राजस्थान के अजमेर जिले में मांगलियावास-पीसांगन थाना क्षेत्र के बख्तावरपुरा गांव में 17 जुलाई को हुई 70 वर्षीय बेवा गांधी देवी की संदिग्ध मौत का मामला गरमा गया है। घटना के सात दिन बीत जाने के बावजूद पुलिस द्वारा मामले का खुलासा न किए जाने से ग्रामीणों में भारी रोष व्याप्त है। ग्रामीणों ने पुलिस को ज्ञापन सौंपकर मामले की निष्पक्ष जांच और शीघ्र खुलासे की मांग की है। ग्रामीणों के अनुसार, 17 जुलाई की सुबह गांधी देवी का शव उनके घर के आंगन में चारपाई पर पड़ा मिला था। घटना के बाद पुलिस ने मौके का बारीकी से निरीक्षण कराया था तथा फॉरेंसिक और एफएसएल टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य एकत्र किए थे। इसके बावजूद अब तक कोई कार्रवाई न होने पर ग्रामीणों ने हत्या की आशंका जताते हुए दोषियों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग की है। साथ ही चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही मामले का खुलासा नहीं हुआ तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे। मामले में पीसांगन पुलिस ने ग्रामीणों को आश्वस्त किया है कि प्रकरण की गंभीरता से जांच की जा रही है और जल्द ही "दूध का दूध और पानी का पानी" कर पूरे घटनाक्रम का खुलासा किया जाएगा।
राजस्थान के अजमेर जिले में मांगलियावास-पीसांगन थाना क्षेत्र के बख्तावरपुरा गांव में 17 जुलाई को हुई 70 वर्षीय बेवा गांधी देवी की संदिग्ध मौत का मामला गरमा गया है। घटना के सात दिन बीत जाने के बावजूद पुलिस द्वारा मामले का खुलासा न किए जाने से ग्रामीणों में भारी रोष व्याप्त है। ग्रामीणों ने पुलिस को ज्ञापन सौंपकर मामले की निष्पक्ष जांच और शीघ्र खुलासे की मांग की है। ग्रामीणों के अनुसार, 17 जुलाई की सुबह गांधी देवी का शव उनके घर के आंगन में चारपाई पर पड़ा मिला था। घटना के बाद पुलिस ने मौके का बारीकी से निरीक्षण कराया था तथा फॉरेंसिक और एफएसएल टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य एकत्र किए थे। इसके बावजूद अब तक कोई कार्रवाई न होने पर ग्रामीणों ने हत्या की आशंका जताते हुए दोषियों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग की है। साथ ही चेतावनी दी है कि यदि जल्द ही मामले का खुलासा नहीं हुआ तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे। मामले में पीसांगन पुलिस ने ग्रामीणों को आश्वस्त किया है कि प्रकरण की गंभीरता से जांच की जा रही है और जल्द ही "दूध का दूध और पानी का पानी" कर पूरे घटनाक्रम का खुलासा किया जाएगा।
- रियान बड़ी क्षेत्र के पिपलिया गांव में शुक्रवार को 11 केवी विद्युत लाइन का तार टूटकर नाड़ी के पानी में गिर जाने से बड़ा हादसा हो गया। नाड़ी के पानी में करंट फैलने की वजह से वहां पानी पीने गई किसान मेवाराम गुर्जर की भैंस ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। घटना के तुरंत बाद आसपास मौजूद ग्रामीणों ने तत्परता दिखाते हुए बिजली आपूर्ति बंद करवाई। पीड़ित किसान मेवाराम गुर्जर ने बताया कि भैंस उनकी आजीविका का मुख्य साधन थी और इस घटना से उन्हें भारी आर्थिक नुकसान हुआ है। उन्होंने प्रशासन और विद्युत विभाग से उचित मुआवजा दिलाने तथा दोषी अधिकारियों की जिम्मेदारी तय करने की मांग की है। सूचना मिलने पर स्थानीय प्रशासन और संबंधित विभाग के अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया। घटना के बाद ग्रामीणों ने नाराजगी जताते हुए कहा कि क्षेत्र में कई स्थानों पर पुराने और जर्जर विद्युत तार लटक रहे हैं, जिससे भविष्य में भी बड़े हादसों का खतरा बना हुआ है। ग्रामीणों ने विद्युत विभाग से सभी जर्जर लाइनों की तत्काल जांच कराकर मरम्मत कराने की मांग की है। वहीं प्रशासन ने ग्रामीणों से अपील की है कि तार टूटने जैसी घटना की सूचना तुरंत विभाग को दें और बिजली बंद होने तक तारों के पास न जाएं।1
- 23वें राष्ट्रमंडल खेलों में भारत का प्रतिनिधित्व कर रहे सभी खिलाड़ियों को हार्दिक शुभकामनाएं दी गई हैं। मैदान में उतर रहे खिलाड़ी 140 करोड़ देशवासियों की उम्मीदों, प्यार, विश्वास और आशीर्वाद के साथ प्रतिस्पर्धा करेंगे। खिलाड़ियों की हर कोशिश पर पूरे देश की उम्मीदें टिकी हैं और यह पूर्ण विश्वास जताया गया है कि वे अपनी मेहनत, प्रतिभा और समर्पण से भारत का गौरव बढ़ाएंगे।1
- हैशटैग्स (जैसे: #IndianPolitics #Corruption #YouthPower #DeshKiBaat)1
- अजमेर जिले के पीसांगन उपखंड क्षेत्र स्थित लीडी ग्राम पंचायत के पाबूथान राजकीय उच्च प्राथमिक विद्यालय की जर्जर हालत से परेशान ग्रामीणों ने शुक्रवार सुबह करीब 7:30 बजे मुख्य दरवाजे पर ताला लगाकर प्रदर्शन किया। ग्रामीणों ने छात्रों और शिक्षकों को विद्यालय से बाहर निकाला और मुख्य द्वार के सामने धरने पर बैठ गए। घटना की जानकारी मिलने पर पीसांगन ब्लॉक शिक्षा अधिकारी वीणा अग्रावत, पीआईओ भारती जाटव और सरपंच प्रतिनिधि भंवर लाल चौधरी मौके पर पहुंचे और वार्ता की। अधिकारियों ने ग्रामीणों को बताया कि विद्यालय भवन तालाब की गैर मुमकिन पाल पर स्थित होने के कारण इस पर सरकारी पैसा खर्च नहीं किया जा सकता। नसीराबाद विधायक की अनुशंसा पर डी एम एम टी फंड से दो कमरों के लिए स्वीकृत लगभग ₹14 लाख की राशि भी इसी कारण उपयोग में नहीं लाई जा सकी थी। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि खेल मैदान और स्कूल भवन के लिए स्वीकृत आठ बीघा जमीन पर नए कक्षा-कक्ष बनाए जाएंगे और जब तक नया भवन तैयार नहीं होता, तब तक विद्यालय इसी भवन में संचालित रहेगा। इस सहमति के बाद सुबह करीब 10:30 बजे ताला खोला गया, जिसके बाद मल्लाराम गुर्जर, बलवीर, जितेंद्र, टीकम और जगदीश समेत ग्रामीणों ने अधिकारियों का आभार जताया।1
- लगातार बारिश और बजरी से भरे ट्रैक्टर-ट्रॉलियों की आवाजाही के कारण आलनियावास गांव के रास्ते पूरी तरह बदहाल हो चुके हैं। खराब और कीचड़युक्त रास्तों से गुजरने वाले इन भारी वाहनों के कारण आम लोगों के साथ-साथ स्कूल जाने वाले बच्चों को भी भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। समस्या से परेशान होकर ग्रामीणों ने कई स्थानों पर रास्ते में बड़े-बड़े पत्थर रखकर बजरी से भरे वाहनों की आवाजाही रोकने का प्रयास किया था। हालांकि, आरोप है कि बजरी खनन से जुड़े लोगों ने उन पत्थरों को हटाकर रास्ता फिर से खोल दिया और पत्थर रखने वाले ग्रामीणों को धमकियां भी दीं। इसके बाद ग्रामीणों ने थांवला थाना पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया, लेकिन ग्रामीणों के अनुसार उनके लौटते ही बजरी से भरे ट्रैक्टर-ट्रॉली फिर से उसी रास्ते से गुजरने लगे। इस स्थिति को देखते हुए कुछ किसानों ने दोबारा बीच रास्ते में बड़े-बड़े पत्थर लगाकर भारी वाहनों का रास्ता बंद कर दिया। वहीं, गांव के छोटे वाहनों और लोगों की आवाजाही बनी रहे, इसके लिए ग्रामीणों ने अपने घरों के सामने एक वैकल्पिक रास्ता भी तैयार किया है ताकि स्कूल आने-जाने वाले बच्चों को दिक्कत न हो। ग्रामीण डालूराम माली ने बताया कि उनके घर के सामने से प्रतिदिन सैकड़ों बजरी से भरे ट्रैक्टर-ट्रॉली गुजरते हैं, जिससे पूरा रास्ता खराब हो गया है। मामले में गोपीराम माली, ताराचंद माली और ओमप्रकाश माली ने प्रशासन से कठोर कार्रवाई की मांग की है ताकि बच्चों की पढ़ाई प्रभावित न हो और सुरक्षित आवागमन मिल सके। इस संबंध में उपखंड अधिकारी विनीत कुमार सुखाड़िया ने बताया कि मामले की जानकारी खनन विभाग के अधिकारियों को दे दी गई है। उन्होंने आश्वासन दिया कि अवैध रूप से निकलने वाले ट्रैक्टर-ट्रॉलियों के खिलाफ नियमानुसार कानूनी कार्रवाई की जाएगी, खराब रास्ते की मरम्मत के लिए स्थानीय प्रशासन को निर्देशित किया जाएगा और बच्चों की पढ़ाई प्रभावित नहीं होने दी जाएगी।1
- वर्षा योग के दौरान जैन मुनियों द्वारा अपना विहार बंद किए जाने को लेकर सवाल उठाया गया है। इसमें यह पूछा गया है कि आखिर जैन मुनि वर्षा योग के समय अपना विहार करना क्यों बंद कर देते हैं।1
- अजमेर में एक किसान की संदिग्ध मौत का मामला सामने आया है। इस मामले में पुलिस द्वारा मृतक की पत्नी और उसके कथित प्रेमी से पूछताछ की जा रही है।1