सम्भल जिले के गुन्नौर थाना क्षेत्र के कुहैरा गाँव में एक दिव्यांग युवक के साथ कथित मारपीट के मामले में पुलिस की कार्रवाई पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। पीड़ित सूरजपाल, जो काशीराम के पुत्र हैं, ने गाँव के ही तीन लोगों पर आरोप लगाया है कि उन्होंने लाठी-डंडों से उनके साथ मारपीट की, उन्हें गंभीर चोटें पहुँचाईं और कुएँ में धकेलने की कोशिश भी की। पीड़ित के अनुसार, यह घटना 18 जून की रात करीब 11:30 बजे तब हुई जब वह अपने घर के बाहर सो रहा था। बैल हटाने को लेकर हुए विवाद के बाद, आरोपियों ने उनके साथ मारपीट की और जान से मारने की धमकी भी दी। शोर सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुँचे, जिसके बाद आरोपी वहाँ से फरार हो गए। पीड़ित का आरोप है कि इतने गंभीर आरोपों के बावजूद, पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने के बजाय, केवल शांति भंग की आशंका में धारा 151 के तहत चालान कर मामले को रफा-दफा कर दिया। इस कार्रवाई से असंतुष्ट होकर, पीड़ित ने निष्पक्ष जाँच और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
सम्भल जिले के गुन्नौर थाना क्षेत्र के कुहैरा गाँव में एक दिव्यांग युवक के साथ कथित मारपीट के मामले में पुलिस की कार्रवाई पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। पीड़ित सूरजपाल, जो काशीराम के पुत्र हैं, ने गाँव के ही तीन लोगों पर आरोप लगाया
है कि उन्होंने लाठी-डंडों से उनके साथ मारपीट की, उन्हें गंभीर चोटें पहुँचाईं और कुएँ में धकेलने की कोशिश भी की। पीड़ित के अनुसार, यह घटना 18 जून की रात करीब 11:30 बजे तब हुई जब वह अपने घर के बाहर सो रहा था। बैल हटाने को
लेकर हुए विवाद के बाद, आरोपियों ने उनके साथ मारपीट की और जान से मारने की धमकी भी दी। शोर सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुँचे, जिसके बाद आरोपी वहाँ से फरार हो गए। पीड़ित का आरोप है कि इतने गंभीर आरोपों के बावजूद, पुलिस ने आरोपियों के
खिलाफ मुकदमा दर्ज करने के बजाय, केवल शांति भंग की आशंका में धारा 151 के तहत चालान कर मामले को रफा-दफा कर दिया। इस कार्रवाई से असंतुष्ट होकर, पीड़ित ने निष्पक्ष जाँच और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
- मुरादाबाद जिले के थाना कटघर क्षेत्र में प्रेम प्रसंग का एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। अपनी प्रेमिका के प्यार में पागल एक युवक, जिसकी पहचान चमरुआ निवासी अजय वाल्मीकि के रूप में हुई है, जान देने की कोशिश में मोबाइल टावर पर चढ़ गया और कूदने की तैयारी करने लगा। बताया जा रहा है कि युवक ने प्रेमिका से हुए विवाद के बाद गुस्से में आकर यह घातक कदम उठाया। इस घटना की सूचना मिलते ही पूरे इलाके में हड़कंप मच गया और मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलने पर पुलिस और स्थानीय लोग तुरंत मौके पर पहुंचे। पुलिस के साथ-साथ भारतीय किसान यूनियन लोक शक्ति के राष्ट्रीय सचिव फुरकान अहमद ने भी काफी देर तक युवक को समझाने का प्रयास किया। कई घंटों की मशक्कत के बाद अंततः युवक को सुरक्षित रूप से नीचे उतार लिया गया। फिलहाल, यह घटना पूरे इलाके में चर्चा का विषय बनी हुई है, और पुलिस पूरे मामले की जांच में जुटी है, साथ ही युवक से पूछताछ कर आगे की कानूनी कार्रवाई करने की तैयारी में है।1
- उत्तर प्रदेश के एटा जिले के अलीगंज शहर में मुहर्रम के ताज़िया जुलूस के दौरान एक बड़ा हादसा हो गया। जुलूस में एक ताज़िया अचानक असंतुलित होकर हाई-टेंशन बिजली की लाइन से टकरा गया, जिसकी चपेट में आने से चार लोग गंभीर रूप से झुलस गए। इन घायलों को तत्काल नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ इलाज के दौरान उनमें से एक व्यक्ति की मौत हो गई। इस घटना की पुष्टि करते हुए, एसपी सिटी श्वेताभ पांडे ने बताया कि अलीगंज शहर में ताज़िया जुलूस के दौरान ताज़िया के बिजली की हाई-टेंशन लाइन से टकराने के कारण चार लोग करंट की चपेट में आए थे। उन्होंने यह भी बताया कि घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जिनमें से एक व्यक्ति की मृत्यु हो गई है। मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।1
- मुरादाबाद के ऐतिहासिक इमामबाड़ा कुली ख़ाँ में 9वीं मुहर्रम की शब अज़ादारी पूरी अकीदत, एहतराम और ग़मगीन माहौल में संपन्न हुई। इस अवसर पर बड़ी तादाद में अज़ादारों ने मजलिस में शिरकत कर हज़रत इमाम हुसैन (अ.स.) और शोहदाए कर्बला को ख़िराज-ए-अकीदत पेश किया। मजलिस के बाद परंपरागत अंदाज़ में जुल्जनाह बरामद हुआ, जिसकी ज़ियारत के लिए रास्ते भर अकीदतमंद उमड़ पड़े और पूरे माहौल में "या हुसैन", "या अब्बास" और "या सकीना" की सदाएं गूंजती रहीं। अमरोहा से आए मौलाना सैयद मंज़ूर अली नक़वी ने मजलिस को संबोधित करते हुए कहा कि कर्बला का पैग़ाम केवल एक ऐतिहासिक घटना नहीं, बल्कि इंसानियत, सब्र, इंसाफ़ और ज़ुल्म के ख़िलाफ़ डटकर खड़े होने की हमेशा ज़िंदा रहने वाली शिक्षा है। उन्होंने ज़िक्र किया कि हज़रत इमाम हुसैन (अ.स.) ने अपने 72 जाननिसार साथियों और अहलेबैत की बेमिसाल कुर्बानी देकर हक़ की राह पर डटे रहने का ऐसा पैग़ाम दिया है, जो क़यामत तक इंसानियत की रहनुमाई करता रहेगा। मौलाना ने हज़रत अली असग़र (अ.स.), हज़रत अब्बास आलमदार (अ.स.), बीबी सकीना (स.अ.) और शोहदाए कर्बला की दर्दनाक शहादत का उल्लेख किया, जिससे इमामबाड़े का माहौल ग़म से भर उठा, अज़ादारों की आंखें नम हो गईं और हर तरफ़ मातम व गिरिया-ओ-ज़ारी का मंज़र दिखाई दिया। मजलिस के समापन के बाद नौहाख्वानी और सीनाज़नी का सिलसिला शुरू हुआ, जहाँ नौहाख्वानों ने दर्दभरे नौहे पेश किए और अंजुमनों व अज़ादारों ने पुरसा देते हुए मातम किया। इसके पश्चात जुल्जनाह पूरे अदब और एहतराम के साथ बरामद हुआ। रास्ते में जगह-जगह सबील और लंगर का भी इंतज़ाम किया गया, जहां अकीदतमंदों ने अपनी खिदमत का फ़र्ज़ निभाया। मौलाना सज्जाद ने भी अज़ादारों को संबोधित करते हुए इमाम हुसैन (अ.स.) की सीरत को अपनी ज़िंदगी में अपनाने, इंसाफ़, भाईचारे और इंसानियत का पैग़ाम आम करने की अपील की। इस कार्यक्रम में इमामबाड़ा कुली ख़ाँ के मुतवल्ली आरिफ़ राजा, हाजी रईस हैदर, राजा हैदर, बाबर अली, गुलफ़ाम हुसैन, नईम क़ादरी, गुलज़ार हैदर, इरफ़ान हैदर, जावेद अली, मुराद अली, रफ़ीक़ हुसैन, जफ़र अब्बास, ज़हीर अब्बास, राजा अली, अनीस हैदर, ज़ुल्फ़िकार हैदर, मौलाना अकील, शफ़ीक़ हैदर, गुलाब, शमशेर अली, क़ासिम राजा, अनवर अली, नाज़िम हुसैन समेत बड़ी संख्या में अकीदतमंद मौजूद रहे। कार्यक्रम को सफल बनाने में इंतज़ार अब्बास और उनकी टीम का विशेष सहयोग रहा। शिया धर्मगुरु मौलाना सैयद मंज़ूर अली नक़वी ने कहा कि इमाम हुसैन (अ.स.) की शहादत पूरी इंसानियत के लिए हिम्मत, सब्र और ज़ुल्म के ख़िलाफ़ डटकर खड़े होने का हमेशा ज़िंदा रहने वाला पैग़ाम है, जो सिखाता है कि हक़ और इंसाफ़ की राह में आने वाली हर मुश्किल और हर कुर्बानी छोटी है।4
- मुरादाबाद के रहमत नगर में 'यादगार-ए-कर्बला' की जियारत का आयोजन किया गया। इस जियारत के दौरान, इमाम हुसैन (अ.स.) के पैगाम से पूरा रहमत नगर क्षेत्र गूंज उठा, जिससे भक्तिमय माहौल बन गया।1
- बुधवार को भीम आर्मी भारत एकता मिशन के पदाधिकारियों ने बांदा के पुलिस अधीक्षक (SP) को एक प्रार्थना पत्र सौंपा। इस पत्र में महुटा निवासी एक फेसबुक यूजर द्वारा डॉ. भीमराव अंबेडकर और भीम आर्मी संगठन को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणी, गाली-गलौज और धमकी भरे कमेंट्स करने का आरोप लगाया गया है। प्रार्थना पत्र के अनुसार, महुटा निवासी हरेराम पुत्र हरिओम त्रिपाठी की फेसबुक आईडी "सनातनी हरेराम त्रिपाठी" से एक वीडियो अपलोड किया गया था। आरोप है कि इस वीडियो में भीम आर्मी संगठन और डॉ. भीमराव अंबेडकर के लिए अभद्र व अपमानजनक भाषा का प्रयोग किया गया है। साथ ही, SC/ST समुदाय के खिलाफ नफरत फैलाने वाली बातें भी कही गई हैं। शिकायतकर्ताओं ने यह भी बताया कि फोन पर बात करने पर यूजर ने मारपीट की धमकी दी, और वीडियो पर अन्य यूजर्स के कमेंट्स में भी आपत्तिजनक व धमकी भरे शब्द लिखे गए हैं। इस शिकायत पत्र को भीम आर्मी के विधिक सलाहकार दिनेश कुमार, मंडल महासचिव दीपक रावण, आजाद समाज पार्टी के संगठन मंत्री सुशील कुमार और जिला संयोजक मनोज रूस्तम समेत अन्य पदाधिकारियों ने सौंपा। उन्होंने SP से मांग की है कि उपरोक्त लोगों के खिलाफ संबंधित धाराओं और SC/ST एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर सख्त कार्रवाई की जाए। भीम आर्मी नेताओं ने स्पष्ट किया कि डॉ. अंबेडकर देश के महापुरुष हैं और उनके खिलाफ ऐसी भाषा के प्रयोग से SC/ST समुदाय तथा संगठन के कार्यकर्ताओं की भावनाएं आहत हुई हैं। उन्होंने पुलिस से इस मामले में त्वरित संज्ञान लेने और निष्पक्ष जांच करने की उम्मीद जताई है।1
- सम्भल जिले के गुन्नौर थाना क्षेत्र के कुहैरा गाँव में एक दिव्यांग युवक के साथ कथित मारपीट के मामले में पुलिस की कार्रवाई पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। पीड़ित सूरजपाल, जो काशीराम के पुत्र हैं, ने गाँव के ही तीन लोगों पर आरोप लगाया है कि उन्होंने लाठी-डंडों से उनके साथ मारपीट की, उन्हें गंभीर चोटें पहुँचाईं और कुएँ में धकेलने की कोशिश भी की। पीड़ित के अनुसार, यह घटना 18 जून की रात करीब 11:30 बजे तब हुई जब वह अपने घर के बाहर सो रहा था। बैल हटाने को लेकर हुए विवाद के बाद, आरोपियों ने उनके साथ मारपीट की और जान से मारने की धमकी भी दी। शोर सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुँचे, जिसके बाद आरोपी वहाँ से फरार हो गए। पीड़ित का आरोप है कि इतने गंभीर आरोपों के बावजूद, पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने के बजाय, केवल शांति भंग की आशंका में धारा 151 के तहत चालान कर मामले को रफा-दफा कर दिया। इस कार्रवाई से असंतुष्ट होकर, पीड़ित ने निष्पक्ष जाँच और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई की मांग की है।4