दौसा जिले की बांदीकुई थाना पुलिस ने पिछले कई महीनों से महिलाओं को निशाना बनाकर सुनसान इलाकों में आभूषण लूट की वारदातों को अंजाम देने वाले दो शातिर और इनामी बदमाशों को गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने बाणगंगा नदी क्षेत्र में घेराबंदी कर इन आरोपियों को धर दबोचा। इन दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी पर जिला पुलिस अधीक्षक पीयूष दीक्षित ने 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया हुआ था। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से दो अवैध 315 बोर देशी कट्टे, नौ जिंदा कारतूस और वारदात में इस्तेमाल की गई चोरी की स्प्लेंडर प्लस मोटरसाइकिल बरामद की है। पकड़े गए बदमाशों की पहचान पाहुआ (कुम्हेर, डीग) निवासी 40 वर्षीय महेश उर्फ फुद्दू और चितोकरी (भरतपुर) निवासी 28 वर्षीय आकाश के रूप में हुई है। पूछताछ में आरोपियों ने दौसा, भरतपुर, डीग और अलवर सहित आसपास के क्षेत्रों में 50 से अधिक लूट और वाहन चोरी की वारदातें करना स्वीकार किया है। आरोपी बांदीकुई, बसवा, कोलवा, बैजूपाड़ा सहित विभिन्न थाना क्षेत्रों में सुनसान रास्तों पर अकेली महिलाओं को हथियारों के बल पर रोकते थे और उनके सोने के मंगलसूत्र, जंतर, कुंडल, लॉकेट और पैंडल लूट लेते थे। इन वारदातों से आमजन में भारी भय का माहौल था, जिसे देखते हुए पुलिस ने विशेष टीम गठित कर सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी विश्लेषण की मदद से इन्हें दबोचा। यह बड़ी कार्रवाई जयपुर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक राहुल प्रकाश के निर्देशन और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शंकर लाल व वृत्ताधिकारी लक्ष्मीकांत शर्मा के सुपरविजन में की गई। इस टीम में बांदीकुई थाना प्रभारी जहीर अब्बास, बसवा थाना प्रभारी नरेशचंद शर्मा सहित डीएसटी और साइबर सेल की संयुक्त टीम शामिल थी। पुलिस के अनुसार, मुख्य आरोपी महेश उर्फ फुद्दू के खिलाफ पहले से ही लूट, डकैती की योजना, नकबजनी और अवैध हथियार के 19 आपराधिक मामले दर्ज हैं और उसके खिलाफ कई अदालतों से स्थायी वारंट भी जारी हैं। पुलिस अब दोनों को रिमांड पर लेकर पूछताछ करेगी, जिससे लूटे गए आभूषणों की बरामदगी और अन्य मामलों का खुलासा होने की उम्मीद है।
दौसा जिले की बांदीकुई थाना पुलिस ने पिछले कई महीनों से महिलाओं को निशाना बनाकर सुनसान इलाकों में आभूषण लूट की वारदातों को अंजाम देने वाले दो शातिर और इनामी बदमाशों को गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने बाणगंगा नदी क्षेत्र में घेराबंदी कर इन आरोपियों को धर दबोचा। इन दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी पर जिला पुलिस अधीक्षक पीयूष दीक्षित ने 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया हुआ था। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से दो अवैध 315
बोर देशी कट्टे, नौ जिंदा कारतूस और वारदात में इस्तेमाल की गई चोरी की स्प्लेंडर प्लस मोटरसाइकिल बरामद की है। पकड़े गए बदमाशों की पहचान पाहुआ (कुम्हेर, डीग) निवासी 40 वर्षीय महेश उर्फ फुद्दू और चितोकरी (भरतपुर) निवासी 28 वर्षीय आकाश के रूप में हुई है। पूछताछ में आरोपियों ने दौसा, भरतपुर, डीग और अलवर सहित आसपास के क्षेत्रों में 50 से अधिक लूट और वाहन चोरी की वारदातें करना स्वीकार किया है। आरोपी बांदीकुई, बसवा, कोलवा, बैजूपाड़ा सहित विभिन्न थाना क्षेत्रों में सुनसान
रास्तों पर अकेली महिलाओं को हथियारों के बल पर रोकते थे और उनके सोने के मंगलसूत्र, जंतर, कुंडल, लॉकेट और पैंडल लूट लेते थे। इन वारदातों से आमजन में भारी भय का माहौल था, जिसे देखते हुए पुलिस ने विशेष टीम गठित कर सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी विश्लेषण की मदद से इन्हें दबोचा। यह बड़ी कार्रवाई जयपुर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक राहुल प्रकाश के निर्देशन और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शंकर लाल व वृत्ताधिकारी लक्ष्मीकांत शर्मा के सुपरविजन में की गई। इस टीम में बांदीकुई
थाना प्रभारी जहीर अब्बास, बसवा थाना प्रभारी नरेशचंद शर्मा सहित डीएसटी और साइबर सेल की संयुक्त टीम शामिल थी। पुलिस के अनुसार, मुख्य आरोपी महेश उर्फ फुद्दू के खिलाफ पहले से ही लूट, डकैती की योजना, नकबजनी और अवैध हथियार के 19 आपराधिक मामले दर्ज हैं और उसके खिलाफ कई अदालतों से स्थायी वारंट भी जारी हैं। पुलिस अब दोनों को रिमांड पर लेकर पूछताछ करेगी, जिससे लूटे गए आभूषणों की बरामदगी और अन्य मामलों का खुलासा होने की उम्मीद है।
- दौसा के कालाखो स्थित हरितवाल फिलिंग स्टेशन पर पेट्रोल भरवाकर बिना भुगतान किए फरार होने और सेल्समैन को कार से घसीटकर घायल करने की सनसनीखेज वारदात का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। सदर थाना पुलिस ने इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि दो अन्य आरोपी अब भी फरार हैं। पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल की गई सफेद रंग की स्विफ्ट कार को भी जब्त कर लिया है। यह वारदात 5 जुलाई की रात की है, जब बदमाशों ने पेट्रोल पंप पर 4 हजार रुपये का पेट्रोल भरवाया और बिना पैसे दिए भागने लगे। सेल्समैन रामस्वरूप मीणा ने जब कार को रोकने का प्रयास किया, तो आरोपी उन्हें करीब 50 से 60 फीट तक घसीटते हुए ले गए, जिससे वह घायल हो गए। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक पीयूष दीक्षित (आईपीएस), अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शंकर लाल (आरपीएस) और वृत्ताधिकारी धर्मेन्द्र कुमार शर्मा (आरपीएस) के सुपरविजन में थानाधिकारी युधिष्ठिर के नेतृत्व में सदर थाना, कोतवाली थाना, डीएसटी और साइबर सेल की संयुक्त टीम का गठन किया गया। इस टीम ने सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी विश्लेषण और मैनुअल इंटेलिजेंस के आधार पर आरोपियों की पहचान की। पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए आरोपियों में सलेमपुरा निवासी छुट्टनलाल (22) और बोरदा निवासी पवन महावर (23) शामिल हैं। वहीं, अशोक मीणा और हिस्ट्रीशीटर दिलराज मीणा फिलहाल फरार हैं, जिनकी तलाश में पुलिस टीमें लगातार दबिश दे रही हैं। पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी इससे पहले भी दौसा शहर, लालसोट और सैंथल क्षेत्र के पेट्रोल पंपों पर फर्जी नंबर प्लेट लगाकर या नंबर प्लेट हटाकर इसी तरह पेट्रोल चोरी की वारदातें कर चुके हैं। गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ पूर्व में भी आपराधिक मामले दर्ज हैं।1
- ओडिशा के पुरी में लगातार हो रही बारिश से बेपरवाह होकर लाखों भक्त सालाना जगन्नाथ रथ यात्रा में हिस्सा लेने के लिए इकट्ठा हुए। बारिश में भीगी रथ यात्रा होने के बावजूद पुरी में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखने को मिली, जो मौसम की परवाह किए बिना इस पावन आयोजन में शामिल होने पहुंचे हैं।1
- दौसा जिले के लालसोट में विधायक रामविलास मीणा और उपखंड अधिकारी विजेंद्र कुमार मीणा ने निर्माणाधीन नर्सिंग कॉलेज भवन का औचक निरीक्षण किया। इस निरीक्षण के दौरान निर्माण कार्य में तकनीकी कमियां और गुणवत्ता संबंधी अनियमितताओं की आशंका सामने आने पर विधायक ने तुरंत प्रभाव से निर्माण कार्य रुकवा दिया है। निर्माण कार्य की निष्पक्ष और तकनीकी जांच के लिए तहसीलदार लालसोट की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय जांच समिति का गठन किया गया है। इस समिति में सार्वजनिक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) के अधिशासी अभियंता सहित संबंधित तकनीकी अधिकारियों को बतौर सदस्य शामिल किया गया है। समिति को विस्तृत तकनीकी परीक्षण कर निर्धारित समय सीमा में अपनी जांच रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए गए हैं। जांच में यदि गुणवत्ता संबंधी दोष या अनियमितताएं प्रमाणित होती हैं, तो जिम्मेदार एजेंसी और व्यक्तियों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी। उपखंड अधिकारी विजेंद्र कुमार मीणा ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि निर्माण में स्वीकृत तकनीकी विशिष्टताओं का पूर्ण पालन सुनिश्चित किया जाए और किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।1
- लालसोट के नोजी कौशल विकास केंद्र में विश्व युवा कौशल दिवस मनाया गया, जिसका शुभारंभ मुख्य प्रबंधक रविन्द्र कुमार गुनेश्वर ने किया। इस कार्यक्रम के दौरान युवाओं को स्किल इंडिया एवं स्किल राजस्थान की जानकारी दी गई और उनका करियर मार्गदर्शन किया गया। इसके साथ ही कार्यक्रम में भाषण, मेहंदी, रंगोली व पोस्टर प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया, जहां युवाओं ने अपने कौशल और प्रतिभा का प्रदर्शन किया। विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेताओं को कार्यक्रम में सम्मानित भी किया गया।3
- राजस्थान के अलवर जिले के राजगढ़ में भगवान जगन्नाथजी की 172वीं रथयात्रा व मेला महोत्सव का आयोजन किया गया। इस विशेष अवसर पर भगवान जगन्नाथ ने अपने गर्भगृह से बाहर निकलकर भक्तों को दर्शन दिए। इस धार्मिक उत्सव के दौरान नेत्रोत्सव कार्यक्रम और महाआरती का भी आयोजन किया गया। इस पावन मौके पर चौपड़ बाजार के कपड़ा व्यापारियों ने भगवान जगन्नाथ जी को कचौड़ी का भोग लगाया और श्रद्धालुओं के बीच प्रसाद वितरित किया।4
- करौली के नादोती क्षेत्र के कुंजेला गांव में आज भगवान जगदीश की कलश यात्रा निकाली गई है। इस यात्रा को पूरे गांव में घुमाने के बाद भगवान की प्रतिमा को स्थापित किया जाएगा। गांव में चल रहे कुछ मतभेदों के बीच ही कुंजेला गांव में भगवान जगदीश की इस स्थापना के कार्यक्रम को पूरा किया जा रहा है, जिसे देखने के लिए सभी भाइयों को आमंत्रित किया गया है।1
- जयपुर में पुलिस द्वारा एक वाहन को रोककर उसके दस्तावेज मांगने का मामला सामने आया है। वाहन मालिक ने डिजिलॉकर में उपलब्ध अपने ड्राइविंग लाइसेंस, आरसी और इंश्योरेंस जैसे दस्तावेज दिखाए, लेकिन आरोप है कि संबंधित अधिकारियों ने इन्हें अमान्य बताते हुए ओरिजिनल दस्तावेज दिखाने की मांग की। इस घटना के बाद अब यह गंभीर सवाल खड़ा हो गया है कि जब आधार कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, आरसी और इंश्योरेंस जैसे दस्तावेज डिजिलॉकर में डिजिटल रूप में उपलब्ध हैं, तो ड्राइवर आखिर ओरिजिनल दस्तावेज कहां से लाएं। इस मामले में मांग की गई है कि यदि नियमों की कोई अलग व्याख्या की जा रही है, तो संबंधित विभाग को इस पर स्पष्ट जानकारी देनी चाहिए ताकि आम नागरिकों और ड्राइवरों को अनावश्यक परेशानी से बचाया जा सके।1
- दौसा जिले की बांदीकुई थाना पुलिस ने पिछले कई महीनों से महिलाओं को निशाना बनाकर सुनसान इलाकों में आभूषण लूट की वारदातों को अंजाम देने वाले दो शातिर और इनामी बदमाशों को गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने बाणगंगा नदी क्षेत्र में घेराबंदी कर इन आरोपियों को धर दबोचा। इन दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी पर जिला पुलिस अधीक्षक पीयूष दीक्षित ने 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया हुआ था। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से दो अवैध 315 बोर देशी कट्टे, नौ जिंदा कारतूस और वारदात में इस्तेमाल की गई चोरी की स्प्लेंडर प्लस मोटरसाइकिल बरामद की है। पकड़े गए बदमाशों की पहचान पाहुआ (कुम्हेर, डीग) निवासी 40 वर्षीय महेश उर्फ फुद्दू और चितोकरी (भरतपुर) निवासी 28 वर्षीय आकाश के रूप में हुई है। पूछताछ में आरोपियों ने दौसा, भरतपुर, डीग और अलवर सहित आसपास के क्षेत्रों में 50 से अधिक लूट और वाहन चोरी की वारदातें करना स्वीकार किया है। आरोपी बांदीकुई, बसवा, कोलवा, बैजूपाड़ा सहित विभिन्न थाना क्षेत्रों में सुनसान रास्तों पर अकेली महिलाओं को हथियारों के बल पर रोकते थे और उनके सोने के मंगलसूत्र, जंतर, कुंडल, लॉकेट और पैंडल लूट लेते थे। इन वारदातों से आमजन में भारी भय का माहौल था, जिसे देखते हुए पुलिस ने विशेष टीम गठित कर सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी विश्लेषण की मदद से इन्हें दबोचा। यह बड़ी कार्रवाई जयपुर रेंज के पुलिस महानिरीक्षक राहुल प्रकाश के निर्देशन और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक शंकर लाल व वृत्ताधिकारी लक्ष्मीकांत शर्मा के सुपरविजन में की गई। इस टीम में बांदीकुई थाना प्रभारी जहीर अब्बास, बसवा थाना प्रभारी नरेशचंद शर्मा सहित डीएसटी और साइबर सेल की संयुक्त टीम शामिल थी। पुलिस के अनुसार, मुख्य आरोपी महेश उर्फ फुद्दू के खिलाफ पहले से ही लूट, डकैती की योजना, नकबजनी और अवैध हथियार के 19 आपराधिक मामले दर्ज हैं और उसके खिलाफ कई अदालतों से स्थायी वारंट भी जारी हैं। पुलिस अब दोनों को रिमांड पर लेकर पूछताछ करेगी, जिससे लूटे गए आभूषणों की बरामदगी और अन्य मामलों का खुलासा होने की उम्मीद है।4