बगैर हेलमेट के मोटरसाइकिल सवार चालकों पर की गई चालानी कार्यवाही-बगैर परमिट के चल रही बस भी जप्त। बिना हेलमेट के वाहन चालको पर यातायात विभाग की ताबड़तोड़ कार्यवाही मानपुर/उमरिया सड़क सुरक्षा को लेकर उमरिया पुलिश अधीक्षक बिजय कुमार भागवानी जी के आदेशानुसार यातायात प्रभारी ज्योति सुक्ला के द्वारा चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत मानपुर में यातायात विभाग ने बिना हेलमेट के वाहन चालकों पर ताबड़तोड़ कार्यवाही की है नियमों की अनदेखी करने वाले वाहन चालकों पर शिकंजा कसा है बिना परमिट के सवारी लेकर रोड में दौड़ने वाली बिजय प्रकाश की बस को जप्त कर सुरक्षित ताला चौकी में खड़े कर आगे की कार्यवाही की जा रही है 101वाहनों की चलानी कार्यवाही करते हुए तीस हजार रुपए सामन्य सुल्क वसूल किया गया है यातायात पुलिस द्वारा प्रमुख चौराहों और व्यस्त मार्गों पर सघन चेकिंग की गई, यातायात प्रभारी ज्योति सुक्ला ने बताया कि इस अभियान का उद्देश्य लोगों में यातायात नियमों के प्रति जागरूकता बढ़ाना और सड़क दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाना है। कार्रवाई के दौरान कई वाहन चालकों को नियमों का पालन करने की समझाइश भी दी गई है। वहीं, बार-बार नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्यवाही करने की चेतावनी दी गई। यातायात विभाग ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे अपनी और दूसरों की सुरक्षा के लिए यातायात नियमों का पालन करें, हेलमेट और सीट बेल्ट का अनिवार्य रूप से उपयोग करें तथा जिम्मेदार नागरिक होने का परिचय दें। इस अभियान से क्षेत्र में यातायात व्यवस्था सुधारने की दिशा में सकारात्मक असर देखने को मिल रहा कार्यवाही करते समय मुख्य रूप से मार्त्तण्ड पांडेय,नीलेश मिश्रा,परसोत्तम गर्ग,अजय तिवारी,ब्रजेश यादव,अभय सिंह उपस्थित रहे
बगैर हेलमेट के मोटरसाइकिल सवार चालकों पर की गई चालानी कार्यवाही-बगैर परमिट के चल रही बस भी जप्त। बिना हेलमेट के वाहन चालको पर यातायात विभाग की ताबड़तोड़ कार्यवाही मानपुर/उमरिया सड़क सुरक्षा को लेकर उमरिया पुलिश अधीक्षक बिजय कुमार भागवानी जी के आदेशानुसार यातायात प्रभारी ज्योति सुक्ला के द्वारा चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत मानपुर में यातायात विभाग ने बिना हेलमेट के वाहन चालकों पर ताबड़तोड़ कार्यवाही की है नियमों की अनदेखी करने वाले वाहन चालकों पर शिकंजा कसा है बिना परमिट के सवारी लेकर रोड में दौड़ने वाली बिजय प्रकाश की बस को जप्त कर सुरक्षित ताला चौकी में खड़े कर आगे की कार्यवाही की जा रही है 101वाहनों की चलानी कार्यवाही करते हुए तीस हजार रुपए सामन्य सुल्क वसूल किया गया है यातायात पुलिस द्वारा प्रमुख चौराहों और व्यस्त मार्गों पर सघन चेकिंग
की गई, यातायात प्रभारी ज्योति सुक्ला ने बताया कि इस अभियान का उद्देश्य लोगों में यातायात नियमों के प्रति जागरूकता बढ़ाना और सड़क दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाना है। कार्रवाई के दौरान कई वाहन चालकों को नियमों का पालन करने की समझाइश भी दी गई है। वहीं, बार-बार नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्यवाही करने की चेतावनी दी गई। यातायात विभाग ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे अपनी और दूसरों की सुरक्षा के लिए यातायात नियमों का पालन करें, हेलमेट और सीट बेल्ट का अनिवार्य रूप से उपयोग करें तथा जिम्मेदार नागरिक होने का परिचय दें। इस अभियान से क्षेत्र में यातायात व्यवस्था सुधारने की दिशा में सकारात्मक असर देखने को मिल रहा कार्यवाही करते समय मुख्य रूप से मार्त्तण्ड पांडेय,नीलेश मिश्रा,परसोत्तम गर्ग,अजय तिवारी,ब्रजेश यादव,अभय सिंह उपस्थित रहे
- बगैर हेलमेट के मोटरसाइकिल सवार चालकों पर की गई चालानी कार्यवाही-बगैर परमिट के चल रही बस भी जप्त। बिना हेलमेट के वाहन चालको पर यातायात विभाग की ताबड़तोड़ कार्यवाही मानपुर/उमरिया सड़क सुरक्षा को लेकर उमरिया पुलिश अधीक्षक बिजय कुमार भागवानी जी के आदेशानुसार यातायात प्रभारी ज्योति सुक्ला के द्वारा चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत मानपुर में यातायात विभाग ने बिना हेलमेट के वाहन चालकों पर ताबड़तोड़ कार्यवाही की है नियमों की अनदेखी करने वाले वाहन चालकों पर शिकंजा कसा है बिना परमिट के सवारी लेकर रोड में दौड़ने वाली बिजय प्रकाश की बस को जप्त कर सुरक्षित ताला चौकी में खड़े कर आगे की कार्यवाही की जा रही है 101वाहनों की चलानी कार्यवाही करते हुए तीस हजार रुपए सामन्य सुल्क वसूल किया गया है यातायात पुलिस द्वारा प्रमुख चौराहों और व्यस्त मार्गों पर सघन चेकिंग की गई, यातायात प्रभारी ज्योति सुक्ला ने बताया कि इस अभियान का उद्देश्य लोगों में यातायात नियमों के प्रति जागरूकता बढ़ाना और सड़क दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाना है। कार्रवाई के दौरान कई वाहन चालकों को नियमों का पालन करने की समझाइश भी दी गई है। वहीं, बार-बार नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्यवाही करने की चेतावनी दी गई। यातायात विभाग ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे अपनी और दूसरों की सुरक्षा के लिए यातायात नियमों का पालन करें, हेलमेट और सीट बेल्ट का अनिवार्य रूप से उपयोग करें तथा जिम्मेदार नागरिक होने का परिचय दें। इस अभियान से क्षेत्र में यातायात व्यवस्था सुधारने की दिशा में सकारात्मक असर देखने को मिल रहा कार्यवाही करते समय मुख्य रूप से मार्त्तण्ड पांडेय,नीलेश मिश्रा,परसोत्तम गर्ग,अजय तिवारी,ब्रजेश यादव,अभय सिंह उपस्थित रहे2
- मध्य प्रदेश के उप मुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल के शहडोल जिले के बाणसागर सर्किट हाउस पहुंचने पर उनका जोरदार स्वागत किया गया। इस अवसर पर जन प्रतिनिधियों और अधिकारियों ने पुष्पगुच्छ भेंट कर उनका अभिनंदन किया।1
- मध्य प्रदेश प्रशासनिक पुनर्गठन आयोग की जिला एवं तहसील स्तरीय बैठक उमरिया में संपन्न हुई। इसका उद्देश्य जनसुविधा और पारदर्शिता को केंद्र में रखकर प्रशासन को प्रभावी बनाना है, जिसमें जनता भी ऑनलाइन सुझाव दे सकेगी। यह पहल ग्रामीण क्षेत्रों तक सरकारी सेवाओं की पहुंच बढ़ाकर शासन-प्रशासन को अधिक मजबूत करेगी।1
- मध्यप्रदेश के उप मुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल का शहडोल जिले के बाणसागर सर्किट हाउस में आगमन हुआ। जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने पुष्पगुच्छ भेंट कर उनका भव्य स्वागत किया।1
- “बंगाल के भविष्य, जन-जन के प्रिय: शुभेंदु अधिकारी” अब बंगाल बदलाव नहीं, स्वर्णिम नेतृत्व चुन चुका है। नंदीग्राम से भवानीपुर तक... अजेय योद्धा का उदय! 🦁 "इतिहास गवाह है, जो नंदीग्राम में हुआ वो तो बस शुरुआत थी! ममता बनर्जी को उन्हीं के गढ़ में, उन्हीं की विधानसभा में दो बार (2021 नंदीग्राम और अब 2026 भवानीपुर) पटखनी देने वाले, बंगाल की राजनीति के असली 'चाणक्य' श्री शुभेंदु अधिकारी जी को भाजपा विधायक दल का नेता चुने जाने पर हार्दिक बधाई! श्यामा प्रसाद मुखर्जी की इस पावन भूमि पर, अब डर का नहीं बल्कि विकास का शासन होगा। आपके नेतृत्व में हम सब संकल्पित हैं—विकसित बंगाल और सुरक्षित बंगाल के लिए। 'बंगाल के भविष्य, जन-जन के प्रिय: शुभेंदु अधिकारी' अब बनेंगे सोनार बांग्ला के रक्षक और भारतीय जनता पार्टी के पहले मुख्यमंत्री!" #SuvenduAdhikari #MissionBengal2026 #ViksitBengal #BhavanipurVictory #BJPBengal #KhampariyaKaChashma3
- मध्य प्रदेश के एक प्रमुख नेता और संभावित मुख्यमंत्री ने विवादित बयान दिया है। उन्होंने कहा कि अगर बदला नहीं लिया तो वे राजनीति छोड़ देंगे और खुद को हिंदू नहीं कहलवाएंगे। इस बयान ने देश की राजनीति में नई बहस छेड़ दी है।1
- सतना: तेज़ रफ़्तार हाइवा ने बाइक सवार को रौंदा, युवक की मौके पर ही दर्दनाक मौत सतना (ब्यूरो रिपोर्ट): सतना जिले के कोलगवां थाना क्षेत्र में आज दोपहर एक भीषण सड़क हादसे में एक युवक की जान चली गई। तेज़ रफ़्तार हाइवा की चपेट में आने से बाइक सवार युवक ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। घटना के बाद आसपास के इलाके में मातम पसर गया और स्थानीय लोगों में भारी आक्रोश देखा गया। हादसे का विवरण जानकारी के अनुसार, मृतक की पहचान जितेंद्र कुशवाहा (26 वर्ष), निवासी सभापुर के रूप में हुई है। वह अपने पिता हीरालाल कुशवाहा का इकलौता सहारा था। बताया जा रहा है कि जितेंद्र अपनी बाइक से सतना की ओर आ रहा था, तभी कोलगवां थाना क्षेत्र के अंतर्गत तेज़ रफ़्तार से आ रहे एक हाइवा ने उसे जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बाइक बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और जितेंद्र की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। ग्रामीणों ने चालक को दबोचा हादसे के तुरंत बाद मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई। गुस्साए राहगीरों और स्थानीय लोगों ने भागने की कोशिश कर रहे हाइवा चालक को घेराबंदी कर पकड़ लिया। भीड़ ने आरोपी चालक को पुलिस के हवाले कर दिया है। पुलिस की कार्रवाई सूचना मिलते ही कोलगवां थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेज दिया है। पुलिस ने हाइवा को ज़ब्त कर लिया है और चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर आगे की वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है। ब्यूरो रिपोर्ट: मध्य भारत न्यूज़1
- मानपुर में नल-जल योजना बनी सरकारी खजाने पर बोझ? सड़कों पर बह रहा पानी, लाखों का भुगतान फिर भी व्यवस्था बदहाल जिम्मेदारों की कार्यशैली कटघरे में* *मानपुर में नल-जल योजना बनी सरकारी खजाने पर बोझ? सड़कों पर बह रहा पानी, लाखों का भुगतान फिर भी व्यवस्था बदहाल जिम्मेदारों की कार्यशैली कटघरे में* मानपुर। नगर परिषद मानपुर में करोड़ों रुपये की नल-जल योजना अब आमजन को राहत देने के बजाय सरकारी धन की बर्बादी और अव्यवस्था का बड़ा उदाहरण बनती जा रही है। लगभग एक वर्ष पूर्व जल निगम द्वारा योजना नगर परिषद मानपुर को हैंडओवर कर दी गई थी, लेकिन एक साल बाद भी नगर परिषद व्यवस्था संभालने की बुनियादी तैयारी तक नहीं कर सकी। नतीजा यह है कि नगर के कई हिस्सों में पाइपलाइन लीकेज, खराब वाल्व और बिना टोटी वाले नलों से हजारों लीटर पानी लगातार सड़कों और नालियों में बह रहा है। एक ओर गर्मी में लोग पर्याप्त पानी के लिए परेशान हैं, वहीं दूसरी ओर जनता के टैक्स का पैसा पानी के साथ बहता नजर आ रहा है। जल निगम के डिप्टी मैनेजर शुभम गुप्ता ने स्पष्ट किया कि नल-जल योजना पूरी तरह नगर परिषद मानपुर को हैंडओवर की जा चुकी है और अब जल निगम का कार्य केवल टंकियों में पानी भरना है। सप्लाई, मेंटेनेंस, लीकेज सुधार, वसूली, नए कनेक्शन और पाइपलाइन विस्तार सहित सभी जिम्मेदारियां नगर परिषद के अधीन हैं। उन्होंने बताया कि टंकियों से सप्लाई होने वाले पानी की रीडिंग के आधार पर जल निगम नगर परिषद को बिल भेजता है और नगर परिषद उसका भुगतान करती है। यानी पानी घरों तक पहुंचे या रास्ते में लीकेज होकर बह जाए, भुगतान पूरा किया जा रहा है। सूत्रों के मुताबिक नगर परिषद हर माह करीब 7 से 8 लाख रुपये जल निगम को भुगतान कर रही है, जबकि आमजन से पानी शुल्क के रूप में केवल 2 से ढाई लाख रुपये की ही वसूली हो पाती है। बाकी राशि नगर परिषद को अन्य राजस्व स्रोतों से वहन करनी पड़ रही है। ऐसे में स्थानीय लोगों का सवाल है कि जब पानी की हर बूंद का भुगतान करना पड़ रहा है, तो फिर लीकेज रोकने और व्यवस्था सुधारने पर गंभीरता क्यों नहीं दिखाई जा रही। मामला सिर्फ आर्थिक नुकसान तक सीमित नहीं है। लगातार हो रहे पाइपलाइन लीकेज के कारण कई स्थानों पर गंदा और दूषित पानी सप्लाई होने की शिकायतें भी सामने आ रही हैं। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि लीकेज वाली पाइपलाइन से बाहरी गंदगी और नालियों का दूषित पानी लाइन में मिलने का खतरा बना रहता है, जिससे जलजनित बीमारियों का जोखिम बढ़ गया है। ऐसे में यह लापरवाही अब केवल पानी की बर्बादी नहीं, बल्कि नगरवासियों के स्वास्थ्य के लिए भी गंभीर खतरा बनती जा रही है। हैरानी की बात यह है कि पानी शुल्क वसूली के लिए नगर परिषद द्वारा लगभग 10 कर्मचारियों की भर्ती की गई है, लेकिन मेंटेनेंस और लीकेज रोकने के लिए पर्याप्त तकनीकी स्टाफ उपलब्ध नहीं कराया गया। जानकारी के अनुसार नगर परिषद क्षेत्र के खुटार, बरबसपुर, मानपुर, बैगांव, गोवरदे और सिगुड़ी में सप्लाई संचालन के लिए पूर्व से 6 वाल्व ऑपरेटर कार्यरत हैं, जिनका काम टंकियां भरना और पानी सप्लाई देना है। योजना हैंडओवर होने के बावजूद नगर परिषद ने इन अनुभवी कर्मचारियों को अपने अधीन नहीं लिया, जिससे व्यवस्था और अधिक प्रभावित हुई है। बताया जाता है कि ये कर्मचारी आज भी बेहद कम मानदेय पर कार्य कर रहे हैं। स्थानीय लोगों का मानना है कि यदि समय रहते खराब वाल्व, पाइपलाइन लीकेज और बिना टोटी वाले नलों की मरम्मत कराई जाती, तो हर माह लगभग 2 से 3 लाख रुपये तक की बचत संभव थी। लेकिन जिम्मेदार अधिकारियों की उदासीनता के कारण सरकारी धन लगातार व्यर्थ बह रहा है। इस पूरे मामले पर नगर परिषद मानपुर के सीएमओ राजेंद्र कुशवाहा ने कहा कि टोटियों के लिए ऑर्डर दिया जा चुका है तथा जल्द ही मिस्त्री और कर्मचारियों की भर्ती की जाएगी। हालांकि जनता का सवाल है कि जब योजना को हैंडओवर हुए लगभग एक वर्ष बीत चुका है, तो अब तक केवल आश्वासन ही क्यों दिए जा रहे हैं। मानपुर में अब नल-जल योजना विकास से ज्यादा प्रशासनिक लापरवाही, वित्तीय अव्यवस्था और जनस्वास्थ्य से जुड़ा गंभीर विषय बन चुकी है। जनता पूछ रही है कि आखिर कब तक सरकारी खजाने का पैसा नालियों में बहते पानी के रूप में भुगतान किया जाता रहेगा और नगर परिषद व्यर्थ बहते पानी की रोकथाम व स्वच्छ पेयजल व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए कब ठोस कदम उठाएगी। स्थानीय नागरिकों ने जिले की नवागत संवेदनशील कलेक्टर महोदया से मांग की है कि नगर परिषद मानपुर में नल-जल योजना की जमीनी स्थिति का गंभीरता से परीक्षण कराया जाए। लगातार हो रही पानी की बर्बादी, लीकेज, दूषित पेयजल आपूर्ति और हर माह हो रहे आर्थिक नुकसान की निष्पक्ष जांच कर जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाए। नागरिकों का कहना है कि यदि समय रहते प्रभावी कदम नहीं उठाए गए तो यह समस्या आगे चलकर जल संकट के साथ जनस्वास्थ्य संकट का भी रूप ले सकती है। आमजन को उम्मीद है कि जिला प्रशासन इस गंभीर मुद्दे पर त्वरित हस्तक्षेप कर नगरवासियों को राहत दिलाएगा।4