Shuru
Apke Nagar Ki App…
ballora pahar
Deepak
ballora pahar
More news from Niwari and nearby areas
- Post by Deepak1
- टीकमगढ़: भरे तालाब में जीर्णोद्धार! मालपीथा पंचायत का तालाब बना भ्रष्टाचार का मॉडल? टीकमगढ़ जिले के जतारा जनपद अंतर्गत गोर सेक्टर की ग्राम पंचायत मालपीथा में भिटारा तालाब के जीर्णोद्धार निर्माण कार्य को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि जिस तालाब का जीर्णोद्धार किया जा रहा है, उसमें अभी भी पर्याप्त मात्रा में पानी भरा हुआ है। ऐसे में बिना तालाब खाली कराए निर्माण कार्य शुरू कर देना, अपने आप में संदेह पैदा करता है। जब तालाब भरा है, तो फिर इतनी जल्दबाज़ी क्यों? स्थानीय ग्रामीणों ने सवाल उठाया है कि सरपंच और उपयंत्री (सब इंजीनियर) को आखिर ऐसी क्या मजबूरी थी कि पानी भरे तालाब में ही मशीनें उतार दी गईं। क्या यह कार्य गुणवत्ता और नियमों के अनुरूप है, या फिर केवल कागजों में काम दिखाने की तैयारी? शासन के निर्देशों की खुली अनदेखी शासन के स्पष्ट निर्देश हैं कि तालाब जीर्णोद्धार के दौरान मिट्टी तालाब के अंदर से ही निकालकर उसके बंधान पर लगाई जाए, ताकि लागत कम हो और प्राकृतिक संरचना बनी रहे। लेकिन मालपीथा के भिटारा तालाब में यह नियम ताक पर रख दिया गया। 👉 दूसरी जगहों से ट्रैक्टर और जेसीबी मशीनों द्वारा मिट्टी लाकर डाली जा रही है, जिससे मशीनों के उपयोग और परिवहन के नाम पर खर्च बढ़ाया जा सके। पहले से सही बेस्ट वियर, फिर नया क्यों? ग्रामीणों ने यह भी बताया कि इस तालाब का बेस्ट वियर पहले से ही पूरी तरह सुरक्षित और सही स्थिति में मौजूद है। इसके बावजूद इस्तीमेट में नया बेस्ट वियर बनाने के लिए अलग से राशि जोड़ दी गई, जो शासन की राशि के संभावित दुरुपयोग की ओर इशारा करती है। सब इंजीनियर की भूमिका पर सवाल इस पूरे निर्माण कार्य में सब इंजीनियर की भूमिका पर सबसे ज्यादा सवाल उठ रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि तकनीकी स्वीकृति और निरीक्षण में जानबूझकर अनियमितताओं को नजरअंदाज किया जा रहा है। ग्रामीणों की मांग ग्रामीणों ने मांग की है कि: इस निर्माण कार्य की उच्च स्तरीय जांच कराई जाए मशीनों के उपयोग और मिट्टी परिवहन की माप पुस्तिका (MB) की जांच हो दोषी पाए जाने पर सरपंच, और संबंधित इंजीनियर पर कार्रवाई की जाए अब बड़ा सवाल यह है कि क्या प्रशासन इस “भरे तालाब के जीर्णोद्धार” की गुत्थी सुलझाएगा या फिर यह मामला भी फाइलों में दबकर रह जाएगा?2
- झांसी में धूमधाम से मनाया गया 77वां गणतंत्र दिवस जिलाधिकारी मृदुल कुमार चौधरी ने कार्यालय परिसर में झंडारोहण किया । इसके बाद किले में मुख्य कार्यक्रम का आयोजन किया। किले पर जिलाधिकारी ने अन्य अधिकारियों तथा स्वतंत्रता सेनानियों के साथ झंडारोहण किया और तिरंगे गुब्बारे आसमान में छोड़े। इस अवसर पर जिलाधिकारी ने सभी लोगों से गणतंत्र दिवस की बधाई देते हुए कहा कि सभी जनपदवासी आज के दिन संविधान की शपथ लें। अपने अधिकारों के साथ-साथ कर्तव्यों को भी पूरा करने की शपथ लें। रिपोर्ट प्रदीप यादव दादा पत्रकार बबीना झांसी1
- झांसी जिला अस्पताल के अंदर नेत्र परीक्षण 14 नंबर कमरा सीट पर नही आंखों की जांच करने वाला डॉक्टर मरीज हो रहे हैं परेशान और यहां पर दलालों का बोलबाला ज्यादा नजर आ रहा। झांसी जिला अस्पताल जैसी जगह पर मरीजों को इस तरह की अव्यवस्था का सामना करना पड़ रहा है। जब सरकारी अस्पतालों में डॉक्टर अपनी सीट पर नहीं होते, तो सबसे ज्यादा मार उन गरीब मरीजों पर पड़ती है जो दूर-दराज के गांवों से उम्मीद लेकर आते हैं।1
- कुशवाहा समाज झाँसी द्वारा दिनांक- 26 जनवरी 2026 को 77 वां गणतंत्र दिवस मनाया गया। #JanAdhikarParty #गरीब_हो_या_धनवान_सब_की_शिक्षा_एक_समान #जिसकी_जितनी_जनसंख्या_उसकी_उतनी_हिस्सेदारी #BabuSinghKushwaha #PDA #highlights #jap #highlightseveryone #janadhikarpaartyuttarpradesh #highlight #PDA जिसकी जितनी संख्या भारी, उसकी उतनी हिस्सेदारी गरीब हो या हो धनवान, सब की शिक्षा एक समान जन अधिकार पार्टी जिंदाबाद माननीय श्री बाबू सिंह कुशवाहा जिंदाबाद माननीया श्रीमती शिवकन्या कुशवाहा जिंदाबाद #foryou #viralpost2025 #viralvideoシ #nonfollowers #trending #election #jantakehit #instagramreels #viralnews #viralkhabar #uttarpradesh #madhyapradesh #newsinreel #news #bundelkhand #bundelkhandnews #viral #trending #reel1
- यूपी के झांसी के रहने वाले रिटायर्ड रेलवे कर्मचारी राम सिंह परिहार ने अपनी 35 साल की लिव-इन पार्टनर प्रीति का मर्डर कर दिया और उसकी लाश को एक नीले ट्रंक में भरकर आग लगा दी। राम सिंह परिहार ने दावा किया कि प्रीति उसे झूठे रेप केस में फंसाने की धमकी देकर उससे बहुत सारे पैसे ऐंठ रही थी। उसने फिर से उससे 3 लाख रुपये मांगे। उसने 2 लाख रुपये का इंतज़ाम किया, लेकिन प्रीति 3 लाख रुपये से कम पर तैयार नहीं थी। परेशान होकर राम सिंह ने उसका मर्डर कर दिया। किसी भी वजह से मर्डर को सही नहीं ठहराया जा सकता, लेकिन क्या इस जुर्म के लिए सिर्फ़ राम सिंह को ही दोषी ठहराया जाना चाहिए?1
- हमारे दादाजी अंतिम विदाई ले चुके हैं1
- यह शॉर्ट फिल्म महाकुंभ, आस्था और सामाजिक हकीकत के बीच छिपी दोहरी नीति को बेबाकी से उजागर करती है। कहानी एक ऐसे शूद्र/अछूत व्यक्ति के संघर्ष को दर्शाती है, जो महाकुंभ में स्नान कर अपनी दरिद्रता और सामाजिक अपमान को धोने की कोशिश करता है, लेकिन उसे समझ आता है कि शोषण और अन्याय सिर्फ पानी से नहीं धुलते। यह नाटक समाज में एक वर्ग पर हो रहे अत्याचार, जुल्म और भेदभाव की सच्चाई को संवेदनशील लेकिन तीखे तरीके से सामने लाता है। इस शॉर्ट फिल्म में दिखाए गए सभी पात्र पूरी तरह काल्पनिक हैं और इसका उद्देश्य किसी भी जाति, धर्म या पंथ की भावनाओं को ठेस पहुँचाना नहीं है, बल्कि समाज में व्याप्त पाखंड, अंधविश्वास और दोहरे मापदंडों का पर्दाफाश करना है। लेखक, निर्माता और निर्देशक गौतम कुमार द्वारा रचित यह फिल्म Rational Films Production की टीम के सामूहिक प्रयास का परिणाम है। समाज को आईना दिखाने वाली यह विचारोत्तेजक शॉर्ट फिल्म एक बार जरूर देखें। #MahakumbhReality #AntiCaste #SocialAwarenessFilm #MahaKumbh #Mahakumbh2026 #MahakumbhMela #Kumbhmela #MahakumbhFilm #MahakumbhSong #MahakumbhNatak #MahaKumbhBhagdad #MahakumbhiFire #IITBaba #RationalFilmsProduction #Bahujanwood #RationalFilms #RationalFilm #Andhvishwas1