देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने परीक्षाओं में धांधली और पेपर लीक करने वाले गिरोहों के खिलाफ आक्रामक रुख अपनाते हुए महज 48 घंटे के भीतर अपना तीसरा वीडियो संदेश जारी किया है। इंस्टाग्राम के जरिए जारी 1 मिनट 20 सेकंड के इस नए वीडियो में प्रधानमंत्री ने देश के युवाओं और छात्रों से सीधा संवाद साधा और घोषणा की कि पेपर लीक के खिलाफ तुरंत एक्शन के लिए एक विशेष 'हाई-पावर्ड टास्क फोर्स' का गठन किया जा रहा है। प्रधानमंत्री ने साफ चेतावनी दी है कि युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वाले किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा और इसके लिए बेहद कड़ा कानून लाया जा रहा है। परीक्षा सुधारों और सुप्रीम कोर्ट में जारी सुनवाइयों के बीच आए इस संदेश में उन्होंने स्पष्ट कहा कि युवाओं के भविष्य के साथ कोई समझौता नहीं होगा और धांधली करने वालों के खिलाफ सरकार अब तक की सबसे कठोर कार्रवाई करने जा रही है। सोशल मीडिया के माध्यम से दिए गए इस बैक-टू-बैक तीसरे वीडियो संदेश ने परीक्षा व्यवस्था की विश्वसनीयता को लेकर सरकार की सख्ती साफ कर दी है, जिससे देश भर के लाखों परीक्षार्थियों और युवाओं में नई उम्मीद और हलचल पैदा हो गई है।
देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने परीक्षाओं में धांधली और पेपर लीक करने वाले गिरोहों के खिलाफ आक्रामक रुख अपनाते हुए महज 48 घंटे के भीतर अपना तीसरा वीडियो संदेश जारी किया है। इंस्टाग्राम के जरिए जारी 1 मिनट 20 सेकंड के इस नए वीडियो में प्रधानमंत्री ने देश के युवाओं और छात्रों से सीधा संवाद साधा और घोषणा की कि पेपर लीक के खिलाफ तुरंत एक्शन के लिए एक विशेष 'हाई-पावर्ड टास्क फोर्स' का गठन किया जा रहा है। प्रधानमंत्री ने साफ चेतावनी दी है कि युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वाले किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा और इसके लिए बेहद कड़ा कानून लाया जा रहा है। परीक्षा सुधारों और सुप्रीम कोर्ट में जारी सुनवाइयों के बीच आए इस संदेश में उन्होंने स्पष्ट कहा कि युवाओं के भविष्य के साथ कोई समझौता नहीं होगा और धांधली करने वालों के खिलाफ सरकार अब तक की सबसे कठोर कार्रवाई करने जा रही है। सोशल मीडिया के माध्यम से दिए गए इस बैक-टू-बैक तीसरे वीडियो संदेश ने परीक्षा व्यवस्था की विश्वसनीयता को लेकर सरकार की सख्ती साफ कर दी है, जिससे देश भर के लाखों परीक्षार्थियों और युवाओं में नई उम्मीद और हलचल पैदा हो गई है।
- मंदिर में चढ़ावे और चंदे की चोरी के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने सख्त कदम उठाए हैं। सुप्रीम कोर्ट ने निर्देश दिया है कि इस मामले की जांच के लिए गठित विशेष जांच दल (SIT) में एक फॉरेंसिक ऑडिटर / काउंटिंग एक्सपर्ट को शामिल किया जाए। इस कदम का मकसद वित्तीय गड़बड़ियों और काउंटिंग का सटीक हिसाब लगाना है। सुप्रीम कोर्ट ने SIT को 2 सप्ताह (14 दिन) के भीतर मामले की स्टेटस रिपोर्ट दाखिल करने का सख्त अल्टीमेटम दिया है। याचिकाकर्ता सुधाकर सिंह और उनके वकील सत्यम सिंह राजपूत ने कोर्ट के सामने मांग रखी कि ₹50 से लेकर ₹500 तक के छोटे-बड़े सभी डोनेशन और रसीदों का ब्योरा सार्वजनिक किया जाए, क्योंकि कई श्रद्धालुओं का आरोप है कि उनका दान मंदिर तक पहुंचा ही नहीं। अदालत ने स्पष्ट किया है कि दो हफ्ते बाद एसआईटी की रिपोर्ट आने पर ही मामले में अगला कड़ा कदम उठाया जाएगा। सुप्रीम कोर्ट परिसर में मीडिया से बातचीत करते हुए याचिकाकर्ता के अधिवक्ता सत्यम सिंह राजपूत ने कहा कि उनकी मुख्य मांग यही थी कि श्रद्धालुओं द्वारा दिए गए दान की हर रसीद को पब्लिश किया जाए। कई जगह से शिकायतें आई थीं कि दिया गया चंदा मंदिर के खातों तक पहुँचा ही नहीं। कोर्ट ने इस पर ध्यान दिया है और नई गठित औपचारिक SIT में फॉरेंसिक एक्सपर्ट जोड़ने के निर्देश दिए हैं। अब सभी की निगाहें अगले दो हफ़्तों पर टिकी हैं। फॉरेंसिक ऑडिटर के जुड़ने से यह साफ हो जाएगा कि चढ़ावे और चंदे की गिनती में किस स्तर पर गड़बड़ी हुई थी। दो हफ्ते बाद सुप्रीम कोर्ट SIT की स्टेटस रिपोर्ट पर संज्ञान लेकर अगली बड़ी कार्रवाई तय करेगा।1
- गंगापुर सिटी में डॉक्टर एपीजे अब्दुल कलाम के आदर्श आज भी युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत हैं। शिवरतन अग्रवाल ने इस बात पर ज़ोर दिया है कि कलाम के सिद्धांत और जीवन दर्शन आज भी युवा पीढ़ी को प्रेरित करते हैं। इस संदर्भ में, स्थानीय युवाओं और शिक्षाविदों का मानना है कि कलाम के विचार और उनकी उपलब्धियाँ न केवल विज्ञान और प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में बल्कि जीवन के हर पहलू में मार्गदर्शन करती हैं। शिवरतन अग्रवाल के अनुसार, कलाम के आदर्शों को अपनाने से युवा न केवल अपने करियर में सफल हो सकते हैं बल्कि एक बेहतर समाज के निर्माण में भी योगदान दे सकते हैं। उन्होंने कहा कि कलाम के जीवन से मिली सीख आज भी प्रासंगिक है और युवाओं को इन आदर्शों को अपने जीवन में उतारने की ज़रूरत है।1
- गंगापुर सिटी। भारतीय जनता पार्टी गंगापुर द्वारा सोमवार को पंचायत समिति स्थित प्रधान मंजू गुर्जर के कार्यालय में भारत के पूर्व राष्ट्रपति, भारत रत्न एवं महान वैज्ञानिक 'मिसाइल मैन' डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम की पुण्यतिथि पर श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में उपस्थित जनप्रतिनिधियों एवं भाजपा पदाधिकारियों ने डॉ. कलाम के छायाचित्र पर पुष्प अर्पित कर भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की तथा उनके राष्ट्रसेवा, सादगी, वैज्ञानिक सोच और प्रेरणादायी जीवन को स्मरण किया। इस अवसर पर सभापति शिवरतन अग्रवाल ने कहा कि डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम का संपूर्ण जीवन राष्ट्र के प्रति समर्पण, ईमानदारी, सादगी और कर्तव्यनिष्ठा का अनुपम उदाहरण है। उन्होंने अपने ज्ञान, कर्म और दूरदर्शिता से भारत को नई पहचान दिलाई। उनके विचार आज भी देश के युवाओं को बड़े सपने देखने और उन्हें साकार करने की प्रेरणा देते हैं। प्रत्येक नागरिक को उनके आदर्शों को अपने जीवन में अपनाकर राष्ट्र निर्माण में योगदान देना चाहिए। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए प्रधान मंजू गुर्जर ने कहा कि डॉ. कलाम ने शिक्षा, विज्ञान और नवाचार को देश की प्रगति का आधार माना। उनका विश्वास था कि सशक्त और शिक्षित युवा ही विकसित भारत का निर्माण कर सकते हैं। हमें उनके बताए मार्ग पर चलते हुए समाज और राष्ट्र की सेवा के लिए सदैव तत्पर रहना चाहिए। इस अवसर पर भाजपा जिला उपाध्यक्ष दीपक सिंघल, मोर्चा संयोजक जमनालाल वैष्णव, शहर मण्डल अध्यक्ष मिथलेश व्यास, रामभरोसी वैष्णव, कमलेश महावर, गोपाल धामोनिया, भीम चौधरी, विष्णु ट्रांसपोर्ट, रघुनाथ फौजी, जीतू गुर्जर, राजू गुट्टा, रोविन गुर्जर, गोविन्द शायरोली, श्यामसुंदर वजीरपुर, कमल सिंह फौजी सहित भाजपा के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।1
- देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने परीक्षाओं में धांधली और पेपर लीक करने वाले गिरोहों के खिलाफ आक्रामक रुख अपनाते हुए महज 48 घंटे के भीतर अपना तीसरा वीडियो संदेश जारी किया है। इंस्टाग्राम के जरिए जारी 1 मिनट 20 सेकंड के इस नए वीडियो में प्रधानमंत्री ने देश के युवाओं और छात्रों से सीधा संवाद साधा और घोषणा की कि पेपर लीक के खिलाफ तुरंत एक्शन के लिए एक विशेष 'हाई-पावर्ड टास्क फोर्स' का गठन किया जा रहा है। प्रधानमंत्री ने साफ चेतावनी दी है कि युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वाले किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा और इसके लिए बेहद कड़ा कानून लाया जा रहा है। परीक्षा सुधारों और सुप्रीम कोर्ट में जारी सुनवाइयों के बीच आए इस संदेश में उन्होंने स्पष्ट कहा कि युवाओं के भविष्य के साथ कोई समझौता नहीं होगा और धांधली करने वालों के खिलाफ सरकार अब तक की सबसे कठोर कार्रवाई करने जा रही है। सोशल मीडिया के माध्यम से दिए गए इस बैक-टू-बैक तीसरे वीडियो संदेश ने परीक्षा व्यवस्था की विश्वसनीयता को लेकर सरकार की सख्ती साफ कर दी है, जिससे देश भर के लाखों परीक्षार्थियों और युवाओं में नई उम्मीद और हलचल पैदा हो गई है।1
- करौली जिले के पत्रकार राजेन्द्र प्रसाद कुम्भकार की बेटी खुशबू कुम्भकार ने नीट यूजी (एमबीबीएस) में द्वितीय प्रयास में बेहतरीन प्रदर्शन किया है। वर्ष 2026 की री-नीट में खुशबू ने ओबीसी कैटेगरी में 7881 रैंक और ऑल इंडिया रैंक 16708 हासिल की है। इस उपलब्धि से जिले और परिवार का मान-सम्मान बढ़ा है। खुशबू ने अपनी सफलता का श्रेय अपने माता-पिता, दादी-दादा और गुरुजनों की मेहनत को दिया है। उन्होंने कहा कि बेटा-बेटी को समान अवसर प्रदान करने से ही यह मुकाम हासिल हुआ है। माता श्रीमती हेमलता प्रजापति ने बताया कि खुशबू ने कक्षा 10वीं और 12वीं में 95 प्रतिशत अंक हासिल किए थे और डॉक्टर बनकर समाज सेवा करने की इच्छा जताई थी। पेपरलीक की सुगबुगाहट के बावजूद आयुर्वेदिक और दंत चिकित्सक में चयन होने के बाद भी खुशबू ने हार नहीं मानी और पुनः अवसर मांगकर अपने दम पर मुकाम हासिल किया। पशु चिकित्सा विभाग से सेवानिवृत्त दादाजी पृथ्वी लाल और छोटे दादाजी हरिचरण प्रजापति ने खुशबू की सफलता पर परिवार का मान-सम्मान बढ़ने की बात कही। हिंडौन करौली के पत्रकारों ने खुशबू को मिठाई खिलाकर और साफा बंधवाकर उज्जवल भविष्य की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने खुशबू को गरीबों की सेवा करने की सीख भी दी। बेटी की सफलता पर सोमवार को आयोजित सम्मान कार्यक्रम में वरिष्ठ पत्रकार कृष्ण मुरारी राजौरा, चरणसिंह डागुर, कलमुद्दीन खांन, मनोज तिवारी, रामलखनसिंह गुर्जर सहित कई पत्रकार और परिजन मौजूद रहे।1
- हिंडौन शहर के पत्रकार राजेंद्र कुंभकार की सुपुत्री खुशबू कुंभकार का चयन प्रतिष्ठित एमबीबीएस पाठ्यक्रम में हुआ है। इस उपलब्धि से स्थानीय मीडिया जगत और आसपास के लोगों में खुशी की लहर है। खुशबू की सफलता पर साथी पत्रकारों ने एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन कर उनका जोरदार स्वागत व अभिनंदन किया। पत्रकार राजेंद्र ने सोमवार सुबह 9 बजे बताया कि कार्यक्रम में उपस्थित पत्रकारों ने होनहार बेटी को मिठाई खिलाकर, सफा बंधवाया और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पत्रकार कलमुद्दीन खांन ने कहा कि राजेंद्र की बेटी की यह सफलता केवल उनके परिवार के लिए ही नहीं, बल्कि पूरे पत्रकार समुदाय के लिए अत्यंत गर्व का विषय है। उन्होंने कहा कि कठिन परिश्रम और लगन के बल पर खुशबू ने यह मुकाम हासिल किया है, जो अन्य छात्र-छात्राओं के लिए भी प्रेरणास्रोत है। इस अवसर पर पत्रकार राजेंद्र कुंभकार ने सभी मीडिया साथियों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि अपनों के स्नेह और आशीर्वाद से बच्चों का मनोबल बढ़ता है। उन्होंने बेटी के कड़े परिश्रम को इस सफलता का मुख्य श्रेय दिया। समारोह में होनहार बेटी के दादा सेवानिवृत्त पशु चिकित्सा कर्मचारी पृथ्वी लाल, छोटे दादा हरिचरण प्रजापति, मां हेमलता प्रजापति सहित शहर के वरिष्ठ पत्रकार कृष्ण मुरारी राजौरा, चरण सिंह डागुर, कलीमुद्दीन खान, मनोज तिवाड़ी, सामाजिक कार्यकर्ता राम लखन सिंह गुर्जर आदि गणमान्य नागरिक मौजूद रहे, जिन्होंने खुशबू कुंभकार को डॉक्टर बनकर समाज और देश की सेवा करने के लिए शुभकामनाएं दीं।1
- Post by Sonu Gurjar1
- मानसून की पहली बारिश ने राजस्थान के सवाई माधोपुर जिले के गंगापुर क्षेत्र में मानो सोना बरसाकर रख दिया है। भीषण गर्मी और जानलेवा लू के बाद आई इस बारिश ने किसानों के चेहरों पर ऐतिहासिक मुस्कान ला दी है। जैसे ही मूसलाधार बारिश की बूंदें धरती पर गिरीं, महीनों से झुलस रही मिट्टी ने राहत की सांस ली। मिट्टी की सौंधी खुशबू ने पूरे इलाके को अपनी आगोश में ले लिया है। बाजरे की बुवाई का महा-अभियान शुरू हो गया है। इस पहली बारिश को फसलों के लिए 'अमृत' माना जा रहा है। बारिश की बूंदें गिरते ही किसान अपने-अपने 'रथों' (ट्रैक्टर और हलों) के साथ जंग के मैदान यानी अपने-अपने खेतों में उतर पड़े हैं। तड़के 4 बजे से ही किसान बाजरे के बीज और उम्मीदें लेकर खेतों की तरफ दौड़ पड़े हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि यह बारिश बाजरे की फसल के लिए 'जैकपॉट' साबित होगी। बुवाई के लिए यह मौसम 100% सही बताया जा रहा है। गाँव के बुजुर्ग एवं अनुभवी किसान कहते हैं, 'ऐसी बारिश सालों बाद देखने को मिली है! इस बार बाजरे की ऐसी बंपर पैदावार होगी कि सारे पुराने रिकॉर्ड टूट जाएंगे।' किसानों के चेहरों पर लौटी ऐतिहासिक मुस्कान इस बात का प्रमाण है कि मानसून ने इस बार वाकई सोना बरसा दिया है।1