मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना अंतर्गत हितग्राहियों को राशि अंतरित की मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना अंतर्गत हितग्राहियों को राशि अंतरित की _कोंडागांव जिले के 7673 हितग्राहियों को मिला योजना का लाभ कोंडागांव :- मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बुधवार को बलौदाबाजार में आयोजित कार्यक्रम में दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना के तहत 4.95 लाख से अधिक पात्र परिवारों के लिए राज्य सरकार की ओर से 495 करोड़ 96 लाख 50 हजार रुपये की राशि का अंतरण किया। इन हितग्राहियों में कोण्डागांव जिले के 7673 हितग्राही भी शामिल है, जिनके खाते में 07 करोड़ 67 लाख 30 हजार रूपए की अंतरित हुई। मुख्यमंत्री श्री साय ने कार्यक्रम में वर्चुअल माध्यम से जिले के हितग्राही कन्हैयालाल कौशिक से सीधा संवाद किया और योजना की राशि के उपयोग के बारे में जानकारी ली। इस अवसर पर जिला कार्यालय के सभाकक्ष में बस्तर विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष सुश्री लता उसेण्डी के मुख्य आतिथ्य में जिला स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें हितग्राहियों को प्रमाण पत्र दी गई। इस दौरान कलेक्टर श्रीमती नुपूर राशि पन्ना, नगर पालिका अध्यक्ष नरपति पटेल सहित स्थानीय जनप्रतिनिधिगण उपस्थित रहे। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक सुश्री लता उसेण्डी ने कहा कि दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना शासन की महात्वाकांक्षी योजना है, जिसके तहत मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज हितग्राहियों के खाते में राशि अंतरित की है। ऐसे भूमिहीन जो मजदूरी या अन्य कार्यों से जीवनयापन कर रहे हैं, उन्हें इस राशि से काफी राहत मिलेगी और आर्थिक मजबूती आएगी। उन्होंने कहा कि परिवार जब आर्थिक रूप से मजबूत होता है तभी हम बच्चों की शिक्षा, पालन पोषण और दैनिक आवश्यकताओं की पूर्ति बेहतर ढंग से कर पाते हैं। उन्होंने सभी लाभान्वित हितग्राहियों को शुभकामनाएं दी। कार्यक्रम में नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष नरपति पटेल, उपाध्यक्ष जसकेतु उसेण्डी, जनपद पंचायत के उपाध्यक्ष टोमेन्द्र ठाकुर एवं जिला पंचायत सदस्य नन्दलाल राठौर ने भी संबोधित करते हुए इस योजना को भूमिहीन कृषि श्रमिकों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में इसे शासन की महत्वपूर्ण पहल बताया। कार्यक्रम में जनपद पंचायत के उपाध्यक्ष टोमेन्द्र ठाकुर, जिला पंचायत सदस्य नन्दलाल राठौर, श्रीमती यशोदा कश्यप और श्रीमती रामदई नाग, पार्षद सुश्री सोनामणि पोयाम, प्रेम नाग सहित अपर कलेक्टर चित्रकांत चाली ठाकुर, एसडीएम अजय उरांव, संयुक्त कलेक्टर वहीदुर्रहमान सहित राजस्व विभाग के अधिकारी और बड़ी संख्या में हितग्राही उपस्थित रहे। उल्लेखनीय है कि दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा राज्य के भूमिहीन कृषि मजदूर परिवारों को आर्थिक रूप से संबल बनाने के लिए शुरू की गई एक प्रमुख योजना है। इस योजना का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र के भूमिहीन कृषि श्रमिकों को सशक्त बनाना है। दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना के तहत मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की घोषणा के अनुरूप भूमिहीन कृषि मजदूरों को प्रतिवर्ष 10 हज़ार रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। भूमिहीन कृषि मजदूर परिवारों को आर्थिक सुरक्षा का सशक्त संबल मिलेगा। सशक्त श्रमिकों के माध्यम से सुरक्षित और सम्मानजनक भविष्य सुनिश्चित करना छत्तीसगढ़ सरकार का संकल्प है।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना अंतर्गत हितग्राहियों को राशि अंतरित की मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना अंतर्गत हितग्राहियों को राशि अंतरित की _कोंडागांव जिले के 7673 हितग्राहियों को मिला योजना का लाभ कोंडागांव :- मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बुधवार को बलौदाबाजार में आयोजित कार्यक्रम में दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना के तहत 4.95 लाख से अधिक पात्र परिवारों के लिए राज्य सरकार की ओर से 495 करोड़ 96 लाख 50 हजार रुपये की राशि का अंतरण किया। इन हितग्राहियों में कोण्डागांव जिले के 7673 हितग्राही भी शामिल है, जिनके खाते में 07 करोड़ 67 लाख 30 हजार रूपए की अंतरित हुई। मुख्यमंत्री श्री साय ने कार्यक्रम में वर्चुअल माध्यम से जिले के हितग्राही कन्हैयालाल
कौशिक से सीधा संवाद किया और योजना की राशि के उपयोग के बारे में जानकारी ली। इस अवसर पर जिला कार्यालय के सभाकक्ष में बस्तर विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष सुश्री लता उसेण्डी के मुख्य आतिथ्य में जिला स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें हितग्राहियों को प्रमाण पत्र दी गई। इस दौरान कलेक्टर श्रीमती नुपूर राशि पन्ना, नगर पालिका अध्यक्ष नरपति पटेल सहित स्थानीय जनप्रतिनिधिगण उपस्थित रहे। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक सुश्री लता उसेण्डी ने कहा कि दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना शासन की महात्वाकांक्षी योजना है, जिसके तहत मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज हितग्राहियों के खाते में राशि अंतरित की है। ऐसे भूमिहीन जो मजदूरी या अन्य कार्यों से जीवनयापन कर रहे हैं, उन्हें इस राशि से काफी राहत मिलेगी
और आर्थिक मजबूती आएगी। उन्होंने कहा कि परिवार जब आर्थिक रूप से मजबूत होता है तभी हम बच्चों की शिक्षा, पालन पोषण और दैनिक आवश्यकताओं की पूर्ति बेहतर ढंग से कर पाते हैं। उन्होंने सभी लाभान्वित हितग्राहियों को शुभकामनाएं दी। कार्यक्रम में नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष नरपति पटेल, उपाध्यक्ष जसकेतु उसेण्डी, जनपद पंचायत के उपाध्यक्ष टोमेन्द्र ठाकुर एवं जिला पंचायत सदस्य नन्दलाल राठौर ने भी संबोधित करते हुए इस योजना को भूमिहीन कृषि श्रमिकों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में इसे शासन की महत्वपूर्ण पहल बताया। कार्यक्रम में जनपद पंचायत के उपाध्यक्ष टोमेन्द्र ठाकुर, जिला पंचायत सदस्य नन्दलाल राठौर, श्रीमती यशोदा कश्यप और श्रीमती रामदई नाग, पार्षद सुश्री सोनामणि पोयाम, प्रेम नाग सहित अपर कलेक्टर चित्रकांत चाली ठाकुर, एसडीएम
अजय उरांव, संयुक्त कलेक्टर वहीदुर्रहमान सहित राजस्व विभाग के अधिकारी और बड़ी संख्या में हितग्राही उपस्थित रहे। उल्लेखनीय है कि दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा राज्य के भूमिहीन कृषि मजदूर परिवारों को आर्थिक रूप से संबल बनाने के लिए शुरू की गई एक प्रमुख योजना है। इस योजना का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र के भूमिहीन कृषि श्रमिकों को सशक्त बनाना है। दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना के तहत मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की घोषणा के अनुरूप भूमिहीन कृषि मजदूरों को प्रतिवर्ष 10 हज़ार रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। भूमिहीन कृषि मजदूर परिवारों को आर्थिक सुरक्षा का सशक्त संबल मिलेगा। सशक्त श्रमिकों के माध्यम से सुरक्षित और सम्मानजनक भविष्य सुनिश्चित करना छत्तीसगढ़ सरकार का संकल्प है।
- मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना अंतर्गत हितग्राहियों को राशि अंतरित की _कोंडागांव जिले के 7673 हितग्राहियों को मिला योजना का लाभ कोंडागांव :- मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बुधवार को बलौदाबाजार में आयोजित कार्यक्रम में दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना के तहत 4.95 लाख से अधिक पात्र परिवारों के लिए राज्य सरकार की ओर से 495 करोड़ 96 लाख 50 हजार रुपये की राशि का अंतरण किया। इन हितग्राहियों में कोण्डागांव जिले के 7673 हितग्राही भी शामिल है, जिनके खाते में 07 करोड़ 67 लाख 30 हजार रूपए की अंतरित हुई। मुख्यमंत्री श्री साय ने कार्यक्रम में वर्चुअल माध्यम से जिले के हितग्राही कन्हैयालाल कौशिक से सीधा संवाद किया और योजना की राशि के उपयोग के बारे में जानकारी ली। इस अवसर पर जिला कार्यालय के सभाकक्ष में बस्तर विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष सुश्री लता उसेण्डी के मुख्य आतिथ्य में जिला स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जिसमें हितग्राहियों को प्रमाण पत्र दी गई। इस दौरान कलेक्टर श्रीमती नुपूर राशि पन्ना, नगर पालिका अध्यक्ष नरपति पटेल सहित स्थानीय जनप्रतिनिधिगण उपस्थित रहे। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक सुश्री लता उसेण्डी ने कहा कि दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना शासन की महात्वाकांक्षी योजना है, जिसके तहत मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज हितग्राहियों के खाते में राशि अंतरित की है। ऐसे भूमिहीन जो मजदूरी या अन्य कार्यों से जीवनयापन कर रहे हैं, उन्हें इस राशि से काफी राहत मिलेगी और आर्थिक मजबूती आएगी। उन्होंने कहा कि परिवार जब आर्थिक रूप से मजबूत होता है तभी हम बच्चों की शिक्षा, पालन पोषण और दैनिक आवश्यकताओं की पूर्ति बेहतर ढंग से कर पाते हैं। उन्होंने सभी लाभान्वित हितग्राहियों को शुभकामनाएं दी। कार्यक्रम में नगर पालिका परिषद के अध्यक्ष नरपति पटेल, उपाध्यक्ष जसकेतु उसेण्डी, जनपद पंचायत के उपाध्यक्ष टोमेन्द्र ठाकुर एवं जिला पंचायत सदस्य नन्दलाल राठौर ने भी संबोधित करते हुए इस योजना को भूमिहीन कृषि श्रमिकों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में इसे शासन की महत्वपूर्ण पहल बताया। कार्यक्रम में जनपद पंचायत के उपाध्यक्ष टोमेन्द्र ठाकुर, जिला पंचायत सदस्य नन्दलाल राठौर, श्रीमती यशोदा कश्यप और श्रीमती रामदई नाग, पार्षद सुश्री सोनामणि पोयाम, प्रेम नाग सहित अपर कलेक्टर चित्रकांत चाली ठाकुर, एसडीएम अजय उरांव, संयुक्त कलेक्टर वहीदुर्रहमान सहित राजस्व विभाग के अधिकारी और बड़ी संख्या में हितग्राही उपस्थित रहे। उल्लेखनीय है कि दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा राज्य के भूमिहीन कृषि मजदूर परिवारों को आर्थिक रूप से संबल बनाने के लिए शुरू की गई एक प्रमुख योजना है। इस योजना का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र के भूमिहीन कृषि श्रमिकों को सशक्त बनाना है। दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना के तहत मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की घोषणा के अनुरूप भूमिहीन कृषि मजदूरों को प्रतिवर्ष 10 हज़ार रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। भूमिहीन कृषि मजदूर परिवारों को आर्थिक सुरक्षा का सशक्त संबल मिलेगा। सशक्त श्रमिकों के माध्यम से सुरक्षित और सम्मानजनक भविष्य सुनिश्चित करना छत्तीसगढ़ सरकार का संकल्प है।4
- *बुनागाँव की छात्रा जानवी कौशिक का जवाहर नवोदय विद्यालय के लिए चयन* कोंडागांव - प्रतिभा और कड़े संघर्ष के संगम से सफलता की नई इबारत लिखी जाती है।कुछ ऐसा ही कर दिखाया है कोंडागांव जिला अंतर्गत ग्राम बुनागाँव की होनहार छात्रा जानवी कौशिक ने।जनपद प्राथमिक शाला बुनागाँव की कक्षा पांचवी की छात्रा जानवी का चयन जवाहर नवोदय विद्यालय कोंडागांव के लिए हुआ है। *सफलता की परंपरा बना बुनागाँव स्कूल* यह उपलब्धि न केवल जानवी के परिवार के लिए बल्कि पूरे क्षेत्र के लिए गौरव का विषय है।इस सफलता के पीछे शिक्षक सूरज नेताम और मोनिका साहू का विशेष योगदान है जिनके मार्गदर्शन में छात्र 4-5 माह तक कड़ी मेहनत और विशेष अध्ययन करते हैं।गौरतलब हो कि शाला में प्रतिवर्ष स्कूल सहित अवकाश के दिनों में शिक्षकों के द्वारा कोचिंग सह मार्गदर्शन दिए जा रहे हैं,फलस्वरूप हर वर्ष बच्चे प्रतियोगी परीक्षा उत्तीर्ण कर उच्च शैक्षणिक संस्थानों चयनित हो रहे हैं।उनके मार्गदर्शन में अभी तक 45 से अधिक बच्चे नवोदय स्कूल, एकलव्य,आदर्श,बुनियादी विद्यालय,प्रयास सहित विभिन्न प्रतियोगी परीक्षा उत्तीर्ण कर निःशुल्क उच्च आवासीय शैक्षणिक संस्थानों में चयनित होकर अपना भविष्य गढ़ रहे हैं।1
- नारायणपुर जिले के लिए एक बड़ी राहत और सकारात्मक खबर सामने आई है। अब नारायणपुर को ‘अति संवेदनशील (Most Sensitive)’ श्रेणी से हटा दिया गया है। सुरक्षा व्यवस्था में सुधार, लगातार विकास कार्य, सड़क, मोबाइल टावर, कैंप और प्रशासनिक सक्रियता को देखते हुए यह निर्णय लिया गया है। इस फैसले से जिले में विकास कार्यों को और गति मिलेगी, सरकारी योजनाओं का बेहतर क्रियान्वयन होगा और नारायणपुर की छवि में भी सकारात्मक बदलाव आएगा। नारायणपुर के लिए यह एक महत्वपूर्ण और सकारात्मक कदम माना जा रहा है।1
- Post by सतभक्ति संदेश1
- ब्रेकिंग: दंडकारण्य स्पेशल जोनल कमेटी (DKSZC) के मेंबर पापा राव समेत 18 नक्सलियों (11 पुरुष, 7 महिला) ने आत्मसमर्पण किया है। नक्सली 8 AK-47 सहित अन्य हथियार लेकर पहुँचे हैं। बताया जा रहा है कि सभी नक्सली बुधवार को जगदलपुर में बस्तर IG सुंदरराज पी के समक्ष औपचारिक सरेंडर करेंगे।1
- मृतक के परिवार को मुआवजा एवं आरोपीओ को उचित कार्यवाही की मांग को लेकर भतारा समाज ने ज्ञापन सोपा1
- पापा राव और अन्य साथियों ने मुख्य धारा में लौट चुके हैं नक्सली1
- विश्रामपुरी मेले में शामिल हुए पूर्व विधायक संतराम नेताम, राहगीरों को पिलाया शरबत व ठंडा पेय कोंडागांव :- जिले के बड़ेराजपुर विकासखंण्ड अंतर्गत ग्राम विश्रामपुरी में आयोजित पारंपरिक मड़ई मेला में शामिल हुए पूर्व विधायक संतराम नेताम। इस अवसर पर उन्होंने देवी- देवताओं की पूजा-अर्चना कर क्षेत्रवासियों की सुख-समृद्धि की कामना की। इस अवसर पर संतराम नेताम ने ग्रामवासियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि मेला-मड़ई छत्तीसगढ़ की समृद्ध परंपरा और संस्कृति की पहचान है।यह अवसर अपनों से मिलने और संपर्क का माध्यम होता है। इससे हमारी युवा पीढ़ी को अपनी संस्कृति को जानने समझने का मौका मिलता है। मानव सेवा ही प्रभु सेवा: नेताम केशकाल के पूर्व विधायक संतराम नेताम अपने सादगीपूर्ण अंदाज और जनसेवा के कार्यों के लिए जाने जाते हैं। इसी तारामंय में आज विश्रामपुरी मेले के अवसर पर प्रतिवर्ष की भांति इस वर्ष भी भीषण गर्मी और उमस के बीच राहगीरों को शरबत व ठंडा जल अपने हाथों से पिलाया। वे अपने कार्यकर्ताओं के साथ स्टाल लगाकर दिन भर लोगों को शर्बत व ठंड पेय पिलाते रहे। इस विषय पर संतराम नेताम ने कहा कि सेवा धर्म हमारी सनातन संस्कृति का अभिन्न अंग है, इसके पालन से पुण्य की प्राप्ति होती है। सादगी और जनसेवा आपको ज्ञात हो कि संतराम नेताम वीआईपी कल्चर से दूर रहना पसंद करते हैं। उन्हें अक्सर अपने निर्वाचन क्षेत्र में आम लोगों के बीच मिलकर काम करते देखा जाता है, जैसे कि खेतों में धान की कटाई करना या हल चलाना।सांस्कृतिक सक्रियता: वे आदिवासी संस्कृति और परंपराओं को बढ़ावा देने के लिए जाने जाते हैं और स्थानीय मेलों व उत्सवों में जनसेवक के रूप में उपस्थित रहते हैं। विश्रामपुरी मेले से जुड़ाव संतराम नेताम विश्रामपुरी क्षेत्र के ही निवासी हैं और वहाँ के सामाजिक कार्यक्रमों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते हैं। इस अवसर पर मुख्य रूप से कोंडागांव जिला पंचायत उपाध्यक्ष हिरासिंह नेताम, कमलेश ठाकुर, रामचरण शोरी, सुकमन नेताम, नारायण नेताम व स्थानीय जनप्रतिनिधि, के पदाधिकारीगण और बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित थे।4