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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के 7 जुलाई के सुल्तानपुर दौरे के मद्देनज़र शहर में विशेष यातायात व्यवस्था लागू की जाएगी। इस दौरान, भुलकी चौराहा, टेडुई, अमहट, पयागीपुर और कटावां जैसे मार्गों से वाहनों का प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा, जिससे शहर में 'नो-एंट्री' की स्थिति रहेगी। सीओ सिटी सौरभ सामंत ने बताया कि केवल शहर के निवासियों और विशेष कार्य से आने वाले लोगों को ही पहचान पत्र दिखाने पर प्रवेश की अनुमति दी जाएगी। पूरे शहर में ई-रिक्शा का संचालन भी बंद रहेगा। हालांकि, एम्बुलेंस, फायर ब्रिगेड, पुलिस और प्रशासनिक वाहनों को इन प्रतिबंधों से छूट दी गई है। मुख्यमंत्री की जनसभा में आने वाले वाहनों के लिए कुल 11 स्थानों पर पार्किंग की व्यवस्था की गई है।
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के 7 जुलाई के सुल्तानपुर दौरे के मद्देनज़र शहर में विशेष यातायात व्यवस्था लागू की जाएगी। इस दौरान, भुलकी चौराहा, टेडुई, अमहट, पयागीपुर और कटावां जैसे मार्गों से वाहनों का प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा, जिससे शहर में 'नो-एंट्री' की स्थिति रहेगी। सीओ सिटी सौरभ सामंत ने बताया कि केवल शहर के निवासियों और विशेष कार्य से आने वाले लोगों को ही पहचान पत्र दिखाने पर प्रवेश की अनुमति दी जाएगी। पूरे शहर में ई-रिक्शा का संचालन भी बंद रहेगा। हालांकि, एम्बुलेंस, फायर ब्रिगेड, पुलिस और प्रशासनिक वाहनों को इन प्रतिबंधों से छूट दी गई है। मुख्यमंत्री की जनसभा में आने वाले वाहनों के लिए कुल 11 स्थानों पर पार्किंग की व्यवस्था की गई है।
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- उत्तर प्रदेश के माननीय मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ जी के 07 जुलाई 2026 को जनपद प्रतापगढ़ में प्रस्तावित आगमन के मद्देनजर, सुरक्षा व्यवस्था और प्रशासनिक तैयारियों को सुनिश्चित करने के लिए एक महत्वपूर्ण संयुक्त गोष्ठी/बैठक का आयोजन किया गया। यह उच्च-स्तरीय बैठक पुलिस लाइन स्थित सई कॉम्प्लेक्स के सभागार में संपन्न हुई, जिसकी अध्यक्षता जिलाधिकारी, प्रतापगढ़ श्री अभिषेक पाण्डेय और पुलिस अधीक्षक, प्रतापगढ़ श्री दीपक भूकर ने संयुक्त रूप से की। समीक्षा बैठक के दौरान माननीय मुख्यमंत्री जी के प्रस्तावित कार्यक्रम की सुरक्षा, कानून-व्यवस्था और प्रोटोकॉल के अनुपालन पर विस्तृत विचार-विमर्श किया गया। अधिकारियों को माननीय मुख्यमंत्री जी के वीआईपी मूवमेंट के लिए अभेद्य सुरक्षा इंतजाम सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। इसके अतिरिक्त, सुगम यातायात व्यवस्था, रूट डायवर्जन, पार्किंग, बैरिकेडिंग और कार्यक्रम स्थल पर प्रभावी भीड़ प्रबंधन के लिए एक व्यापक कार्ययोजना पर भी चर्चा हुई। बैठक में उपस्थित सभी अधिकारियों को अपने सौंपे गए दायित्वों का निर्वहन पूर्ण सतर्कता, मुस्तैदी और आपसी समन्वय के साथ करने तथा सुरक्षा व्यवस्था में किसी भी प्रकार की शिथिलता न बरतने का निर्देश दिया गया, जिसमें कार्यक्रम को सकुशल, सुरक्षित और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराना सर्वोच्च प्राथमिकता बताई गई। इस महत्वपूर्ण गोष्ठी में जिलाधिकारी श्री अभिषेक पाण्डेय और पुलिस अधीक्षक श्री दीपक भूकर के साथ अपर जिलाधिकारी, अपर पुलिस अधीक्षक (पूर्वी) श्री आलोक कुमार, अपर पुलिस अधीक्षक (पश्चिमी) श्री बृजनन्दन राय, जनपद के समस्त क्षेत्राधिकारी, ड्यूटी हेतु आए राजपत्रित पुलिस अधिकारी और अन्य प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे। जिला एवं पुलिस प्रशासन द्वारा माननीय मुख्यमंत्री के प्रस्तावित आगमन के कार्यक्रम को निर्विघ्न संपन्न कराने के लिए सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।1
- मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के 7 जुलाई के सुल्तानपुर दौरे के मद्देनज़र शहर में विशेष यातायात व्यवस्था लागू की जाएगी। इस दौरान, भुलकी चौराहा, टेडुई, अमहट, पयागीपुर और कटावां जैसे मार्गों से वाहनों का प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा, जिससे शहर में 'नो-एंट्री' की स्थिति रहेगी। सीओ सिटी सौरभ सामंत ने बताया कि केवल शहर के निवासियों और विशेष कार्य से आने वाले लोगों को ही पहचान पत्र दिखाने पर प्रवेश की अनुमति दी जाएगी। पूरे शहर में ई-रिक्शा का संचालन भी बंद रहेगा। हालांकि, एम्बुलेंस, फायर ब्रिगेड, पुलिस और प्रशासनिक वाहनों को इन प्रतिबंधों से छूट दी गई है। मुख्यमंत्री की जनसभा में आने वाले वाहनों के लिए कुल 11 स्थानों पर पार्किंग की व्यवस्था की गई है।1
- जपटापुर के प्रधान ने दुल्हा आजाद बिंद को 'कितना खतरनाक' बताया है। प्रधान ने इस संबंध में वीडियो भी दिखाए हैं और वे केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) से मामले की जांच की मांग कर रहे हैं।1
- जौनपुर के बदलापुर स्थित श्री उमा महेश्वर संस्कृत महाविद्यालय, कोलढेमा परिसर में सोमवार को वैदिक ब्राह्मण परिवार ट्रस्ट और श्री उमा महेश्वर संस्कृत पाठशाला के संयुक्त तत्वावधान में एक संगोष्ठी एवं सम्मान समारोह आयोजित किया गया। इस आयोजन का मुख्य उद्देश्य वैदिक संस्कृति और संस्कृत भाषा का व्यापक प्रचार-प्रसार करना था। कार्यक्रम का नेतृत्व ट्रस्ट के जिला संयोजक पं. जगदीश नारायण उपाध्याय ने किया, जिसका शुभारंभ दीप प्रज्वलन और अतिथियों के स्वागत के साथ हुआ। मुख्य वक्ता पं. जगदीश नारायण उपाध्याय ने अपने संबोधन में कहा कि वैदिक संस्कृति भारत की आत्मा है, और संस्कृत भाषा हमारी प्राचीन ज्ञान-परंपरा की आधारशिला है। उन्होंने विशेष रूप से युवाओं से आह्वान किया कि वे संस्कृत के अध्ययन और भारतीय संस्कृति के संरक्षण में सक्रिय भूमिका निभाएं। अन्य वक्ताओं ने भी इस बात पर जोर दिया कि ऐसे आयोजन समाज में सांस्कृतिक चेतना, सामाजिक समरसता और जनजागरण को एक नई दिशा प्रदान करते हैं। इस दौरान वैदिक संस्कृति, संस्कृत भाषा के संवर्धन और सामाजिक दायित्वों पर गहन विचार-विमर्श किया गया, जिसकी उपस्थित लोगों ने सराहना करते हुए इसे समाज के लिए प्रेरणादायी बताया। इस अवसर पर राष्ट्रीय अध्यक्ष अपर्ण व्यास, राष्ट्रीय महासचिव प्रेमचंद दुबे, जिला संयोजक उज्ज्वल तिवारी, जिला प्रचारक जयशंकर त्रिपाठी 'जौनपुरी', ज्योतिषाचार्य चन्देश्वर तिवारी, कार्यक्रम संचालक एवं प्राचार्य डॉ. ज्ञानप्रकाश मिश्र, कार्यक्रम सहयोगी पं. अभिषेक तिवारी, पं. शिव सूरत उपाध्याय, पं. लालमणि पांडेय, हरिशंकर दुबे, प्राचार्य डॉ. अशोक दुबे, डॉ. दयाशंकर दुबे, रविन्द्र नाथ मिश्रा, रामनयन दुबे, सुशील दुबे, मुन्ना दुबे, रामविलास उपाध्याय, वेद प्रकाश उपाध्याय, शिवशंकर उपाध्याय सहित क्षेत्र के अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में सभी अतिथियों एवं प्रतिभागियों के प्रति आभार व्यक्त किया गया, और वैदिक संस्कृति के संरक्षण का संकल्प लेते हुए संस्कृत के प्रचार-प्रसार पर विशेष जोर दिया गया।1
- कानपुर के बिधनू क्षेत्र से एक घटना का वायरल वीडियो सामने आया है, जहाँ एक शादी की जयमाला रस्म 'ब्रेकअप-माला' में बदल गई। बताया जा रहा है कि दुल्हन ने अपनी एंट्री के दौरान डांस किया, जो दूल्हे के बड़े भाई (जेठ), ससुर और स्वयं दूल्हे को बेहद फूहड़ लगा। इस अप्रत्याशित घटना के कारण बारात बिना फेरे लिए ही वापस लौट गई और विवाह का पूरा मामला रद्द हो गया। इस घटना के पीछे ईवेंट और फर्जी दिखावे को वजह बताया जा रहा है। पोस्ट में लोगों से यह सवाल किया गया है कि वे कब समझेंगे कि शादी एक पवित्र रस्म होती है, कोई सोशल मीडिया इवेंट नहीं।1
- मथुरा के शेरगढ़, गढ़ी भीमा क्षेत्र में कथित तौर पर भूमि कब्जे का एक गंभीर मामला सामने आया है। आरोपों के अनुसार, प्रभाव और धनबल का दुरुपयोग करते हुए एक अकेली महिला की वैध भूमि पर जबरन कब्जा करने का प्रयास किया गया और उसकी जमीन पर बुलडोजर भी चलाया गया। इस गंभीर प्रकरण पर माननीय मुख्यमंत्री से निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की गई है। अनुरोध किया गया है कि यदि ये आरोप सत्य पाए जाते हैं, तो यह कानून के शासन, महिला अधिकारों और न्याय व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करते हैं। अतः जांच में दोषी पाए गए व्यक्तियों के खिलाफ कानून के अनुसार कठोर से कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करने और पीड़ित महिला को न्याय, सुरक्षा तथा उसकी वैध संपत्ति के अधिकार की पूर्ण रक्षा सुनिश्चित करने की अपील की गई है। इस पूरे मामले में न्याय की जीत और कानून का सम्मान सुनिश्चित करने की बात कही गई है।1
- प्रतापगढ़ जिले के पट्टी कोतवाली क्षेत्र स्थित सरायमधई गांव के प्राथमिक विद्यालय में चोरी की घटना सामने आई है। विद्यालय के प्रधानाध्यापक दयाशंकर यादव ने सोमवार को पट्टी पुलिस को प्रार्थना पत्र देकर आरोप लगाया कि अज्ञात चोरों ने विद्यालय से पंखा और समरसेबल पंप चुरा लिया है। प्रधानाध्यापक यादव के अनुसार, शनिवार को विद्यालय बंद कर वह घर चले गए थे, और रविवार को अवकाश था। सोमवार को जब वह प्राथमिक विद्यालय पहुंचे और दरवाजा खोलकर अंदर गए, तो उन्होंने देखा कि अतिरिक्त कक्ष की खिड़की और दरवाजा टूटा हुआ था। अज्ञात चोरों ने अतिरिक्त कक्ष में लगा पंखा और ग्राउंड में लगा समरसेबल पंप चोरी कर लिया था। इस घटना की सूचना ग्राम प्रधान परशुराम ओझा और पट्टी पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस जांच-पड़ताल में जुट गई है। पट्टी कोतवाल आनंदपाल सिंह ने बताया कि उन्हें इस संबंध में प्रार्थना पत्र प्राप्त हुआ है और मामले की जांच कराकर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।1