रायबरेली के जगतपुर थाना क्षेत्र के छीछेमऊ गांव के पास भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के मंडल उपाध्यक्ष अंकित द्विवेदी पर आधा दर्जन से अधिक कार सवार दबंगों ने कथित तौर पर लाठी-डंडों से जानलेवा हमला किया है। इस हमले में अंकित द्विवेदी गंभीर रूप से घायल हो गए, जिसके बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और स्थानीय लोगों की भारी भीड़ इकट्ठा हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हमलावरों ने अपनी कार से अंकित द्विवेदी को रोका और उन पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया। हमला करने के बाद आरोपी तुरंत मौके से फरार हो गए। सूचना मिलते ही जगतपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घायल अंकित द्विवेदी को तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा गया। उनकी गंभीर हालत को देखते हुए, प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। घटना की जानकारी मिलने पर अपर पुलिस अधीक्षक आलोक सिंह भी जगतपुर थाने पहुंचे और अधिकारियों से पूरे मामले की विस्तृत जानकारी ली। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर आवश्यक साक्ष्य जुटाए हैं और हमलावरों की तलाश शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में इस घटना का संभावित कारण पुरानी रंजिश को माना जा रहा है, हालांकि पुलिस सभी पहलुओं की बारीकी से जांच कर रही है। पुलिस ने यह भी बताया है कि तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
रायबरेली के जगतपुर थाना क्षेत्र के छीछेमऊ गांव के पास भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के मंडल उपाध्यक्ष अंकित द्विवेदी पर आधा दर्जन से अधिक कार सवार दबंगों ने कथित तौर पर लाठी-डंडों से जानलेवा हमला किया है। इस हमले में अंकित द्विवेदी गंभीर रूप से घायल हो गए, जिसके बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और स्थानीय लोगों की भारी भीड़ इकट्ठा हो गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हमलावरों ने अपनी कार से अंकित द्विवेदी को रोका और उन पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया। हमला करने के बाद आरोपी तुरंत मौके से फरार हो गए। सूचना मिलते ही जगतपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घायल अंकित द्विवेदी को तत्काल सामुदायिक
स्वास्थ्य केंद्र भेजा गया। उनकी गंभीर हालत को देखते हुए, प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। घटना की जानकारी मिलने पर अपर पुलिस अधीक्षक आलोक सिंह भी जगतपुर थाने पहुंचे और अधिकारियों से पूरे मामले की विस्तृत जानकारी ली। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर आवश्यक साक्ष्य जुटाए हैं और हमलावरों की तलाश शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में इस घटना का संभावित कारण पुरानी रंजिश को माना जा रहा है, हालांकि पुलिस सभी पहलुओं की बारीकी से जांच कर रही है। पुलिस ने यह भी बताया है कि तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
- गुरुवार को रायबरेली के जगतपुर थाना क्षेत्र के जिगना नहर पुल के पास दो बाइकों की आमने-सामने जोरदार टक्कर हो गई, जिसमें दो लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। इस हादसे के तुरंत बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई और आस-पास के लोगों की भीड़ जमा हो गई। स्थानीय निवासियों और राहगीरों ने तुरंत कार्रवाई करते हुए घायलों को एंबुलेंस की सहायता से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) जगतपुर पहुंचाया। घायलों की पहचान जगतपुर निवासी मोहम्मद इदरीश और सितारा बेगम के रूप में हुई है, जिन्हें दुर्घटना में गंभीर चोटें आई थीं। सीएचसी में उनका प्राथमिक उपचार किया गया, लेकिन हालत गंभीर होने के कारण चिकित्सकों ने उन्हें बेहतर इलाज के लिए जिला चिकित्सालय रेफर कर दिया। सीएचसी के चिकित्सक डॉ. लाईक अहमद ने पुष्टि की कि सड़क दुर्घटना में घायल दो मरीजों को अस्पताल लाया गया था और प्राथमिक उपचार के बाद उनकी स्थिति को देखते हुए जिला चिकित्सालय भेजा गया है। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग मौके पर पहुंच गए। इस दुर्घटना के कारण कुछ समय के लिए मार्ग पर यातायात भी प्रभावित रहा। हालांकि, दुर्घटना के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल सका है। पुलिस इस मामले की जानकारी जुटाने और आवश्यक कार्रवाई करने में लगी हुई है।1
- उत्तर प्रदेश के औरैया में एक दिन पहले सेवानिवृत्त हुए एक दरोगा की पुत्रवधू ने पुलिस ऑडिटोरियम में पुलिस अधीक्षक (एसपी) की कुर्सी पर बैठकर एक रील वीडियो बना लिया। यह घटना सेवानिवृत्ति विदाई समारोह के दौरान हुई। यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया, जिसके बाद यह मामला सार्वजनिक चर्चा का विषय बन गया। वीडियो के वायरल होने और विवाद बढ़ने पर, महिला ने सार्वजनिक रूप से माफी मांगी और अपना इंस्टाग्राम अकाउंट भी डिलीट कर दिया। इस घटना से संबंधित वीडियो सोशल मीडिया पर फैलने के बाद, पुलिस विभाग की कार्यप्रणाली को लेकर भी सवाल उठाए जा रहे हैं।1
- रायबरेली रेलवे स्टेशन पर साइकिल/मोटरसाइकिल वाहन स्टैंड पर अवैध दबंगई और 'माफिया राज' का एक गंभीर मामला सामने आया है। स्टैंड कर्मचारियों द्वारा रेलवे स्टेशन परिसर के बाहर खड़ी मोटरसाइकिलों को जबरन खींचकर अपने स्टैंड पर ले जाने का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस घटना ने रेलवे प्रशासन, जिला पुलिस और स्थानीय प्रशासन की भूमिका पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। वायरल वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि रायबरेली रेलवे स्टेशन के बाहर वाले इलाके या आसपास खड़ी मोटरसाइकिलों को स्टैंड के कर्मचारी जबरदस्ती खींचकर अपने स्टैंड में ले जा रहे हैं। आरोप है कि जब यात्री अपनी गाड़ी पार्क करने के लिए स्टेशन परिसर के बाहर आते हैं, तो स्टैंड वाले उन्हें जबरन अपने स्टैंड पर ले जाते हैं। विरोध करने पर गाली-गलौज, धमकी और मनमानी रकम वसूली भी की जाती है। स्थानीय लोगों और यात्रियों का कहना है कि यह कोई नई घटना नहीं है, और ऐसी दबंगई की शिकायतें पहले भी आती रही हैं। आरोप यह भी है कि रेलवे सुरक्षा बल (RPF) और जिला प्रशासन की कथित मिलीभगत या अनदेखी के कारण यह 'माफिया राज' फल-फूल रहा है। पहले भी रायबरेली रेलवे स्टेशन पर पार्किंग ठेकेदार की मनमानी और अवैध वसूली की शिकायतें सामने आ चुकी हैं, जिसमें एक पुरानी घटना में ठेका रद्द होने के बावजूद वसूली जारी रहने का मामला भी शामिल है। स्टैंड पर गाड़ी खींचने के बाद यात्रियों से मनमाना शुल्क वसूला जाता है। कम रकम देने या विरोध करने पर बदसलूकी और धमकी दी जाती है। कई मामलों में 1000 से 5000 रुपये तक की वसूली के आरोप लगे हैं, और फ्री पार्किंग वाले इलाकों से भी जबरन शुल्क वसूलने की पुरानी शिकायतें हैं।1
- फतेहपुर पुलिस ने चोरी हुए और खोए हुए 113 मल्टीमीडिया मोबाइल फोन बरामद कर एक बार फिर बड़ी सफलता हासिल की है। इन फोनों की अनुमानित कीमत लगभग 17 लाख रुपये आंकी गई है, जिन्हें उनके वास्तविक मालिकों को सौंप दिया गया है। पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक के निर्देश पर चलाए गए एक विशेष अभियान के तहत, CEIR पोर्टल (Central Equipment Identity Register) से प्राप्त जानकारी के आधार पर यह महत्वपूर्ण कार्रवाई की गई। पुलिस की टीम ने विभिन्न पुलिस थानों से मिली खोए हुए फोनों की शिकायतों पर काम करते हुए उन्हें सफलतापूर्वक ट्रेस कर बरामद किया। SP अभिमन्यु मांगलिक ने इस संबंध में बताया कि हर महीने की तरह इस बार भी CEIR पोर्टल का उपयोग कर इन खोए या चोरी हुए मोबाइल फोनों को ढूंढा गया है। उन्होंने जनता से अपील की है कि फोन खोने या चोरी होने पर तुरंत CEIR पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं, जिससे पुलिस को त्वरित जानकारी मिल सके और फोन को जल्दी ट्रेस किया जा सके। पुलिस बरामद फोन में सिम सक्रिय होने या डिवाइस लोकेट होने पर मालिकों से संपर्क करती है और उन्हें पुलिस लाइन बुलाकर फोन सौंपती है। यह अभियान फतेहपुर पुलिस की साइबर क्राइम और प्रॉपर्टी क्राइम की रोकथाम में निरंतर सक्रियता को दर्शाता है। पुलिस ने इससे पहले भी सैकड़ों मोबाइल फोन मालिकों को वापस लौटाए हैं, जिससे आम जनता के बीच पुलिस की छवि लगातार मजबूत हुई है और विश्वास बढ़ा है।1
- कौशाम्बी जिले के सैनी थाना क्षेत्र स्थित मोहगारी गांव में बकरी बांधने को लेकर हुए विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। यह विवाद इतना बढ़ गया कि दो पक्ष आमने-सामने आ गए, और दोनों ओर से, जिनमें महिलाएं भी शामिल थीं, जमकर लाठी-डंडे चले। इस हिंसक झड़प में एक युवक गंभीर रूप से घायल होकर बेहोश हो गया। इस घटना का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और फिलहाल पूरे मामले की जांच में जुट गई है।1
- कौशाम्बी जिले के सैनी कोतवाली क्षेत्र के मोहगारी गांव में बकरी बांधने के मामूली विवाद को लेकर दो पक्षों के बीच जमकर मारपीट हुई। इस दौरान दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर लाठी-डंडों से हमला किया, जिसमें कई लोग घायल हो गए। मारपीट के दौरान शोहेल नामक एक युवक बेहोश भी हो गया। इस घटना में मंसूर, अमर, अमन और मुन्ना नामक व्यक्तियों पर मारपीट का आरोप लगा है। विवाद इतना बढ़ गया था कि इसमें दर्जनों महिला-पुरुष भी आमने-सामने आ गए। घटना का यह वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।1