उत्तर प्रदेश पुलिस की STF टीम ने सोमवार तड़के सहारनपुर में एक बड़ी कार्रवाई करते हुए बिहार के कुख्यात अपराधी लल्लन सिंह उर्फ ललन सिंह को मुठभेड़ में मार गिराया। सरसावा-नकुड़ मार्ग पर हुई इस कार्रवाई के दौरान गोली लगने से घायल बदमाश को तत्काल जिला अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसके बाद उसके शव को मोर्चरी में रखवा दिया गया। लल्लन सिंह बिहार के समस्तीपुर जिले के मोहिउद्दीननगर थाना क्षेत्र के आनंदगोलवा गांव का निवासी था। उस पर वाराणसी पुलिस कमिश्नरेट ने ₹1 लाख और चंदौली पुलिस ने ₹25 हजार का इनाम घोषित किया हुआ था, कुल मिलाकर ₹1.25 लाख का इनामी बदमाश था। पुलिस के अनुसार, लल्लन सिंह पर हत्या, बैंक डकैती, कैश वैन लूट, हथियार लूट और पुलिसकर्मियों पर हमले सहित कई गंभीर मुकदमे दर्ज थे। उस पर सात लोगों की हत्या का आरोप था, जिनमें दो दारोगा, एक बैंक कैशियर और एक सुरक्षा गार्ड भी शामिल थे। विशेष रूप से, वर्ष 2022 में वाराणसी में दरोगा अजय यादव को गोली मारकर उनकी सरकारी पिस्टल लूटने के मामले में भी वह वांछित था। मुठभेड़ के दौरान लल्लन सिंह का एक साथी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार होने में सफल रहा। अब STF और पुलिस उस फरार साथी की तलाश में जुटी है। इस घटना के संबंध में सोमवार दोपहर 2 बजे डीआईजी अभिषेक सिंह ने विस्तृत जानकारी दी।
उत्तर प्रदेश पुलिस की STF टीम ने सोमवार तड़के सहारनपुर में एक बड़ी कार्रवाई करते हुए बिहार के कुख्यात अपराधी लल्लन सिंह उर्फ ललन सिंह को मुठभेड़ में मार गिराया। सरसावा-नकुड़ मार्ग पर हुई इस कार्रवाई के दौरान गोली लगने से घायल बदमाश को तत्काल जिला अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसके बाद उसके शव को मोर्चरी में रखवा दिया गया। लल्लन सिंह बिहार के समस्तीपुर जिले के मोहिउद्दीननगर थाना क्षेत्र के आनंदगोलवा गांव का निवासी था। उस पर वाराणसी पुलिस कमिश्नरेट ने ₹1 लाख और चंदौली पुलिस ने ₹25 हजार का इनाम घोषित किया हुआ था, कुल मिलाकर ₹1.25 लाख का इनामी बदमाश था। पुलिस के अनुसार, लल्लन सिंह पर हत्या, बैंक डकैती, कैश वैन लूट, हथियार लूट और पुलिसकर्मियों पर हमले सहित कई गंभीर मुकदमे दर्ज थे। उस पर सात लोगों की हत्या का आरोप था, जिनमें दो दारोगा, एक बैंक कैशियर और एक सुरक्षा गार्ड भी शामिल थे। विशेष रूप से, वर्ष 2022 में वाराणसी में दरोगा अजय यादव को गोली मारकर उनकी सरकारी पिस्टल लूटने के मामले में भी वह वांछित था। मुठभेड़ के दौरान लल्लन सिंह का एक साथी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार होने में सफल रहा। अब STF और पुलिस उस फरार साथी की तलाश में जुटी है। इस घटना के संबंध में सोमवार दोपहर 2 बजे डीआईजी अभिषेक सिंह ने विस्तृत जानकारी दी।
- उत्तर प्रदेश पुलिस की STF टीम ने सोमवार तड़के सहारनपुर में एक बड़ी कार्रवाई करते हुए बिहार के कुख्यात अपराधी लल्लन सिंह उर्फ ललन सिंह को मुठभेड़ में मार गिराया। सरसावा-नकुड़ मार्ग पर हुई इस कार्रवाई के दौरान गोली लगने से घायल बदमाश को तत्काल जिला अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इसके बाद उसके शव को मोर्चरी में रखवा दिया गया। लल्लन सिंह बिहार के समस्तीपुर जिले के मोहिउद्दीननगर थाना क्षेत्र के आनंदगोलवा गांव का निवासी था। उस पर वाराणसी पुलिस कमिश्नरेट ने ₹1 लाख और चंदौली पुलिस ने ₹25 हजार का इनाम घोषित किया हुआ था, कुल मिलाकर ₹1.25 लाख का इनामी बदमाश था। पुलिस के अनुसार, लल्लन सिंह पर हत्या, बैंक डकैती, कैश वैन लूट, हथियार लूट और पुलिसकर्मियों पर हमले सहित कई गंभीर मुकदमे दर्ज थे। उस पर सात लोगों की हत्या का आरोप था, जिनमें दो दारोगा, एक बैंक कैशियर और एक सुरक्षा गार्ड भी शामिल थे। विशेष रूप से, वर्ष 2022 में वाराणसी में दरोगा अजय यादव को गोली मारकर उनकी सरकारी पिस्टल लूटने के मामले में भी वह वांछित था। मुठभेड़ के दौरान लल्लन सिंह का एक साथी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार होने में सफल रहा। अब STF और पुलिस उस फरार साथी की तलाश में जुटी है। इस घटना के संबंध में सोमवार दोपहर 2 बजे डीआईजी अभिषेक सिंह ने विस्तृत जानकारी दी।1
- जनता से एक महत्वपूर्ण अपील की गई है कि वे भारत भूषण द्वारा उठाई गई आवाज़ का पूरा समर्थन करें। इस अपील में सभी भाई-बहनों से एकजुट होकर, उनके लाइव वीडियो को ज्यादा से ज्यादा साझा करने का आग्रह किया गया है। इसका मुख्य उद्देश्य स्पष्ट रूप से वर्तमान सरकार को जल्द से जल्द गिराना बताया गया है, जिसके लिए जनता से ऑनलाइन माध्यम से भरपूर समर्थन जुटाने का आह्वान किया जा रहा है।1
- सहारनपुर जिले के रामपुर मनिहारन गांव के अंबेठा चांद स्थित कश्यप समाज की एक गली पर अवैध कब्जा कर लिया गया है। जानकारी के अनुसार, यह गली पहले 9 फीट चौड़ी थी, लेकिन अब इसे घटाकर मात्र 5 फीट का कर दिया गया है। अतिक्रमण के बाद इस गली पर दोनों तरफ से मिट्टी भी डाल दी गई है, जो सड़क से नाली तक फैली हुई है। इस समस्या के समाधान के लिए स्थानीय निवासियों ने सफाई कर्मियों और एसडीएम को सात से दस बार तक आवेदन दिए हैं। हालांकि, अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है। बताया गया है कि लेखपाल भी दो-तीन बार मौके पर आए, लेकिन हर बार बिना कोई कार्रवाई किए ही वापस लौट गए।2
- उत्तर प्रदेश के सभी निवासियों के लिए बिजली से संबंधित समझ बढ़ाने हेतु एक वीडियो उपलब्ध है।1
- यमुनानगर जिले के रादौर स्थित छोटा बांस की डेहा बस्ती से बड़ी संख्या में लोगों का पलायन शुरू हो गया है। प्रशासनिक कार्रवाई के बाद बस्ती निवासी अपना सामान लेकर विभिन्न क्षेत्रों की ओर जा रहे हैं। लोग टेंपो, छोटा हाथी और कैंटर जैसे वाहनों से दड़वा, कांसापुर, लाडवा, इंद्री, करनाल और ताजेवाला जैसे स्थानों पर जा रहे हैं। सूत्रों के अनुसार, कुछ जगहों पर लोगों को सामान उतारने की अनुमति नहीं मिली, जिसके चलते उन्हें वापस लौटना पड़ा और अब वे अन्य स्थानों की तलाश कर रहे हैं। इसी दौरान, पिछले दिनों मीडिया में काफी चर्चा में रहे डेहा बस्ती के पिटबुल कुत्ते की भी मौत की सूचना मिली है। स्थानीय सूत्रों का कहना है कि भीषण गर्मी, बिजली आपूर्ति बाधित रहने और बदलती परिस्थितियों के कारण कुत्ते की हालत बिगड़ गई थी। हालांकि, उसकी मौत के कारणों की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। फिलहाल, इस पूरे मामले पर प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।1
- हरियाणा में महिलाओं के स्वास्थ्य को लेकर एक महत्वपूर्ण पहल की गई है, जिसके तहत ग्रामीण और दूरदराज के इलाकों की महिलाओं को अब ब्रेस्ट कैंसर की जांच के लिए अस्पतालों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। उन्हें घर-द्वार पर ही एआई आधारित आधुनिक तकनीक से मुफ्त स्क्रीनिंग की सुविधा मिलेगी। इस 'नमो शक्ति ब्रेस्ट कैंसर स्क्रीनिंग मिशन' की शुरुआत चंडीगढ़ से हुई, जिसके तहत केंद्रीय ऊर्जा, आवासन एवं शहरी मामले मंत्री मनोहर लाल ने कल्पना चावला राजकीय मेडिकल कॉलेज करनाल से अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस 7 मोबाइल स्क्रीनिंग एम्बुलेंस को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इन मोबाइल वैन के माध्यम से महिलाओं की जांच थर्मलिटिक्स तकनीक का उपयोग करके की जाएगी। इस जांच की खासियत यह है कि यह पूरी तरह से दर्द-रहित, रेडिएशन-मुक्त और बिना किसी शारीरिक संपर्क के संपन्न होगी, जिससे महिलाओं की निजता और सम्मान सुनिश्चित किया जा सके। केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल ने बताया कि इस मिशन का मुख्य उद्देश्य केवल बीमारी का पता लगाना ही नहीं है, बल्कि महिलाओं में ब्रेस्ट हेल्थ के प्रति जागरूकता बढ़ाना और समाज में व्याप्त झिझक व भ्रांतियों को दूर करना भी है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि शुरुआती चरण में ब्रेस्ट कैंसर की पहचान होने पर इसका इलाज कहीं अधिक प्रभावी होता है। मंत्री ने स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिए हैं कि मोबाइल वैन के लिए गांवों के रूट चार्ट तैयार किए जाएँ, ताकि अधिक से अधिक महिलाओं की जांच हो सके। साथ ही, संदिग्ध मामलों में समय पर अस्पतालों में रेफरल, मेडिकल काउंसलिंग और इलाज की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। यह अभियान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा शुरू किए गए 'स्वस्थ नारी सशक्त परिवार अभियान' से प्रेरित है। आँकड़ों के अनुसार, भारत में महिलाओं में होने वाले कैंसर के मामलों में ब्रेस्ट कैंसर एक बड़ी चुनौती बना हुआ है, और जागरूकता की कमी व संकोच के कारण कई मामलों का पता देरी से चलता है, जिससे उपचार कठिन हो जाता है। ब्रेस्ट कैंसर के खिलाफ छेड़े गए इस अभियान का सबसे बड़ा लक्ष्य बीमारी का इंतजार करने के बजाय समय रहते उसकी पहचान करना है। एआई तकनीक से सुसज्जित ये मोबाइल एम्बुलेंस अब गांव-गांव पहुँचकर महिलाओं को मुफ्त स्क्रीनिंग की सुविधा प्रदान करेंगी, जो समय पर इलाज और बेहतर स्वास्थ्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगा।1
- भारत सिंह का फर्जी एनकाउंटर किए जाने का गंभीर आरोप सामने आया है। दावा किया गया है कि भारत सिंह गरीबों के मसीहा थे और उन्हें एक 'राजनीतिक खेल' के तहत मरवाया गया है। इस पूरी घटना के लिए सम्राट चौधरी पर सीधा आरोप लगाया गया है कि यह सब उनके हाथों से करवाया गया है।1
- हरियाणा के यमुनानगर स्थित पुराना हमीदा मोड़ पर एक बार फिर तेज रफ्तार का भयावह मंजर देखने को मिला, जहाँ एक दर्दनाक सड़क हादसे में 24 वर्षीय आदिल नामक युवक की मौके पर ही मौत हो गई। आदिल उत्तर प्रदेश के ढीका गाँव का निवासी था और अविवाहित था, जो दूध बेचने का काम करता था। वह रोज़ाना की तरह सुबह अपने वाहन में दूध भरकर उत्तर प्रदेश से हरियाणा के यमुनानगर में सप्लाई देने आया था, लेकिन यह उसका आख़िरी सफर साबित हुआ। परिवार का सहारा बन रहा यह मेहनतकश युवक फिर कभी घर वापस नहीं लौट सका। सोमवार सुबह हुई इस घटना के प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, एक तेज़ गति से आ रहे बेकाबू ट्रक ने मोटरसाइकिल सवार आदिल को इतनी बेरहमी से कुचला कि वह सड़क पर गिर गया और ट्रक उसे बुरी तरह रौंदता हुआ निकल गया। टक्कर इतनी ज़बरदस्त थी और हादसा इतना भयावह कि मौके पर मौजूद लोगों की रूह काँप उठी और चीख-पुकार मच गई। इस हृदय विदारक घटना से आदिल के परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है, जो अपने जवान बेटे के शव का इंतज़ार कर रहे हैं। हादसे की सूचना मिलते ही हमीदा पुलिस चौकी की टीम मौक़े पर पहुँची। पुलिस ने शव को अपने कब्ज़े में लेकर पोस्टमार्टम के लिए यमुनानगर के सिविल अस्पताल भिजवाया। हमीदा पुलिस चौकी इंचार्ज शमशेर राणा ने बताया कि हादसे के बाद ट्रक चालक मौक़े से फरार हो गया, जिसकी तलाश में पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है। यह दर्दनाक हादसा एक बार फिर सड़क सुरक्षा और तेज़ रफ्तार वाहनों पर गंभीर सवाल खड़े करता है। हर साल सैकड़ों परिवार सड़क हादसों में अपने प्रियजनों को खो देते हैं, जहाँ चंद सेकंड की लापरवाही किसी की पूरी ज़िंदगी छीन लेती है। आदिल की मौत भी इसी कड़वी सच्चाई की गवाही दे रही है। सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर सड़कों पर दौड़ते बेलगाम वाहनों पर लगाम कब लगेगी और कब तक निर्दोष लोग तेज़ रफ्तार की भेंट चढ़ते रहेंगे?3