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बस्ती में 'खाकी' के साये में 'खौफ' का खेल: पुलिस चौकी से 30 मीटर दूर पत्रकार पर हमला बस्ती। उत्तर प्रदेश में सुशासन के दावों की पोल एक बार फिर बस्ती जनपद में खुल गई है। यहाँ बड़ेबन पुलिस चौकी से महज 30 मीटर की दूरी पर आधा दर्जन बेखौफ गुंडों ने एक पत्रकार के साथ न केवल बदसलूकी की, बल्कि उनकी जान लेने की कोशिश और असलहा छीनने का दुस्साहस भी किया। यह घटना चीख-चीख कर कह रही है कि बस्ती में अब गुंडों को न तो कानून का डर है और न ही वर्दी का खौफ। क्या है पूरा मामला? मिली जानकारी के मुताबिक, पत्रकार ने जब देखा कि कुछ दबंग एक छोटे दुकानदार के साथ गाली-गलौज और अभद्रता कर रहे हैं, तो उन्होंने अपने पेशेवर धर्म का पालन करते हुए वीडियो बनाना शुरू किया। बस यही बात उन 'सफेदपोश' गुंडों को नागवार गुजरी। पुलिस की नाक के नीचे तांडव हैरानी की बात यह है कि जहाँ परिंदा भी पर मारने से पहले पुलिस की मौजूदगी महसूस करता है, वहाँ चौकी से चंद कदमों की दूरी पर: आधा दर्जन गुंडों ने पत्रकार को घेर लिया। हाथों से मोबाइल छीनकर साक्ष्य (वीडियो) डिलीट कराया गया। पत्रकार का असलहा छीनने का प्रयास किया गया। सरेराह गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी गई। बड़ा सवाल: क्या बस्ती की पुलिस इतनी लाचार हो गई है कि उसकी चौखट पर पत्रकार सुरक्षित नहीं हैं? अगर बीच सड़क पर एक सजग पत्रकार के साथ ऐसा हो सकता है, तो आम जनता की सुरक्षा का क्या? चौकी इंचार्ज और कप्तान साहब ध्यान दें यह हमला सिर्फ पत्रकार पर नहीं, बल्कि अभिव्यक्ति की आजादी पर हमला है। वीडियो डिलीट करा देना इस बात का प्रमाण है कि हमलावर पेशेवर अपराधी हैं और उन्हें साक्ष्य मिटाने की तकनीक बखूबी पता है। पत्रकार के साथ हुई यह घटना प्रशासन के लिए एक चुनौती है। क्या इन गुंडों पर बुलडोजर वाली कार्रवाई होगी या फिर पुलिस 'जांच जारी है' का रटा-रटाया जुमला बोलकर अपनी जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ लेगी? सम्पादकीय टिप्पणी: पत्रकारिता का गला घोंटने की कोशिश करने वाले ये तत्व समाज के लिए कैंसर हैं। अगर समय रहते इन पर कठोर कार्रवाई नहीं हुई, तो बस्ती की गलियों में कलम की आवाज दब जाएगी और गुंडाराज का उदय होगा।

2 hrs ago
user_अजीत मिश्रा (खोजी)
अजीत मिश्रा (खोजी)
Journalist बस्ती, बस्ती, उत्तर प्रदेश•
2 hrs ago

बस्ती में 'खाकी' के साये में 'खौफ' का खेल: पुलिस चौकी से 30 मीटर दूर पत्रकार पर हमला बस्ती। उत्तर प्रदेश में सुशासन के दावों की पोल एक बार फिर बस्ती जनपद में खुल गई है। यहाँ बड़ेबन पुलिस चौकी से महज 30 मीटर की दूरी पर आधा दर्जन बेखौफ गुंडों ने एक पत्रकार के साथ न केवल बदसलूकी की, बल्कि उनकी जान लेने की कोशिश और असलहा छीनने का दुस्साहस भी किया। यह घटना चीख-चीख कर कह रही है कि बस्ती में अब गुंडों को न तो कानून का डर है और न ही वर्दी का खौफ। क्या है पूरा मामला? मिली जानकारी के मुताबिक, पत्रकार ने जब देखा कि कुछ दबंग एक छोटे दुकानदार के साथ गाली-गलौज और अभद्रता कर रहे हैं, तो उन्होंने अपने पेशेवर धर्म का पालन करते हुए वीडियो बनाना शुरू किया। बस यही बात उन 'सफेदपोश' गुंडों को नागवार गुजरी। पुलिस की नाक के नीचे तांडव हैरानी की बात यह है कि जहाँ परिंदा भी पर मारने से पहले पुलिस की मौजूदगी महसूस करता है, वहाँ चौकी से चंद कदमों की दूरी पर: आधा दर्जन गुंडों ने पत्रकार को घेर लिया। हाथों से मोबाइल छीनकर साक्ष्य (वीडियो) डिलीट कराया गया। पत्रकार का असलहा छीनने का प्रयास किया गया। सरेराह गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी गई। बड़ा सवाल: क्या बस्ती की पुलिस इतनी लाचार हो गई है कि उसकी चौखट पर पत्रकार सुरक्षित नहीं हैं? अगर बीच सड़क पर एक सजग पत्रकार के साथ ऐसा हो सकता है, तो आम जनता की सुरक्षा का क्या? चौकी इंचार्ज और कप्तान साहब ध्यान दें यह हमला सिर्फ पत्रकार पर नहीं, बल्कि अभिव्यक्ति की आजादी पर हमला है। वीडियो डिलीट करा देना इस बात का प्रमाण है कि हमलावर पेशेवर अपराधी हैं और उन्हें साक्ष्य मिटाने की तकनीक बखूबी पता है। पत्रकार के साथ हुई यह घटना प्रशासन के लिए एक चुनौती है। क्या इन गुंडों पर बुलडोजर वाली कार्रवाई होगी या फिर पुलिस 'जांच जारी है' का रटा-रटाया जुमला बोलकर अपनी जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ लेगी? सम्पादकीय टिप्पणी: पत्रकारिता का गला घोंटने की कोशिश करने वाले ये तत्व समाज के लिए कैंसर हैं। अगर समय रहते इन पर कठोर कार्रवाई नहीं हुई, तो बस्ती की गलियों में कलम की आवाज दब जाएगी और गुंडाराज का उदय होगा।

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  • ईरान इजरायल अमेरिका मेडलिस्ट में बढ़ रहे तनाव से अभी हमारे इंडिया में भी असर दिखने लगा है घरेलू गैस का यह हाल है क्योंकि सप्लाई वहीं से सब आता है अभी तो पेट्रोल का हाल बाकि है
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    ईरान इजरायल अमेरिका मेडलिस्ट में बढ़ रहे तनाव से अभी हमारे इंडिया में भी असर दिखने लगा है घरेलू गैस का यह हाल है क्योंकि सप्लाई वहीं से सब आता है अभी तो पेट्रोल का हाल बाकि है
    user_अनिल कुमार गुप्ता
    अनिल कुमार गुप्ता
    Local News Reporter बस्ती, बस्ती, उत्तर प्रदेश•
    53 min ago
  • बस्ती। उत्तर प्रदेश में सुशासन के दावों की पोल एक बार फिर बस्ती जनपद में खुल गई है। यहाँ बड़ेबन पुलिस चौकी से महज 30 मीटर की दूरी पर आधा दर्जन बेखौफ गुंडों ने एक पत्रकार के साथ न केवल बदसलूकी की, बल्कि उनकी जान लेने की कोशिश और असलहा छीनने का दुस्साहस भी किया। यह घटना चीख-चीख कर कह रही है कि बस्ती में अब गुंडों को न तो कानून का डर है और न ही वर्दी का खौफ। क्या है पूरा मामला? मिली जानकारी के मुताबिक, पत्रकार ने जब देखा कि कुछ दबंग एक छोटे दुकानदार के साथ गाली-गलौज और अभद्रता कर रहे हैं, तो उन्होंने अपने पेशेवर धर्म का पालन करते हुए वीडियो बनाना शुरू किया। बस यही बात उन 'सफेदपोश' गुंडों को नागवार गुजरी। पुलिस की नाक के नीचे तांडव हैरानी की बात यह है कि जहाँ परिंदा भी पर मारने से पहले पुलिस की मौजूदगी महसूस करता है, वहाँ चौकी से चंद कदमों की दूरी पर: आधा दर्जन गुंडों ने पत्रकार को घेर लिया। हाथों से मोबाइल छीनकर साक्ष्य (वीडियो) डिलीट कराया गया। पत्रकार का असलहा छीनने का प्रयास किया गया। सरेराह गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी गई। बड़ा सवाल: क्या बस्ती की पुलिस इतनी लाचार हो गई है कि उसकी चौखट पर पत्रकार सुरक्षित नहीं हैं? अगर बीच सड़क पर एक सजग पत्रकार के साथ ऐसा हो सकता है, तो आम जनता की सुरक्षा का क्या? चौकी इंचार्ज और कप्तान साहब ध्यान दें यह हमला सिर्फ पत्रकार पर नहीं, बल्कि अभिव्यक्ति की आजादी पर हमला है। वीडियो डिलीट करा देना इस बात का प्रमाण है कि हमलावर पेशेवर अपराधी हैं और उन्हें साक्ष्य मिटाने की तकनीक बखूबी पता है। पत्रकार के साथ हुई यह घटना प्रशासन के लिए एक चुनौती है। क्या इन गुंडों पर बुलडोजर वाली कार्रवाई होगी या फिर पुलिस 'जांच जारी है' का रटा-रटाया जुमला बोलकर अपनी जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ लेगी? सम्पादकीय टिप्पणी: पत्रकारिता का गला घोंटने की कोशिश करने वाले ये तत्व समाज के लिए कैंसर हैं। अगर समय रहते इन पर कठोर कार्रवाई नहीं हुई, तो बस्ती की गलियों में कलम की आवाज दब जाएगी और गुंडाराज का उदय होगा।
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    बस्ती। उत्तर प्रदेश में सुशासन के दावों की पोल एक बार फिर बस्ती जनपद में खुल गई है। यहाँ बड़ेबन पुलिस चौकी से महज 30 मीटर की दूरी पर आधा दर्जन बेखौफ गुंडों ने एक पत्रकार के साथ न केवल बदसलूकी की, बल्कि उनकी जान लेने की कोशिश और असलहा छीनने का दुस्साहस भी किया। यह घटना चीख-चीख कर कह रही है कि बस्ती में अब गुंडों को न तो कानून का डर है और न ही वर्दी का खौफ।
क्या है पूरा मामला?
मिली जानकारी के मुताबिक, पत्रकार  ने जब देखा कि कुछ दबंग एक छोटे दुकानदार के साथ गाली-गलौज और अभद्रता कर रहे हैं, तो उन्होंने अपने पेशेवर धर्म का पालन करते हुए वीडियो बनाना शुरू किया। बस यही बात उन 'सफेदपोश' गुंडों को नागवार गुजरी।
पुलिस की नाक के नीचे तांडव
हैरानी की बात यह है कि जहाँ परिंदा भी पर मारने से पहले पुलिस की मौजूदगी महसूस करता है, वहाँ चौकी से चंद कदमों की दूरी पर:
आधा दर्जन गुंडों ने पत्रकार को घेर लिया।
हाथों से मोबाइल छीनकर साक्ष्य (वीडियो) डिलीट कराया गया।
पत्रकार का असलहा छीनने का प्रयास किया गया।
सरेराह गाली-गलौज करते हुए जान से मारने की धमकी दी गई।
बड़ा सवाल: क्या बस्ती की पुलिस इतनी लाचार हो गई है कि उसकी चौखट पर पत्रकार सुरक्षित नहीं हैं? अगर बीच सड़क पर एक सजग पत्रकार के साथ ऐसा हो सकता है, तो आम जनता की सुरक्षा का क्या?
चौकी इंचार्ज और कप्तान साहब ध्यान दें
यह हमला सिर्फ पत्रकार पर नहीं, बल्कि अभिव्यक्ति की आजादी पर हमला है। वीडियो डिलीट करा देना इस बात का प्रमाण है कि हमलावर पेशेवर अपराधी हैं और उन्हें साक्ष्य मिटाने की तकनीक बखूबी पता है।
पत्रकार के साथ हुई यह घटना प्रशासन के लिए एक चुनौती है। क्या इन गुंडों पर बुलडोजर वाली कार्रवाई होगी या फिर पुलिस 'जांच जारी है' का रटा-रटाया जुमला बोलकर अपनी जिम्मेदारी से पल्ला झाड़ लेगी?
सम्पादकीय टिप्पणी: पत्रकारिता का गला घोंटने की कोशिश करने वाले ये तत्व समाज के लिए कैंसर हैं। अगर समय रहते इन पर कठोर कार्रवाई नहीं हुई, तो बस्ती की गलियों में कलम की आवाज दब जाएगी और गुंडाराज का उदय होगा।
    user_अजीत मिश्रा (खोजी)
    अजीत मिश्रा (खोजी)
    Journalist बस्ती, बस्ती, उत्तर प्रदेश•
    2 hrs ago
  • अब नहीं होगी गैस की किल्लत, भक्तों के पॉपॉ ने बता दिया उपाय
    1
    अब नहीं होगी गैस की किल्लत, भक्तों के पॉपॉ ने बता दिया उपाय
    user_Dinesh yadav
    Dinesh yadav
    Political party office Basti, Lucknow•
    3 hrs ago
  • 🙏😊
    1
    🙏😊
    user_Santosh Jaiswal
    Santosh Jaiswal
    Basti, Uttar Pradesh•
    13 hrs ago
  • Pramod Kumar Goswami. 10/03/2026
    1
    Pramod Kumar Goswami.               10/03/2026
    user_Pramod Kumar Goswami
    Pramod Kumar Goswami
    हर्रैया, बस्ती, उत्तर प्रदेश•
    3 hrs ago
  • गांवों के विकास में क्षेत्र पंचायत सदस्यों की भूमिका अहम — विधायक अनिल कुमार त्रिपाठी संतकबीरनगर। जनपद संतकबीरनगर के ब्लॉक बघौली में आयोजित क्षेत्र पंचायत सदस्यों की बैठक में मुख्य अतिथि के रूप में मेहदावल विधायक Anil Kumar Tripathi ने पहुंचकर बैठक को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने ग्रामीण विकास योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करने पर जोर देते हुए कहा कि गांवों के विकास में क्षेत्र पंचायत सदस्यों की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है। विधायक ने कहा कि सरकार की मंशा है कि विकास की योजनाएं अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे। इसके लिए जनप्रतिनिधियों को जिम्मेदारी के साथ कार्य करना होगा और अपने क्षेत्रों की समस्याओं को गंभीरता से उठाना होगा। उन्होंने कहा कि सड़क, पेयजल, शिक्षा, स्वास्थ्य और स्वच्छता जैसी मूलभूत सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए सरकार निरंतर कार्य कर रही है। बैठक के दौरान क्षेत्र पंचायत सदस्यों ने अपने-अपने क्षेत्रों से जुड़ी समस्याओं और विकास कार्यों से संबंधित प्रस्ताव भी रखे। विधायक ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि जनहित से जुड़े मामलों का त्वरित निस्तारण सुनिश्चित किया जाए और विकास कार्यों में किसी प्रकार की लापरवाही न हो। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के समग्र विकास के लिए जनप्रतिनिधि और अधिकारी मिलकर कार्य करें, तभी सरकार की योजनाओं का लाभ आम जनता तक प्रभावी ढंग से पहुंच सकेगा। इस अवसर पर ब्लॉक के जनप्रतिनिधि, अधिकारी तथा बड़ी संख्या में क्षेत्र पंचायत सदस्य मौजूद रहे।
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    गांवों के विकास में क्षेत्र पंचायत सदस्यों की भूमिका अहम — विधायक अनिल कुमार त्रिपाठी
संतकबीरनगर। जनपद संतकबीरनगर के ब्लॉक बघौली में आयोजित क्षेत्र पंचायत सदस्यों की बैठक में मुख्य अतिथि के रूप में मेहदावल विधायक Anil Kumar Tripathi ने पहुंचकर बैठक को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने ग्रामीण विकास योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करने पर जोर देते हुए कहा कि गांवों के विकास में क्षेत्र पंचायत सदस्यों की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है।
विधायक ने कहा कि सरकार की मंशा है कि विकास की योजनाएं अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे। इसके लिए जनप्रतिनिधियों को जिम्मेदारी के साथ कार्य करना होगा और अपने क्षेत्रों की समस्याओं को गंभीरता से उठाना होगा। उन्होंने कहा कि सड़क, पेयजल, शिक्षा, स्वास्थ्य और स्वच्छता जैसी मूलभूत सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए सरकार निरंतर कार्य कर रही है।
बैठक के दौरान क्षेत्र पंचायत सदस्यों ने अपने-अपने क्षेत्रों से जुड़ी समस्याओं और विकास कार्यों से संबंधित प्रस्ताव भी रखे। विधायक ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि जनहित से जुड़े मामलों का त्वरित निस्तारण सुनिश्चित किया जाए और विकास कार्यों में किसी प्रकार की लापरवाही न हो।
उन्होंने कहा कि क्षेत्र के समग्र विकास के लिए जनप्रतिनिधि और अधिकारी मिलकर कार्य करें, तभी सरकार की योजनाओं का लाभ आम जनता तक प्रभावी ढंग से पहुंच सकेगा।
इस अवसर पर ब्लॉक के जनप्रतिनिधि, अधिकारी तथा बड़ी संख्या में क्षेत्र पंचायत सदस्य मौजूद रहे।
    user_शक्ति श्रीवास्तव बाबुल
    शक्ति श्रीवास्तव बाबुल
    खलीलाबाद, संत कबीर नगर, उत्तर प्रदेश•
    1 hr ago
  • Post by Raj A patrakaar Sant Kabir Nagar mehdawal
    1
    Post by Raj A  patrakaar Sant Kabir Nagar mehdawal
    user_Raj A  patrakaar Sant Kabir Nagar mehdawal
    Raj A patrakaar Sant Kabir Nagar mehdawal
    Farmer मेहदावल, संत कबीर नगर, उत्तर प्रदेश•
    1 hr ago
  • अभी जिस हिसाब से ईरान अमेरिका इजरायल फुल स्क्रीन वार कर रहे हैं इस हिसाब से दुनिया में बहुत ही भयानक तबाही आने वाली है और सबसे पहले जितने भी हमारे मेडलिस्ट में इंडियन भाई हैं सरकार से निवेदन है कि जल्द से जल्द उनको इंडिया बुलवाया जाए जय हिंद 🇮🇳
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    अभी जिस हिसाब से ईरान अमेरिका इजरायल फुल स्क्रीन वार कर रहे हैं इस हिसाब से दुनिया में बहुत ही भयानक तबाही आने वाली है और सबसे पहले जितने भी हमारे मेडलिस्ट में इंडियन भाई हैं सरकार से निवेदन है कि जल्द से जल्द उनको इंडिया बुलवाया जाए जय हिंद 🇮🇳
    user_अनिल कुमार गुप्ता
    अनिल कुमार गुप्ता
    Local News Reporter बस्ती, बस्ती, उत्तर प्रदेश•
    1 hr ago
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