logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

स्वामित्व योजना के तहत आवासीय भूमि का पट्टा दिलाए जाने की मांग जनसुनवाई में लांजी तहसील के ग्राम रिसेवाड़ा निवासी कृष्णकुमार माहुले स्वामित्व योजना के तहत आवासीय भूमि का पट्टा दिलाए जाने की मांग लेकर आये थे। उनका कहना था कि वर्ष 2011-12 में खसरा नंबर 328/2 की आबादी भूमि का पट्टा उनकी माता स्व. सवानाबाई के नाम जारी हुआ था। उक्त भूमि पर प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत मकान बना है, जबकि उनकी माता का निधन हो चुका है। कृष्णकुमार ने प्रशासन से प्रकरण की जांच कर नियमानुसार पट्टा एवं स्वामित्व संबंधी अधिकार पत्र प्रदान करने की मांग की है। इस प्रकरण में एसडीएम लांजी को आवश्यक कार्यवाही के निर्देश दिए गए है।

22 hrs ago
user_Ramanuj Tidke
Ramanuj Tidke
Local News Reporter लांजी, बालाघाट, मध्य प्रदेश•
22 hrs ago

स्वामित्व योजना के तहत आवासीय भूमि का पट्टा दिलाए जाने की मांग जनसुनवाई में लांजी तहसील के ग्राम रिसेवाड़ा निवासी कृष्णकुमार माहुले स्वामित्व योजना के तहत आवासीय भूमि का पट्टा दिलाए जाने की मांग लेकर आये थे। उनका कहना था कि वर्ष 2011-12 में खसरा नंबर 328/2 की आबादी भूमि का पट्टा उनकी माता स्व. सवानाबाई के नाम जारी हुआ था। उक्त भूमि पर प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत मकान बना है, जबकि उनकी माता का निधन हो चुका है। कृष्णकुमार ने प्रशासन से प्रकरण की जांच कर नियमानुसार पट्टा एवं स्वामित्व संबंधी अधिकार पत्र प्रदान करने की मांग की है। इस प्रकरण में एसडीएम लांजी को आवश्यक कार्यवाही के निर्देश दिए गए है।

More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
  • स्वामित्व योजना के तहत आवासीय भूमि का पट्टा दिलाए जाने की मांग जनसुनवाई में लांजी तहसील के ग्राम रिसेवाड़ा निवासी कृष्णकुमार माहुले स्वामित्व योजना के तहत आवासीय भूमि का पट्टा दिलाए जाने की मांग लेकर आये थे। उनका कहना था कि वर्ष 2011-12 में खसरा नंबर 328/2 की आबादी भूमि का पट्टा उनकी माता स्व. सवानाबाई के नाम जारी हुआ था। उक्त भूमि पर प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत मकान बना है, जबकि उनकी माता का निधन हो चुका है। कृष्णकुमार ने प्रशासन से प्रकरण की जांच कर नियमानुसार पट्टा एवं स्वामित्व संबंधी अधिकार पत्र प्रदान करने की मांग की है। इस प्रकरण में एसडीएम लांजी को आवश्यक कार्यवाही के निर्देश दिए गए है।
    1
    स्वामित्व योजना के तहत आवासीय भूमि का पट्टा दिलाए जाने की मांग
जनसुनवाई में लांजी तहसील के ग्राम रिसेवाड़ा निवासी कृष्णकुमार माहुले स्वामित्व योजना के तहत आवासीय भूमि का पट्टा दिलाए जाने की मांग लेकर आये थे। उनका कहना था कि वर्ष 2011-12 में खसरा नंबर 328/2 की आबादी भूमि का पट्टा उनकी माता स्व. सवानाबाई के नाम जारी हुआ था। उक्त भूमि पर प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत मकान बना है, जबकि उनकी माता का निधन हो चुका है। कृष्णकुमार ने प्रशासन से प्रकरण की जांच कर नियमानुसार पट्टा एवं स्वामित्व संबंधी अधिकार पत्र प्रदान करने की मांग की है। इस प्रकरण में एसडीएम लांजी को आवश्यक कार्यवाही के निर्देश दिए गए है।
    user_Ramanuj Tidke
    Ramanuj Tidke
    Local News Reporter लांजी, बालाघाट, मध्य प्रदेश•
    22 hrs ago
  • क्या वारासिवनी विधायक विक्की पटेल को जूते मारेंगे रामकुमार नगपुरे कांग्रेस के नेता रामकुमार नगपुरे कार्यक्रम के दौरान विधायक विक्की पटेल पर साधा निशान
    1
    क्या वारासिवनी विधायक विक्की पटेल को  जूते मारेंगे रामकुमार नगपुरे 
कांग्रेस के नेता रामकुमार नगपुरे  कार्यक्रम के दौरान  विधायक विक्की पटेल पर साधा निशान
    user_ASHISH NEWARE Journalist
    ASHISH NEWARE Journalist
    बालाघाट, बालाघाट, मध्य प्रदेश•
    2 hrs ago
  • कांग्रेस की अंतर्कलह मंच पर उजागर! अपने ही विधायक को बोले—तीन जूते मारूंगा, विवादित बयान से मचा बवाल कांग्रेस की अंतर्कलह मंच पर उजागर! अपने ही विधायक को बोले—तीन जूते मारूंगा, विवादित बयान से मचा बवाल नवभारत, खैरलाँजी। खैरलांजी में शरद पूर्णिमा के पूर्व आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रम का मंच उस समय राजनीतिक अखाड़े में तब्दील होता नजर आया, जब कांग्रेस नेता, किसान गर्जना के जिलाध्यक्ष और पूर्व जिला पंचायत सदस्य रामकुमार नगपुरे ने अपनी ही पार्टी के विधायक विवेक विक्की पटेल के खिलाफ तीखे शब्दों का इस्तेमाल किया। रामकुमार नगपुरे ने विधायक पर विकास कार्य नहीं कराने के आरोप लगाए और भाजपा के पूर्व मंत्री प्रदीप जायसवाल के कार्यकाल की जमकर सराहना की। उनके विवादित बयान का वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है। इस घटनाक्रम ने जिले में कांग्रेस की अंदरूनी खींचतान को लेकर नई चर्चा छेड़ दी है। कांग्रेस नेता रामकुमार नगपुरे ने अपने संबोधन में विधायक विवेक विक्की पटेल को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणी करते हुए कहा कि जनता को विधायक नहीं, काम चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि विधायक ने सडक़ निर्माण का भूमिपूजन कराया, लेकिन अब तक सडक़ नहीं बनी। उन्होंने पूर्व मंत्री व भाजपा नेता प्रदीप जायसवाल की तारीफ करते हुए कहा कि वे जो कहते थे, उसे पूरा करते थे। रामकुमार नगपुरे ने खैरलांजी क्षेत्र की करीब 30 पंचायतों में विकास कार्य नहीं होने और ठेकेदारी अपने लोगों को दिए जाने के आरोप भी लगाए। यहीं नहीं रूके रामकुमार नगपुरे उन्होने तो विधायक के लिए तीन जूते मारूंगा जैसे विवादित शब्दों का भी इस्तेमाल कर दिया... जिसके बाद इस बयान को लेकर राजनीतिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है। आगामी पंचायत चुनावों से पहले सार्वजनिक मंच से अपनी ही पार्टी के विधायक के खिलाफ इस तरह की बयानबाजी ने कांग्रेस की गुटबाजी और स्थानीय नेतृत्व के बीच तालमेल को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना होगा कि विधायक विवेक विक्की पटेल और जिला कांग्रेस नेतृत्व इस विवादित बयान पर क्या प्रतिक्रिया देते हैं।
    4
    कांग्रेस की अंतर्कलह मंच पर उजागर! अपने ही विधायक को बोले—तीन जूते मारूंगा, विवादित बयान से मचा बवाल

कांग्रेस की अंतर्कलह मंच पर उजागर! अपने ही विधायक को बोले—तीन जूते मारूंगा, विवादित बयान से मचा बवाल
नवभारत, खैरलाँजी। खैरलांजी में शरद पूर्णिमा के पूर्व आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रम का मंच उस समय राजनीतिक अखाड़े में तब्दील होता नजर आया, जब कांग्रेस नेता, किसान गर्जना के जिलाध्यक्ष और पूर्व जिला पंचायत सदस्य रामकुमार नगपुरे ने अपनी ही पार्टी के विधायक विवेक विक्की पटेल के खिलाफ तीखे शब्दों का इस्तेमाल किया। रामकुमार नगपुरे ने विधायक पर विकास कार्य नहीं कराने के आरोप लगाए और भाजपा के पूर्व मंत्री प्रदीप जायसवाल के कार्यकाल की जमकर सराहना की। उनके विवादित बयान का वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है। इस घटनाक्रम ने जिले में कांग्रेस की अंदरूनी खींचतान को लेकर नई चर्चा छेड़ दी है।
कांग्रेस नेता रामकुमार नगपुरे ने अपने संबोधन में विधायक विवेक विक्की पटेल को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणी करते हुए कहा कि जनता को विधायक नहीं, काम चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि विधायक ने सडक़ निर्माण का भूमिपूजन कराया, लेकिन अब तक सडक़ नहीं बनी। उन्होंने पूर्व मंत्री व भाजपा नेता प्रदीप जायसवाल की तारीफ करते हुए कहा कि वे जो कहते थे, उसे पूरा करते थे। रामकुमार नगपुरे ने खैरलांजी क्षेत्र की करीब 30 पंचायतों में विकास कार्य नहीं होने और ठेकेदारी अपने लोगों को दिए जाने के आरोप भी लगाए। यहीं नहीं रूके रामकुमार नगपुरे उन्होने तो विधायक के लिए तीन जूते मारूंगा जैसे विवादित शब्दों का भी इस्तेमाल कर दिया... जिसके बाद इस बयान को लेकर राजनीतिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है।
आगामी पंचायत चुनावों से पहले सार्वजनिक मंच से अपनी ही पार्टी के विधायक के खिलाफ इस तरह की बयानबाजी ने कांग्रेस की गुटबाजी और स्थानीय नेतृत्व के बीच तालमेल को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखना होगा कि विधायक विवेक विक्की पटेल और जिला कांग्रेस नेतृत्व इस विवादित बयान पर क्या प्रतिक्रिया देते हैं।
    user_Anil Katre
    Anil Katre
    Court reporter खैरलांजी, बालाघाट, मध्य प्रदेश•
    14 hrs ago
  • बंगाल की खाड़ी से उठा चक्रवाती तूफान अर्नब पुरे है अपने सबाब पर, कितना असर करेगा बालाघाट जिले पर...... देखिये मेरे साथ लाइव अनादि टीवी पर बंगाल की खाड़ी में उठा चक्रवाती तूफान अर्नब तेजी से आंध्र प्रदेश के तट की ओर बढ़ रहा है...इसकी वजह से अगले दो दिनों तक कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है...बता दें, चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ कल आंध्र प्रदेश के तट से टकराया...तूफान के दौरान 125 से 135 kmph की रफ्तार से हवाएं चलीं...इसके असर से आंध्र प्रदेश के विशाखापट्टनम, अनकापल्ली, काकीनाड़ा और कोनसीमा में भारी बारिश हो रही है...निचले इलाकों में बाढ़ का खतरा देखते हुए हजारों लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है...तूफान का असर आंध्र प्रदेश और ओडिशा तक सीमित नहीं रहेगा... मौसम विभाग ने तेलंगाना, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, बिहार, झारखंड और उत्तर प्रदेश में बारिश का अलर्ट जारी किया है....मौसम केंद्र ने भोपाल में अगले 4 दिन तक प्रदेश में कहीं तेज तो कहीं आंधी, गरज-चमक के साथ हल्की बारिश होने का अलर्ट जारी किया है...आज 31 जिलों में असर दिखेगा...अगले 24 घंटे के दौरान सीधी, सिंगरौली, अनूपपुर, डिंडौरी, मंडला और बालाघाट में भारी बारिश हो सकती है...वहीं कुछ अन्य जिलों में गरज-चमक के साथ बूंदाबांदी का दौर रहने का अनुमान है...इसी के साथ रायपुर-रायगढ़ में सुबह से बूंदाबांदी हो रही है, वहीं गरियाबंद में देर रात से लगातार बारिश के साथ ठंडी हवाएं चल रही हैं...मौसम विभाग ने दक्षिण और मध्य छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है...तूफान का असर दक्षिण छत्तीसगढ़ में ज्यादा दिख सकता है...29 अक्टूबर को उत्तर और मध्य छत्तीसगढ़ में भी भारी बारिश और तेज हवाएं चलने का अनुमान है...यूपी में भी आज से मौसम बदल सकता है... पूर्वांचल के 10 जिलों में आंधी के साथ बारिश के आसार हैं... जबकि कल 3 दिन भारी बारिश की चेतावनी है...मौसम विभाग के मुताबिक- 29, 30 और 31 अक्टूबर को भारी बारिश, 140 की रफ्तार में आंधी, गरज-चमक के साथ बिजली गिरने की संभावना है...29 अक्टूबर को सोनभद्र, चित्रकूट, प्रयागराज, वाराणसी, मिर्जापुर समेत 21 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट है... वहीं, 38 जिलों में आंधी, बिजली गिरने और गरज-चमक का खतरा है...चक्रवाती तूफान 'अर्नब' का रौद्र रूप कई राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट चक्रवात 'अर्नब' का MP में असर एमपी के 31 जिलों में अलर्ट जारी 5 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी रायपुर-गरियाबंद-रायगढ़ में बारिश स्कूलों में छुट्टी..5 जिलों में रेड अलर्ट 80 किमी रफ्तार से चल सकती हैं हवाएं यूपी में अगले 24 घंटे में भारी बारिश का अलर्ट 3 दिन भारी बारिश की चेतावनी जारी अर्नब तूफान से बदलेगा मौसम पूर्वांचल के कई जिलों में होगी बारिश
    1
    बंगाल की खाड़ी से उठा चक्रवाती तूफान अर्नब पुरे है अपने सबाब पर, कितना असर करेगा बालाघाट जिले पर......
देखिये मेरे साथ लाइव अनादि टीवी पर
बंगाल की खाड़ी में उठा चक्रवाती तूफान अर्नब तेजी से आंध्र प्रदेश के तट की ओर बढ़ रहा है...इसकी वजह से अगले दो दिनों तक कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है...बता दें, चक्रवाती तूफान ‘अर्नब’ कल आंध्र प्रदेश के तट से टकराया...तूफान के दौरान 125 से 135 kmph की रफ्तार से हवाएं चलीं...इसके असर से आंध्र प्रदेश के विशाखापट्टनम, अनकापल्ली, काकीनाड़ा और कोनसीमा में भारी बारिश हो रही है...निचले इलाकों में बाढ़ का खतरा देखते हुए हजारों लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया है...तूफान का असर आंध्र प्रदेश और ओडिशा तक सीमित नहीं रहेगा... मौसम विभाग ने तेलंगाना, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, बिहार, झारखंड और उत्तर प्रदेश में बारिश का अलर्ट जारी किया है....मौसम केंद्र ने भोपाल में अगले 4 दिन तक प्रदेश में कहीं तेज तो कहीं आंधी, गरज-चमक के साथ हल्की बारिश होने का अलर्ट जारी किया है...आज 31 जिलों में असर दिखेगा...अगले 24 घंटे के दौरान सीधी, सिंगरौली, अनूपपुर, डिंडौरी, मंडला और बालाघाट में भारी बारिश हो सकती है...वहीं कुछ अन्य जिलों में गरज-चमक के साथ बूंदाबांदी का दौर रहने का अनुमान है...इसी के साथ रायपुर-रायगढ़ में सुबह से बूंदाबांदी हो रही है, वहीं गरियाबंद में देर रात से लगातार बारिश के साथ ठंडी हवाएं चल रही हैं...मौसम विभाग ने दक्षिण और मध्य छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है...तूफान का असर दक्षिण छत्तीसगढ़ में ज्यादा दिख सकता है...29 अक्टूबर को उत्तर और मध्य छत्तीसगढ़ में भी भारी बारिश और तेज हवाएं चलने का अनुमान है...यूपी में भी आज से मौसम बदल सकता है... पूर्वांचल के 10 जिलों में आंधी के साथ बारिश के आसार हैं... जबकि कल 3 दिन भारी बारिश की चेतावनी है...मौसम विभाग के मुताबिक- 29, 30 और 31 अक्टूबर को भारी बारिश, 140 की रफ्तार में आंधी, गरज-चमक के साथ बिजली गिरने की संभावना है...29 अक्टूबर को सोनभद्र, चित्रकूट, प्रयागराज, वाराणसी, मिर्जापुर समेत 21 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट है... वहीं, 38 जिलों में आंधी, बिजली गिरने और गरज-चमक का खतरा है...चक्रवाती तूफान 'अर्नब' का रौद्र रूप
कई राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट
चक्रवात 'अर्नब' का MP में असर
एमपी के 31 जिलों में अलर्ट जारी
5 जिलों में भारी बारिश की चेतावनी
रायपुर-गरियाबंद-रायगढ़ में बारिश
स्कूलों में छुट्टी..5 जिलों में रेड अलर्ट
80 किमी रफ्तार से चल सकती हैं हवाएं 
यूपी में अगले 24 घंटे में भारी बारिश का अलर्ट
3 दिन भारी बारिश की चेतावनी जारी
अर्नब तूफान से बदलेगा मौसम
पूर्वांचल के कई जिलों में होगी बारिश
    user_INDRAJEET SINGH DASHMER
    INDRAJEET SINGH DASHMER
    बालाघाट, बालाघाट, मध्य प्रदेश•
    18 hrs ago
  • दंत चिकित्सक की नियुक्ति, जरूरी संसाधन नदारद, निजी अस्पतालों और दूसरे शहरों का करना पड़ रहा रुख सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने और अस्पतालों में चिकित्सकों की कमी दूर करने के दावों के साथ मध्यप्रदेश में लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग ने एमपीपीएससी के माध्यम से चयनित 233 डेंटल सर्जनों की नियुक्ति की है। चयनित चिकित्सकों को प्रदेश के विभिन्न जिला अस्पतालों, सिविल अस्पतालों, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों और मेडिकल कॉलेजों में रिक्त पदों के आधार पर पदस्थ किया गया है। इस नियुक्ति प्रक्रिया के तहत बालाघाट जिले के कटंगी तहसील मुख्यालय स्थित वीर शिरोमणि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भी दंत चिकित्सक डॉ. रवि चौधरी की पदस्थापना हुई है।
    1
    दंत चिकित्सक की नियुक्ति, जरूरी संसाधन नदारद, निजी अस्पतालों और दूसरे शहरों का करना पड़ रहा रुख
सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने और अस्पतालों में चिकित्सकों की कमी दूर करने के दावों के साथ मध्यप्रदेश में लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग ने एमपीपीएससी के माध्यम से चयनित 233 डेंटल सर्जनों की नियुक्ति की है। चयनित चिकित्सकों को प्रदेश के विभिन्न जिला अस्पतालों, सिविल अस्पतालों, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों और मेडिकल कॉलेजों में रिक्त पदों के आधार पर पदस्थ किया गया है। इस नियुक्ति प्रक्रिया के तहत बालाघाट जिले के कटंगी तहसील मुख्यालय स्थित वीर शिरोमणि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भी दंत चिकित्सक डॉ. रवि चौधरी की पदस्थापना हुई है।
    user_Dev Anand
    Dev Anand
    कटंगी, बालाघाट, मध्य प्रदेश•
    17 hrs ago
  • पावर हाउस खंडहर के पास प्रतिबंधित स्पास्मो प्रॉक्सीवॉन प्लस कैप्सूल बेचने वाला आरोपी गिरफ्तार *थाना छावनी एवं ACCU की संयुक्त कार्रवाई* - *पावर हाउस खंडहर के पास प्रतिबंधित स्पास्मो प्रॉक्सीवॉन प्लस कैप्सूल बेचने वाला आरोपी गिरफ्तार* । - *आरोपी के कब्जे से 96 प्रतिबंधित कैप्सूल सहित कुल ₹59,400 की सामग्री जप्त* । - *मुखबिर की सूचना पर पुलिस की रेड कार्रवाई, मौके से आरोपी को पकड़ा* । - *प्रतिबंधित कैप्सूल के अवैध कारोबार पर दुर्ग पुलिस की सख्त कार्रवाई* । - *NDPS एक्ट के तहत अपराध पंजीबद्ध कर आरोपी को न्यायिक रिमांड पर भेजा गया* । *संक्षिप्त विवरण* दिनांक 27.10.2026 को थाना छावनी पुलिस को मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई कि भिलाई के पावर हाउस खंडहर के पास एक व्यक्ति प्रतिबंधित स्पास्मो प्रॉक्सीवॉन प्लस कैप्सूल अवैध रूप से बिक्री कर रहा है। सूचना पर थाना छावनी पुलिस एवं ACCU की टीम द्वारा बताए गए स्थान पर रेड कार्रवाई की गई। कार्रवाई के दौरान मौके पर मौजूद संदिग्ध व्यक्ति को पकड़कर पूछताछ की गई। उसकी पहचान रेशम सिंह उम्र 36 वर्ष, निवासी 02/बी, के.एल.सी., वार्ड क्रमांक 31, जोन-01, सेक्टर-11, खुर्सीपार, भिलाई, थाना खुर्सीपार, जिला दुर्ग के रूप में हुई। पुलिस द्वारा आरोपी के कब्जे से प्रतिबंधित स्पास्मो प्रॉक्सीवॉन प्लस के 12 स्ट्रीप में कुल 96 कैप्सूल, एक मोबाइल फोन, एक मोटरसाइकिल एवं नगदी रकम बरामद की गई। बरामद सामग्री की कुल कीमत ₹59,400 आंकी गई है। आरोपी के विरुद्ध अपराध क्रमांक 749/2026, धारा 22/8(ख) NDPS एक्ट के तहत अपराध पंजीबद्ध कर वैधानिक कार्रवाई की गई तथा आरोपी को माननीय न्यायालय, दुर्ग के समक्ष प्रस्तुत कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया। *घटनास्थल* पावर हाउस खंडार के पास थाना छावनी *गिरफ्तार आरोपी* नाम: रेशम सिंह उम्र: 36 वर्ष पता: 02/बी, के.एल.सी., वार्ड क्रमांक 31, जोन-01, सेक्टर-11, खुर्सीपार, भिलाई, थाना खुर्सीपार, जिला दुर्ग (छत्तीसगढ़)। *जप्त सामग्री* 1. प्रतिबंधित स्पास्मो प्रॉक्सीवॉन प्लस कैप्सूल 12 स्ट्रीप, कुल 96 कैप्सूल ₹38,400 2. AI Plus मोबाइल फोन 01 नग ₹5,000 3.मोटर साइकिल CBZ, क्रमांक CG 07 LY 2329 01 नग ₹15,000 4.नगदी रकम ₹1,000 कुल जप्ती ₹59,400 *सराहनीय भूमिका* उक्त कार्रवाई में ACCU की टीम एवं थाना छावनी पुलिस की महत्वपूर्ण भूमिका रही। कार्रवाई में थाना प्रभारी रामनारायण सिंह ध्रुव, प्रशिक्षु उपनिरीक्षक दुजराज ध्रुव, प्रधान आरक्षक सूरज पांडेय तथा आरक्षक जितेन्द्र देशमुख एवं पंकज कुमार राय का सराहनीय योगदान रहा। दुर्ग पुलिस द्वारा जिले में प्रतिबंधित मादक एवं नशीले पदार्थों के अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने के लिए लगातार कार्रवाई की जा रही है। *दुर्ग पुलिस की अपील* दुर्ग पुलिस आम नागरिकों से अपील करती है कि प्रतिबंधित दवाओं एवं नशीले पदार्थों का अवैध क्रय-विक्रय न करें और न ही इसमें किसी प्रकार का सहयोग दें। ऐसी गतिविधियों की जानकारी मिलने पर तत्काल नजदीकी थाना या पुलिस को सूचित करें। युवाओं को नशे से दूर रखने तथा समाज को नशामुक्त बनाने में पुलिस का सहयोग करें। प्रतिबंधित दवाओं का सेवन एवं दुरुपयोग व्यक्ति के स्वास्थ्य, परिवार और समाज पर गंभीर दुष्प्रभाव डाल सकता है। दुर्ग पुलिस — नशे के अवैध कारोबार के विरुद्ध सख्त कार्रवाई, सुरक्षित समाज का संकल्प।
    2
    पावर हाउस खंडहर के पास प्रतिबंधित स्पास्मो प्रॉक्सीवॉन प्लस कैप्सूल बेचने वाला आरोपी गिरफ्तार
*थाना छावनी एवं ACCU की संयुक्त कार्रवाई* 
- *पावर हाउस खंडहर के पास प्रतिबंधित स्पास्मो प्रॉक्सीवॉन प्लस कैप्सूल बेचने वाला आरोपी गिरफ्तार* ।
- *आरोपी के कब्जे से 96 प्रतिबंधित कैप्सूल सहित कुल ₹59,400 की सामग्री जप्त* ।
- *मुखबिर की सूचना पर पुलिस की रेड कार्रवाई, मौके से आरोपी को पकड़ा* ।
- *प्रतिबंधित कैप्सूल के अवैध कारोबार पर दुर्ग पुलिस की सख्त कार्रवाई* ।
- *NDPS एक्ट के तहत अपराध पंजीबद्ध कर आरोपी को न्यायिक रिमांड पर भेजा गया* ।
*संक्षिप्त विवरण* 
दिनांक 27.10.2026 को थाना छावनी पुलिस को मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई कि भिलाई के पावर हाउस खंडहर के पास एक व्यक्ति प्रतिबंधित स्पास्मो प्रॉक्सीवॉन प्लस कैप्सूल अवैध रूप से बिक्री कर रहा है। सूचना पर थाना छावनी पुलिस एवं ACCU की टीम द्वारा बताए गए स्थान पर रेड कार्रवाई की गई।
कार्रवाई के दौरान मौके पर मौजूद संदिग्ध व्यक्ति को पकड़कर पूछताछ की गई। उसकी पहचान रेशम सिंह उम्र 36 वर्ष, निवासी 02/बी, के.एल.सी., वार्ड क्रमांक 31, जोन-01, सेक्टर-11, खुर्सीपार, भिलाई, थाना खुर्सीपार, जिला दुर्ग के रूप में हुई।
पुलिस द्वारा आरोपी के कब्जे से प्रतिबंधित स्पास्मो प्रॉक्सीवॉन प्लस के 12 स्ट्रीप में कुल 96 कैप्सूल, एक मोबाइल फोन, एक मोटरसाइकिल एवं नगदी रकम बरामद की गई। बरामद सामग्री की कुल कीमत ₹59,400 आंकी गई है।
आरोपी के विरुद्ध अपराध क्रमांक 749/2026, धारा 22/8(ख) NDPS एक्ट के तहत अपराध पंजीबद्ध कर वैधानिक कार्रवाई की गई तथा आरोपी को माननीय न्यायालय, दुर्ग के समक्ष प्रस्तुत कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया।
*घटनास्थल* 
पावर हाउस खंडार के पास थाना छावनी
*गिरफ्तार आरोपी* 
नाम: रेशम सिंह
उम्र: 36 वर्ष
पता: 02/बी, के.एल.सी., वार्ड क्रमांक 31, जोन-01, सेक्टर-11, खुर्सीपार, भिलाई, थाना खुर्सीपार, जिला दुर्ग (छत्तीसगढ़)।
*जप्त सामग्री* 
1. प्रतिबंधित स्पास्मो प्रॉक्सीवॉन प्लस कैप्सूल 12 स्ट्रीप, कुल 96 कैप्सूल ₹38,400
2. AI Plus मोबाइल फोन 01 नग ₹5,000
3.मोटर साइकिल CBZ, क्रमांक   
CG 07 LY 2329 01 नग  
₹15,000
4.नगदी रकम ₹1,000  
कुल जप्ती  ₹59,400
*सराहनीय भूमिका* 
उक्त कार्रवाई में ACCU की टीम एवं थाना छावनी पुलिस की महत्वपूर्ण भूमिका रही। कार्रवाई में थाना प्रभारी रामनारायण सिंह ध्रुव, प्रशिक्षु उपनिरीक्षक दुजराज ध्रुव, प्रधान आरक्षक सूरज पांडेय तथा आरक्षक जितेन्द्र देशमुख एवं पंकज कुमार राय का सराहनीय योगदान रहा।
दुर्ग पुलिस द्वारा जिले में प्रतिबंधित मादक एवं नशीले पदार्थों के अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने के लिए लगातार कार्रवाई की जा रही है।
*दुर्ग पुलिस की अपील* 
दुर्ग पुलिस आम नागरिकों से अपील करती है कि प्रतिबंधित दवाओं एवं नशीले पदार्थों का अवैध क्रय-विक्रय न करें और न ही इसमें किसी प्रकार का सहयोग दें। ऐसी गतिविधियों की जानकारी मिलने पर तत्काल नजदीकी थाना या पुलिस को सूचित करें।
युवाओं को नशे से दूर रखने तथा समाज को नशामुक्त बनाने में पुलिस का सहयोग करें। प्रतिबंधित दवाओं का सेवन एवं दुरुपयोग व्यक्ति के स्वास्थ्य, परिवार और समाज पर गंभीर दुष्प्रभाव डाल सकता है।
दुर्ग पुलिस — नशे के अवैध कारोबार के विरुद्ध सख्त कार्रवाई, सुरक्षित समाज का संकल्प।
    user_हेमंत उमरे ,7509375525
    हेमंत उमरे ,7509375525
    दुर्ग, दुर्ग, छत्तीसगढ़•
    18 hrs ago
  • चक्रवात का असर! नवापारा-राजिम में बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त, तापमान गिरने से बढ़ी ठंड; तैयार धान की फसल पर मंडराया संकट सुबह से बारिश और तेज हवाओं ने बदला मौसम का मिजाज, ठंड का एहसास बढ़ा | खेतों में पककर तैयार धान को नुकसान की आशंका, किसानों की निगाहें अब मौसम पर गोबरा नवापारा-राजिम। बंगाल की खाड़ी में उठे चक्रवात के प्रभाव से छत्तीसगढ़ के राजिम, गोबरा नवापारा और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में बुधवार सुबह से मौसम का मिजाज बदला नजर आया। बारिश और तेज हवाओं के चलते जहां आम जनजीवन प्रभावित हुआ, वहीं तापमान में गिरावट महसूस होने से ठंड का एहसास भी बढ़ गया है। अचानक बदले मौसम ने लोगों की दिनचर्या को प्रभावित किया है। दूसरी ओर, खेतों में पककर तैयार खड़ी धान की फसल को लेकर किसानों की चिंता बढ़ गई है। जिस धान की फसल को किसान महीनों की मेहनत, लागत और उम्मीदों के साथ कटाई के लिए तैयार कर रहे थे, उस पर अब मौसम की मार पड़ने की आशंका जताई जा रही है। धान की कटाई का समय नजदीक होने के कारण बारिश और तेज हवाएं किसानों के लिए परेशानी का सबब बन सकती हैं। यदि मौसम का मिजाज इसी तरह बना रहता है, तो कृषि कार्यों के साथ-साथ आम लोगों की दिनचर्या पर भी इसका असर पड़ सकता है। बारिश और तेज हवाओं से आम जनजीवन प्रभावित बुधवार सुबह से हुई बारिश ने क्षेत्र के मौसम को पूरी तरह बदल दिया। आसमान में बादल छाए रहने, बारिश और तेज हवाओं के चलते लोगों को सामान्य दिनों की तुलना में अलग परिस्थितियों का सामना करना पड़ा। रोजमर्रा के कामकाज के लिए घरों से निकलने वाले लोगों को भी मौसम के अनुसार अपनी दिनचर्या में बदलाव करना पड़ा। बारिश के कारण सड़कों पर आवागमन प्रभावित होने की आशंका बनी रही। वहीं, खुले स्थानों पर काम करने वाले लोगों, छोटे व्यापारियों और दैनिक मजदूरी पर निर्भर लोगों के लिए भी मौसम परेशानी पैदा कर सकता है। ग्रामीण क्षेत्रों में खेती-किसानी से जुड़े कामों पर इसका सीधा असर पड़ने की संभावना है। यदि बारिश का सिलसिला जारी रहता है, तो खेतों में काम करने वाले मजदूरों को कटाई सहित अन्य कृषि कार्यों में दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है। हालांकि, क्षेत्र में जनजीवन और आवागमन पर वास्तविक प्रभाव की स्थिति स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार अलग-अलग हो सकती है। तापमान में गिरावट से बढ़ा ठंड का एहसास बारिश और बादलों के कारण मौसम में ठंडक महसूस की जा रही है। तापमान में गिरावट आने से लोगों को मौसम में बदलाव का एहसास होने लगा है। सुबह और शाम के समय ठंड का प्रभाव बढ़ने की संभावना के बीच लोग अब मौसम के बदले मिजाज के अनुरूप अपनी दिनचर्या में बदलाव कर रहे हैं। अक्टूबर के अंतिम दिनों में बारिश के साथ ठंडक बढ़ने से मौसम ने नया रूप ले लिया है। हालांकि, तापमान में वास्तविक गिरावट कितनी दर्ज की गई है, इसकी पुष्टि मौसम विभाग के आधिकारिक आंकड़ों से ही हो सकेगी। मौसम में अचानक बदलाव का असर बच्चों, बुजुर्गों और बाहर काम करने वाले लोगों की दिनचर्या पर भी पड़ सकता है। ऐसे में लोगों को मौसम की परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए आवश्यक सावधानी बरतने की जरूरत है। तैयार धान की फसल पर संकट, किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें नवापारा-राजिम क्षेत्र कृषि प्रधान इलाका है, जहां बड़ी संख्या में किसानों की आजीविका धान की खेती पर निर्भर है। किसानों ने फसल तैयार करने के लिए महीनों तक मेहनत की है। खाद, बीज, मजदूरी, सिंचाई और अन्य कृषि कार्यों में खर्च करने के बाद अब फसल कटाई के चरण में पहुंच चुकी है। ऐसे समय में बारिश और तेज हवाओं का दौर किसानों के लिए चिंता बढ़ाने वाला है। कई स्थानों पर धान की फसल पककर तैयार हो चुकी है। यदि तेज हवाओं के साथ बारिश जारी रहती है, तो फसल के गिरने और खेतों में पानी जमा होने जैसी समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। इससे कटाई में देरी होने के साथ फसल की गुणवत्ता प्रभावित होने की आशंका भी बनी रहती है। किसानों के लिए सबसे बड़ी चिंता अपनी तैयार फसल को सुरक्षित घर तक पहुंचाने की है। यदि मौसम लगातार खराब रहता है, तो कटाई और मिंजाई के काम में बाधा आ सकती है। इससे कृषि कार्यों की लागत बढ़ने और किसानों की आर्थिक स्थिति पर असर पड़ने की आशंका भी रहती है। हालांकि, अभी संभावित नुकसान को लेकर ही चिंता जताई जा रही है। वास्तविक नुकसान का पता बारिश का दौर थमने और खेतों की स्थिति का आकलन किए जाने के बाद ही चल सकेगा। अगले एक-दो दिन अहम, मौसम पर टिकी निगाहें क्षेत्र में मौसम बदलने के बाद अब किसानों और आम लोगों की निगाहें आगामी दिनों की परिस्थितियों पर टिकी हैं। मौसम विभाग की आधिकारिक चेतावनियों के अनुसार बारिश और तेज हवाओं की स्थिति पर नजर रखना जरूरी है। यदि मौसम जल्द साफ होता है, तो किसानों को कटाई सहित अन्य कृषि कार्यों को आगे बढ़ाने का अवसर मिल सकता है। इसके विपरीत, बारिश का दौर लंबा खिंचने पर खेतों में नमी और जलभराव के कारण परेशानियां बढ़ सकती हैं। किसानों को सलाह दी जाती है कि वे स्थानीय मौसम पूर्वानुमान पर ध्यान दें और फसल को सुरक्षित रखने के लिए कृषि विभाग की सलाह का पालन करें। वहीं, प्रशासन और संबंधित विभागों को भी मौसम से प्रभावित क्षेत्रों की स्थिति पर नजर रखनी चाहिए, ताकि जरूरत पड़ने पर किसानों को उचित मार्गदर्शन और सहायता मिल सके। मौसम की मार से बढ़ी चिंता, अब नुकसान के आकलन का इंतजार नवापारा-राजिम क्षेत्र में बारिश, तेज हवाओं और बढ़ती ठंडक ने मौसम का मिजाज बदल दिया है। एक ओर आम जनजीवन प्रभावित होने की स्थिति है, तो दूसरी ओर किसानों के सामने तैयार धान की फसल को सुरक्षित रखने की चुनौती खड़ी हो गई है। किसानों की महीनों की मेहनत अब मौसम की परिस्थितियों पर निर्भर नजर आ रही है। ऐसे में आने वाले दिनों का मौसम महत्वपूर्ण होगा। बारिश और तेज हवाओं का दौर थमने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि धान की फसल को कितना नुकसान पहुंचा है। फिलहाल किसानों की निगाहें आसमान पर टिकी हैं। अब देखना होगा कि मौसम कब सामान्य होता है और खेतों में पककर तैयार धान की फसल को इस बेमौसम बारिश से कितना नुकसान उठाना पड़ता है।
    1
    चक्रवात का असर! नवापारा-राजिम में बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त, तापमान गिरने से बढ़ी ठंड; तैयार धान की फसल पर मंडराया संकट
सुबह से बारिश और तेज हवाओं ने बदला मौसम का मिजाज, ठंड का एहसास बढ़ा | खेतों में पककर तैयार धान को नुकसान की आशंका, किसानों की निगाहें अब मौसम पर
गोबरा नवापारा-राजिम। बंगाल की खाड़ी में उठे चक्रवात के प्रभाव से छत्तीसगढ़ के राजिम, गोबरा नवापारा और आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में बुधवार सुबह से मौसम का मिजाज बदला नजर आया। बारिश और तेज हवाओं के चलते जहां आम जनजीवन प्रभावित हुआ, वहीं तापमान में गिरावट महसूस होने से ठंड का एहसास भी बढ़ गया है। अचानक बदले मौसम ने लोगों की दिनचर्या को प्रभावित किया है। दूसरी ओर, खेतों में पककर तैयार खड़ी धान की फसल को लेकर किसानों की चिंता बढ़ गई है।
जिस धान की फसल को किसान महीनों की मेहनत, लागत और उम्मीदों के साथ कटाई के लिए तैयार कर रहे थे, उस पर अब मौसम की मार पड़ने की आशंका जताई जा रही है। धान की कटाई का समय नजदीक होने के कारण बारिश और तेज हवाएं किसानों के लिए परेशानी का सबब बन सकती हैं। यदि मौसम का मिजाज इसी तरह बना रहता है, तो कृषि कार्यों के साथ-साथ आम लोगों की दिनचर्या पर भी इसका असर पड़ सकता है।
बारिश और तेज हवाओं से आम जनजीवन प्रभावित
बुधवार सुबह से हुई बारिश ने क्षेत्र के मौसम को पूरी तरह बदल दिया। आसमान में बादल छाए रहने, बारिश और तेज हवाओं के चलते लोगों को सामान्य दिनों की तुलना में अलग परिस्थितियों का सामना करना पड़ा। रोजमर्रा के कामकाज के लिए घरों से निकलने वाले लोगों को भी मौसम के अनुसार अपनी दिनचर्या में बदलाव करना पड़ा।
बारिश के कारण सड़कों पर आवागमन प्रभावित होने की आशंका बनी रही। वहीं, खुले स्थानों पर काम करने वाले लोगों, छोटे व्यापारियों और दैनिक मजदूरी पर निर्भर लोगों के लिए भी मौसम परेशानी पैदा कर सकता है। ग्रामीण क्षेत्रों में खेती-किसानी से जुड़े कामों पर इसका सीधा असर पड़ने की संभावना है।
यदि बारिश का सिलसिला जारी रहता है, तो खेतों में काम करने वाले मजदूरों को कटाई सहित अन्य कृषि कार्यों में दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है। हालांकि, क्षेत्र में जनजीवन और आवागमन पर वास्तविक प्रभाव की स्थिति स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार अलग-अलग हो सकती है।
तापमान में गिरावट से बढ़ा ठंड का एहसास
बारिश और बादलों के कारण मौसम में ठंडक महसूस की जा रही है। तापमान में गिरावट आने से लोगों को मौसम में बदलाव का एहसास होने लगा है। सुबह और शाम के समय ठंड का प्रभाव बढ़ने की संभावना के बीच लोग अब मौसम के बदले मिजाज के अनुरूप अपनी दिनचर्या में बदलाव कर रहे हैं।
अक्टूबर के अंतिम दिनों में बारिश के साथ ठंडक बढ़ने से मौसम ने नया रूप ले लिया है। हालांकि, तापमान में वास्तविक गिरावट कितनी दर्ज की गई है, इसकी पुष्टि मौसम विभाग के आधिकारिक आंकड़ों से ही हो सकेगी।
मौसम में अचानक बदलाव का असर बच्चों, बुजुर्गों और बाहर काम करने वाले लोगों की दिनचर्या पर भी पड़ सकता है। ऐसे में लोगों को मौसम की परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए आवश्यक सावधानी बरतने की जरूरत है।
तैयार धान की फसल पर संकट, किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें
नवापारा-राजिम क्षेत्र कृषि प्रधान इलाका है, जहां बड़ी संख्या में किसानों की आजीविका धान की खेती पर निर्भर है। किसानों ने फसल तैयार करने के लिए महीनों तक मेहनत की है। खाद, बीज, मजदूरी, सिंचाई और अन्य कृषि कार्यों में खर्च करने के बाद अब फसल कटाई के चरण में पहुंच चुकी है।
ऐसे समय में बारिश और तेज हवाओं का दौर किसानों के लिए चिंता बढ़ाने वाला है। कई स्थानों पर धान की फसल पककर तैयार हो चुकी है। यदि तेज हवाओं के साथ बारिश जारी रहती है, तो फसल के गिरने और खेतों में पानी जमा होने जैसी समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। इससे कटाई में देरी होने के साथ फसल की गुणवत्ता प्रभावित होने की आशंका भी बनी रहती है।
किसानों के लिए सबसे बड़ी चिंता अपनी तैयार फसल को सुरक्षित घर तक पहुंचाने की है। यदि मौसम लगातार खराब रहता है, तो कटाई और मिंजाई के काम में बाधा आ सकती है। इससे कृषि कार्यों की लागत बढ़ने और किसानों की आर्थिक स्थिति पर असर पड़ने की आशंका भी रहती है।
हालांकि, अभी संभावित नुकसान को लेकर ही चिंता जताई जा रही है। वास्तविक नुकसान का पता बारिश का दौर थमने और खेतों की स्थिति का आकलन किए जाने के बाद ही चल सकेगा।
अगले एक-दो दिन अहम, मौसम पर टिकी निगाहें
क्षेत्र में मौसम बदलने के बाद अब किसानों और आम लोगों की निगाहें आगामी दिनों की परिस्थितियों पर टिकी हैं। मौसम विभाग की आधिकारिक चेतावनियों के अनुसार बारिश और तेज हवाओं की स्थिति पर नजर रखना जरूरी है।
यदि मौसम जल्द साफ होता है, तो किसानों को कटाई सहित अन्य कृषि कार्यों को आगे बढ़ाने का अवसर मिल सकता है। इसके विपरीत, बारिश का दौर लंबा खिंचने पर खेतों में नमी और जलभराव के कारण परेशानियां बढ़ सकती हैं।
किसानों को सलाह दी जाती है कि वे स्थानीय मौसम पूर्वानुमान पर ध्यान दें और फसल को सुरक्षित रखने के लिए कृषि विभाग की सलाह का पालन करें। वहीं, प्रशासन और संबंधित विभागों को भी मौसम से प्रभावित क्षेत्रों की स्थिति पर नजर रखनी चाहिए, ताकि जरूरत पड़ने पर किसानों को उचित मार्गदर्शन और सहायता मिल सके।
मौसम की मार से बढ़ी चिंता, अब नुकसान के आकलन का इंतजार
नवापारा-राजिम क्षेत्र में बारिश, तेज हवाओं और बढ़ती ठंडक ने मौसम का मिजाज बदल दिया है। एक ओर आम जनजीवन प्रभावित होने की स्थिति है, तो दूसरी ओर किसानों के सामने तैयार धान की फसल को सुरक्षित रखने की चुनौती खड़ी हो गई है।
किसानों की महीनों की मेहनत अब मौसम की परिस्थितियों पर निर्भर नजर आ रही है। ऐसे में आने वाले दिनों का मौसम महत्वपूर्ण होगा। बारिश और तेज हवाओं का दौर थमने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा कि धान की फसल को कितना नुकसान पहुंचा है।
फिलहाल किसानों की निगाहें आसमान पर टिकी हैं। अब देखना होगा कि मौसम कब सामान्य होता है और खेतों में पककर तैयार धान की फसल को इस बेमौसम बारिश से कितना नुकसान उठाना पड़ता है।
    user_तुकाराम कंसारी नवापारा राजिम
    तुकाराम कंसारी नवापारा राजिम
    Artist औदगी, रायपुर, छत्तीसगढ़•
    17 hrs ago
  • नक्सल प्रभावित 100 गांवों के विकास का मेगा प्लान! कलेक्टर आदित्य सिंह पहुंचे दुर्गम गांवों में, कलेक्टर आदित्य सिंह पहुंचे दुर्गम गांवों में, ग्रामीणों से रूबरू होकर जानीं समस्याएं, कहीं स्कूल नहीं, कहीं बिजली-पानी का संकट! सड़क से रोजगार तक, विकास को लेकर अधिकारियों को दिए निर्देश।
    1
    नक्सल प्रभावित 100 गांवों के विकास का मेगा प्लान!
कलेक्टर आदित्य सिंह पहुंचे दुर्गम गांवों में,
कलेक्टर आदित्य सिंह पहुंचे दुर्गम गांवों में,
ग्रामीणों से रूबरू होकर जानीं समस्याएं,
कहीं स्कूल नहीं, कहीं बिजली-पानी का संकट!
सड़क से रोजगार तक, विकास को लेकर अधिकारियों को दिए निर्देश।
    user_ASHISH NEWARE Journalist
    ASHISH NEWARE Journalist
    बालाघाट, बालाघाट, मध्य प्रदेश•
    16 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.