बेतिया में गैस आपूर्ति पर सख्ती, प्रधान सचिव एच.आर. श्रीनिवास का औचक निरीक्षण, एजेंसियों को कड़ी चेतावनी बेतिया में गैस उपभोक्ताओं को राहत दिलाने और आपूर्ति व्यवस्था को दुरुस्त करने के उद्देश्य से पश्चिम चंपारण जिला के प्रभारी सचिव सह पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग के प्रधान सचिव एच.आर. श्रीनिवास ने आज जिले का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने बेतिया स्थित विभिन्न गैस एजेंसियों का औचक निरीक्षण कर गैस की उपलब्धता, वितरण व्यवस्था और उपभोक्ताओं को हो रही सुविधाओं की गहन जांच की। निरीक्षण के क्रम में उन्होंने एजेंसी संचालकों से सीधे संवाद कर वर्तमान स्थिति की जानकारी ली और स्पष्ट निर्देश दिया कि किसी भी हाल में उपभोक्ताओं को समय पर गैस उपलब्ध कराना सुनिश्चित किया जाए। दौरे के दौरान प्रधान सचिव ने जिला मुख्यालय में सभी संबंधित पदाधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक भी की। इस बैठक में पश्चिम चंपारण के जिलाधिकारी तरनजोत सिंह, जिला आपूर्ति पदाधिकारी अनिल कुमार, सभी अनुमंडल पदाधिकारी एवं प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी मौजूद रहे। बैठक में जिले में गैस आपूर्ति की मौजूदा स्थिति की विस्तार से समीक्षा की गई और एजेंसियों के कार्यप्रणाली पर विशेष ध्यान दिया गया। जिलाधिकारी तरनजोत सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि प्रधान सचिव के निर्देशानुसार गैस आपूर्ति व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने पर जोर दिया गया है। उन्होंने कहा कि सभी गैस एजेंसियों को स्पष्ट चेतावनी दी गई है कि उपभोक्ताओं को समय पर गैस नहीं मिलने या किसी प्रकार की लापरवाही की शिकायत मिलने पर संबंधित एजेंसी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही, जिन एजेंसियों में पुराने ऑर्डर या बैकलॉग लंबित हैं, उन्हें तत्काल प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने का निर्देश दिया गया है। प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया है कि गैस वितरण में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित की जाएगी, ताकि आम उपभोक्ताओं को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। निरीक्षण और समीक्षा के इस अभियान से यह संदेश साफ है कि जिला प्रशासन अब गैस आपूर्ति में किसी भी तरह की अनियमितता को बर्दाश्त नहीं करेगा और जरूरत पड़ने पर सख्त कदम उठाए जाएंगे। इस पहल से उम्मीद की जा रही है कि आने वाले दिनों में पश्चिम चंपारण जिले में गैस आपूर्ति व्यवस्था और अधिक सुचारू, पारदर्शी और उपभोक्ता हितैषी बनेगी, जिससे आम लोगों को राहत मिलेगी और उनकी समस्याओं का समय पर समाधान हो सकेगा।
बेतिया में गैस आपूर्ति पर सख्ती, प्रधान सचिव एच.आर. श्रीनिवास का औचक निरीक्षण, एजेंसियों को कड़ी चेतावनी बेतिया में गैस उपभोक्ताओं को राहत दिलाने और आपूर्ति व्यवस्था को दुरुस्त करने के उद्देश्य से पश्चिम चंपारण जिला के प्रभारी सचिव सह पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग के प्रधान सचिव एच.आर. श्रीनिवास ने आज जिले का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने बेतिया स्थित विभिन्न गैस एजेंसियों का औचक निरीक्षण कर गैस की उपलब्धता, वितरण व्यवस्था और उपभोक्ताओं को हो रही सुविधाओं की गहन जांच की। निरीक्षण के क्रम में उन्होंने एजेंसी संचालकों से सीधे संवाद कर वर्तमान स्थिति की जानकारी ली और स्पष्ट निर्देश दिया कि किसी भी हाल में उपभोक्ताओं को समय पर गैस उपलब्ध कराना सुनिश्चित किया जाए। दौरे के दौरान प्रधान सचिव ने जिला मुख्यालय में सभी संबंधित पदाधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक भी की। इस बैठक में पश्चिम चंपारण के जिलाधिकारी तरनजोत सिंह, जिला आपूर्ति पदाधिकारी अनिल कुमार, सभी अनुमंडल पदाधिकारी एवं प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी मौजूद रहे। बैठक में जिले में गैस आपूर्ति की मौजूदा स्थिति की विस्तार से समीक्षा की गई और एजेंसियों के कार्यप्रणाली पर विशेष ध्यान दिया गया। जिलाधिकारी तरनजोत सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि प्रधान सचिव के निर्देशानुसार गैस आपूर्ति व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने पर जोर दिया गया है। उन्होंने कहा कि सभी गैस एजेंसियों को स्पष्ट चेतावनी दी गई है कि उपभोक्ताओं को समय पर गैस नहीं मिलने या किसी प्रकार की लापरवाही की शिकायत मिलने पर संबंधित एजेंसी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही, जिन एजेंसियों में पुराने ऑर्डर या बैकलॉग लंबित हैं, उन्हें तत्काल प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने का निर्देश दिया गया है। प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया है कि गैस वितरण में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित की जाएगी, ताकि आम उपभोक्ताओं को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। निरीक्षण और समीक्षा के इस अभियान से यह संदेश साफ है कि जिला प्रशासन अब गैस आपूर्ति में किसी भी तरह की अनियमितता को बर्दाश्त नहीं करेगा और जरूरत पड़ने पर सख्त कदम उठाए जाएंगे। इस पहल से उम्मीद की जा रही है कि आने वाले दिनों में पश्चिम चंपारण जिले में गैस आपूर्ति व्यवस्था और अधिक सुचारू, पारदर्शी और उपभोक्ता हितैषी बनेगी, जिससे आम लोगों को राहत मिलेगी और उनकी समस्याओं का समय पर समाधान हो सकेगा।
- बेतिया में गैस उपभोक्ताओं को राहत दिलाने और आपूर्ति व्यवस्था को दुरुस्त करने के उद्देश्य से पश्चिम चंपारण जिला के प्रभारी सचिव सह पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग के प्रधान सचिव एच.आर. श्रीनिवास ने आज जिले का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने बेतिया स्थित विभिन्न गैस एजेंसियों का औचक निरीक्षण कर गैस की उपलब्धता, वितरण व्यवस्था और उपभोक्ताओं को हो रही सुविधाओं की गहन जांच की। निरीक्षण के क्रम में उन्होंने एजेंसी संचालकों से सीधे संवाद कर वर्तमान स्थिति की जानकारी ली और स्पष्ट निर्देश दिया कि किसी भी हाल में उपभोक्ताओं को समय पर गैस उपलब्ध कराना सुनिश्चित किया जाए। दौरे के दौरान प्रधान सचिव ने जिला मुख्यालय में सभी संबंधित पदाधिकारियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक भी की। इस बैठक में पश्चिम चंपारण के जिलाधिकारी तरनजोत सिंह, जिला आपूर्ति पदाधिकारी अनिल कुमार, सभी अनुमंडल पदाधिकारी एवं प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी मौजूद रहे। बैठक में जिले में गैस आपूर्ति की मौजूदा स्थिति की विस्तार से समीक्षा की गई और एजेंसियों के कार्यप्रणाली पर विशेष ध्यान दिया गया। जिलाधिकारी तरनजोत सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि प्रधान सचिव के निर्देशानुसार गैस आपूर्ति व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने पर जोर दिया गया है। उन्होंने कहा कि सभी गैस एजेंसियों को स्पष्ट चेतावनी दी गई है कि उपभोक्ताओं को समय पर गैस नहीं मिलने या किसी प्रकार की लापरवाही की शिकायत मिलने पर संबंधित एजेंसी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही, जिन एजेंसियों में पुराने ऑर्डर या बैकलॉग लंबित हैं, उन्हें तत्काल प्राथमिकता के आधार पर पूरा करने का निर्देश दिया गया है। प्रशासन ने यह भी स्पष्ट किया है कि गैस वितरण में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित की जाएगी, ताकि आम उपभोक्ताओं को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। निरीक्षण और समीक्षा के इस अभियान से यह संदेश साफ है कि जिला प्रशासन अब गैस आपूर्ति में किसी भी तरह की अनियमितता को बर्दाश्त नहीं करेगा और जरूरत पड़ने पर सख्त कदम उठाए जाएंगे। इस पहल से उम्मीद की जा रही है कि आने वाले दिनों में पश्चिम चंपारण जिले में गैस आपूर्ति व्यवस्था और अधिक सुचारू, पारदर्शी और उपभोक्ता हितैषी बनेगी, जिससे आम लोगों को राहत मिलेगी और उनकी समस्याओं का समय पर समाधान हो सकेगा।1
- तमकुहीराज, कुशीनगर। मंगलवार को तमकुहीराज के रामलीला मैदान में श्रीहनुमान जन्मोत्सव के पावन अवसर पर आयोजित अमृतमयी श्रीराम कथा के सप्तम दिवस का वातावरण भक्ति और भावनाओं से सराबोर रहा। अयोध्या धाम से पधारी सुप्रसिद्ध कथा वाचिका साध्वी स्मिता दीदी ने भगवान श्रीराम के वनवास और भरत चरित्र की अत्यंत मार्मिक कथा सुनाई, जिसे सुनकर श्रद्धालुओं की आंखें नम हो गईं। पूरे पंडाल में “जय श्रीराम” के जयघोष से भक्ति का अद्भुत संचार हो उठा। साध्वी स्मिता दीदी ने भरत के त्याग, भाई के प्रति अटूट प्रेम और धर्मनिष्ठा को समाज के लिए आदर्श बताया। उन्होंने कहा कि भरत ने सत्ता और वैभव को ठुकराकर अपने बड़े भाई श्रीराम के प्रति जो समर्पण दिखाया, वह आज के समय में भी हर व्यक्ति के लिए अनुकरणीय है। भरत चरित्र हमें सिखाता है कि सच्चा धर्म वही है, जिसमें स्वार्थ नहीं बल्कि कर्तव्य और प्रेम सर्वोपरि हो। उन्होंने आगे कहा कि श्रीराम का वनवास केवल एक घटना नहीं, बल्कि जीवन की कठिनाइयों में धैर्य, मर्यादा और सत्य के मार्ग पर अडिग रहने की प्रेरणा है। श्रीराम और भरत के आदर्श संबंध हिंदू संस्कृति की गहराई और पारिवारिक मूल्यों की महत्ता को दर्शाते हैं। यही कारण है कि श्रीराम कथा केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि समाज को जोड़ने और संस्कार देने का माध्यम भी है। कार्यक्रम में मुख्य रूप से पधारे अयोध्या के श्री हनुमानगढ़ी के महंत पूज्य श्री राजू दास ने कथा वाचिका द्वारा सनातन शिक्षा, संस्कृति और श्रीरामचरितमानस के प्रसार के उद्देश्य की सराहना की। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के आयोजन समाज में धर्म के प्रति जागरूकता बढ़ाने के साथ-साथ हिंदुत्व को मजबूती प्रदान करते हैं। उन्होंने अपने संबोधन में कहा, “हिंदुत्व केवल एक विचार नहीं, बल्कि हमारी सनातन पहचान और जीवन जीने की पद्धति है। जब तक हम अपने धर्म, संस्कृति और संस्कारों पर गर्व करते रहेंगे, तब तक कोई भी शक्ति हमें कमजोर नहीं कर सकती।” उन्होंने श्रीहनुमान जी के सेवा, शक्ति और भक्ति के आदर्शों पर प्रकाश डालते हुए युवाओं को सनातन धर्म के मार्ग पर चलने का आह्वान किया। पूरे कार्यक्रम के दौरान श्रद्धालु भक्ति में लीन दिखाई दिए। कथा के माध्यम से जहां एक ओर लोगों को जीवन जीने की प्रेरणा मिली, वहीं दूसरी ओर हिंदू संस्कृति और परंपराओं के प्रति गर्व की भावना भी प्रबल हुई। इस आयोजन ने स्पष्ट कर दिया कि श्रीराम और भरत के आदर्श आज भी समाज को एकजुट करने और धर्म के पथ पर अग्रसर करने में सक्षम हैं। इस दौरान तमकुहीराज स्टेट के राजा महेश्वर प्रताप शाही, पूर्व विधायक डॉ पीके राय, विद्यावती देवी महाविद्यालय के प्रबंधक बबलू राय, अवधेश राय, सन्तोष सिंह, रमेशचंद्र यादव, सुधीर सिंह, जलेश्वर उपाध्याय आदि मौजूद रहे।1
- बेतिया में नूतन गैस एजेंसी पर सवाल: घर तक डिलीवरी छोड़ थाना गेट पर क्यों बांटा जा रहा घरेलू गैस? #हिंदी_समाचार #बेतिया_न्यूज #बेतिया #गैस_सिलेंडर #घरेलू_गैस #नूतन_गैस_एजेंसी #कालीबाग_थाना #गैस_किल्लत #उपभोक्ता_परेशान #घर_तक_डिलीवरी #प्रशासन_से_मांग #जांच_की_मांग #लाइन_में_भीड़ #गैस_वितरण1
- मेधावी छात्राओं का सम्मान, सुनीता कुमारी बनीं राज्य में सातवीं, सजारा खातून विद्यालय टॉपर बगही बघमंबरपुर पंचायत में सम्मानित बैरिया प्रखंड क्षेत्र के बगही बघमंबरपुर पंचायत स्थित राजकीय उत्क्रमित मध्य विद्यालय, टेहुनी चौधरी टोला में बुधवार के दोपहर करीब 12:00 बजे बिहार बोर्ड मैट्रिक परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली छात्राओं को सम्मानित किया गया। इस अवसर पर पूरे क्षेत्र में खुशी और उत्साह का माहौल देखने को मिला। कार्यक्रम में राज्य स्तर पर सातवां स्थान तथा जिला में प्रथम स्थान हासिल करने वाली छात्रा सुनीता कुमारी को विशेष रूप से सम्मानित किया गया। उनकी इस उपलब्धि से न सिर्फ विद्यालय बल्कि पूरे क्षेत्र का नाम रोशन हुआ है। वहीं, विद्यालय की टॉपर छात्रा सजारा खातून को भी सम्मानित किया गया, जिन्होंने मैट्रिक परीक्षा में 408 अंक प्राप्त कर विद्यालय में प्रथम स्थान हासिल किया। विद्यालय परिवार ने दोनों छात्राओं को सम्मानित करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। इस दौरान शिक्षकों ने कहा कि इन छात्राओं की सफलता अन्य विद्यार्थियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगी। कार्यक्रम में अभिभावकों एवं ग्रामीणों की भी सराहनीय उपस्थिति रही।1
- अपर मुख्य सचिव, पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग, बिहार सह-प्रभारी सचिव माननीय श्री एच,आर, श्री निवास की अध्यक्षता में आज समाहरणालय सभागार में एक समीक्षात्मक बैठक संपन्न हुई। 01.04.2026.1
- राहुल सर के द्वारा क्लास 11th का नया फाउंडेशन बैच प्रारंभ कर दिया गया है मिडिल स्कूल के पास मिश्रबतरहाँ सुबह 7:00 बजे 91109912811
- नौतन / स्थानीय थाना क्षेत्र के लक्ष्मीपुर दूबौलिया गांव स्थित एक पोखरा में असामाजिक तत्वों के द्वारा ज़हर डालकर लाखों रुपए की मछलियों को मार दिया गया है। स्थानीय लोगों ने इस घटना को साजिश बताया। इस बावत लक्ष्मीपुर के कपिल देव मुखिया ने बताया कि वें विगत कई वर्षों से मछली पालन का कारोबार करते हैं।बिहार सरकार मत्स्य विभाग के द्वारा गांव के गौमाला पोखरा में करीब चार लाख रुपए की मछली का बच्चा डाले थे। जिसमें असामाजिक तत्वों के द्वारा ज़हर डालकर पोखरा की सभी मछलियां को मार दिया गया है।कहा कि इस पोखरा के किनारे कुछ लोगों ने अतिक्रमण किया था। जिसे गांव के लोगों के द्वारा प्रशासन के मदद से हटवा दिया गया है। जबकि गांव के बीचों-बीच पोखरा होने के कारण ग्रामीण माल मवेशियों को भी नहलाते एवं पानी भी पिलाते थे। वें इस पोखरा में लगभग बीस वर्षों से मछली पालन करते आ रहे हैं। लेकिन आज तक ऐसी घटना घटित नहीं हुई है। इस संबंध में कपिल देव मुखिया ने थाने में आवेदन देकर पुलिस प्रशासन से जांच व कार्रवाई की मांग किया है।।1
- नौतन थाना क्षेत्र के पश्चिमी नौतन पंचायत अंतर्गत लक्ष्मीपुर दुबौलिया गांव के पास स्थित एक सार्वजनिक पोखरे में जहर डालकर मछलियों को मार देने की गंभीर घटना सामने आई है। इस घटना से इलाके में हड़कंप मच गया है और मछली पालक को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है। पीड़ित मछली पालक कपिलदेव मुखिया ने अज्ञात लोगों के खिलाफ नौतन थाने में आवेदन देकर न्याय की गुहार लगाई है। उन्होंने बताया कि वह पिछले करीब 20 वर्षों से उक्त पोखरे में मछली पालन का कार्य करते आ रहे हैं और यही उनका मुख्य आजीविका का साधन है। हाल ही में उन्होंने विश्वकर्मा योजना के तहत एक लाख रुपये का कर्ज लेकर मछली का स्पॉन डाला था, जो अब तैयार होकर लगभग ढाई सौ ग्राम से अधिक वजन की हो चुकी थी। लेकिन विगत रात किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा पोखरे में जहर डाल दिया गया, जिससे सभी मछलियां मरने लगीं। देखते ही देखते लाखों की मछलियां पानी में तैरती नजर आईं। इस घटना से करीब चार लाख रुपये का नुकसान होने का अनुमान है, जिससे मछली पालक पूरी तरह से टूट गया है। स्थिति की गंभीरता इस बात से भी बढ़ जाती है कि उक्त पोखरा सार्वजनिक है, जहां आसपास के ग्रामीण अपने मवेशियों को स्नान कराने लाते हैं और मवेशी उसी पानी को पीते भी हैं। ऐसे में जहर मिला पानी अब मवेशियों के लिए भी खतरनाक बन गया है, जिससे ग्रामीणों में भय और आक्रोश का माहौल है। पीड़ित ने आशंका जताई है कि इस घटना के पीछे पुराने विवाद की रंजिश हो सकती है। उन्होंने बताया कि पोखरे के बांध पर कुछ लोगों द्वारा अवैध कब्जा किया गया था, जिसे गांव और प्रशासन की मदद से हटाया गया था। इसी बात को लेकर अतिक्रमणकारियों से विवाद और गाली-गलौज भी हुआ था। ऐसे में शक की सुई उन्हीं लोगों की ओर इशारा कर रही है। मछली पालक ने प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने और हुए नुकसान की भरपाई की मांग की है। वहीं, इस संबंध में नौतन थानाध्यक्ष प्रमोद कुमार पासवान ने बताया कि आवेदन प्राप्त हो गया है और पुलिस मामले की गंभीरता से जांच में जुट गई है। जल्द ही दोषियों की पहचान कर उचित कार्रवाई की जाएगी। इस घटना ने न सिर्फ एक मेहनतकश मछली पालक की कमर तोड़ दी है, बल्कि सार्वजनिक संसाधनों की सुरक्षा और ग्रामीण जीवन पर भी बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है।1