मेवात के 'नकली गोल्ड मैन' का पर्दाफाश,टटलूबाज सकील मेव गिरफतार कामां-डीग जिला पुलिस ने अंतरराज्यीय ठगी के सबसे बड़े सिंडिकेट को ध्वस्त करते हुए 'ठगों के सरगना' शकील मेव को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया है। जुरहरा पुलिस की इस कार्यवाही ने देशभर में आतंक का पर्याय बने उस गैंग की कमर तोड़ दी है, जो 'पीतल' को 'सोना' बताकर करोड़ों रुपये डकार चुका है। "6ठी फेल ठग का लग्जरी लाइफस्टाइल: 1 करोड़ की कोठी और आलीशान सैलून!" पकड़ा गया आरोपी शकील भले ही स्कूल में फेल हो गया हो, लेकिन ठगी की दुनिया में उसने 'डॉक्टरेट' कर रखी थी। ठगी की काली कमाई से उसने ग्राम भंडारा में 1 करोड़ का अभेद्य किला (आलीशान कोठी) खड़ा कर लिया। इतना ही नहीं, अलवर में बेशकीमती जमीनों के प्लॉट और गांव में लाखों का लग्जरी सैलून उसकी अय्याशी की कहानी खुद बयां कर रहे हैं। "जेसीबी खुदाई' का वो शातिर झूठ!" शकील का जाल इतना गहरा था कि शिकार खुद चलकर उसके पास आता था। वह खुद को जेसीबी ऑपरेटर बताकर लोगों को लालच देता था कि खुदाई के दौरान उसे 'प्राचीन सोने की ईंटें' मिली हैं। सस्ते में सोना खरीदने के लालच में आकर यूपी, एमपी, गुजरात और महाराष्ट्र जैसे राज्यों के रईस अपनी गाढ़ी कमाई इस ठग के हवाले कर देते थे। ,"10 साल, 5 राज्य और 100 से ज्यादा शिकार!" पिछले एक दशक से शकील पुलिस की आंखों में धूल झोंक रहा था। राजस्थान सहित आधे हिंदुस्तान में उसने 100 से अधिक वारदातों को अंजाम दिया। लेकिन डीग एसपी शरण गोपीनाथ की विशेष रणनीति के आगे इस महाठग की चतुराई धरी की धरी रह गई। एसपी शरण गोपीनाथ ने साफ कर दिया है कि डीग जिला अब अपराधियों के लिए सुरक्षित नहीं है। पुलिस अब शकील के बैंक खातों और अन्य बेनामी संपत्तियों को खंगाल रही है। इस गिरफ्तारी से मेवात के ठगों में हड़कंप मच गया है।
मेवात के 'नकली गोल्ड मैन' का पर्दाफाश,टटलूबाज सकील मेव गिरफतार कामां-डीग जिला पुलिस ने अंतरराज्यीय ठगी के सबसे बड़े सिंडिकेट को ध्वस्त करते हुए 'ठगों के सरगना' शकील मेव को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया है। जुरहरा पुलिस की इस कार्यवाही ने देशभर में आतंक का पर्याय बने उस गैंग की कमर तोड़ दी है, जो 'पीतल' को 'सोना' बताकर करोड़ों रुपये डकार चुका है। "6ठी फेल ठग का लग्जरी लाइफस्टाइल: 1 करोड़ की कोठी और आलीशान सैलून!" पकड़ा गया आरोपी शकील भले ही स्कूल में फेल हो गया हो, लेकिन ठगी की दुनिया में उसने 'डॉक्टरेट' कर रखी थी। ठगी की काली कमाई से उसने ग्राम भंडारा में 1 करोड़ का अभेद्य किला (आलीशान कोठी) खड़ा कर लिया। इतना ही नहीं, अलवर में बेशकीमती जमीनों के प्लॉट और गांव में लाखों का लग्जरी सैलून उसकी अय्याशी की कहानी खुद बयां कर रहे हैं। "जेसीबी खुदाई' का वो शातिर झूठ!" शकील का जाल इतना गहरा था कि शिकार खुद चलकर उसके पास आता था। वह खुद को जेसीबी ऑपरेटर बताकर लोगों को लालच देता था कि खुदाई के दौरान उसे 'प्राचीन सोने की ईंटें' मिली हैं। सस्ते में सोना खरीदने के लालच में आकर यूपी, एमपी, गुजरात और महाराष्ट्र जैसे राज्यों के रईस अपनी गाढ़ी कमाई इस ठग के हवाले कर देते थे। ,"10 साल, 5 राज्य और 100 से ज्यादा शिकार!" पिछले एक दशक से शकील पुलिस की आंखों में धूल झोंक रहा था। राजस्थान सहित आधे हिंदुस्तान में उसने 100 से अधिक वारदातों को अंजाम दिया। लेकिन डीग एसपी शरण गोपीनाथ की विशेष रणनीति के आगे इस महाठग की चतुराई धरी की धरी रह गई। एसपी शरण गोपीनाथ ने साफ कर दिया है कि डीग जिला अब अपराधियों के लिए सुरक्षित नहीं है। पुलिस अब शकील के बैंक खातों और अन्य बेनामी संपत्तियों को खंगाल रही है। इस गिरफ्तारी से मेवात के ठगों में हड़कंप मच गया है।
- मथुरा जनपद के कोसीकला के ईदगाह के समीप बाहर खेल रहे एक बच्चे को आवारा कुत्ते ने हमला बोल दिया जिससे 12 वर्षीय बच्चा गंभीर रूप से घायल हो गया और खून से लथपथ हो गया बच्चे की की पुकार सुनकर लोगों ने पत्थर मारकर बच्चे को छुड़ाया और नजदीकी अस्पताल में कराया भर्ती1
- जरहरा पाही असलम का फुल प्रोग्रामf SC gfdndbdjejdbdnfcbdjdbfjxbrvfxjxbvdjxv dhdjdhjd dhjdnejsdn ejxjjxdh ejfjxnxmdhjsb ईशा श्राद्ध एब्स इज़्ज़त शब्द धन ब्रजडंस djsjfb संदर्धन। स्वर्ण xf shfbz1
- Post by Rajesh Kumar1
- “ये पागलपन नहीं है… ये भक्ति है! आगरा से वृंदावन तक… ये युवा कार को खींचते हुए निकल पड़े!” खबर को आखिर तक देखें कमेंट बॉक्स में राधे-राधे जरूर लिखें आपकी मनोकामनाएं पूर्ण होगी “जी हाँ… 4 पहिया गाड़ी… और ये युवा अपने हाथों से खींच रहे हैं… सिर्फ एक वजह से…” “प्रेमानंद महाराज के दर्शन!” “हमें महाराज जी के दर्शन करने हैं… वो हमारे लिए प्रेरणा हैं… राधे-राधे नाम से जीवन बदल जाता हैं “आज के दौर में जहां युवा फोन में खोए हैं… वहीं ये युवा भक्ति में खो गए हैं…” “ना थकान… ना शिकायत… बस एक ही नाम — राधे राधे कदम-कदम पर भक्ति… और आंखों में विश्वास…” “आखिर क्यों बढ़ रही है प्रेमानंद महाराज के प्रति इतनी आस्था?” 👉 “क्योंकि यहां मिलता है सुकून…” 👉 “क्योंकि यहां मिलती है सच्ची भक्ति…” 👉 “और क्योंकि यहां बदलती है जिंदगी…” “युवाओं की एक ही अपील… ‘हमारी ये वीडियो महाराज जी तक पहुंचा दो… ताकि हमें दर्शन मिल सके…’ “क्या आप भी मानते हैं कि राधे-राधे नाम में शक्ति है? कमेंट में लिखें — राधे राधे और वीडियो को शेयर जरूर करें!”1
- मथुरा टैंक चौराहे पर तेज रफ्तार का कहर, दो गाड़ियों की भिड़ंत में उड़े गाड़ियों के परखच्चे वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल1
- जनपद मथुरा की सार्वजनिक जगह छाता तहसील परिसर में सार्वजनिक रूप से नमाज पढ़ने का मामला बुधवार को शाम प्रकाश में आया है, और मामला तूल पकड़ता जा रहा है। प्रशासनिक सभागार के सामने खुलेआम नमाज पढ़ने की घटना ने कानून व्यवस्था और सरकारी परिसर की मर्यादा पर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि नमाजियों के मन में कानून का कोई भय नहीं रह गया है। आम जनता ने जताई कड़ी आपत्ति तहसील छाता में अपने कार्यों के लिए आए आम नागरिकों और अधिवक्ताओं ने इस पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। लोगों का कहना है कि तहसील एक सरकारी कार्यालय है, जहाँ सभी धर्मों के लोग अपने काम के लिए आते हैं। यहाँ किसी भी प्रकार की धार्मिक गतिविधि के लिए सार्वजनिक स्थान का उपयोग करना अनुचित है। "सरकारी परिसरों का उपयोग केवल प्रशासनिक कार्यों के लिए होना चाहिए। सार्वजनिक रास्तों या दफ्तरों में नमाज पढ़ने से दूसरों को असुविधा होती है और यह नियमों का उल्लंघन है।" कानून की अनदेखी पर उठे सवाल हाल के दिनों में विभिन्न अदालतों और प्रशासन द्वारा सार्वजनिक स्थानों पर धार्मिक गतिविधियों को लेकर स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं। इसके बावजूद तहसील परिसर छाता में तहसील सभागार महिला शौचालय सामने हुई इस घटना ने स्थानीय प्रशासन की मुस्तैदी पर सवालिया निशान लगा दिया है। लोगों का आरोप है कि नियमों की अनदेखी के कारण ही ऐसी घटनाओं को बढ़ावा मिल रहा3
- मथुरा जनपद के कोसीकलां के ग्राम देहगांव मे पृथ्वी दिवस पर निकल गई स्वच्छता रैली जिसमें रैली का मुख्य उद्देश्य बच्चों और ग्रामीण समुदाय में स्वच्छता पर्यावरण संरक्षण और जिम्मेदार नागरिकों के प्रति जागरूकता करना1
- Post by Rajesh Kumar1
- Post by RPR NEWS TV1