेरुलाल रैगर, छीतरलाल, बृजमोहन, शिवपाल योगी, बालचंद और आनंदलाल सहित कई किसान बुरी तरह प्रभावित हुए हैं। क्षेत्र में सक्रिय यह चोर गिरोह लंबे समय से वारदातों को अंजाम दे रहा है। इससे पहले भी इस गिरोह ने 12 जून को पनवाड़, 14 जून को उम्मेदपुरा, 15 जून को गणेशपुरा, और 15 जुलाई को भगवानपुरा सहित दहीखेड़ा व जोलपा में भी केबल चोरी की बड़ी वारदातों को अंजाम दिया था। लगातार हो रही इन चोरियों से पूरा क्षेत्र दहशत में है। परेशान और लाचार किसानों ने प्रशासन से तत्काल गश्त बढ़ाने और चोरों को जल्द से जल्द पकड़कर चोरी की गई केबल बरामद करने की गुहार लगाई है।1
- कोटा शहर में बाइक चोरों के हौसले बुलंद हैं। ताजा मामला किशोरपुरा पुलिस चौकी के पास का है, जहां घर के बाहर खड़ी एक बाइक महज 45 सेकंड में चोरी हो गई। यह पूरी वारदात वहां लगे एक सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है। चोरी की गई बाइक मोहम्मद असलम की है, जो एक दुकान पर वेल्डिंग का काम करते हैं। उन्होंने रोज की तरह अपनी बाइक घर के बाहर खड़ी की थी, इसी दौरान एक शातिर चोर मौके पर पहुंचा और कुछ ही सेकंड में बाइक लेकर फरार हो गया। इस घटना का सीसीटीवी फुटेज सामने आने के बाद पुलिस फुटेज के आधार पर आरोपी की तलाश में जुट गई है। पीड़ित मोहम्मद असलम ने अपनी बाइक बरामद करने की गुहार लगाई है। वहीं, स्थानीय लोगों का कहना है कि पुलिस चौकी के पास हुई इस वारदात ने क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।1
- विश्व रंगमंच दिवस के मौके पर राजस्थान में पर्यटकों और आम जनता को भारतीय संस्कृति तथा धरोहरों से रूबरू कराने के लिए सभी ऐतिहासिक सांस्कृतिक धरोहरों को खोल दिया गया है। इसके विपरीत, झालावाड़ जिला मुख्यालय पर स्थित एक बेहद महत्वपूर्ण ऐतिहासिक धरोहर 'भवानी नाट्यशाला' आज सरकार और प्रशासन की घोर अनदेखी के चलते बदहाली और दुर्दशा का शिकार हो रही है। ओपेरा शैली में निर्मित यह ऐतिहासिक नाट्यशाला पूरे उत्तर भारत में अपनी खास पहचान के लिए प्रसिद्ध है, जहां अतीत में कई प्रसिद्ध नाटक खेले जा चुके हैं। इसकी स्थापना महाराज राणा भवानी सिंह ने 16 जुलाई 1921 को की थी। हालांकि इस ऐतिहासिक भवानी नाट्यशाला का स्थापना दिवस भी आयोजित किया गया, लेकिन प्रशासनिक उपेक्षा के कारण यह अनूठी धरोहर आज भी अपनी दुर्दशा पर आंसू बहाने को मजबूर है।1
- कोटा के न्यू मेडिकल अस्पताल में भीषण गर्मी के बीच बदहाली का आलम है, जिससे मरीज और उनके परिजन बेहद परेशान हैं। संभाग के इस सबसे बड़े अस्पताल में मरीजों को भीषण गर्मी के दौरान महज एक कूलर के सहारे छोड़ दिया गया है और वे कूलर भी सूखे पड़े हैं। इसके अलावा, अस्पताल में व्हीलचेयर और स्ट्रेचर न मिलने के कारण ग्रामीण क्षेत्र से आने वाले मरीजों की मुश्किलें बहुत ज्यादा बढ़ गई हैं। पर्ची काउंटरों पर भी लंबी कतारें लगी हैं, जहां मरीजों को पर्ची के लिए घंटों इंतजार करने को मजबूर होना पड़ रहा है। मरीजों के परिजनों की परेशानी इसलिए भी बढ़ गई है क्योंकि वार्ड के पास देर शाम या रात के समय पर्ची काटने की कोई सुविधा नहीं है। परिजनों का कहना है कि अगर वार्डों के पास रात को भी पर्ची काटने की सुविधा मिल जाए, तो उन्हें इस परेशानी से राहत मिल सकती है। इसके साथ ही, अस्पताल में आने वाले मरीजों के परिजनों ने वहां के कर्मचारियों पर दुर्व्यवहार करने के आरोप लगाए हैं। अस्पताल में सुविधाओं के नाम पर सिर्फ खानापूर्ति की जा रही है, जिससे तंग आकर मरीजों ने अस्पताल प्रशासन से इस बदहाल व्यवस्था को तत्काल सुधारने की मांग की है।1
- 17 जुलाई को देहरादून में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी का 'छात्रों की गूंज' कार्यक्रम भारी रुकावटों के बावजूद बेहद सफल रहा। इस कार्यक्रम में कोटा से भी अधिक संख्या में छात्रों की मौजूदगी दर्ज की गई, जबकि सरकार की तरफ से इस आयोजन को बेपटरी करने की पूरी कोशिश की गई थी। सरकारी रुकावटों का आलम यह था कि जिस परेड ग्राउंड में राहुल गांधी का कार्यक्रम होना तय हुआ था, उसकी अनुमति फीस जमा होने के बावजूद अंतिम समय पर रद्द कर दी गई। इतना ही नहीं, इसके समानांतर ही उसी परेड ग्राउंड में एक मशहूर सिंगर का कार्यक्रम भी रखवा दिया गया, जहां प्रवेश पूरी तरह से मुफ्त रखा गया था। इसके बावजूद परेड ग्राउंड खाली पड़ा रहा और छात्रों व युवाओं की भारी भीड़ राहुल गांधी के कार्यक्रम में शामिल होने पहुंच गई। इस पूरे घटनाक्रम पर आक्रोश जताते हुए यह सवाल उठाया गया है कि पूरी शिक्षा नीति में बदलाव की बात करने वाले इस गंभीर कार्यक्रम से जुड़ने के बजाय, क्या लोगों को दिल्ली के जंतर-मंतर पर तमाशा करना चाहिए?1
- गुंडों के भेष में आए पुलिसवाले सुबह-सुबह अचानक सोनम वांगचुक को जबरदस्ती अपने साथ उठाकर ले गए हैं। सोनम वांगचुक का आज 21वां दिन था, तभी सुबह ठीक 7:00 बजे पुलिस अचानक पहुंची और उन्हें जबरन अपने साथ ले गई। पुलिसकर्मी गुंडों के भेष में आए थे और सोनम वांगचुक को जबरदस्ती उठाकर अपने साथ ले गए हैं।1