इंदौर में दिल्ली के जंतर-मंतर से शुरू हुए देशव्यापी आंदोलन के बीच प्रदर्शनकारी प्रहलाद पांडे और संगीता चौधरी हाथों में किताब और अन्य सामग्री लेकर नंदा नगर स्थित कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के निवास पर पहुंचे। दोनों के वहां पहुंचते ही पुलिस ने मोर्चा संभाल लिया और शांति-व्यवस्था बनाए रखने के लिए उन्हें अस्थायी रूप से हिरासत में लेकर थाने रवाना कर दिया। दरअसल, सोशल मीडिया पर कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय और नेता प्रतिपक्ष से जुड़ा एक वीडियो वायरल हुआ था। इसी वीडियो में कही गई बातों को लेकर दोनों प्रदर्शनकारी मंत्री से बातचीत करने पहुंचे थे। हालांकि, जिस समय यह घटनाक्रम हुआ, उस समय कैबिनेट मंत्री भोपाल में चल रहे विधानसभा सत्र में मौजूद थे और अपने इंदौर स्थित निवास पर नहीं थे। छात्रों और विभिन्न संगठनों द्वारा देश भर में किए जा रहे विरोध प्रदर्शन को देखते हुए पुलिस ने किसी भी अप्रिय स्थिति से बचने के लिए मंत्री के आवास पर पहले से ही भारी पुलिस बल तैनात कर रखा था। इंदौर की एसीपी हिमानी मिश्रा और पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पूरे घटनाक्रम के दौरान स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में रही और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक सुरक्षा इंतजाम किए गए थे।
इंदौर में दिल्ली के जंतर-मंतर से शुरू हुए देशव्यापी आंदोलन के बीच प्रदर्शनकारी प्रहलाद पांडे और संगीता चौधरी हाथों में किताब और अन्य सामग्री लेकर नंदा नगर स्थित कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के निवास पर पहुंचे। दोनों के वहां पहुंचते ही पुलिस ने मोर्चा संभाल लिया और शांति-व्यवस्था बनाए रखने के लिए उन्हें अस्थायी रूप से हिरासत में लेकर थाने रवाना कर दिया। दरअसल, सोशल मीडिया पर कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय और नेता प्रतिपक्ष से जुड़ा एक वीडियो वायरल हुआ था। इसी वीडियो में कही गई बातों को लेकर दोनों प्रदर्शनकारी मंत्री से बातचीत करने पहुंचे थे। हालांकि, जिस समय यह घटनाक्रम हुआ, उस समय कैबिनेट मंत्री भोपाल में चल रहे विधानसभा सत्र में मौजूद थे और अपने इंदौर स्थित निवास पर नहीं थे। छात्रों और विभिन्न संगठनों द्वारा देश भर में किए जा रहे विरोध प्रदर्शन को देखते हुए पुलिस ने किसी भी अप्रिय स्थिति से बचने के लिए मंत्री के आवास पर पहले से ही भारी पुलिस बल तैनात कर रखा था। इंदौर की एसीपी हिमानी मिश्रा और पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पूरे घटनाक्रम के दौरान स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में रही और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक सुरक्षा इंतजाम किए गए थे।
- इंदौर में दिल्ली के जंतर-मंतर से शुरू हुए देशव्यापी आंदोलन के बीच प्रदर्शनकारी प्रहलाद पांडे और संगीता चौधरी हाथों में किताब और अन्य सामग्री लेकर नंदा नगर स्थित कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के निवास पर पहुंचे। दोनों के वहां पहुंचते ही पुलिस ने मोर्चा संभाल लिया और शांति-व्यवस्था बनाए रखने के लिए उन्हें अस्थायी रूप से हिरासत में लेकर थाने रवाना कर दिया। दरअसल, सोशल मीडिया पर कैबिनेट मंत्री कैलाश विजयवर्गीय और नेता प्रतिपक्ष से जुड़ा एक वीडियो वायरल हुआ था। इसी वीडियो में कही गई बातों को लेकर दोनों प्रदर्शनकारी मंत्री से बातचीत करने पहुंचे थे। हालांकि, जिस समय यह घटनाक्रम हुआ, उस समय कैबिनेट मंत्री भोपाल में चल रहे विधानसभा सत्र में मौजूद थे और अपने इंदौर स्थित निवास पर नहीं थे। छात्रों और विभिन्न संगठनों द्वारा देश भर में किए जा रहे विरोध प्रदर्शन को देखते हुए पुलिस ने किसी भी अप्रिय स्थिति से बचने के लिए मंत्री के आवास पर पहले से ही भारी पुलिस बल तैनात कर रखा था। इंदौर की एसीपी हिमानी मिश्रा और पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पूरे घटनाक्रम के दौरान स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में रही और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक सुरक्षा इंतजाम किए गए थे।1
- इंदौर के होलकर विज्ञान महाविद्यालय में कथित फीस घोटाले को लेकर करणी सेना ने प्रदर्शन किया है। महाविद्यालय में सामने आए इस कथित फीस घोटाले के विरोध में करणी सेना की ओर से यह प्रदर्शन किया गया है।1
- इंदौर के छोटा गणपति में मेट्रो स्टेशन निर्माण के लिए की जा रही खुदाई का स्थानीय रहवासियों ने विरोध किया है। इलाके में बड़ी ड्रिल मशीन से की जा रही खुदाई के कारण लोगों को लगातार भूकंप जैसे झटके महसूस हो रहे हैं। रात भर चली इस खुदाई की वजह से बच्चों की नींद पूरी तरह हराम हो गई। भारी परेशानी का सामना कर रहे रहवासियों ने अंततः निर्माण स्थल पर एकत्र होकर अपना विरोध जताया।1
- मध्य प्रदेश के ग्राम हिरापुर की एक पीड़ित महिला मकान निर्माण के लिए खुटी न मिलने के कारण पिछले एक साल से न्याय की आस में भटक रही है। इस मामले में राहत न मिलने पर महिला ने मुख्यमंत्री और कलेक्टर से गुहार लगाई है। पीड़ित महिला ने सवाल उठाते हुए कहा है कि जब गांव के अन्य लोगों को मकान निर्माण के लिए खुटी मिल गई, तो आखिर उसे ही इससे वंचित क्यों रखा गया है।1
- इंदौर के महू में कैंटोनमेंट बोर्ड द्वारा शहर में अतिक्रमण हटाओ मुहिम शुरू की गई है। इस कार्रवाई के तहत व्यापार होटल क्षेत्र में दुकानदारों का सामान हटाया गया है। इसी अभियान के अंतर्गत सोमवार को चना गोदाम क्षेत्र से 10 मकान तोड़े गए थे। महू कैंट बोर्ड द्वारा लगातार अतिक्रमण हटाने और दुकानदारों का सामान हटाने की कार्रवाई की जा रही है।1
- इंदौर के हीरा नगर थाना क्षेत्र में शादी का झांसा देकर शारीरिक संबंध बनाने और आपत्तिजनक फोटो-वीडियो वायरल करने की धमकी देने का मामला सामने आया है। इंदौर की एसीपी रुबीना मिजवानी के अनुसार, पीड़िता ने दर्ज शिकायत में बताया है कि उसकी दोस्ती हर्ष नाम के युवक से हुई थी। आरोप है कि युवक ने शादी का वादा करके उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए और इस दौरान उसके फोटो व वीडियो भी रिकॉर्ड कर लिए। बाद में जब पीड़िता ने शादी करने की बात रखी, तो आरोपी ने शादी से साफ इनकार कर दिया। पीड़िता के मुताबिक, आरोपी ने कथित तौर पर उसके फोटो और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी भी दी। पीड़िता की शिकायत के आधार पर हीरा नगर पुलिस ने संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस की टीम पूरे घटनाक्रम की गहनता से जांच कर रही है।1
- मध्य प्रदेश में मंत्री कैलाश विजयवर्गीय अकेले ही बेबाक अंदाज में कांग्रेस के धरने में पहुंचे।1
- इन्दौर के ग्राम हिरापुर की एक पीड़ित महिला मकान निर्माण के लिए खुटी न मिलने के कारण पिछले एक साल से न्याय की आस में भटक रही है। अपनी इस समस्या को लेकर पीड़ित महिला ने मुख्यमंत्री और कलेक्टर से गुहार लगाई है। अपने साथ हो रहे पक्षपात पर सवाल उठाते हुए महिला ने कहा, "जब गांव के अन्य लोगों को मिल गई खुटी, तो मुझे क्यों रखा गया वंचित?"1
- छात्रों के प्रदर्शन और उस पर हुई पुलिस की कार्रवाई के मामले में अब कोर्ट का बड़ा फैसला सामने आया है।1