अंतर्राष्ट्रीय मजदूर दिवस पर भेल श्रमिक संगठनों ने आज शहीद श्रमिकों को श्रद्धांजलि अर्पित की और मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। निफ्टू से संबद्ध श्रमिक संगठनों द्वारा भेल फाउंड्री गेट पर आयोजित प्रदर्शन को संबोधित करते हुए हैवी इलेक्ट्रिकल्स वर्कर्स ट्रेड यूनियन के अध्यक्ष पूर्व विधायक रामयश सिंह ने कहा कि भेल प्रबंधन जल्द से जल्द से यूनियनों के मान्यता चुनाव कराए। सेंट्रलाइज्ड इंसेंटिव स्कीम की अधिकतम राशि को 8000 रुपये किया जाए। वेक्स तथा कई अन्य विभागों के कर्मचारियों इनडायरेक्ट की श्रेणी से हटाकर डायरेक्ट इन्सेंटिव श्रेणी में रखा जाए। जिससे इंसेंटिव का लाभ सभी को मिल सके। हैवी इलेक्ट्रिकल्स वर्कर्स ट्रेड यूनियन (निफ्टू) के महामंत्री विकास सिंह ने कहा कि भेल का टर्नओवर वर्ष की तुलना में 18 प्रतिशत अधिक है। टर्नओवर बढ़ाने में कर्मचारियों के योगदान के लिए पूर्व की भांति पीपी का भुगतान करने के लिए जेसीएम की मीटिंग इसी महीने बुलायी जाए। केंद्रीय विद्यालय सेक्टर-4 में पूर्व की भांति कक्षा 1 में कर्मचारियों के बच्चों का प्रवेश शुरू किया जाए। कुमुद श्रीवास्तव ने कहा कि अतिरिक्त कार्य घंटे के लिए कर्मचारियों को सी-ऑफ की जगह ओवरटाइम का भुगतान किया जाए। जिससे कर्मचारियों को आर्थिक लाभ मिले और उनके जीवन स्तर में सुधार हो। एफ़एफ़पी श्रमिक संगठन के महामंत्री सचिन कहा कि कोरोना काल में मृत कर्मचारियों के आश्रितों को कर्मचारी की सेवानिवृत तिथि तक आर्थिक लाभ दिया जाए। हैवी इलेक्ट्रिकल्स वर्कर्स ट्रेड यूनियन के कार्यवाहक अध्यक्ष सुभाष पुरोहित ने कहा कि पिछले वेज रिवीजन में पांच वर्ष बाद लेपटॉप वितरण किया जाना तय हुआ था। पांच वर्ष पूरे होने पर सभी कर्मचारियों को दोबारा लैपटॉप दिए जाएं। प्रदर्शन करने वालों में विकास सिंह, कुमुद श्रीवास्तव, गगन वर्मा, राजकुमार, अमित गोगना, कृपाल सिंह, सतेंद्र प्रताप, संदीप सिंघनिया, सुभाष पुरोहित, राकेश मालवीय, नवीन गिरी, अरविंद मावी, बलवीर रावत, दिलीप दास, सुमित गर्ग, सुनील कुमार, प्रह्लाद चौहान, अतुल मिश्रा, अतुल राय, मोहित, विजय, भगत रावत, ज्ञानप्रकाश, रामलाल प्रजापति, अजय सिंह, सलीम, राजीव पाल, जगेश पाल, राम भरोसे लाल, रत्नेश्वर भारती, अरुण कुमार, बीरेंद्र भदौरिया, संजीव कुमार, इंदरजीत यादव, दीपक अग्रवाल, यशवंत साफि, बलवीर सिंह रावत, जितेश कुमार, धर्मेंद्र गुप्ता, धर्मेश गुप्ता, ज्ञान प्रकाश सिंह, दयाशंकर, चंद्रमोहन, इस्तकार, अंशुल मिश्रा, पट्टू यादव, दीपक रॉय, नरेंद्र त्रिपाठी, राहुल पाल, गिरधर रावत, सचिन, संजय कश्यप, बीरेंद्र कुमार, राकेश पाल, अरुण पाल, प्रेमशंकर, भवानी प्रसाद आदि शामिल रहे।
अंतर्राष्ट्रीय मजदूर दिवस पर भेल श्रमिक संगठनों ने आज शहीद श्रमिकों को श्रद्धांजलि अर्पित की और मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। निफ्टू से संबद्ध श्रमिक संगठनों द्वारा भेल फाउंड्री गेट पर आयोजित प्रदर्शन को संबोधित करते हुए हैवी इलेक्ट्रिकल्स वर्कर्स ट्रेड यूनियन के अध्यक्ष पूर्व विधायक रामयश सिंह ने कहा कि भेल प्रबंधन जल्द से जल्द से यूनियनों के मान्यता चुनाव कराए। सेंट्रलाइज्ड इंसेंटिव स्कीम की अधिकतम राशि को 8000 रुपये किया जाए। वेक्स तथा कई अन्य विभागों के कर्मचारियों इनडायरेक्ट की श्रेणी से हटाकर डायरेक्ट इन्सेंटिव श्रेणी में रखा जाए। जिससे इंसेंटिव का लाभ सभी को मिल सके। हैवी इलेक्ट्रिकल्स वर्कर्स ट्रेड यूनियन (निफ्टू) के महामंत्री विकास सिंह ने कहा कि भेल का टर्नओवर वर्ष की तुलना में 18 प्रतिशत अधिक है। टर्नओवर बढ़ाने में कर्मचारियों के योगदान के लिए पूर्व की भांति पीपी का भुगतान करने के लिए जेसीएम की मीटिंग इसी महीने बुलायी जाए। केंद्रीय विद्यालय सेक्टर-4 में पूर्व की भांति कक्षा 1 में कर्मचारियों के बच्चों का प्रवेश शुरू किया जाए। कुमुद श्रीवास्तव ने कहा कि अतिरिक्त कार्य घंटे के लिए कर्मचारियों को सी-ऑफ की जगह ओवरटाइम का भुगतान किया जाए। जिससे कर्मचारियों को आर्थिक लाभ मिले और उनके जीवन स्तर में सुधार हो। एफ़एफ़पी श्रमिक संगठन के महामंत्री सचिन कहा कि कोरोना काल में मृत कर्मचारियों के आश्रितों को कर्मचारी की सेवानिवृत तिथि तक आर्थिक लाभ दिया जाए। हैवी इलेक्ट्रिकल्स वर्कर्स ट्रेड यूनियन के कार्यवाहक अध्यक्ष सुभाष पुरोहित ने कहा कि पिछले वेज रिवीजन में पांच वर्ष बाद लेपटॉप वितरण किया जाना तय हुआ था। पांच वर्ष पूरे होने पर सभी कर्मचारियों को दोबारा लैपटॉप दिए जाएं। प्रदर्शन करने वालों में विकास सिंह, कुमुद श्रीवास्तव, गगन वर्मा, राजकुमार, अमित गोगना, कृपाल सिंह, सतेंद्र प्रताप, संदीप सिंघनिया, सुभाष पुरोहित, राकेश मालवीय, नवीन गिरी, अरविंद मावी, बलवीर रावत, दिलीप दास, सुमित गर्ग, सुनील कुमार, प्रह्लाद चौहान, अतुल मिश्रा, अतुल राय, मोहित, विजय, भगत रावत, ज्ञानप्रकाश, रामलाल प्रजापति, अजय सिंह, सलीम, राजीव पाल, जगेश पाल, राम भरोसे लाल, रत्नेश्वर भारती, अरुण कुमार, बीरेंद्र भदौरिया, संजीव कुमार, इंदरजीत यादव, दीपक अग्रवाल, यशवंत साफि, बलवीर सिंह रावत, जितेश कुमार, धर्मेंद्र गुप्ता, धर्मेश गुप्ता, ज्ञान प्रकाश सिंह, दयाशंकर, चंद्रमोहन, इस्तकार, अंशुल मिश्रा, पट्टू यादव, दीपक रॉय, नरेंद्र त्रिपाठी, राहुल पाल, गिरधर रावत, सचिन, संजय कश्यप, बीरेंद्र कुमार, राकेश पाल, अरुण पाल, प्रेमशंकर, भवानी प्रसाद आदि शामिल रहे।
- हरिद्वार से रोहित वर्मा की रिपोर्ट -हरिपुर कला में स्थित पीके फूड जंक्शन का भव्य शुभारंभ बड़े उत्साह और धूमधाम के साथ संपन्न हुआ। उद्घाटन समारोह में स्थानीय लोगों की अच्छी-खासी भीड़ देखने को मिली। इस अवसर पर विशेष पूजा-अर्चना के साथ फीता काटकर रेस्टोरेंट का शुभारंभ किया गया। संस्थान के संचालक अमित कंडवाल महावीर पुंडीर ने बताया कि पीके फूड जंक्शन में ग्राहकों को स्वादिष्ट और गुणवत्तापूर्ण फास्ट फूड व अन्य व्यंजन उपलब्ध कराए जाएंगे। उद्घाटन के मौके पर आए मेहमानों ने नए प्रतिष्ठान की सराहना की और इसके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। स्थानीय निवासियों के लिए यह एक नया और आकर्षक खानपान स्थल बनकर उभरेगा, जहां परिवार और दोस्त मिलकर अच्छा समय बिता सकेंगे।3
- हरिद्वार के देवपुरा क्षेत्र स्थित बजरी वाला बस्ती, बैरागी कैंप में ग्रामीणों को भीषण गर्मी में पानी की भारी समस्या का सामना करना पड़ रहा है। गाँव का एकमात्र सरकारी हैंडपंप, जो लंबे समय से जल आपूर्ति का मुख्य साधन था, उसका हैंडल टूट जाने से पूरी व्यवस्था ठप हो गई है। ग्रामीणों ने बताया कि 45 डिग्री तापमान में पानी के बिना जीवन बेहद कठिन हो गया है। कई बार विभागीय अधिकारियों को मौखिक रूप से, फोन कॉल और व्हाट्सएप संदेशों के माध्यम से समस्या से अवगत कराया गया, लेकिन अब तक कोई समाधान नहीं निकला। लोगों ने विभाग की लापरवाही पर नाराज़गी जताते हुए कहा कि बार-बार शिकायत करने के बावजूद मरम्मत कार्य शुरू नहीं किया गया। ग्रामीणों का कहना है कि यदि जल्द ही हैंडपंप की मरम्मत नहीं की गई तो स्थिति और गंभीर हो सकती है।5
- हरिद्वार में धर्मनगरी और गंगा की पवित्रता व शुचिता बनाए रखने का आजकल बहुत शोर है। हरकी पैड़ी पर तो गंगा सभा ने जगह जगह इससे संबंधित सूचना पट भी लगाए हैं लेकिन इससे जुड़े विवाद जबतब सामने आते रहते हैं।आज उत्तरी हरिद्वार के सर्वानंद घाट पर कुछ यात्री अपने पालतू कुत्ते को बुद्ध पूर्णिमा स्नान कराने पहुंच गए। आसपास नहा रहे श्रद्धालुओं ने जब साथ में कुत्ते को नहाते देखा तो इसपर आपत्ति जताई,जिसको लेकर विवाद शुरू हो गया। बता दें कि आजकल हरिद्वार सहित देवभूमि के सभी मंदिरों में गैर हिंदुओं के प्रवेश निषेध का मामला गरमाया हुआ है। (-कुमार दुष्यंत)1
- Post by Dpk Chauhan1
- हरिद्वार जनपद में दर्दनाक हादसा — मगरमच्छ के हमले में 13 वर्षीय बालक की मौत हरिद्वार से एक दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। बुग्गावाला थाना क्षेत्र में स्थित नदी किनारे एक 13 वर्षीय बालक को मगरमच्छ ने अपना शिकार बना लिया। बताया जा रहा है कि ग्राम बंजारावाला निवासी बालक नदी के पास खेल रहा था, तभी अचानक मगरमच्छ ने उस पर हमला कर दिया। 👉 इस दर्दनाक घटना में बालक की मौके पर ही मौत हो गई। 👉 घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। 👉 फिलहाल वन विभाग इलाके में सतर्कता बरत रहा है और स्थानीय लोगों को नदी किनारे न जाने की हिदायत दी गई है। ⚠️ *महत्वपूर्ण अपील*: नदी और जंगली इलाकों के आसपास बच्चों को अकेला न छोड़ें और सतर्कता बरतें। *आप देख रहे हैं* A BHARAT NEWS10 — सबसे पहले आपकी आवाज1
- Post by मोहित हरिद्वार ब्यूरो चीफ़1
- The Aman Times 🚨 ब्रेकिंग | ऋषिकेश हादसा ऋषिकेश में गंगा स्नान के दौरान बड़ा हादसा… तेज बहाव में बहा 18 वर्षीय युवक। 📍 लक्ष्मणझूला क्षेत्र के मालकुंठी पुल के पास की घटना 👉 दिल्ली से परिवार के साथ घूमने आया था युवक 👉 नहाते समय संतुलन बिगड़ा, गहरे पानी में गया और लापता 🚑 SDRF की डीप डाइविंग टीम मौके पर 🔍 गंगा में लगातार सर्च ऑपरेशन जारी 👤 युवक की पहचान: वंश (18), निवासी निजामपुर, दिल्ली ⚠️ सावधानी जरूरी: गंगा में तेज बहाव के बीच नहाते समय सतर्क रहें1
- बुग्गावाला में आज सुबह एक ईंट भट्ठे के पास 13 वर्षीय किशोर को निवाला बनाने वाले मगरमच्छ को आखिर कड़ी मशक्कत के बाद वनविभाग की टीम ने गिरफ्त में ले लिया।इस दौरान वहां वनविभाग के आपरेशन को देखने के लिए घंटों लोगों की भीड़ जुटी रही। मगरमच्छ व्यस्क था और संभवतः कहीं से तालाब में पहुंच गया था। आज सुबह जब बुग्गावाला निवासी 13 वर्षीय किशोर तालाब के किनारे पहुंचा चुपचाप तालाब से निकलकर आए मगरमच्छ ने किशोर पर हमला कर दिया और उसे तालाब में खींच ले गया था। बाद में बचाव दल बच्चे का शव ही बरामद कर सका।1