दिल्ली के दल्लूपुरा इलाके में रील और वीडियो बनाने के चक्कर में एक युवक की जान चली गई। मृतक की पहचान पवन के रूप में हुई, जो अपने (चचेरे) भाई/दोस्त की लाइसेंसी पिस्टल से वीडियो बना रहा था। उसने पिस्टल में मैगजीन लोड की, उसे अपनी छाती से सटाया और ट्रिगर दबा दिया, जिससे गोली सीधे सीने में लग गई और मौके पर ही उसकी मौत हो गई (अस्पताल में इलाज के दौरान भी नहीं बचा)। वीडियो में दोस्त/रिकॉर्ड करने वाला व्यक्ति उसे मना भी करता सुनाई देता है, "भाई, चलाना मत" और "ऊपर दो बटन है..." कहते हुए, लेकिन पवन ने ट्रिगर पर उंगली रखते ही फायर कर दिया। बेवकूफी भरी हरकत थी—पिस्टल को लोड तो कर लिया, लेकिन ट्रिगर को लॉक नहीं किया और बिना किसी प्रशिक्षण के असलहा-बारूद हाथ में ले लिया। अनजान लोगों के लिए ऐसी गलतियाँ बेहद घातक साबित होती हैं, क्योंकि उन्हें असला लोड करने के बेसिक रूल्स तक नहीं पता होते। दिखावे और सोशल मीडिया की रील के चक्कर में अपनी ही जान गंवा बैठा। दिल्ली के दल्लूपुरा इलाके में रील और वीडियो बनाने के चक्कर में एक युवक की जान चली गई। मृतक की पहचान पवन के रूप में हुई, जो अपने (चचेरे) भाई/दोस्त की लाइसेंसी पिस्टल से वीडियो बना रहा था। उसने पिस्टल में मैगजीन लोड की, उसे अपनी छाती से सटाया और ट्रिगर दबा दिया, जिससे गोली सीधे सीने में लग गई और मौके पर ही उसकी मौत हो गई (अस्पताल में इलाज के दौरान भी नहीं बचा)। वीडियो में दोस्त/रिकॉर्ड करने वाला व्यक्ति उसे मना भी करता सुनाई देता है, "भाई, चलाना मत" और "ऊपर दो बटन है..." कहते हुए, लेकिन पवन ने ट्रिगर पर उंगली रखते ही फायर कर दिया। बेवकूफी भरी हरकत थी—पिस्टल को लोड तो कर लिया, लेकिन ट्रिगर को लॉक नहीं किया और बिना किसी प्रशिक्षण के असलहा-बारूद हाथ में ले लिया। अनजान लोगों के लिए ऐसी गलतियाँ बेहद घातक साबित होती हैं, क्योंकि उन्हें असला लोड करने के बेसिक रूल्स तक नहीं पता होते। दिखावे और सोशल मीडिया की रील के चक्कर में अपनी ही जान गंवा बैठा।
दिल्ली के दल्लूपुरा इलाके में रील और वीडियो बनाने के चक्कर में एक युवक की जान चली गई। मृतक की पहचान पवन के रूप में हुई, जो अपने (चचेरे) भाई/दोस्त की लाइसेंसी पिस्टल से वीडियो बना रहा था। उसने पिस्टल में मैगजीन लोड की, उसे अपनी छाती से सटाया और ट्रिगर दबा दिया, जिससे गोली सीधे सीने में लग गई और मौके पर ही उसकी मौत हो गई (अस्पताल में इलाज के दौरान भी नहीं बचा)। वीडियो में दोस्त/रिकॉर्ड करने वाला व्यक्ति उसे मना भी करता सुनाई देता है, "भाई, चलाना मत" और "ऊपर दो बटन है..." कहते हुए, लेकिन पवन ने ट्रिगर पर उंगली रखते ही फायर कर दिया। बेवकूफी भरी हरकत थी—पिस्टल को लोड तो कर लिया, लेकिन ट्रिगर को लॉक नहीं किया और बिना किसी प्रशिक्षण के असलहा-बारूद हाथ में ले लिया। अनजान लोगों के लिए ऐसी गलतियाँ बेहद घातक साबित होती हैं, क्योंकि उन्हें असला लोड करने के बेसिक रूल्स तक नहीं पता होते। दिखावे और सोशल मीडिया की रील के चक्कर में अपनी ही जान गंवा बैठा। दिल्ली के दल्लूपुरा इलाके में रील और वीडियो बनाने के चक्कर में एक युवक की जान चली गई। मृतक की पहचान पवन के रूप में हुई, जो अपने (चचेरे) भाई/दोस्त की लाइसेंसी पिस्टल से वीडियो बना रहा था। उसने पिस्टल में मैगजीन लोड की, उसे अपनी छाती से सटाया और ट्रिगर दबा दिया, जिससे गोली सीधे सीने में लग गई और मौके पर ही उसकी मौत हो गई (अस्पताल में इलाज के दौरान भी नहीं बचा)। वीडियो में दोस्त/रिकॉर्ड करने वाला व्यक्ति उसे मना भी करता सुनाई देता है, "भाई, चलाना मत" और "ऊपर दो बटन है..." कहते हुए, लेकिन पवन ने ट्रिगर पर उंगली रखते ही फायर कर दिया। बेवकूफी भरी हरकत थी—पिस्टल को लोड तो कर लिया, लेकिन ट्रिगर को लॉक नहीं किया और बिना किसी प्रशिक्षण के असलहा-बारूद हाथ में ले लिया। अनजान लोगों के लिए ऐसी गलतियाँ बेहद घातक साबित होती हैं, क्योंकि उन्हें असला लोड करने के बेसिक रूल्स तक नहीं पता होते। दिखावे और सोशल मीडिया की रील के चक्कर में अपनी ही जान गंवा बैठा।
- दिल्ली के दल्लूपुरा इलाके में रील और वीडियो बनाने के चक्कर में एक युवक की जान चली गई। मृतक की पहचान पवन के रूप में हुई, जो अपने (चचेरे) भाई/दोस्त की लाइसेंसी पिस्टल से वीडियो बना रहा था। उसने पिस्टल में मैगजीन लोड की, उसे अपनी छाती से सटाया और ट्रिगर दबा दिया, जिससे गोली सीधे सीने में लग गई और मौके पर ही उसकी मौत हो गई (अस्पताल में इलाज के दौरान भी नहीं बचा)। वीडियो में दोस्त/रिकॉर्ड करने वाला व्यक्ति उसे मना भी करता सुनाई देता है, "भाई, चलाना मत" और "ऊपर दो बटन है..." कहते हुए, लेकिन पवन ने ट्रिगर पर उंगली रखते ही फायर कर दिया। बेवकूफी भरी हरकत थी—पिस्टल को लोड तो कर लिया, लेकिन ट्रिगर को लॉक नहीं किया और बिना किसी प्रशिक्षण के असलहा-बारूद हाथ में ले लिया। अनजान लोगों के लिए ऐसी गलतियाँ बेहद घातक साबित होती हैं, क्योंकि उन्हें असला लोड करने के बेसिक रूल्स तक नहीं पता होते। दिखावे और सोशल मीडिया की रील के चक्कर में अपनी ही जान गंवा बैठा।1
- समस्तीपुर जिले के, बिथान थाना पुलिस ने गिट्टी लदे ट्रक से बरामद किया भाड़ी मात्रा में शराब.1
- एक्साइज विभाग की टीम ने #सूरजगढ़ा लखीसराय कॉलेज रोड बरतला काली स्थान के पास 15 लीटर देसी शराब के साथ एक युवक को गिरफ्तार किया #viral #न्यूज़ फॉलो : मोबाइल टीवी न्यूज1
- ईरान-अमेरिका-इजराइल के बीच चल रहे तनाव को लेकर देशभर में गैस की किल्लत की चर्चाएं तेज हैं। इसी बीच बेगूसराय जिले में भी एलपीजी गैस को लेकर अफवाहों का बाजार गर्म हो गया है। हालांकि, इन अफवाहों पर विराम लगाते हुए जिलाधिकारी श्रीकांत शास्त्री ने प्रेस वार्ता कर स्थिति पूरी तरह स्पष्ट कर दी है।2
- yah khansi ka kya naam rakhna chahie gas aap log bhi bataiye1
- कोपरिया थाना क्षेत्र के कोपरिया गांव स्थित गुलडाही बहियार में बीते आठ मार्च को हुई 20 वर्षीय सुषमा कुमारी की हत्या का पुलिस ने उद्भेदन कर लिया है। इस मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपित भूपेन कुमार (20) को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपित के घर से घटना में प्रयुक्त देसी कट्टा और एक खोखा भी बरामद किया गया है। सोमवार को सलखुआ थाने में डीएसपी मुकेश कुमार ठाकुर ने प्रेस वार्ता कर घटना के कारणों और आरोपित की गिरफ्तारी की विस्तृत जानकारी दी। डीएसपी मुकेश कुमार ठाकुर ने बताया कि आठ मार्च को गोली मारकर हुई युवती की हत्या के बाद पुलिस गंभीरता से जांच में जुटी थी। वैज्ञानिक अनुसंधान और गुप्त सूचना के आधार पर कोपरिया गांव के वार्ड संख्या 13 निवासी फतिंगा यादव के पुत्र भूपेन कुमार को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। कड़ाई से पूछताछ करने पर उसने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। आरोपित की निशानदेही पर रविवार की शाम उसके घर के एक ट्रंक में कपड़े में लपेटकर रखा गया देसी कट्टा और एक खोखा बरामद किया गया, जिसका उपयोग हत्या में किया गया था। बातचीत बंद करने पर वारदात को दिया अंजाम पुलिस के अनुसार, हत्या का मुख्य कारण प्रेम प्रसंग में उपजा विवाद है। वर्ष 2021 से आरोपित और युवती के बीच संबंध थे। युवती की शादी होने के बाद भी दोनों में बातचीत होती रही। हालांकि, पिछले साल अक्टूबर-नवंबर से युवती ने आरोपित से दूरी बना ली और बातचीत बंद कर दी। जानकारी के अनुसार, युवती किसी अन्य युवक से बातचीत करने लगी थी। करीब चार-पांच माह से अनदेखी के कारण आरोपित मानसिक रूप से तनाव में था और इसी वजह से उसने हत्या की साजिश रची। खेत में पीछा कर मारी थी गोली आरोपित भूपेन कुमार हिमाचल प्रदेश में पेंटर का काम करता था। करीब छह महीने बाहर रहने के बाद वह चार फरवरी को ही गांव लौटा था। घटना के दिन आरोपित सड़क किनारे खड़ा था, तभी उसने युवती को खेत की ओर जाते देखा। वह उसका पीछा करते हुए गुलडाही बहियार पहुंच गया। वहां दोनों के बीच नोकझोंक हुई और इसी दौरान तैश में आकर उसने देसी कट्टे से युवती पर गोली चला दी। गोली लगने से युवती की मौके पर ही मौत हो गई। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपित पैदल ही सड़क मार्ग से अपने घर लौट आया और सामान्य रूप से रहने लगा। डीएसपी ने बताया कि त्वरित कार्रवाई करते हुए हत्या का पर्दाफाश कर लिया गया है। आरोपित को न्यायिक हिरासत में जेल भेजने की प्रक्रिया की जा रही है। पुलिस मामले के अन्य पहलुओं की भी गहनता से जांच कर रही है।1
- आज पबरा में पूर्व मुखिया समिति के उपाध्यक्ष अभय कुमार सिंह के आवास पर जलेवार सेवा समिति, बेगूसराय के मध्य जोन की बैठक में संगठन के मजबूती, पारिवारिक गणना, कोषसंग्रह, जोन के सभी पंचायतों में खाता खोलने पर विचार रामचन्द्र प्र सिंह के अध्यक्षता में किया गया। मंच संचालन सचिव अर्जुन सिंह ने किया। इस अवसर पर कमलाकान्त सिंह, विजयशंकर सिंह, चंद्रचूड़ शर्मा, डॉ चन्द्रभूषण सिन्हा, शिवशंभू प्र सिंह, आनन्दमोहन प्र सिंह, ने कहा कि पूरे बेगूसराय जिले से जिला जलेवार सेवा समिति एवं वत्स गोत्र के सभी सदस्य एकसाथ मिलकर अर्धनिर्मित वत्स ऋषि आश्रम को पूर्ण करवाने का मनोयोग से संकल्प लें। रामाज्ञा प्र सिंह, अमित कुमार सिंह गप्पू, जसवंत सिंह, रौशन कुमार, रामचन्द्र प्र सिंह, कुमार अनिल, रामदयाल भारती, कन्हैया कुमार ने कहा कि हम सभी वत्स गोत्र के अभिभावक तुल्य एवं युवा साथियों से अपील करता हूँ आप सभी सामाजिक एकता एवं अपनी गोत्र की पहचान को स्थापित करने के लिए वत्स गोत्र समाज के अंदर विभिन्न कार्यक्रम को करते हुए समाज के अंदर छाप छोड़ने का जो कार्य कर रहे हैं यह आनेवाले दिनों में हम सबों के लिए मील का पत्थर साबित होगा। इसको सफल बनाने के लिए हम सभी वत्स गोत्र के सदस्य एकजुट होकर पूरे लगन से सफल बनाने में शत-प्रतिशत प्रयास करेंगे तथा संगठन के मजबूती, कोषसंग्रह, पारिवारिक गणना, युवाओं को संगठन से जोड़ने पर बल तथा समाज में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वालों को समय-समय पर सम्मानित व्यक्तियों द्वारा सम्मानित करवाने के कार्य पर बल देने पर विचार-विमर्श किया गया। मौके पर विजयशंकर सिंह, अर्जुन सिंह, चंद्रचूड़ शर्मा, जसवंत सिंह, अमित कुमार सिंह गप्पू, रामशंकर सिंह, रौशन कुमार, डॉ चन्द्रभूषण सिन्हा, रामचन्द्र प्र सिंह, योगेन्द्र सिंह, अभय कुमार सिंह, रामनरेश सिंह, अवधेश प्र सिंह, रामदेव उर्फ लुखो सिंह, रामउदय सिंह, राजीव सिंह, कृष्णनन्दन प्र सिंह, विनोद कुमार सिंह, अशोक कुमार सिंह, शत्रुध्न सिंह, शिवशंभू प्र सिंह, आनन्दमोहन प्र सिंह, रामचरित्र सिंह, राजाज्ञा प्र सिंह, कुमार अनिल, रंजीत सिंह, रमेश सिंह, शशिभूषण सिंह, रामदयाल भारती, विद्यानन्द सिंह, वीरेन्द्र कुमार सिंह, कन्हैया कुमार, कमलाकान्त सिंह, नीरज सिंह, विपत सिंह आदि उपस्थित थे।1
- पवित्र महीना.रमजान के आखिरी 27 रोज में बेगूसराय शहर के टुडे मार्केट में मोहम्मद मुख्तार आलम के नेतृत्व में शानदार एक्टर पार्टी का आयोजित किया गया.2