चंदौली के चकिया स्थित बरांव गांव के समीप, किसान विकास मंच के कार्यकर्ताओं ने तपती गर्मी और सिंचाई संकट के बीच धनरियां माइनर की बदहाल स्थिति को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। किसानों ने आरोप लगाया कि माइनर की वर्षों से समुचित सफाई नहीं कराई गई है, जिससे क्षेत्र के दर्जनों गांवों की सिंचाई व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हो रही है। किसान विकास मंच के संगठन मंत्री राम अवध सिंह और सुरेश मौर्य ने मौके पर पहुंचकर माइनर का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान किसानों ने बताया कि मेन राइट कैनाल से निकली धनरियां माइनर की हालत बेहद खराब है। जहां बरांव गांव के दक्षिण दिशा में कभी-कभार सफाई हो जाती है, वहीं गांव के पुल के उत्तर दिशा में दशकों से सफाई नहीं की गई है। किसानों ने जानकारी दी कि माइनर बांस, बबूल, कनेर, बकाइन जैसे पेड़ों और खरपतवारों से पूरी तरह पट गई है, जिससे पानी का प्रवाह रुक गया है। परिणामस्वरूप, आवश्यकता पड़ने पर किसानों को पर्याप्त पानी नहीं मिल पाता, जबकि बरसात या अधिक जल प्रवाह के समय पानी माइनर की पटरी तोड़कर खेतों में फैल जाता है। इस जलभराव से रबी सीजन की मसूर, चना, मटर, सरसों और गेहूं जैसी फसलें बर्बाद हो जाती हैं, जिससे उन्हें भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। संगठन मंत्री राम अवध सिंह ने आरोप लगाया कि सरकार बड़े-बड़े सड़क और एक्सप्रेसवे परियोजनाओं पर तो भारी धनराशि खर्च कर रही है, लेकिन किसानों की सिंचाई व्यवस्था पर बिल्कुल भी ध्यान नहीं दे रही है। उन्होंने यह भी बताया कि वर्ष 2017 के बाद नहर सफाई का रोस्टर नवंबर-दिसंबर में कर दिया गया है, जो किसानों की जरूरतों के अनुकूल नहीं है। उन्होंने मांग की कि नहरों की सफाई पूर्व की भांति अप्रैल-मई में ही कराई जानी चाहिए, ताकि धान की रोपाई से पहले सिंचाई व्यवस्था सुचारू हो सके। किसान विकास मंच के कार्यकर्ताओं ने सामूहिक रूप से निर्णय लिया है कि यदि धान की रोपाई शुरू होने से पहले धनरियां माइनर की सफाई और अतिक्रमण हटाने का कार्य नहीं किया गया, तो किसान अनिश्चितकालीन धरना, अनशन और भूख हड़ताल करने को मजबूर होंगे। संगठन मंत्री ने बताया कि इस गंभीर मामले से सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता हरेंद्र कुमार, सहायक अभियंता राकेश तिवारी और संबंधित अवर अभियंता को अवगत करा दिया गया है। इस प्रदर्शन में सुरेश मौर्य, श्रीप्रकाश सिंह, कैलाश नाथ, मनोज कुमार गुप्ता, सत्यम कुमार, दिलीप शर्मा, बसंतू, अर्जुन विश्वकर्मा, शुभम मदेशिया, गुड्डू खरवार, रमेश गुप्ता, शंभू चौहान सहित बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता दूखंतू मौर्य ने की, जबकि संचालन राम अवध सिंह ने किया।
चंदौली के चकिया स्थित बरांव गांव के समीप, किसान विकास मंच के कार्यकर्ताओं ने तपती गर्मी और सिंचाई संकट के बीच धनरियां माइनर की बदहाल स्थिति को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। किसानों ने आरोप लगाया कि माइनर की वर्षों से समुचित सफाई नहीं कराई गई है, जिससे क्षेत्र के दर्जनों गांवों की सिंचाई व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हो रही है। किसान विकास मंच के संगठन मंत्री राम अवध सिंह और सुरेश मौर्य ने मौके पर पहुंचकर माइनर का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान किसानों ने बताया कि मेन राइट कैनाल से निकली धनरियां माइनर की हालत बेहद खराब है। जहां बरांव गांव के दक्षिण दिशा में कभी-कभार सफाई हो जाती है, वहीं गांव के पुल के उत्तर दिशा में दशकों से सफाई नहीं की गई है। किसानों ने जानकारी दी कि माइनर बांस, बबूल, कनेर, बकाइन जैसे पेड़ों और खरपतवारों
से पूरी तरह पट गई है, जिससे पानी का प्रवाह रुक गया है। परिणामस्वरूप, आवश्यकता पड़ने पर किसानों को पर्याप्त पानी नहीं मिल पाता, जबकि बरसात या अधिक जल प्रवाह के समय पानी माइनर की पटरी तोड़कर खेतों में फैल जाता है। इस जलभराव से रबी सीजन की मसूर, चना, मटर, सरसों और गेहूं जैसी फसलें बर्बाद हो जाती हैं, जिससे उन्हें भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। संगठन मंत्री राम अवध सिंह ने आरोप लगाया कि सरकार बड़े-बड़े सड़क और एक्सप्रेसवे परियोजनाओं पर तो भारी धनराशि खर्च कर रही है, लेकिन किसानों की सिंचाई व्यवस्था पर बिल्कुल भी ध्यान नहीं दे रही है। उन्होंने यह भी बताया कि वर्ष 2017 के बाद नहर सफाई का रोस्टर नवंबर-दिसंबर में कर दिया गया है, जो किसानों की जरूरतों के अनुकूल नहीं है। उन्होंने मांग की कि नहरों की सफाई पूर्व की
भांति अप्रैल-मई में ही कराई जानी चाहिए, ताकि धान की रोपाई से पहले सिंचाई व्यवस्था सुचारू हो सके। किसान विकास मंच के कार्यकर्ताओं ने सामूहिक रूप से निर्णय लिया है कि यदि धान की रोपाई शुरू होने से पहले धनरियां माइनर की सफाई और अतिक्रमण हटाने का कार्य नहीं किया गया, तो किसान अनिश्चितकालीन धरना, अनशन और भूख हड़ताल करने को मजबूर होंगे। संगठन मंत्री ने बताया कि इस गंभीर मामले से सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता हरेंद्र कुमार, सहायक अभियंता राकेश तिवारी और संबंधित अवर अभियंता को अवगत करा दिया गया है। इस प्रदर्शन में सुरेश मौर्य, श्रीप्रकाश सिंह, कैलाश नाथ, मनोज कुमार गुप्ता, सत्यम कुमार, दिलीप शर्मा, बसंतू, अर्जुन विश्वकर्मा, शुभम मदेशिया, गुड्डू खरवार, रमेश गुप्ता, शंभू चौहान सहित बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता दूखंतू मौर्य ने की, जबकि संचालन राम अवध सिंह ने किया।
- चंदौली के चकिया स्थित बरांव गांव के समीप, किसान विकास मंच के कार्यकर्ताओं ने तपती गर्मी और सिंचाई संकट के बीच धनरियां माइनर की बदहाल स्थिति को लेकर जोरदार प्रदर्शन किया। किसानों ने आरोप लगाया कि माइनर की वर्षों से समुचित सफाई नहीं कराई गई है, जिससे क्षेत्र के दर्जनों गांवों की सिंचाई व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हो रही है। किसान विकास मंच के संगठन मंत्री राम अवध सिंह और सुरेश मौर्य ने मौके पर पहुंचकर माइनर का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान किसानों ने बताया कि मेन राइट कैनाल से निकली धनरियां माइनर की हालत बेहद खराब है। जहां बरांव गांव के दक्षिण दिशा में कभी-कभार सफाई हो जाती है, वहीं गांव के पुल के उत्तर दिशा में दशकों से सफाई नहीं की गई है। किसानों ने जानकारी दी कि माइनर बांस, बबूल, कनेर, बकाइन जैसे पेड़ों और खरपतवारों से पूरी तरह पट गई है, जिससे पानी का प्रवाह रुक गया है। परिणामस्वरूप, आवश्यकता पड़ने पर किसानों को पर्याप्त पानी नहीं मिल पाता, जबकि बरसात या अधिक जल प्रवाह के समय पानी माइनर की पटरी तोड़कर खेतों में फैल जाता है। इस जलभराव से रबी सीजन की मसूर, चना, मटर, सरसों और गेहूं जैसी फसलें बर्बाद हो जाती हैं, जिससे उन्हें भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। संगठन मंत्री राम अवध सिंह ने आरोप लगाया कि सरकार बड़े-बड़े सड़क और एक्सप्रेसवे परियोजनाओं पर तो भारी धनराशि खर्च कर रही है, लेकिन किसानों की सिंचाई व्यवस्था पर बिल्कुल भी ध्यान नहीं दे रही है। उन्होंने यह भी बताया कि वर्ष 2017 के बाद नहर सफाई का रोस्टर नवंबर-दिसंबर में कर दिया गया है, जो किसानों की जरूरतों के अनुकूल नहीं है। उन्होंने मांग की कि नहरों की सफाई पूर्व की भांति अप्रैल-मई में ही कराई जानी चाहिए, ताकि धान की रोपाई से पहले सिंचाई व्यवस्था सुचारू हो सके। किसान विकास मंच के कार्यकर्ताओं ने सामूहिक रूप से निर्णय लिया है कि यदि धान की रोपाई शुरू होने से पहले धनरियां माइनर की सफाई और अतिक्रमण हटाने का कार्य नहीं किया गया, तो किसान अनिश्चितकालीन धरना, अनशन और भूख हड़ताल करने को मजबूर होंगे। संगठन मंत्री ने बताया कि इस गंभीर मामले से सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता हरेंद्र कुमार, सहायक अभियंता राकेश तिवारी और संबंधित अवर अभियंता को अवगत करा दिया गया है। इस प्रदर्शन में सुरेश मौर्य, श्रीप्रकाश सिंह, कैलाश नाथ, मनोज कुमार गुप्ता, सत्यम कुमार, दिलीप शर्मा, बसंतू, अर्जुन विश्वकर्मा, शुभम मदेशिया, गुड्डू खरवार, रमेश गुप्ता, शंभू चौहान सहित बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता दूखंतू मौर्य ने की, जबकि संचालन राम अवध सिंह ने किया।3
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- उत्तर प्रदेश के चंदौली में स्थित पीर सूफी बाबा शाह रुस्तम अली चिश्ती साबरी मदारी कादरी फ़िरदौसी के खानकाह मिल्कीपुर टेंगरा मोड़ पर ईद ए गदीर मुबारक का पर्व अत्यंत अकीदत के साथ मनाया गया।1
- विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर हाटा नगर पंचायत में 'एक पेड़ मां के नाम' नामक विशेष वृक्षारोपण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। चेयरमैन रमेश जायसवाल ने इस अभियान का शुभारंभ किया, जिसमें सैकड़ों लोगों ने उत्साहपूर्वक अपनी भागीदारी सुनिश्चित की।1
- उत्तर प्रदेश के चंदौली जिले में कमालपुर धानापुर क्षेत्र के युवा नेता राजकुमार सनातनी से संपर्क करने का आह्वान किया गया है। पोस्ट के माध्यम से लोगों को सूचित किया गया है कि वे किसी भी कार्य को 'बनवाने' के लिए श्री राजकुमार सनातनी से संपर्क कर सकते हैं।1
- चन्दौली के चकिया क्षेत्र में किसान विकास मंच के कार्यकर्ताओं ने धनरियां माइनर की बदहाल स्थिति के विरोध में बरांव गांव के पास जोरदार प्रदर्शन किया। किसानों ने आरोप लगाया कि वर्षों से माइनर की समुचित सफाई नहीं हुई है, जिसके कारण भीषण गर्मी और सिंचाई संकट के बीच क्षेत्र के दर्जनों गांवों की सिंचाई व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हो रही है। किसान विकास मंच के संगठन मंत्री राम अवध सिंह और सुरेश मौर्य ने मौके पर पहुंचकर माइनर का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान किसानों ने बताया कि मेन राइट कैनाल से निकली धनरियां माइनर की हालत अत्यंत खराब है। बरांव गांव के दक्षिण दिशा में तो कभी-कभार सफाई करा दी जाती है, लेकिन गांव के पुल के उत्तर दिशा में दशकों से कोई सफाई कार्य नहीं हुआ है। जागरूक किसान मनोज कुमार गुप्ता और दिलीप शर्मा ने बताया कि माइनर में बांस, बबूल, कनेर, बकाइन सहित अन्य पेड़-पौधे और खरपतवार उग आए हैं, जिससे जल प्रवाह पूरी तरह बाधित है। इसके परिणामस्वरूप, आवश्यकता पड़ने पर किसानों को पर्याप्त पानी नहीं मिल पाता, जबकि बरसात या अधिक जल प्रवाह के समय पानी माइनर की पटरी तोड़कर खेतों में फैल जाता है। किसानों का कहना है कि जलभराव से रबी सीजन की मसूर, चना, मटर, सरसों और गेहूं जैसी फसलें प्रभावित होती हैं, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। संगठन मंत्री राम अवध सिंह ने सरकार पर किसानों की उपेक्षा का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि सरकार बड़े-बड़े सड़क और एक्सप्रेसवे परियोजनाओं पर भारी धनराशि खर्च कर रही है, लेकिन किसानों की सिंचाई व्यवस्था की ओर पर्याप्त ध्यान नहीं दिया जा रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि वर्ष 2017 के बाद नहर सफाई का रोस्टर नवंबर-दिसंबर में कर दिया गया है, जो किसानों की आवश्यकताओं के अनुरूप नहीं है। किसानों की मांग है कि नहरों की सफाई पूर्व की भांति अप्रैल-मई में ही कराई जाए, ताकि धान की रोपाई से पहले सिंचाई व्यवस्था सुचारु हो सके। किसान विकास मंच के कार्यकर्ताओं ने सामूहिक रूप से निर्णय लिया है कि यदि धान की रोपाई शुरू होने से पहले धनरियां माइनर की सफाई और अतिक्रमण हटाने का कार्य नहीं किया गया, तो किसान अनिश्चितकालीन धरना, अनशन और भूख हड़ताल करने को मजबूर होंगे। संगठन मंत्री ने बताया कि मामले की गंभीरता से सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता हरेंद्र कुमार, सहायक अभियंता राकेश तिवारी और संबंधित अवर अभियंता को अवगत करा दिया गया है। इस प्रदर्शन में सुरेश मौर्य, श्रीप्रकाश सिंह, कैलाश नाथ, मनोज कुमार गुप्ता, सत्यम कुमार, दिलीप शर्मा, बसंतू, अर्जुन विश्वकर्मा, शुभम मदेशिया, गुड्डू खरवार, रमेश गुप्ता, शंभू चौहान सहित बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता दूखंतू मौर्य ने की, जबकि संचालन राम अवध सिंह ने किया।4
- बलुआ पुलिस ने चंदौली के चहनियां बाजार में दिनदहाड़े एक राहगीर से पिस्तौल के बल पर मोबाइल और नकदी लूटने के मामले का खुलासा करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार करने का दावा किया है। इस कार्रवाई के दौरान हुई मुठभेड़ में एक आरोपी के पैर में गोली लगी, जबकि एक उपनिरीक्षक भी घायल हुए हैं। पुलिस के अनुसार, यह घटना 3 जून को चहनियां बाजार में हुई थी, जब पल्सर बाइक सवार दो युवकों ने गोविंद मिश्रा से मोबाइल फोन और नकदी लूट ली थी। घटना के बाद बलुआ थाना में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की गई। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और अन्य सुरागों के आधार पर संदिग्धों की पहचान की। रविवार सुबह पुलिस को सूचना मिली कि दोनों आरोपी क्षेत्र छोड़ने की तैयारी में हैं, जिसके बाद चेकिंग के दौरान उन्हें रोकने का प्रयास किया गया। आरोपियों के भागने पर उनकी बाइक अनियंत्रित होकर गिर गई। इसके बाद हुई कार्रवाई के दौरान एक आरोपी अनुपम पाण्डेय उर्फ गोलू घायल हो गया, जबकि दूसरा आरोपी आकाश कुमार गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने दोनों के कब्जे से लूटा गया मोबाइल फोन, कुछ नकदी, घटना में प्रयुक्त बाइक और अवैध हथियार बरामद किए हैं। घायल आरोपी को उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया है। पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपियों में से एक के खिलाफ पहले भी विभिन्न मामलों में मुकदमे दर्ज हैं, हालांकि यह जांच का विषय है कि दोनों आरोपियों की अन्य आपराधिक घटनाओं में कोई भूमिका रही है या नहीं। फिलहाल, पुलिस मामले में आगे की विधिक कार्रवाई कर रही है। वहीं, क्षेत्र में इस बात की भी चर्चा है कि दिनदहाड़े हुई इस लूट की घटना ने बाजार क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े किए हैं, और जांच तथा न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही पूरे घटनाक्रम की वास्तविक तस्वीर स्पष्ट हो सकेगी।1