Shuru
Apke Nagar Ki App…
जनपद गाजियाबाद के जिलाधिकारी रविंद्र कुमार ने मसूरी थाना क्षेत्र के डासना में 270 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य की सरकारी जमीन को कब्जे से मुक्त कराया है। इस कार्रवाई की विशेष रिपोर्ट गाजियाबाद ब्यूरो चीफ हरीश कुमार ने दुनिया डायरेक्ट राष्ट्रीय हिंदी समाचार पत्र के लिए प्रस्तुत की है।
Patrkar Harish Kumar Media
जनपद गाजियाबाद के जिलाधिकारी रविंद्र कुमार ने मसूरी थाना क्षेत्र के डासना में 270 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य की सरकारी जमीन को कब्जे से मुक्त कराया है। इस कार्रवाई की विशेष रिपोर्ट गाजियाबाद ब्यूरो चीफ हरीश कुमार ने दुनिया डायरेक्ट राष्ट्रीय हिंदी समाचार पत्र के लिए प्रस्तुत की है।
More news from Uttar Pradesh and nearby areas
- सीतापुर के टाउनहॉल इलाके में आज सुबह अवैध कब्जे पर प्रशासन का बुलडोजर चला है। समाजवादी पार्टी का कार्यालय अवैध ढंग से नजूल की जमीन पर कब्जा करके बनाया गया था, जिस पर सुबह करीब 5 बजे कार्रवाई की गई। इस कार्रवाई में पाँच जेसीबी मशीनों ने कुछ ही देर में अवैध निर्माण को जमींदोज कर दिया। प्रशासन का दावा है कि अवैध कब्जे पर बने इस सपा कार्यालय को हटाने के लिए पहले नोटिस दिया गया था। जानकारी के अनुसार, लंबे समय से चल रही खाली कराने की प्रक्रिया के तहत दो दिन पहले ही सपा कार्यालय खाली कर दिया गया था, लेकिन नोटिस के बावजूद जब अवैध कब्जा नहीं हटा तो यह कार्रवाई की गई।1
- जनपद गाजियाबाद के जिलाधिकारी रविंद्र कुमार ने मसूरी थाना क्षेत्र के डासना में 270 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य की सरकारी जमीन को कब्जे से मुक्त कराया है। इस कार्रवाई की विशेष रिपोर्ट गाजियाबाद ब्यूरो चीफ हरीश कुमार ने दुनिया डायरेक्ट राष्ट्रीय हिंदी समाचार पत्र के लिए प्रस्तुत की है।3
- सरकार पर छात्रों की पीड़ा और उनकी मानसिक स्थिति को समझने में विफल रहने का गंभीर आरोप लगाया गया है। प्रधानमंत्री के कार्यकाल में बार-बार पेपर लीक होने की घटनाओं के कारण छात्रों को लगातार अनिश्चितता, असमंजस और अत्यधिक मानसिक तनाव का सामना करना पड़ रहा है। इस स्थिति के लिए सीधे तौर पर सरकार की गलतियों और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के 'निकम्मेपन' को जिम्मेदार ठहराया गया है, जिसकी सज़ा देश के बच्चे और उनके परिवार भुगत रहे हैं। परीक्षा व्यवस्था लगातार सवालों के घेरे में रही है, और इसके बावजूद छात्रों के लिए कुछ मिनट का बफर टाइम या किसी भी तरह की राहत का प्रावधान न होने पर चिंता व्यक्त की गई है। इसका एक उदाहरण मध्य प्रदेश के विदिशा में हुए नीट री-एग्जाम के दौरान सामने आया, जहाँ महज़ दो मिनट की देरी के कारण तीन छात्रों की सालों की मेहनत पर पानी फिर गया। इन घटनाओं से व्यथित छात्र गेट बंद होने पर रोते हुए भी देखे गए। इस पूरे मामले को 'धृतराष्ट्र की तरह सब कुछ जानते हुए भी आँखें मूंदे बैठे रहने' जैसा बताते हुए इसे महापाप करार दिया गया है।1
- वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक दिनेश कुमार सिंह के निर्देश पर औरंगाबाद पुलिस और स्वाट टीम ने रविवार को एक संयुक्त अभियान चलाया। इस कार्रवाई के दौरान, पुलिस टीम ने लखावटी नहर पुल के पास से चार नशा तस्करों को गिरफ्तार किया। तलाशी में उनके पास से 166 किलो 750 ग्राम अवैध गांजा, 4 मोबाइल फोन और 1 अर्टिगा कार बरामद की गई। एसपी सिटी अभिषेक प्रताप और सीओ सिटी प्रखर पाण्डे ने बताया कि बरामद गांजे की कीमत लगभग 25 लाख रुपये है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान गौतमबुद्धनगर जनपद के अच्छेजा निवासी अंकित और मोहनीश, तथा प्रयागराज निवासी सुनील नोनिया और राहुल कुमार के रूप में हुई है। पुलिस ने चारों आरोपियों के खिलाफ औरंगाबाद थाने में मुकदमा दर्ज कर उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। अधिकारियों ने यह भी बताया कि मादक पदार्थों की तस्करी करने वालों के खिलाफ यह अभियान आगे भी जारी रहेगा।2
- उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ में आयोजित जनता दर्शन कार्यक्रम के दौरान लोगों की समस्याएं सुनीं। इस अवसर पर, मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी शिकायतों का समयबद्ध और प्रभावी समाधान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने इस बात पर विशेष जोर दिया कि किसी भी फरियादी को अपनी समस्याओं के निवारण के लिए अनावश्यक रूप से परेशान न होना पड़े।1
- गाजियाबाद के भोजपुर थाना क्षेत्र में दिल्ली मेरठ एक्सप्रेसवे पर एक भीषण सड़क हादसा हुआ है। बस के टायर चेक कर रहे ड्राइवर और कंडक्टर को एक ब्रेजा कार ने कुचल दिया। इस दर्दनाक हादसे में ड्राइवर की अस्पताल पहुँचने से पहले ही मौत हो गई, जबकि कंडक्टर की हालत गंभीर बनी हुई है। मृतक ड्राइवर की पहचान मुजफ्फरनगर निवासी नितिन बालियान के रूप में हुई है। वहीं, दिल्ली निवासी कंडक्टर अनुराग त्यागी गंभीर रूप से घायल हैं। पुलिस ने ब्रेजा कार को अपने कब्जे में ले लिया है, जबकि कार चालक की तलाश लगातार जारी है। दिल्ली मेरठ एक्सप्रेसवे पर हुए इस हादसे को तेज रफ्तार का कहर बताया जा रहा है।1