प्राचीन गुप्तेश्वर महादेव धाम में पहुंचे हजारों श्रद्धालु की पुजा अर्चना प्रशासन के पुख्ता इंतजाम आठनेर से पांच किलोमीटर दूर ऊंची पहाड़ियों में स्थित प्राचीन गुप्तेश्वर शिव धाम में आज महाशिवरात्रि पर्व पर हजारों लोग पुजा अर्चना करने पहुंचे। सुबह से ही लोग कतारों में लगकर दर्शन करते नजर आए। गुप्तेश्वर समिति और प्रशासन के यहा पुख्ता इंतजाम देखें गये। चलों आपको इस प्राचीन स्थल की के उद्गम से जुड़ी एक प्राचीन कथा है कहा जाता है कि प्राचीन समय में इस घने पहाड़ी जंगल में एक चरवाहे को दिव्य दर्शन के साथ इस गुप्तेश्वर महादेव धाम की खोज बताई गई चरवाहे ने जब खुदाई की तो प्राचीन शिवलिंग के दर्शन हुए पहाड़ीयों से निकलती जल धारा आज भी इस शिवलिंग का निरंतर जलाभिषेक करती है मान्यता है कि सच्चे मन से यहा जो मांगता है उसकी हर मनोकामना पूरी होती है महाशिवरात्रि पर यहा मेला लगता है महाराष्ट्र सहित एमपी के हजारों लोगों की इस स्थल से आस्था जुड़ी हुई है।
प्राचीन गुप्तेश्वर महादेव धाम में पहुंचे हजारों श्रद्धालु की पुजा अर्चना प्रशासन के पुख्ता इंतजाम आठनेर से पांच किलोमीटर दूर ऊंची पहाड़ियों में स्थित प्राचीन गुप्तेश्वर शिव धाम में आज महाशिवरात्रि पर्व पर हजारों लोग पुजा अर्चना करने पहुंचे। सुबह से ही लोग कतारों में लगकर दर्शन करते नजर आए। गुप्तेश्वर समिति और प्रशासन के यहा पुख्ता इंतजाम देखें गये। चलों आपको इस प्राचीन स्थल की के उद्गम से जुड़ी एक प्राचीन कथा है कहा जाता है कि प्राचीन समय में इस घने पहाड़ी जंगल में एक चरवाहे को दिव्य दर्शन के साथ इस गुप्तेश्वर महादेव धाम की खोज बताई गई चरवाहे ने जब खुदाई की तो प्राचीन शिवलिंग के दर्शन हुए पहाड़ीयों से निकलती जल धारा आज भी इस शिवलिंग का निरंतर जलाभिषेक करती है मान्यता है कि सच्चे मन से यहा जो मांगता है उसकी हर मनोकामना पूरी होती है महाशिवरात्रि पर यहा मेला लगता है महाराष्ट्र सहित एमपी के हजारों लोगों की इस स्थल से आस्था जुड़ी हुई है।
- आठनेर से पांच किलोमीटर दूर ऊंची पहाड़ियों में स्थित प्राचीन गुप्तेश्वर शिव धाम में आज महाशिवरात्रि पर्व पर हजारों लोग पुजा अर्चना करने पहुंचे। सुबह से ही लोग कतारों में लगकर दर्शन करते नजर आए। गुप्तेश्वर समिति और प्रशासन के यहा पुख्ता इंतजाम देखें गये। चलों आपको इस प्राचीन स्थल की के उद्गम से जुड़ी एक प्राचीन कथा है कहा जाता है कि प्राचीन समय में इस घने पहाड़ी जंगल में एक चरवाहे को दिव्य दर्शन के साथ इस गुप्तेश्वर महादेव धाम की खोज बताई गई चरवाहे ने जब खुदाई की तो प्राचीन शिवलिंग के दर्शन हुए पहाड़ीयों से निकलती जल धारा आज भी इस शिवलिंग का निरंतर जलाभिषेक करती है मान्यता है कि सच्चे मन से यहा जो मांगता है उसकी हर मनोकामना पूरी होती है महाशिवरात्रि पर यहा मेला लगता है महाराष्ट्र सहित एमपी के हजारों लोगों की इस स्थल से आस्था जुड़ी हुई है।1
- सारबर्दीके महादेव मे भक्तो की जन सैलाब उमड़ा जिसे कापी भक्त गण मे आ पहुंचा3
- सर्विस लाइन का केबल कटे होने से कड़बे से भरी ट्रेक्टर ट्राली में लगी आग । ट्रैक्टर ड्राइवर की सूझबूझ से टली बड़ी दुर्घटना । भैंसदेही:- ग्राम झल्लार के पास अभी अभी एक घटना घटित हुई जिसमें कटे हुए केबल ने नीचे से ट्रैक्टर ट्राली जाने पर ट्राली में अचानक आग लग गई । आम रास्ते के ऊपर से लगे सर्विस लाइन का केवल कटे होने के कारण उसके नीचे से कड़बा भरकर जा रहे ट्रैक्टर ट्राली का कटे हुए केवल से घर्षण होने पर ट्रैक्टर ट्राली मे भरे कड़बे में अचानक आग लग गई जिसे देख ट्रैक्टर ड्राइवर ने हिम्मत ना हारते हुए अपनी सूझबूझ का परिचय देते हुए जलती हुई ट्राली को पानी से भरे नाले में ले जाकर डाल दिया जिससे एक बहुत बड़ी दुर्घटना होते होते टल गई।2
- धूमधाम से मनाया गया महाशिवरात्रि पर्व, शिवालयों में भारी भीड़, काशीविश्वनाथ, बैजनाथ, महाकालेश्वर, ओम्कारेश्वर, सोमनाथ में महारूद्राभिषेक का आयोजन, योगी आदित्यनाथ और चिराग पासवान ने किया महारूद्राभिषेक..देखिए महाशिवरात्रि पर आयोजित महारूद्राभिषेक की झलकियां राजपथ न्यूज़ पर ..1
- बैतूल के मुलताई में नेशनल हाइवे 47 पर महाकाल ढाबे के पास पशु आहार से भरा ट्रक पलटा, डॉयवर क्लीनर हुए घायल1
- Post by NARESH MANDEKAR4
- Post by Gulshan Digital1
- भैसदेही में प्राचीन शिव मंदिर पर मंदिर प्रांगण के बाहर आए हुए भक्तों को गन्ने के जूस का रसपान करवाया जिससे भक्ति भक्ति में लीन भी रहे और उन्हें भूख और प्यास भी ना रहना पड़े ऐसी व्यवस्था महाशिवरात्रि के दिन भक्तों ने आए हुए श्रद्धालुओं के लिए किया1