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हमारी सरकार 'वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान' के माध्यम से जल आत्मनिर्भर राजस्थान के लक्ष्य को प्राप्त करने की दिशा में निरंतर अग्रसर है। इस महत्वपूर्ण पहल में जन-जन की सहभागिता और जल संरक्षण के प्रति सामूहिक संकल्प एक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं, जिससे प्रदेश जल सुरक्षा की ओर लगातार बढ़ रहा है।

2 hrs ago
user_जनहित आवाज न्यूज़
जनहित आवाज न्यूज़
Newsagent खंडर, सवाई माधोपुर, राजस्थान•
2 hrs ago

हमारी सरकार 'वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान' के माध्यम से जल आत्मनिर्भर राजस्थान के लक्ष्य को प्राप्त करने की दिशा में निरंतर अग्रसर है। इस महत्वपूर्ण पहल में जन-जन की सहभागिता और जल संरक्षण के प्रति सामूहिक संकल्प एक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं, जिससे प्रदेश जल सुरक्षा की ओर लगातार बढ़ रहा है।

More news from राजस्थान and nearby areas
  • डबल इंजन सरकार ने युवाओं को आश्वस्त किया है कि उन्हें किसी भी बात की चिंता करने की आवश्यकता नहीं है। सरकार ने स्पष्ट किया कि वह उनके हितों की रक्षा और उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए हमेशा उनके साथ खड़ी है।
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    डबल इंजन सरकार ने युवाओं को आश्वस्त किया है कि उन्हें किसी भी बात की चिंता करने की आवश्यकता नहीं है। सरकार ने स्पष्ट किया कि वह उनके हितों की रक्षा और उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए हमेशा उनके साथ खड़ी है।
    user_जनहित आवाज न्यूज़
    जनहित आवाज न्यूज़
    Newsagent खंडर, सवाई माधोपुर, राजस्थान•
    2 hrs ago
  • राजस्थान के सवाईमाधोपुर जिले की खण्डार विधानसभा के अंतर्गत स्थित कुशालीपुरा शहीद स्थल से गुर्जर नेता विजय बैसला ने एक लाइव संबोधन दिया है।
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    राजस्थान के सवाईमाधोपुर जिले की खण्डार विधानसभा के अंतर्गत स्थित कुशालीपुरा शहीद स्थल से गुर्जर नेता विजय बैसला ने एक लाइव संबोधन दिया है।
    user_राजू काँकोरिया खण्डार
    राजू काँकोरिया खण्डार
    Contractor खंडर, सवाई माधोपुर, राजस्थान•
    9 hrs ago
  • सूर्य के चारों ओर दिखने वाली गोलाकार रिंग को कोई अशुभ संकेत या खगोलीय खतरा नहीं समझना चाहिए। यह एक प्राकृतिक घटना है जो तब बनती है जब अधिक ऊंचाई पर मौजूद पतले बादलों, जिन्हें सिरस बादल कहते हैं, में बर्फ के सूक्ष्म क्रिस्टल होते हैं। सूर्य का प्रकाश इन क्रिस्टलों से होकर गुजरता है और लगभग 22 डिग्री के कोण पर मुड़ जाता है, जिससे यह गोलाकार रिंग का निर्माण होता है।
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    सूर्य के चारों ओर दिखने वाली गोलाकार रिंग को कोई अशुभ संकेत या खगोलीय खतरा नहीं समझना चाहिए। यह एक प्राकृतिक घटना है जो तब बनती है जब अधिक ऊंचाई पर मौजूद पतले बादलों, जिन्हें सिरस बादल कहते हैं, में बर्फ के सूक्ष्म क्रिस्टल होते हैं। सूर्य का प्रकाश इन क्रिस्टलों से होकर गुजरता है और लगभग 22 डिग्री के कोण पर मुड़ जाता है, जिससे यह गोलाकार रिंग का निर्माण होता है।
    user_Irsad News
    Irsad News
    Court reporter श्योपुर, श्योपुर, मध्य प्रदेश•
    6 hrs ago
  • श्योपुर जिले के कराहल क्षेत्र में आगामी 2 जून को आदिवासी भूमि पर कथित कब्जों के विरोध में एक बड़ा आंदोलन किया जाएगा। विधायक मुकेश मल्होत्रा ने इस मुद्दे पर अपनी गंभीर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि आदिवासियों की जमीनों पर हो रहे कब्जे चिंता का विषय हैं और प्रभावित परिवारों को न्याय दिलाने के लिए यह संघर्ष लगातार जारी रहेगा। विधायक मल्होत्रा ने आरोप लगाया कि कई जगहों पर आदिवासियों की भूमि पर अवैध कब्जे किए जा रहे हैं, जिसे किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस तरह के कब्जों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और इसके खिलाफ निर्णायक कदम उठाए जाएंगे।
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    श्योपुर जिले के कराहल क्षेत्र में आगामी 2 जून को आदिवासी भूमि पर कथित कब्जों के विरोध में एक बड़ा आंदोलन किया जाएगा। विधायक मुकेश मल्होत्रा ने इस मुद्दे पर अपनी गंभीर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि आदिवासियों की जमीनों पर हो रहे कब्जे चिंता का विषय हैं और प्रभावित परिवारों को न्याय दिलाने के लिए यह संघर्ष लगातार जारी रहेगा।

विधायक मल्होत्रा ने आरोप लगाया कि कई जगहों पर आदिवासियों की भूमि पर अवैध कब्जे किए जा रहे हैं, जिसे किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस तरह के कब्जों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और इसके खिलाफ निर्णायक कदम उठाए जाएंगे।
    user_Kk Kapil
    Kk Kapil
    Patrakaar श्योपुर, श्योपुर, मध्य प्रदेश•
    21 hrs ago
  • पूर्वी राजस्थान नहर परियोजना (ईआरसीपी) के तहत उनियारा के गलवा-ईसरदा क्षेत्र में नहर निर्माण कार्य तेजी से प्रगति पर है, लेकिन खुदाई के दौरान सामने आ रही तकनीकी चुनौतियों ने इसकी गति को प्रभावित करना शुरू कर दिया है। कई स्थानों पर मात्र 10 से 15 फीट की गहराई पर ही भूजल निकलने लगा है, जिससे निर्माण एजेंसी को अतिरिक्त व्यवस्थाएं करनी पड़ रही हैं। परियोजना के अंतर्गत जेसीबी और पोकलेन जैसी आधुनिक मशीनों से बड़े पैमाने पर खुदाई हो रही है। खुदाई आगे बढ़ने के साथ ही कई हिस्सों में अचानक पानी का रिसाव शुरू हो जाता है, जिससे गड्ढों में पानी भर जाता है और मिट्टी का कटाव होने लगता है। इससे मशीनों का संचालन भी बाधित होता है और कई बार काम रोककर पानी निकालने की प्रक्रिया अपनानी पड़ती है, जिससे कार्य की गति धीमी पड़ रही है। इस समस्या से निपटने के लिए निर्माण एजेंसी लगातार पंप सेट लगाकर पानी की निकासी कर रही है, साथ ही तकनीकी विशेषज्ञों की टीम भी मौके पर निगरानी कर रही है ताकि वैकल्पिक उपाय किए जा सकें। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि अपेक्षा से कम गहराई पर भूजल मिलने के बावजूद, कार्य को निर्धारित समय सीमा में पूरा करने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। यह ईआरसीपी परियोजना क्षेत्र के किसानों और ग्रामीणों के लिए बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है। इसके पूरा होने के बाद सिंचाई के साधनों का व्यापक विस्तार होगा, जिससे कृषि उत्पादन में वृद्धि होने की उम्मीद है, और क्षेत्र में जल संकट की समस्या से भी काफी हद तक राहत मिलने की संभावना है।
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    पूर्वी राजस्थान नहर परियोजना (ईआरसीपी) के तहत उनियारा के गलवा-ईसरदा क्षेत्र में नहर निर्माण कार्य तेजी से प्रगति पर है, लेकिन खुदाई के दौरान सामने आ रही तकनीकी चुनौतियों ने इसकी गति को प्रभावित करना शुरू कर दिया है। कई स्थानों पर मात्र 10 से 15 फीट की गहराई पर ही भूजल निकलने लगा है, जिससे निर्माण एजेंसी को अतिरिक्त व्यवस्थाएं करनी पड़ रही हैं।

परियोजना के अंतर्गत जेसीबी और पोकलेन जैसी आधुनिक मशीनों से बड़े पैमाने पर खुदाई हो रही है। खुदाई आगे बढ़ने के साथ ही कई हिस्सों में अचानक पानी का रिसाव शुरू हो जाता है, जिससे गड्ढों में पानी भर जाता है और मिट्टी का कटाव होने लगता है। इससे मशीनों का संचालन भी बाधित होता है और कई बार काम रोककर पानी निकालने की प्रक्रिया अपनानी पड़ती है, जिससे कार्य की गति धीमी पड़ रही है। इस समस्या से निपटने के लिए निर्माण एजेंसी लगातार पंप सेट लगाकर पानी की निकासी कर रही है, साथ ही तकनीकी विशेषज्ञों की टीम भी मौके पर निगरानी कर रही है ताकि वैकल्पिक उपाय किए जा सकें। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि अपेक्षा से कम गहराई पर भूजल मिलने के बावजूद, कार्य को निर्धारित समय सीमा में पूरा करने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं।

यह ईआरसीपी परियोजना क्षेत्र के किसानों और ग्रामीणों के लिए बेहद महत्वपूर्ण मानी जा रही है। इसके पूरा होने के बाद सिंचाई के साधनों का व्यापक विस्तार होगा, जिससे कृषि उत्पादन में वृद्धि होने की उम्मीद है, और क्षेत्र में जल संकट की समस्या से भी काफी हद तक राहत मिलने की संभावना है।
    user_Sandeep Gupta
    Sandeep Gupta
    उनियारा, टोंक, राजस्थान•
    32 min ago
  • हमारी सरकार 'वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान' के माध्यम से जल आत्मनिर्भर राजस्थान के लक्ष्य को प्राप्त करने की दिशा में निरंतर अग्रसर है। इस महत्वपूर्ण पहल में जन-जन की सहभागिता और जल संरक्षण के प्रति सामूहिक संकल्प एक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं, जिससे प्रदेश जल सुरक्षा की ओर लगातार बढ़ रहा है।
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    हमारी सरकार 'वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान' के माध्यम से जल आत्मनिर्भर राजस्थान के लक्ष्य को प्राप्त करने की दिशा में निरंतर अग्रसर है। इस महत्वपूर्ण पहल में जन-जन की सहभागिता और जल संरक्षण के प्रति सामूहिक संकल्प एक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं, जिससे प्रदेश जल सुरक्षा की ओर लगातार बढ़ रहा है।
    user_जनहित आवाज न्यूज़
    जनहित आवाज न्यूज़
    Newsagent खंडर, सवाई माधोपुर, राजस्थान•
    2 hrs ago
  • सवाई माधोपुर, राजस्थान के सुनारी में स्थित श्री सांवरिया सेठ गौ सेवा समिति बीमार और दुर्घटनाग्रस्त गौ माताओं की देखरेख का महत्वपूर्ण कार्य कर रही है। यह गौशाला नव युवाओं द्वारा संचालित की जा रही है, जहां गौ माताओं की चिकित्सा के लिए हर दूसरे दिन तीन डॉक्टर अपनी सेवाएँ देते हैं। समिति ने बताया है कि यहां गौ माताओं को गर्मी, सर्दी और बारिश जैसी मौसमी समस्याओं से बचाने के लिए सभी प्रकार की आवश्यक सुविधाएँ उपलब्ध हैं। इस नेक कार्य को जारी रखने और गौ माता की सेवा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से, समिति ने आमजन से इसमें अधिक से अधिक योगदान और सहयोग करने की भावुक अपील की है, "जय गौ माता" का आह्वान करते हुए।
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    सवाई माधोपुर, राजस्थान के सुनारी में स्थित श्री सांवरिया सेठ गौ सेवा समिति बीमार और दुर्घटनाग्रस्त गौ माताओं की देखरेख का महत्वपूर्ण कार्य कर रही है। यह गौशाला नव युवाओं द्वारा संचालित की जा रही है, जहां गौ माताओं की चिकित्सा के लिए हर दूसरे दिन तीन डॉक्टर अपनी सेवाएँ देते हैं। समिति ने बताया है कि यहां गौ माताओं को गर्मी, सर्दी और बारिश जैसी मौसमी समस्याओं से बचाने के लिए सभी प्रकार की आवश्यक सुविधाएँ उपलब्ध हैं। इस नेक कार्य को जारी रखने और गौ माता की सेवा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से, समिति ने आमजन से इसमें अधिक से अधिक योगदान और सहयोग करने की भावुक अपील की है, "जय गौ माता" का आह्वान करते हुए।
    user_सोनु यादव सुनारी
    सोनु यादव सुनारी
    सवाई माधोपुर, सवाई माधोपुर, राजस्थान•
    2 hrs ago
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