हत्या का प्रयास करने वाले 2 आरोपी भेजे गए जेल वारासिवनी । बाईक खरीदने के सौदे में बयाना के रुप में दिए गए 1500 रुपये की राशि वापस मॉगने की बात पर हुए विवाद के बाद मध्यस्थ पर चाकू से जानलेवा हमला कर फरार हो जाने वाले आरोपी मनीष उइके को रामपायली पुलिस ने 24 घंटे के अंदर गिरफ्तार कर लिया। आरोपी मनीष उइके को गिरफ्तार करने के बाद उसके भाई आशीष उइके के साथ गुुरुवार को वारासिवनी न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया है। मामला जनपद पंचायत वारासिवनी की ग्राम पंचायत झाडग़ॉव का है। जहॉ पर 17 फरवरी की शाम लगभग 7 बजे मनीष उइके व उसके भाई आशीष उइके का ग्राम के ही दिनेश चैनलाल नगपुरे से बाईक खरीदने के लिए बयाने के रुप में दी गई 1500 रुपये की राशि के लिए विवाद हो गया था। विवाद को बढ़ता देखकर ग्रामीणों ने 112 डायल को खबर देकर बुला लिया था और 112 डायल में आए हुए पुलिसकर्मियों द्वारा दोनों पक्षों को समझाने का प्रयास कर रहे थे। इसी दौरान अचानक ही मनीष उइके ने दिनेश नगपुरे की पीठ पर चाकू से जानलेवा हमला कर दिया और घटनास्थल से फरार हो गया। इस अचानक हुए हमले से पुलिसकर्मी हक्का बक्का रह गए और घायल दिनेश नीचे गिर पड़ा। स्थिति को समझने के साथ ही पुलिसकर्मियों ने मनीष के भाई आशीष को तत्काल पकड़ लिया था और घायल दिनेश को लेकर वारासिवनी शासकीय चिकित्सालय लाकर प्राथमिक उपचार कराने के बाद 108 एम्बुलेंस से जिला चिकित्सालय बालाघाट उपचार के लिए भिजवा दिया था। इस मामले में रामपायली पुलिस ने अपराध क्रमांक 61/26 बीएनएस की धारा 109(1)3(5) के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर फरार आरोपी मनीष की तलाश शुरु कर दी। इस तलाशी अभियान में रामपायली पुलिस को शीघ्र ही सफलता मिल गई और उन्होंने मनीष को 24 घंटे के अंदर ही गिरफ्तार कर लिया। आशीष और मनीष की गिरफ्तारी के बाद दोनों आरोपियों को उनके ग्राम झाडग़ॉव में पैदल घुमाया गया और उनसे अपराध नहीं करने की कसम दिलवाई गई। उसके बाद वारासिवनी न्यायालय में पेश किया गया। जहॉ सुनवाई के बाद न्यायाधीश ने दोनों को जेल भिजवा दिया। इस मामले को हल करने में पुलिस अधीक्षक आदित्य मिश्रा के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक निहित उपाध्याय व एसडीओपी अभिषेक चौधरी के मार्गदर्शन में रामपायली थाना प्रभारी दिलीप मौर्य द्वारा टीम तैयार की गर्ई टीम के उपनिरीक्षक कलशराम उइके, प्रधान आरक्षक देवेंद्र गौतम, प्रधान आरक्षक शैलेन्द्र सैय्याम, आरक्षक आलोक बिसेन, श्यामसिंह, नरोत्तम, जितेंद्र सरादे की सराहनीय भूमिका रही।
हत्या का प्रयास करने वाले 2 आरोपी भेजे गए जेल वारासिवनी । बाईक खरीदने के सौदे में बयाना के रुप में दिए गए 1500 रुपये की राशि वापस मॉगने की बात पर हुए विवाद के बाद मध्यस्थ पर चाकू से जानलेवा हमला कर फरार हो जाने वाले आरोपी मनीष उइके को रामपायली पुलिस ने 24 घंटे के अंदर गिरफ्तार कर लिया। आरोपी मनीष उइके को गिरफ्तार करने के बाद उसके भाई आशीष उइके के साथ गुुरुवार को वारासिवनी न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया है। मामला जनपद पंचायत वारासिवनी की ग्राम पंचायत झाडग़ॉव का है। जहॉ पर 17 फरवरी की शाम लगभग 7 बजे मनीष उइके व उसके भाई आशीष उइके का ग्राम के ही दिनेश चैनलाल नगपुरे से बाईक खरीदने के लिए बयाने के रुप में दी गई 1500 रुपये की राशि के लिए विवाद हो गया था। विवाद को बढ़ता देखकर ग्रामीणों ने 112 डायल को खबर देकर बुला लिया था और 112 डायल में आए हुए पुलिसकर्मियों द्वारा दोनों पक्षों को समझाने का प्रयास कर रहे थे। इसी दौरान अचानक ही मनीष उइके ने दिनेश नगपुरे की पीठ पर चाकू से जानलेवा हमला कर दिया और घटनास्थल से फरार हो गया। इस अचानक हुए हमले से पुलिसकर्मी हक्का बक्का रह गए और घायल दिनेश नीचे गिर पड़ा। स्थिति को समझने के साथ ही पुलिसकर्मियों ने मनीष के भाई आशीष को तत्काल पकड़ लिया था और घायल दिनेश को लेकर वारासिवनी शासकीय चिकित्सालय लाकर प्राथमिक उपचार कराने के बाद 108 एम्बुलेंस से जिला चिकित्सालय बालाघाट उपचार के लिए भिजवा दिया था। इस मामले में रामपायली पुलिस ने अपराध क्रमांक 61/26 बीएनएस की धारा 109(1)3(5) के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर फरार आरोपी मनीष की तलाश शुरु कर दी। इस तलाशी अभियान में रामपायली पुलिस को शीघ्र ही सफलता मिल गई और उन्होंने मनीष को 24 घंटे के अंदर ही गिरफ्तार कर लिया। आशीष और मनीष की गिरफ्तारी के बाद दोनों आरोपियों को उनके ग्राम झाडग़ॉव में पैदल घुमाया गया और उनसे अपराध नहीं करने की कसम दिलवाई गई। उसके बाद वारासिवनी न्यायालय में पेश किया गया। जहॉ सुनवाई के बाद न्यायाधीश ने दोनों को जेल भिजवा दिया। इस मामले को हल करने में पुलिस अधीक्षक आदित्य मिश्रा के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक निहित उपाध्याय व एसडीओपी अभिषेक चौधरी के मार्गदर्शन में रामपायली थाना प्रभारी दिलीप मौर्य द्वारा टीम तैयार की गर्ई टीम के उपनिरीक्षक कलशराम उइके, प्रधान आरक्षक देवेंद्र गौतम, प्रधान आरक्षक शैलेन्द्र सैय्याम, आरक्षक आलोक बिसेन, श्यामसिंह, नरोत्तम, जितेंद्र सरादे की सराहनीय भूमिका रही।
- वारासिवनी । बाईक खरीदने के सौदे में बयाना के रुप में दिए गए 1500 रुपये की राशि वापस मॉगने की बात पर हुए विवाद के बाद मध्यस्थ पर चाकू से जानलेवा हमला कर फरार हो जाने वाले आरोपी मनीष उइके को रामपायली पुलिस ने 24 घंटे के अंदर गिरफ्तार कर लिया। आरोपी मनीष उइके को गिरफ्तार करने के बाद उसके भाई आशीष उइके के साथ गुुरुवार को वारासिवनी न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया गया है। मामला जनपद पंचायत वारासिवनी की ग्राम पंचायत झाडग़ॉव का है। जहॉ पर 17 फरवरी की शाम लगभग 7 बजे मनीष उइके व उसके भाई आशीष उइके का ग्राम के ही दिनेश चैनलाल नगपुरे से बाईक खरीदने के लिए बयाने के रुप में दी गई 1500 रुपये की राशि के लिए विवाद हो गया था। विवाद को बढ़ता देखकर ग्रामीणों ने 112 डायल को खबर देकर बुला लिया था और 112 डायल में आए हुए पुलिसकर्मियों द्वारा दोनों पक्षों को समझाने का प्रयास कर रहे थे। इसी दौरान अचानक ही मनीष उइके ने दिनेश नगपुरे की पीठ पर चाकू से जानलेवा हमला कर दिया और घटनास्थल से फरार हो गया। इस अचानक हुए हमले से पुलिसकर्मी हक्का बक्का रह गए और घायल दिनेश नीचे गिर पड़ा। स्थिति को समझने के साथ ही पुलिसकर्मियों ने मनीष के भाई आशीष को तत्काल पकड़ लिया था और घायल दिनेश को लेकर वारासिवनी शासकीय चिकित्सालय लाकर प्राथमिक उपचार कराने के बाद 108 एम्बुलेंस से जिला चिकित्सालय बालाघाट उपचार के लिए भिजवा दिया था। इस मामले में रामपायली पुलिस ने अपराध क्रमांक 61/26 बीएनएस की धारा 109(1)3(5) के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर फरार आरोपी मनीष की तलाश शुरु कर दी। इस तलाशी अभियान में रामपायली पुलिस को शीघ्र ही सफलता मिल गई और उन्होंने मनीष को 24 घंटे के अंदर ही गिरफ्तार कर लिया। आशीष और मनीष की गिरफ्तारी के बाद दोनों आरोपियों को उनके ग्राम झाडग़ॉव में पैदल घुमाया गया और उनसे अपराध नहीं करने की कसम दिलवाई गई। उसके बाद वारासिवनी न्यायालय में पेश किया गया। जहॉ सुनवाई के बाद न्यायाधीश ने दोनों को जेल भिजवा दिया। इस मामले को हल करने में पुलिस अधीक्षक आदित्य मिश्रा के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक निहित उपाध्याय व एसडीओपी अभिषेक चौधरी के मार्गदर्शन में रामपायली थाना प्रभारी दिलीप मौर्य द्वारा टीम तैयार की गर्ई टीम के उपनिरीक्षक कलशराम उइके, प्रधान आरक्षक देवेंद्र गौतम, प्रधान आरक्षक शैलेन्द्र सैय्याम, आरक्षक आलोक बिसेन, श्यामसिंह, नरोत्तम, जितेंद्र सरादे की सराहनीय भूमिका रही।1
- ग्राम पंचायत डोंगरिया जनपद पंचायत लालबर्रा द्वारा सुचना के अधिकार की जानकारी ग्रामीणों को नहीं दिया जा रहा है1
- Post by INDRAJEET SINGH DASHMER1
- थाना क्षेत्र के अंतर्गत खजरी-खमरिया बाईपास में कतरकना के नजदीक भीषण सड़क हादसा हुआ है। हादसे में बाइक सवार तीन लोग गंभीर रुप से घायल हुए है। घायलों को संजीवनी 108 से नजदीक के सरकारी अस्पताल कटंगी में प्राथमिक उपचार के लिए लाकर भर्ती करवाया गया। एक की हालत गंभीर होने पर उसे जिला अस्पताल बालाघाट रेफर किया गया है। हादसा साढ़े 08 बजे के आस-पास हुआ है। मिली जानकारी अनुसार महेश सिरसाम उम्र 45 वर्ष, प्रेम उइके उम्र 18 वर्ष, रामेश्वर उइके उम्र 23 वर्ष तीनों निवासी ग्राम खमरिया अपने घर की तरफ जा रहे थे। इनकी मोटरसाइकिल को दूसरी मोटरसाइकिल से पीछे से टक्कर मार दी। जिससे इनकी मोटरसाइकिल सामने जा रही बैलगाड़ी से जाकर टकरा गई। सड़क हादसे की सूचना मिलने पर संजीवनी 108 ईएमटी डॉ गौरीशंकर पटले और पायलेट दिलीप उइके घटनास्थल पर पहुंचे जिन्होंने घायलों को अस्पताल पहुंचाया। यहां से महेश को जिला अस्पताल बालाघाट रेफर किया गया।1
- Post by Sunny Morena1
- पेंचपार्क क्षेत्र में तेंदुआ का मूवमेंट गांव में दहशत पेंच राष्ट्रीय उद्यान के वन परिक्षेत्र खवासा (बफर)के अंतर्गत ग्राम आमाझिरी में विगत कुछ दिनों से गांव में तेंदुए का लगातार मूवमेंट देखा जा रहा है। रात्रि के समय तेंदुआ बस्ती के समीप आकर छोटे पालतू पशुओं (बकरी, कुत्ते,बछड़ोंआदि) को अपना शिकार बना रहा है। जिससे ग्रामीणों में भय एवं असुरक्षा का वातावरण बना हुआ है। बच्चों एवं महिलाओं की सुरक्षा को लेकर भी गंभीर चिंता उत्पन्न हो गई है। इको विकास समिति के अध्यक्ष महोदय एवम ग्रामवासियों के द्वारा इस संबंध में वन विभाग को लिखित शिकायत दी गई। निवेदन किया गया कि— क्षेत्र में तत्काल वन अमले की पेट्रोलिंग बढ़ाई जाए। आवश्यकतानुसार पिंजरा/रेस्क्यू टीम की व्यवस्था की जाए। प्रभावित पशुपालकों को नियमानुसार मुआवजा प्रदान किया जाए। ग्रामीणों को सुरक्षा एवं जागरूकता संबंधी निर्देश प्रदान किए जाएं। कृपया मामले की गंभीरता को देखते हुए शीघ्र आवश्यक कार्यवाही करने की कृपा करे।1
- लांजी। बिसोनी पंचायत अंतर्गत आने वाले ग्राम चिचटोला में जल जीवन मिशन योजना अंतर्गत गांव में पाइप लाइन बिछाये जाने वाले काले पीवीसी पाइपों में आग लग जाने से पूरी तरह जल कर नष्ट हो गए। आग कैसे एवं किन कारणों से लगी यह ज्ञात नहीं हो पाया। ग्रामीणों ने बताया कि उक्त पाइप लम्बे समय से वहां लावारिस हालत में पड़ेहुए थे, उक्त पाइप किनके थे एवं क्यों रखें गए थे के संबंध में पीएचई विभाग के एसडीओ से मोबाइल पर संपर्क कर जानना चाहा किन्तु एसडीओ पीएचई ने फोन रिसीव नहीं किया। बहरहाल यह आग कैसे लगी, वहां रखा पाइप विभाग का था अथवा ठेकेदार का, और इस आगजनी की घटना में कितना नुकसान हुआ होगा, यह सब संबंधित ठेकेदार अथवा विभाग ही बता सकता है। जानकारी के मुताबिक आसमान में काले धुएं का गुबार नजर आने लगा, जो दूर से ही दिखाई दे रहा था। करीब जाकर देखा गया तो चिचटोला चौक में खाली जगह में नल जल योजना में उपयोग किए जाने वाले काले पाइप थे, जिसमें भयंकर आग लगी हुई थी एवं काले धुएं का गुबार आसमान में उड़ रहा था। आसपास के लोगों द्वारा डायल 112 एवं फायर ब्रिगेड को सूचना दी गई, जिसके उपरांत फायर ब्रिगेड द्वारा मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाया गया। किन्तु तब तक वहां रखे पुरे पाइप जलकर नष्ट हो गए थे।1
- वारासिवनी । वारासिवनी से लालबर्रा मार्ग पर स्थित टोड्या नाले के पास राष्ट्रीय बजरंग दल बालाघाट के पदाधिकारियों व सदस्यों की सूचना पर वारासिवनी पुलिस ने 2 पिकअप वाहन में बेदर्दी से भरे हुए 7 पशु धन को बरामद करने के साथ 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। दो पिकअप वाहनों में से एक पिकअप वाहन में भरे हुए 3 पशु धन में से एक पशु धन की मौत हो गई है। वहीं शेष 6 पशु धन सुरक्षित स्थिति में गौशाला चंदोरी में भेज दिये गये है। पुलिस ने दोनों पिकअप वाहनों ं क्रमश: एम पी 50 जेड एफ 0158 व एमएच 35 एजे 1453 को जप्त कर लिया है, मामला 19 फरवरी की दोपहर का है। पुलिस ने गौतस्करी के आरोप में वाहन चालक संजय पिता बिशनलाल लिल्हारे 33 वर्ष ग्राम सावरी थाना खैरलॉजी, मूलचंद पिता तेजराम नगपुरे 30 वर्ष चुटिया व उरेन्द्र पिता अजब लाल लिल्हारे 27 वर्ष चुटिया को अभिरक्षा में लिया है। जिसमें से एक पिकअप वाहन का मालिक पंकज खरोले निवासी चुटिया है और दूसरे पिकअप के मालिक के बारे में पुलिस पूछताछ कर रही है। तीनों आरोपियों के खिलाफ 4, 6, 9 गौवंश प्रतिषेध अधिनियम, धारा 11 पशु क्रूरता निवारण अधिनियम, 6/9 मध्यप्रदेश कृषक पशु परिवेक्षण अधिनियम के तहत प्रकरण पंजीबद्ध किया गया है। प्रकरण की जॉच किरण बाहेश्वर एएसआई व रामदयाल चौधरी प्रधान आरक्षक द्वारा की जा रही है। गौवंश तस्करों को पकड़वाने में राष्ट्रीय बजरंग दल के जिलाध्यक्ष सितेश ब्रम्हे, नगर अध्यक्ष संजय डोहरे, आकाश ठाकुर, ओम श्रीवास्तव, आदित्य डोहरे, रितेश व अन्य साथियों का सराहनीय योगदान रहा। विदित हो कि पूरे जिले में गौवंश की तस्करी अपने चरम पर है। जिसे रोकने में पुलिस प्रशासन बुरी तरह से असफल सिद्ध हो रहा है। गौवंश की तस्करी को रोकने के लिए समय समय पर सामाजिक संगठन आगे आते है, लेकिन उन्हें पुलिस विभाग व प्रशासन का पूरा सहयोग नहीं मिल पाता है। जिसके कारण इन संगठन के पदाधिकारीगण व सदस्यगण भी निराश होकर भी धीरे-धीरे निष्क्रिय होते जा रहे है।1