घर में निकला विशाल धामन सांप, मची अफरा-तफरी संवाददाता आनंद गोस्वामी घर में निकला विशाल धामन सांप, मची अफरा-तफरी संवाददाता आनंद गोस्वामी रामगोविंद की टीम ने एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद किया सुरक्षित रेस्क्यू, दूर जंगलनुमा क्षेत्र में छोड़ा सांप के पकड़े जाने के बाद परिजनों ने ली राहत की सांस, प्रधानाचार्य ने रेस्क्यू टीम की जमकर सराहना की पलिया खीरी। पलिया नगर के सुभाष नगर मोहल्ले में स्थित बलदेव वैदिक इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य डीएल भार्गव के आवास में सोमवार को धामन सांप निकल आने से हड़कंप मच गया। घर के भीतर सांप दिखाई देने के बाद परिजनों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और काफी देर तक लोग भयभीत रहे। सांप की सूचना तत्काल वन्यजीव रक्षक रामगोविंद को दी गई। सूचना मिलते ही रामगोविंद अपनी रेस्क्यू टीम के साथ मौके पर पहुंचे और बेहद सावधानी के साथ सांप को पकड़ने का अभियान शुरू किया। करीब एक घंटे तक चली कड़ी मशक्कत के बाद टीम ने धामन सांप को सुरक्षित रेस्क्यू कर लिया। कुशल रेस्क्यू से टला बड़ा खतरा रेस्क्यू के दौरान टीम ने पूरी सावधानी बरतते हुए सांप को सुरक्षित तरीके से काबू में किया। सांप के रेस्क्यू होते ही घर में मौजूद परिजनों के साथ-साथ आसपास के लोगों ने भी राहत की सांस ली। प्रधानाचार्य डीएल भार्गव ने वन्यजीव रक्षक रामगोविंद और उनकी पूरी टीम के प्रयासों की जमकर सराहना की। उन्होंने कहा कि टीम ने जिस सूझबूझ और साहस के साथ सांप को सुरक्षित बाहर निकाला, वह सराहनीय है। शहर से दूर सुरक्षित स्थान पर छोड़ा गया धामन रेस्क्यू के बाद धामन सांप को किसी प्रकार की क्षति पहुंचाए बिना सुरक्षित तरीके से शहर से काफी दूर निघासन मार्ग पर स्थित जलस्रोत के पास प्राकृतिक एवं सुरक्षित वातावरण में छोड़ दिया गया। सांप के सुरक्षित रेस्क्यू और उसे प्राकृतिक वातावरण में छोड़े जाने के बाद परिजनों सहित आसपास के लोगों ने राहत की सांस ली। वहीं वन्यजीव रक्षक रामगोविंद की टीम के इस सराहनीय कार्य की क्षेत्र में प्रशंसा हो रही है। वन्यजीवों की सुरक्षा का दिया संदेश रेस्क्यू टीम ने लोगों से अपील की कि घर अथवा आसपास सांप दिखाई देने पर उसे मारने के बजाय तत्काल प्रशिक्षित रेस्क्यू टीम या संबंधित वन विभाग को सूचना दें। इससे वन्यजीव भी सुरक्षित रहेंगे और मानव जीवन को भी अनावश्यक खतरे से बचाया जा सकेगा।
घर में निकला विशाल धामन सांप, मची अफरा-तफरी संवाददाता आनंद गोस्वामी घर में निकला विशाल धामन सांप, मची अफरा-तफरी संवाददाता आनंद गोस्वामी रामगोविंद की टीम ने एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद किया सुरक्षित रेस्क्यू, दूर जंगलनुमा क्षेत्र में छोड़ा सांप के पकड़े जाने के बाद परिजनों ने ली राहत की सांस, प्रधानाचार्य ने रेस्क्यू टीम की जमकर सराहना की पलिया खीरी। पलिया नगर के सुभाष नगर मोहल्ले में स्थित बलदेव वैदिक इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य डीएल भार्गव के आवास में सोमवार को धामन सांप निकल आने से हड़कंप मच गया। घर के भीतर सांप दिखाई देने के बाद परिजनों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और काफी देर तक लोग भयभीत रहे। सांप की सूचना तत्काल वन्यजीव रक्षक रामगोविंद को दी गई। सूचना मिलते ही
रामगोविंद अपनी रेस्क्यू टीम के साथ मौके पर पहुंचे और बेहद सावधानी के साथ सांप को पकड़ने का अभियान शुरू किया। करीब एक घंटे तक चली कड़ी मशक्कत के बाद टीम ने धामन सांप को सुरक्षित रेस्क्यू कर लिया। कुशल रेस्क्यू से टला बड़ा खतरा रेस्क्यू के दौरान टीम ने पूरी सावधानी बरतते हुए सांप को सुरक्षित तरीके से काबू में किया। सांप के रेस्क्यू होते ही घर में मौजूद परिजनों के साथ-साथ आसपास के लोगों ने भी राहत की सांस ली। प्रधानाचार्य डीएल भार्गव ने वन्यजीव रक्षक रामगोविंद और उनकी पूरी टीम के प्रयासों की जमकर सराहना की। उन्होंने कहा कि टीम ने जिस सूझबूझ और साहस के साथ सांप को सुरक्षित बाहर निकाला, वह सराहनीय है। शहर से दूर सुरक्षित स्थान पर छोड़ा गया धामन रेस्क्यू
के बाद धामन सांप को किसी प्रकार की क्षति पहुंचाए बिना सुरक्षित तरीके से शहर से काफी दूर निघासन मार्ग पर स्थित जलस्रोत के पास प्राकृतिक एवं सुरक्षित वातावरण में छोड़ दिया गया। सांप के सुरक्षित रेस्क्यू और उसे प्राकृतिक वातावरण में छोड़े जाने के बाद परिजनों सहित आसपास के लोगों ने राहत की सांस ली। वहीं वन्यजीव रक्षक रामगोविंद की टीम के इस सराहनीय कार्य की क्षेत्र में प्रशंसा हो रही है। वन्यजीवों की सुरक्षा का दिया संदेश रेस्क्यू टीम ने लोगों से अपील की कि घर अथवा आसपास सांप दिखाई देने पर उसे मारने के बजाय तत्काल प्रशिक्षित रेस्क्यू टीम या संबंधित वन विभाग को सूचना दें। इससे वन्यजीव भी सुरक्षित रहेंगे और मानव जीवन को भी अनावश्यक खतरे से बचाया जा सकेगा।
- उत्तर प्रदेश के गोंडा जिले में बर्तन व्यापारी स्वर्गीय विनोद साहनी हत्याकांड के बाद सिराथू से विधायक और अपना दल (कमेरावादी) की नेता पल्लवी पटेल पुलिस को चकमा देकर पीड़ित परिवार से मिलने उनके आवास पर पहुँचीं। इस दौरान उन्होंने राज्य सरकार, प्रशासन और कानून व्यवस्था पर कड़ा हमला बोला। मुख्य बिंदु और प्रमुख बयान: कानून-व्यवस्था पर हमला: पल्लवी पटेल ने कहा कि प्रदेश में आतंकवादियों से ज़्यादा खतरा "जातिवादियों" से है। सत्ता-संरक्षित लोग दलितों, पिछड़ों और वंचितों को निशाना बना रहे हैं और सरकार केवल खानापूर्ति कर रही है। कार्रवाई को अपर्याप्त बताया: उन्होंने कहा कि केवल चार लोगों की गिरफ्तारी या पुलिस अधिकारियों के निलंबन से परिवार को न्याय नहीं मिलेगा। आरोपियों के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (NSA) के तहत सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। प्रमुख माँगे: पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा दिया जाए। परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी मिले। पूरे परिवार को सुरक्षा और शस्त्र लाइसेंस मुहैया कराया जाए। प्रशासनिक घेराबंदी को छकाया: गोंडा प्रशासन और पुलिस नेताओं को पहुँचने से रोकने के लिए मुस्तैद थी (चंद्रशेखर आजाद और अजय राय को रास्ते में ही रोक लिया गया था), लेकिन पल्लवी पटेल चकमा देकर विनोद साहनी की पत्नी और बच्चों से मिलने में सफल रहीं और उन्हें हर संभव मदद का भरोसा दिया।1
- UPI पेमेंट पर चार्ज की चर्चा तेज, जानिए क्या है मौजूदा स्थिति नई दिल्ली। UPI भुगतान को लेकर सोशल मीडिया पर चार्ज लगाए जाने की चर्चाएं तेज हैं। हालांकि,1
- बिजली कटौती से भड़के ग्रामीण, माधोटांडा-खटीमा मार्ग पर चक्काजाम घंटों बिजली गुल रहने से बढ़ा आक्रोश, अधिकारियों के आश्वासन पर शांत हुआ मामला पूरनपुर/पीलीभीत। लगातार हो रही अघोषित बिजली कटौती से परेशान ग्रामीणों का आक्रोश मंगलवार रात सड़क पर उतर आया। बिजली आपूर्ति में सुधार की मांग को लेकर ग्राम प्रधान नईम अली के नेतृत्व में ग्रामीणों ने माधोटांडा-खटीमा मुख्य मार्ग पर चक्काजाम कर दिया। सड़क पर बड़ी संख्या में ग्रामीणों के पहुंचने से मार्ग पर आवागमन प्रभावित हो गया। ग्रामीणों ने विद्युत विभाग के खिलाफ नाराजगी जताते हुए जल्द समस्या का स्थायी समाधान कराने की मांग की।ग्रामीणों का आरोप है कि गांव में आए दिन घंटों बिजली गुल रहती है। लगातार बिजली कटौती के कारण लोगों को गर्मी में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों के मुताबिक बिजली आपूर्ति बाधित होने की जानकारी जिम्मेदार अधिकारियों को देने के बावजूद समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो पा रहा है। कई बार आपूर्ति बहाल होने का समय बताया जाता है, लेकिन निर्धारित समय बीत जाने के बाद भी बिजली नहीं आती।प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों ने कहा कि अघोषित कटौती से घरेलू कामकाज प्रभावित होने के साथ ही बच्चों की पढ़ाई भी प्रभावित हो रही है। वहीं, बिजली के अभाव में ग्रामीणों को भीषण गर्मी में परेशान होना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना था कि यदि विद्युत आपूर्ति में सुधार नहीं किया गया तो समस्या को लेकर दोबारा आंदोलन किया जाएगा।चक्काजाम की सूचना मिलते ही संबंधित अधिकारी और पुलिस मौके पर पहुंच गए। अधिकारियों ने ग्रामीणों से बातचीत कर उनकी समस्याएं सुनीं और विद्युत आपूर्ति व्यवस्था में सुधार कराने का भरोसा दिलाया। काफी समझाने के बाद ग्रामीणों ने चक्काजाम समाप्त किया और यातायात बहाल हो सका।ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि आश्वासन के बावजूद यदि बिजली कटौती की समस्या दूर नहीं हुई तो वह दोबारा सड़क पर उतरकर आंदोलन करने को मजबूर होंगे। ग्रामीणों ने नियमित और निर्धारित समय के अनुसार बिजली आपूर्ति सुनिश्चित कराने की मांग की है।1
- पूरनपुर: लक्ष्य महाविद्यालय में गूंजी ‘ओजोन की पुकार’, अनोखी अदालत में पर्यावरण के दुश्मन कटघरे में! यूथ रिपोर्ट: ओजोन संरक्षण पर विशेष कार्यक्रम 📝 न्यूज स्क्रिप्ट (धाराप्रवाह) (एंकर इंट्रो): पूरनपुर से इस वक्त एक बेहद प्रेरणादायी खबर सामने आ रही है। विश्व ओजोन दिवस के मौके पर स्थानीय लक्ष्य स्नातकोत्तर महाविद्यालय में पर्यावरण संरक्षण और जन-जागरूकता को समर्पित एक शानदार कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस दौरान छात्र-छात्राओं ने लघुनाटिकाओं के माध्यम से पर्यावरण बचाने का एक सशक्त संदेश दिया। (मुख्य रिपोर्ट - विजुअल के साथ): कार्यक्रम का शुभारंभ संस्थान के अध्यक्ष डॉ. रवि कुमार गुप्ता और प्रबंधक श्री नितिन गुप्ता ने मां सरस्वती के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलित कर किया। अतिथियों ने विद्यार्थियों की रचनात्मक पहल की सराहना करते हुए कहा कि पर्यावरण की सुरक्षा आज की सबसे बड़ी जरूरत है, जिसमें युवा पीढ़ी अहम भूमिका निभा सकती है। कार्यक्रम का प्रभावी मंच संचालन डॉ. वी. के. गुप्ता ने किया। इस आयोजन का मुख्य आकर्षण विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत दो संदेशपरक लघुनाटिकाएं ‘ओजोन की पुकार’ और ‘ओजोन की अदालत’ रहीं। नाटक ‘ओजोन की पुकार’ में रोहित, विकास, इलमा, अंशिका, मो. इबादिल और नुरैन अली ने अपने दमदार अभिनय से ओजोन परत को हो रहे नुकसान और उसके गंभीर प्रभावों को जीवंत कर दिखाया। वहीं ‘ओजोन की अदालत’ में राघव दीक्षित, मो. इबादिल, अंशिका, इलमा बी, गौरा देवी, वर्षा देवी, शिफ़ा बी, सपना देवी, कनिका जायसवाल, शिवी कश्यप, काजल देवी और रोली सिंह ने पर्यावरण को नुकसान पहुंचाने वाली गतिविधियों को कटघरे में खड़ा करते हुए बेहद प्रभावशाली प्रस्तुति दी। विद्यार्थियों के अभिनय और संवादों ने दर्शकों को गंभीर सोचने पर मजबूर कर दिया। कार्यक्रम के जरिए यह संदेश दिया गया कि ओजोन परत सिर्फ गैस की एक परत नहीं, बल्कि पृथ्वी पर जीवन का सुरक्षा-कवच है, जिसकी रक्षा करना हम सबकी सामूहिक जिम्मेदारी है। कार्यक्रम का समापन पर्यावरण संरक्षण के संकल्प के साथ हुआ, जिसमें यह संदेश गूंजा— “ओजोन बचाइए, पर्यावरण बचाइए और आने वाली पीढ़ियों का भविष्य सुरक्षित बनाइए।” इस अवसर पर डॉ. उमेश कुमार, डॉ. योगेंद्र वर्मा, डॉ. मंजू रानी, डॉ. रामगोपाल वर्मा, डॉ. मनोज यादव, दीपा मौर्य, मनोज प्रजापति सहित तमाम शिक्षक और विद्यार्थी उपस्थित रहे। (साइन-ऑफ): कैमरामैन रिसांतु अग्रवाल के साथ सरफराज अहमद खान, यूपी न्यूज टीवी 24, पूरनपुर।1
- फार्म हाउस में हत्या की साजिश का आरोप, सांसद ने मांगी निष्पक्ष जांच एक सांसद ने दावा किया है कि फार्म हाउस में उनकी हत्या की साजिश रची गई है। उन्होंने सरकार से मामले की उच्चस्तरीय और निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। सांसद ने बाराबंकी हिंसा में शामिल लोगों की भूमिका सामने लाने की भी मांग की। उन्होंने कहा कि मौत से डरकर जिया नहीं जा सकता और उनके खिलाफ साजिश करने वालों के मंसूबे कामयाब नहीं होंगे। साथ ही उन्होंने अपने समर्थकों से न डरने और संघर्ष जारी रखने की अपील की।1
- लगातार हो रही बिजली कटौती को लेकर ग्रामीणों ने माधोटांडा सड़क किया जाम, बीते दो दिन पूर्व बिजली कटौती को लेकर हो चुका है हंगामा, लगभग 6 घंटे से बिजली न होने से ग्रामीणों में रोष, सब्र का बांध टूटा लगातार हो रही बिजली कटौती को लेकर ग्रामीणों ने माधोटांडा सड़क किया जाम, बीते दो दिन पूर्व बिजली कटौती को लेकर हो चुका है हंगामा, लगभग 6 घंटे से बिजली न होने से ग्रामीणों में रोष, सब्र का बांध टूटा1
- स्वामी प्रसाद मौर्य, संयुक्त पुलिस आयुक्त (Joint CP) और मजिस्ट्रेट/प्रशासनिक अधिकारियों के बीच तीखी बहस या बवाल का यह मामला सुरक्षा प्रबंधों, ज्ञापन सौंपने या किसी विरोध प्रदर्शन के दौरान हुई तनातनी से संबंधित है। घटना का मुख्य विवरण: तीखी बहस व नोकझोंक: किसी प्रदर्शन या राजनीतिक कार्यक्रम के दौरान जब पुलिस प्रशासन और अधिकारियों ने पूर्व मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य को रोका अथवा नियंत्रित करने का प्रयास किया, तब मौर्य और उनके समर्थकों की Joint CP तथा मजिस्ट्रेट से सीधी बहस हो गई। प्रशासनिक रुख: मौके पर तैनात Joint CP और मजिस्ट्रेट ने स्पष्ट किया कि कानून-व्यवस्था बनाए रखने और बिना अनुमति/धारा 144 के उल्लंघन को रोकने के लिए पुलिस की यह कार्रवाई आवश्यक थी। मौर्य का आरोप: स्वामी प्रसाद मौर्य ने पुलिस और स्थानीय प्रशासन पर विपक्ष की आवाज दबाने और तानाशाही रवैया अपनाने का आरोप लगाया। हंगामा व नारेबाजी: अधिकारियों के साथ बहस के दौरान समर्थकों ने नारेबाजी की, जिसके कारण काफी देर तक मौके पर तनाव की स्थिति बनी रही और भारी संख्या में पुलिस बल तैनात करना पड़ा।1
- *आधी रात घर में घुसा मगरमच्छ, ग्रामीणों में मची दहशत* वन विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर मगरमच्छ को सुरक्षित कब्जे में लिया *आधी रात घर में घुसा मगरमच्छ, ग्रामीणों में मची दहशत* वन विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर मगरमच्छ को सुरक्षित कब्जे में लिया ग्राम गोविन्द नगर कॉलोनी मे। पिछली रात करीब 12 बजे ग्राम निवासी श्री परशुराम यादव के घर में अचानक मगरमच्छ घुस आने से परिवार सहित ग्रामीणों में दहशत फैल गई। ग्रामीणों ने किसी तरह मगरमच्छ को सुरक्षित रूप से बांधकर वन विभाग को सूचना दी। सूचना मिलने के बाद सुबह करीब 4 बजे वन विभाग की टीम परशुराम यादव के घर पहुंची और मगरमच्छ को अपने कब्जे में लेकर सुरक्षित स्थान पर ले गई। ग्रामीणों के अनुसार गांव नदी के किनारे स्थित होने के कारण जलीय जीव-जंतुओं के आने का खतरा बना रहता है। ग्रामीणों से अपील की गई है कि रात के समय विशेष सावधानी बरतें और किसी भी जंगली या जलीय जीव के दिखाई देने पर स्वयं पकड़ने के बजाय तत्काल वन विभाग को सूचना दें।1