डबरा पुलिस ने पकड़ा बावरिया गैंग , सवारी वाहनों में से चोरी करता था गहने और रुपए डबरा (ग्वालियर) मध्य प्रदेश डबरा सिटी पुलिस ने ई रिक्शा (टमटम) में महिलाओं के साथ गहने और रकम चुराने वाली गैंग को पकड़ने में सफलता प्राप्त की है ।यह गैंग मध्य प्रदेश के कई जिलों में सक्रिय है ।इसके तार राजस्थान से भी जुड़े हुए हैं और इसे वारदातों के लिए कुख्यात बावरिया गैंग का हिस्सा माना जा रहा है।पुलिस इस दिशा में भी जांच में जुटी है।टीम में 8 महिला और तीन पुरुष शामिल है।जिन्हें मुरैना ज़िले के बामौर से गिरफ़्तार किया गया है। ग्वालियर में पिछले दो महीने में ई-रिक्शा में 29 चोरी की वारदात हुई हैं। सभी वारदातों में चोरी का संदेह ई-रिक्शा में फरियादी के साथ सवार एक या दो महिलाएं रहीं हैं। गैंग में एक पुरुष साथी भी होता है, जो वारदात के बाद इनको स्पॉट से निकाल ले जाने में एक्सपर्ट होता है। डबरा शहर थाना क्षेत्र में पिछले 24 अप्रैल को फरियादी राधा कोरी ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि वह थाने वाले चौराहे से एक ई रिक्शा में बैठकर अपने मायके जा रही थी। तभी उस ऑटो में पहले से बैठी दो महिलाओं ने उसको बातों में उलझा कर उसके बेग से चांदी की करधोनी व 2 हजार रुपए चोरी कर लिए। महिला की शिकायत पर पुलिस एक्टिव हुई और आसपास के क्षेत्र में उक्त महिलाओं की तलाश शुरू की, तभी पुलिस को सूचना मिली कि दो संदिग्ध महिलाएं पिछोर तिराहा के पास देखी गई है। थाना प्रभारी संजय शर्मा ने तत्काल एक टीम को गठित कर उक्त महिलाओं को पकड़ने के लिए भेजा तो दो संदिग्ध महिलाएं पुलिस की गिरफ्त में आ गई। पूछताछ में उन्होंने अपने नाम पूनम आदिवासी व शांति आदिवासी निवासी मुरैना (बामौर) बताएं। जब पुलिस ने उनसे सख़्ती से पूछताछ की तो उन्होंने यह वारदात करना कबूल कर लिया और चोरी गया सामान भी पुलिस ने उनसे बरामद कर लिया, लेकिन मामले में अहम खुलासा तब हुआ जब पुलिस को कहीं से इनपुट मिला कि यह महिलाएं कोई साधारण चोर नहीं है, बल्कि यह एक बड़ा गिरोह चला चल रही है और इनके तार कुख्यात बाबरिया गिरोह से जुड़े हैं तो इनपुट के आधार पर थाना प्रभारी संजय शर्मा ने स्वयं उक्त दोनों महिलाओं से पूछताछ प्रारंभ की तो पहले तो महिलाओं ने पुलिस को इधर-उधर की बातों में लगाकर उलझाने का प्रयास किया, लेकिन जब सख़्ती अधिक हुई तो दोनों महिलाएं टूट गई और उन्होंने अपने गिरोह के अन्य सदस्यों के बारे में पुलिस को बता दिया। इसके बाद थाना प्रभारी ने पूरे मामले की सूचना पुलिस कप्तान धर्मवीर सिंह यादव को दी। जिसके बाद एडिशनल एसपी देहात जयराज कुबेर और एसडीओपी सौरभ कुमार के नेतृत्व में थाना प्रभारी संजय शर्मा अपने साथ प्रधान आरक्षक शिवशांत पांडे, दिनेश सिंह, आरक्षक विनोद रावत, दीपक रावत, शैलेंद्र दीक्षित, शुभम पाल की टीम को लेकर मुरैना जिले के लिए रवाना हो गए और पुलिस ने मुरैना जिले में दबिश देकर गिरोह के अन्य 9 लोगों को पकड़ा। जिनमें 3 पुरुष व 6 महिलाएं शामिल हैं। इस गैंग के तार मध्य प्रदेश के गुना ,शिवपुरी, ग्वालियर, दतिया, श्योपुर ,मुरैना, भिंड और राजस्थान से जुड़े है। इस बात की पुष्टि उक्त महिलाओं की टॉवर लोकेशन बता रही है पुलिस ने महिलाओं के मोबाइलों की सीडीआर निकाली तो यह वारदात वाले दिन कहीं ना कहीं किसी न किसी सदस्य की लोकेशन जरूर उसे एरिया में मिली है। इस पूरे मामले में सबसे मुख्य बात यह है कि मुरैना जिले के बामोर में उक्त गैंग अपना परमानेंट ठिकाना बनाकर निवास कर रही थी पर मुरैना पुलिस पूरी तरह से इस बड़ी गैंग से अनजान बनी रही और ग्वालियर पुलिस उन्हें पकड़ लाई। इस गैंग का लीडर वकील उर्फ सोनू आदिवासी निवासी बामोर और शांति देवी आदिवासी निवासी आगरा हाल निवास बामोर है। वकील ने पूरी गैंग के लिए यही घर बनाए हैं।जहां गैंग के सभी सदस्य परिवार के साथ निवास करते हैं।पकड़ी गई गैंग की सीनियर सदस्य महिला शांति देवी सारी महिलाओं को लीड करती है।यह गैंग टुकड़ों में बंटकर वारदातों को अंजाम देती है और महिलाओं को अपना निशाना बनाती है।जब भी वारदात के लिए आते हैं सारे लोग अलग-अलग जगह डिवाइड हो जाते हैं महिलाएं सदस्य वारदात को अंजाम देती है पुरुष उनके भागने में मदद करते हैं । इस गैंग के तार कुख्यात बावरिया गैंग से जुड़े माने जा रहे हैं जो उत्तर भारत का एक कुख्यात और हिंसक घुमंतू अपराधी गिरोह है। इसमें पुरुषों के साथ महिलाएं भी शामिल होती हैं जो रेकी करने और हथियार छुपाने का काम करती है।फिलहाल इन्होंने अपना पैटर्न बदला है। डबरा की सिटी पुलिस द्वारा पकड़े गए 11 सदस्यों में सभी आदिवासी हैं और घुमंतू जाति के हैं। इस बात की पुष्टि पकड़े गये गैंग के सदस्यों ने पुलिस पूछताछ में की है।पुलिस ने पकड़ी गई महिलाओं से करधोनी सहित कुछ सामान बरामद किया है।इसके साथ ही डबरा सिटी थाना प्रभारी संजय शर्मा बामोर सहित अन्य क्षेत्रों में रवाना है ताकि कुछ और बड़ा इनपुट हाथ लग सके। इस संबंध में एडिशनल एसपी देहात जयराज कुबेर का कहना है कि ई रिक्शा में वारदात करने वाली गैंग के 11 सदस्यों को गिरफ्तार किया है।जो बावरिया गिरोह से जुड़े हैं। इस गैंग के गिरफ्त में आने से ई रिक्शा में होने वाली वारदातों में अंकुश लगेगा। गैंग पूरे चंबल रीजन में सक्रिय थी और वारदात को अंजाम दे रही थी।
डबरा पुलिस ने पकड़ा बावरिया गैंग , सवारी वाहनों में से चोरी करता था गहने और रुपए डबरा (ग्वालियर) मध्य प्रदेश डबरा सिटी पुलिस ने ई रिक्शा (टमटम) में महिलाओं के साथ गहने और रकम चुराने वाली गैंग को पकड़ने में सफलता प्राप्त की है ।यह गैंग मध्य प्रदेश के कई जिलों में सक्रिय है ।इसके तार राजस्थान से भी जुड़े हुए हैं और इसे वारदातों के लिए कुख्यात बावरिया गैंग का हिस्सा माना जा रहा है।पुलिस इस दिशा में भी जांच में जुटी है।टीम में 8 महिला और तीन पुरुष शामिल है।जिन्हें मुरैना ज़िले के बामौर से गिरफ़्तार किया गया है। ग्वालियर में पिछले दो महीने में ई-रिक्शा में 29 चोरी की वारदात हुई हैं। सभी वारदातों में चोरी का संदेह ई-रिक्शा में फरियादी के साथ सवार एक या दो महिलाएं रहीं हैं। गैंग में एक पुरुष साथी भी होता है, जो वारदात के बाद इनको स्पॉट से निकाल ले जाने में एक्सपर्ट होता है। डबरा शहर थाना क्षेत्र में पिछले 24 अप्रैल को फरियादी राधा कोरी ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि वह थाने वाले चौराहे से एक ई रिक्शा में बैठकर अपने मायके जा रही थी। तभी उस ऑटो में पहले से बैठी दो महिलाओं ने उसको बातों में उलझा कर उसके बेग से चांदी की करधोनी व 2 हजार रुपए चोरी कर लिए। महिला की शिकायत पर पुलिस
एक्टिव हुई और आसपास के क्षेत्र में उक्त महिलाओं की तलाश शुरू की, तभी पुलिस को सूचना मिली कि दो संदिग्ध महिलाएं पिछोर तिराहा के पास देखी गई है। थाना प्रभारी संजय शर्मा ने तत्काल एक टीम को गठित कर उक्त महिलाओं को पकड़ने के लिए भेजा तो दो संदिग्ध महिलाएं पुलिस की गिरफ्त में आ गई। पूछताछ में उन्होंने अपने नाम पूनम आदिवासी व शांति आदिवासी निवासी मुरैना (बामौर) बताएं। जब पुलिस ने उनसे सख़्ती से पूछताछ की तो उन्होंने यह वारदात करना कबूल कर लिया और चोरी गया सामान भी पुलिस ने उनसे बरामद कर लिया, लेकिन मामले में अहम खुलासा तब हुआ जब पुलिस को कहीं से इनपुट मिला कि यह महिलाएं कोई साधारण चोर नहीं है, बल्कि यह एक बड़ा गिरोह चला चल रही है और इनके तार कुख्यात बाबरिया गिरोह से जुड़े हैं तो इनपुट के आधार पर थाना प्रभारी संजय शर्मा ने स्वयं उक्त दोनों महिलाओं से पूछताछ प्रारंभ की तो पहले तो महिलाओं ने पुलिस को इधर-उधर की बातों में लगाकर उलझाने का प्रयास किया, लेकिन जब सख़्ती अधिक हुई तो दोनों महिलाएं टूट गई और उन्होंने अपने गिरोह के अन्य सदस्यों के बारे में पुलिस को बता दिया। इसके बाद थाना प्रभारी ने पूरे मामले की सूचना पुलिस कप्तान धर्मवीर सिंह यादव को दी। जिसके बाद एडिशनल एसपी देहात जयराज कुबेर और
एसडीओपी सौरभ कुमार के नेतृत्व में थाना प्रभारी संजय शर्मा अपने साथ प्रधान आरक्षक शिवशांत पांडे, दिनेश सिंह, आरक्षक विनोद रावत, दीपक रावत, शैलेंद्र दीक्षित, शुभम पाल की टीम को लेकर मुरैना जिले के लिए रवाना हो गए और पुलिस ने मुरैना जिले में दबिश देकर गिरोह के अन्य 9 लोगों को पकड़ा। जिनमें 3 पुरुष व 6 महिलाएं शामिल हैं। इस गैंग के तार मध्य प्रदेश के गुना ,शिवपुरी, ग्वालियर, दतिया, श्योपुर ,मुरैना, भिंड और राजस्थान से जुड़े है। इस बात की पुष्टि उक्त महिलाओं की टॉवर लोकेशन बता रही है पुलिस ने महिलाओं के मोबाइलों की सीडीआर निकाली तो यह वारदात वाले दिन कहीं ना कहीं किसी न किसी सदस्य की लोकेशन जरूर उसे एरिया में मिली है। इस पूरे मामले में सबसे मुख्य बात यह है कि मुरैना जिले के बामोर में उक्त गैंग अपना परमानेंट ठिकाना बनाकर निवास कर रही थी पर मुरैना पुलिस पूरी तरह से इस बड़ी गैंग से अनजान बनी रही और ग्वालियर पुलिस उन्हें पकड़ लाई। इस गैंग का लीडर वकील उर्फ सोनू आदिवासी निवासी बामोर और शांति देवी आदिवासी निवासी आगरा हाल निवास बामोर है। वकील ने पूरी गैंग के लिए यही घर बनाए हैं।जहां गैंग के सभी सदस्य परिवार के साथ निवास करते हैं।पकड़ी गई गैंग की सीनियर सदस्य महिला शांति देवी सारी महिलाओं को लीड करती है।यह गैंग टुकड़ों में बंटकर
वारदातों को अंजाम देती है और महिलाओं को अपना निशाना बनाती है।जब भी वारदात के लिए आते हैं सारे लोग अलग-अलग जगह डिवाइड हो जाते हैं महिलाएं सदस्य वारदात को अंजाम देती है पुरुष उनके भागने में मदद करते हैं । इस गैंग के तार कुख्यात बावरिया गैंग से जुड़े माने जा रहे हैं जो उत्तर भारत का एक कुख्यात और हिंसक घुमंतू अपराधी गिरोह है। इसमें पुरुषों के साथ महिलाएं भी शामिल होती हैं जो रेकी करने और हथियार छुपाने का काम करती है।फिलहाल इन्होंने अपना पैटर्न बदला है। डबरा की सिटी पुलिस द्वारा पकड़े गए 11 सदस्यों में सभी आदिवासी हैं और घुमंतू जाति के हैं। इस बात की पुष्टि पकड़े गये गैंग के सदस्यों ने पुलिस पूछताछ में की है।पुलिस ने पकड़ी गई महिलाओं से करधोनी सहित कुछ सामान बरामद किया है।इसके साथ ही डबरा सिटी थाना प्रभारी संजय शर्मा बामोर सहित अन्य क्षेत्रों में रवाना है ताकि कुछ और बड़ा इनपुट हाथ लग सके। इस संबंध में एडिशनल एसपी देहात जयराज कुबेर का कहना है कि ई रिक्शा में वारदात करने वाली गैंग के 11 सदस्यों को गिरफ्तार किया है।जो बावरिया गिरोह से जुड़े हैं। इस गैंग के गिरफ्त में आने से ई रिक्शा में होने वाली वारदातों में अंकुश लगेगा। गैंग पूरे चंबल रीजन में सक्रिय थी और वारदात को अंजाम दे रही थी।
- इंदरगढ़ ब्रेकिंग न्यूज जीहां जिस रास्ते को दतिया जिला प्रशासन ने खाई खोद कर बंद किया था उसे अवैध रेत खनन माफियाओं ने फिर से चालू कर दिया है जिसका जीता जागता उदाहरण प्रस्तुत कर रहा हूं इस विडियो के माध्यम से यह रास्ता राजीव नगर के ठीक सामने से सिंध नदी तक जाता है दतिया जिला कलेक्टर इस ओर ध्यान आकर्षित कर कार्यवाही करे।1
- नगर इंदरगढ़ में भाजपा कार्यकर्ताओं ने मनाया जश्न, नेताओं को मिली नई जिम्मेदारियों पर बांटी मिठाइयां दतिया से जिला ब्यूरो चीफ संजीव रिछारिया की रिपोर्ट1
- 🎙️ सबसे तेज़… सबसे सटीक… ग्वालियर प्रवाह न्यूज़ 🔴 EXCLUSIVE | आस्था पर अतिक्रमण का आरोप! 📍 ग्वालियर के जनकगंज थाना क्षेत्र की जनकपुरी कॉलोनी में स्थित खाटू श्याम बाबा मंदिर एक बार फिर विवादों में… 👉 मंदिर पुजारी का गंभीर आरोप— मंदिर से लगी पेटे की जमीन पर दबंगों द्वारा जबरन कब्जा कर प्लॉटिंग की जा रही है 👉 विरोध करने पर मिल रही है जान से मारने की धमकी 👉 जनकगंज थाने में शिकायत के बावजूद अब तक कोई कार्रवाई नहीं ❗ सवाल बड़ा है— क्या आस्था की जमीन पर यूं ही चलता रहेगा कब्जा? 📢 अब देखना ये है कि प्रशासन कब लेता है एक्शन… #Gwalior #KhatuShyamMandir #Encroachment #BreakingNews #GwaliorNews #MPNews #Janakganj #GroundReport #GwaliorPravah1
- लखनऊ : हुसैनगंज के 1912 कॉल सेंटर पर स्मार्ट मीटर और गलत बिल के विरोध में उपभोक्ता प्रदर्शन करते हुए। जो उपभोक्ता वहां पर पहुंचे थे। उनका आरोप है कि मीटर तेज चल रहा है और गलत रीडिंग बता रहा है।15 -15 दिन से दौड़ रहे हैं, सही नहीं किया जा रहे हैं।1
- झांसी टायर गोदाम में लगी आग मौके पर पहुंची दमकल गाड़ियां1
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