छापर के आबसर गाँव में रविवार को 'चौधरी गेस्ट हाउस' में गुरूकृपा क्लासेज द्वारा शिक्षा के प्रति जागरूकता और विद्यार्थियों के उत्साह को बढ़ावा देने के लिए एक भव्य सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में बोर्ड कक्षाओं, यानी 10वीं और 12वीं, में उत्कृष्ट अंक प्राप्त कर गाँव का नाम रोशन करने वाले मेधावी विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। समारोह में शिक्षा जगत से जुड़ी कई बड़ी हस्तियों ने शिरकत की, जिससे विद्यार्थियों और ग्रामीणों का उत्साह दोगुना हो गया। कार्यक्रम में सेवानिवृत जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) धन्नाराम प्रजापत मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जबकि प्रख्यात शिक्षाविद और एसवीएम के निदेशक ईश्वर सुथार ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की। रामूराम किलका, भीखाराम किलका और लक्ष्मणराम किलका विशिष्ट अतिथि के तौर पर मंच पर आसीन थे। मुख्य अतिथि धन्नाराम प्रजापत ने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए राजस्थानी भाषा के सामान्य ज्ञान की महत्ता पर प्रकाश डाला और कहा कि अपनी मातृभाषा व क्षेत्रीय ज्ञान पर मजबूत पकड़ प्रतियोगी परीक्षाओं में बड़ी सफलता दिला सकती है। विशिष्ट अतिथि लक्ष्मण राम किलका ने विद्यार्थियों को 'लक्ष्य' के प्रति एकाग्र होने की सीख दी, वहीं अध्यक्षीय उद्बोधन में शिक्षाविद ईश्वर सुथार ने कहा कि यह सम्मान सिर्फ एक पड़ाव है और असली मंजिल अभी बाकी है, जिसके लिए विद्यार्थियों को आगे भी अनुशासित रहकर निरंतर मेहनत करनी होगी। समारोह के मुख्य आकर्षण वे प्रतिभावान विद्यार्थी रहे जिन्होंने बोर्ड परीक्षाओं में टॉप किया था। मंच पर मौजूद सभी अतिथियों ने इन होनहारों को मोमेंटो (स्मृति चिह्न) और प्रशस्ति पत्र भेंट कर सम्मानित किया। सम्मान पाकर विद्यार्थियों के चेहरे खिल उठे और पूरा हॉल तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा, जबकि उपस्थित अभिभावकों की आंखें भी अपने बच्चों की इस कामयाबी पर गर्व से नम दिखीं। गुरुकृपा क्लासेज के निदेशक राकेश किलका ने अथितियों का आभार व्यक्त किया। इस गौरवमयी पल के साक्षी बनने के लिए आबसर ग्राम के नवरत्न किलका, रामचन्द्र कुड़ी, पपुराम सहित बड़ी संख्या में ग्रामीणों, युवाओं और मातृशक्ति ने भाग लेकर बच्चों का हौसला बढ़ाया और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। गुरूकृपा क्लासेज के इस अनूठे प्रयास की पूरे क्षेत्र में सराहना की जा रही है। कार्यक्रम का कुशल व ओजस्वी संचालन मनोज कुमार किलका 'टैगोर' ने किया।
छापर के आबसर गाँव में रविवार को 'चौधरी गेस्ट हाउस' में गुरूकृपा क्लासेज द्वारा शिक्षा के प्रति जागरूकता और विद्यार्थियों के उत्साह को बढ़ावा देने के लिए एक भव्य सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में बोर्ड कक्षाओं, यानी 10वीं और 12वीं, में उत्कृष्ट अंक प्राप्त कर गाँव का नाम रोशन करने वाले मेधावी विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। समारोह में शिक्षा जगत से जुड़ी कई बड़ी हस्तियों ने शिरकत की, जिससे विद्यार्थियों और ग्रामीणों का उत्साह दोगुना हो गया। कार्यक्रम में सेवानिवृत जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) धन्नाराम प्रजापत
मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जबकि प्रख्यात शिक्षाविद और एसवीएम के निदेशक ईश्वर सुथार ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की। रामूराम किलका, भीखाराम किलका और लक्ष्मणराम किलका विशिष्ट अतिथि के तौर पर मंच पर आसीन थे। मुख्य अतिथि धन्नाराम प्रजापत ने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए राजस्थानी भाषा के सामान्य ज्ञान की महत्ता पर प्रकाश डाला और कहा कि अपनी मातृभाषा व क्षेत्रीय ज्ञान पर मजबूत पकड़ प्रतियोगी परीक्षाओं में बड़ी सफलता दिला सकती है। विशिष्ट अतिथि लक्ष्मण राम किलका ने विद्यार्थियों को 'लक्ष्य' के प्रति एकाग्र होने की
सीख दी, वहीं अध्यक्षीय उद्बोधन में शिक्षाविद ईश्वर सुथार ने कहा कि यह सम्मान सिर्फ एक पड़ाव है और असली मंजिल अभी बाकी है, जिसके लिए विद्यार्थियों को आगे भी अनुशासित रहकर निरंतर मेहनत करनी होगी। समारोह के मुख्य आकर्षण वे प्रतिभावान विद्यार्थी रहे जिन्होंने बोर्ड परीक्षाओं में टॉप किया था। मंच पर मौजूद सभी अतिथियों ने इन होनहारों को मोमेंटो (स्मृति चिह्न) और प्रशस्ति पत्र भेंट कर सम्मानित किया। सम्मान पाकर विद्यार्थियों के चेहरे खिल उठे और पूरा हॉल तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा, जबकि उपस्थित अभिभावकों की आंखें
भी अपने बच्चों की इस कामयाबी पर गर्व से नम दिखीं। गुरुकृपा क्लासेज के निदेशक राकेश किलका ने अथितियों का आभार व्यक्त किया। इस गौरवमयी पल के साक्षी बनने के लिए आबसर ग्राम के नवरत्न किलका, रामचन्द्र कुड़ी, पपुराम सहित बड़ी संख्या में ग्रामीणों, युवाओं और मातृशक्ति ने भाग लेकर बच्चों का हौसला बढ़ाया और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। गुरूकृपा क्लासेज के इस अनूठे प्रयास की पूरे क्षेत्र में सराहना की जा रही है। कार्यक्रम का कुशल व ओजस्वी संचालन मनोज कुमार किलका 'टैगोर' ने किया।
- छापर के आबसर गाँव में रविवार को 'चौधरी गेस्ट हाउस' में गुरूकृपा क्लासेज द्वारा शिक्षा के प्रति जागरूकता और विद्यार्थियों के उत्साह को बढ़ावा देने के लिए एक भव्य सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में बोर्ड कक्षाओं, यानी 10वीं और 12वीं, में उत्कृष्ट अंक प्राप्त कर गाँव का नाम रोशन करने वाले मेधावी विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। समारोह में शिक्षा जगत से जुड़ी कई बड़ी हस्तियों ने शिरकत की, जिससे विद्यार्थियों और ग्रामीणों का उत्साह दोगुना हो गया। कार्यक्रम में सेवानिवृत जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) धन्नाराम प्रजापत मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, जबकि प्रख्यात शिक्षाविद और एसवीएम के निदेशक ईश्वर सुथार ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की। रामूराम किलका, भीखाराम किलका और लक्ष्मणराम किलका विशिष्ट अतिथि के तौर पर मंच पर आसीन थे। मुख्य अतिथि धन्नाराम प्रजापत ने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए राजस्थानी भाषा के सामान्य ज्ञान की महत्ता पर प्रकाश डाला और कहा कि अपनी मातृभाषा व क्षेत्रीय ज्ञान पर मजबूत पकड़ प्रतियोगी परीक्षाओं में बड़ी सफलता दिला सकती है। विशिष्ट अतिथि लक्ष्मण राम किलका ने विद्यार्थियों को 'लक्ष्य' के प्रति एकाग्र होने की सीख दी, वहीं अध्यक्षीय उद्बोधन में शिक्षाविद ईश्वर सुथार ने कहा कि यह सम्मान सिर्फ एक पड़ाव है और असली मंजिल अभी बाकी है, जिसके लिए विद्यार्थियों को आगे भी अनुशासित रहकर निरंतर मेहनत करनी होगी। समारोह के मुख्य आकर्षण वे प्रतिभावान विद्यार्थी रहे जिन्होंने बोर्ड परीक्षाओं में टॉप किया था। मंच पर मौजूद सभी अतिथियों ने इन होनहारों को मोमेंटो (स्मृति चिह्न) और प्रशस्ति पत्र भेंट कर सम्मानित किया। सम्मान पाकर विद्यार्थियों के चेहरे खिल उठे और पूरा हॉल तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा, जबकि उपस्थित अभिभावकों की आंखें भी अपने बच्चों की इस कामयाबी पर गर्व से नम दिखीं। गुरुकृपा क्लासेज के निदेशक राकेश किलका ने अथितियों का आभार व्यक्त किया। इस गौरवमयी पल के साक्षी बनने के लिए आबसर ग्राम के नवरत्न किलका, रामचन्द्र कुड़ी, पपुराम सहित बड़ी संख्या में ग्रामीणों, युवाओं और मातृशक्ति ने भाग लेकर बच्चों का हौसला बढ़ाया और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। गुरूकृपा क्लासेज के इस अनूठे प्रयास की पूरे क्षेत्र में सराहना की जा रही है। कार्यक्रम का कुशल व ओजस्वी संचालन मनोज कुमार किलका 'टैगोर' ने किया।4
- Post by मनीष तिवारी धर्मेंद्र कुमार1
- राज्य सरकार के निर्देश पर लोसल नगर पालिका प्रशासन ने हाल ही में "वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान" के तहत कई कार्यक्रमों का आयोजन किया। इस पहल के अंतर्गत, अल सुबह प्रभात फेरी निकाली गई, जिसके माध्यम से आमजन को स्वच्छता और जल संरक्षण का महत्वपूर्ण संदेश दिया गया। प्रभात फेरी के समापन के बाद, सार्वजनिक स्थलों पर व्यापक सफाई अभियान चलाया गया। इस दौरान जनप्रतिनिधियों, कर्मचारियों और नागरिकों ने बढ़-चढ़कर श्रमदान किया, जिसमें सभी ने एक स्वच्छ और सुंदर लोसल बनाने का संकल्प लिया। इस अभियान का मुख्य संदेश 'जल बचाओ, स्वच्छता अपनाओ' रहा।1
- झुंझुनूं जिले की बिसाऊ तहसील के कस्या बिसाऊ के मूल निवासियों ने तहसीलदार महोदय से तत्काल हस्तक्षेप की अपील की है। उनका आरोप है कि राजस्व रिकॉर्ड में दर्ज शेश गांव का खसरा नंबर 1089 वाला कटानी रास्ता बंद कर दिया गया है, जो उनके घर और खेतों तक पहुँचने का एकमात्र मार्ग है। याचिकाकर्ताओं ने इसे खोलने के लिए शीघ्र कार्रवाई का अनुरोध किया है। ग्रामीणों ने बताया कि यह रास्ता पहले से ही प्रचलित था, लेकिन अब इसे पूरी तरह बंद कर दिया गया है, जिससे उनके घर और खेतों में जाने का रास्ता अवरुद्ध हो गया है। इस रुकावट के कारण कई गंभीर समस्याएँ उत्पन्न हो गई हैं; घर में मौजूद बीमार बूढ़ी दादी तक एम्बुलेंस का पहुँच पाना असंभव हो गया है, और घर के तीन बच्चों को स्कूल जाने में भी भारी कठिनाई का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने यह भी बताया कि नायब तहसीलदार ने रास्ता बंद करने वाले लोगों को नोटिस भी भेजा था, लेकिन अभी तक इस मामले में कोई सुनवाई नहीं हुई है। अतः, याचिकाकर्ताओं ने तहसीलदार महोदय से प्रार्थना की है कि वे अपनी टीम को मौके पर भेजकर जल्द से जल्द रास्ते को खुलवाने की कृपा करें और उन्हें इस परेशानी से राहत प्रदान करें।4
- एक छोटे से गाँव में, स्थानीय विधायक के कोटे से बच्चों के शारीरिक विकास के लिए एक अतिसुंदर पार्क का निर्माण किया गया है। यह पहल जोहड़ (तालाब) की सुरक्षा के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण पर भी केंद्रित है। इस योजना के तहत गाँव में बड़ी संख्या में पेड़ लगाए गए हैं, जो जीवों को आश्रय प्रदान करते हैं और गाँव में भरपूर ऑक्सीजन सुनिश्चित करते हुए एक अद्भुत मिसाल पेश करते हैं। इस कार्य को हर गाँव के लिए एक बड़ी शिक्षा बताया गया है। रिपोर्ट में यह सुझाव दिया गया है कि सभी गाँवों के सरपंचों और तहसील के विधायकों को ऐसे कार्यों को अपनाना चाहिए, जिससे बच्चों का शारीरिक विकास हो, पर्यावरण संरक्षित रहे, गाँव का सौंदर्य बढ़े, जीवों को आश्रय मिले और गाँव के प्रत्येक नागरिक को शुद्ध ऑक्सीजन प्राप्त हो। यह रिपोर्ट भजनलाल पारीक राजलदेसर द्वारा संकलित की गई है।1
- मौसम का मिजाज अचानक बिगड़ गया है। घने बादलों और गरज के साथ मौसम में बदलाव देखा गया है।1
- निकटवर्ती ग्राम नावद में आवारा कुत्तों के हमले से एक नीलगाय गंभीर रूप से घायल हो गई, जो लहूलुहान स्थिति में तड़प रही थी। इस घटना की सूचना मिलते ही जन अधिकार सेना के पूर्व प्रदेश उपाध्यक्ष राजवीर सिंह मनाना, मगनपुरी गोस्वामी, पवन सेलवाड़ और डॉक्टर दीनदयाल सहित श्री श्याम गौ चिकित्सालय की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। टीम ने घायल नीलगाय को प्राथमिक उपचार दिया और उसे आगे के बेहतर इलाज के लिए चिकित्सालय रवाना किया। ग्रामीणों ने इस त्वरित और सराहनीय कार्य के लिए सभी का आभार व्यक्त किया है।1