जनपद पंचायत गंगेव ग्रामीण अंचल में स्वास्थ्य सेवाओं में एक नई क्रांति की ओर अग्रसर है, जहाँ क्षेत्रवासियों को सर्वसुविधायुक्त 50 बिस्तरीय सामुदायिक अस्पताल की ऐतिहासिक सौगात मिलने जा रही है। इस अस्पताल का निर्माण कार्य पूर्णता की ओर है और इसका भव्य शुभारंभ शीघ्र प्रस्तावित है। यह पहल 'स्वस्थ नागरिक ही समृद्ध समाज की सबसे बड़ी पूंजी है' के संकल्प के साथ जनपद पंचायत गंगेव के स्वास्थ्य, शिक्षा, सड़क, पेयजल और आधारभूत सुविधाओं के विस्तार के लिए किए जा रहे निरंतर प्रयासों का परिणाम है, जिससे यह गंगेव क्षेत्र के लिए स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में एक नई पहचान बनेगा। यह महत्वपूर्ण स्वास्थ्य परियोजना प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के "सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास" के संकल्प तथा मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने के प्रयासों को आगे बढ़ाते हुए साकार हुई है। मनगवां विधानसभा के लोकप्रिय विधायक श्री नरेंद्र प्रजापति के मार्गदर्शन एवं सहयोग तथा जनपद पंचायत गंगेव के अध्यक्ष श्री विकास तिवारी की सक्रिय पहल एवं सतत प्रयासों से यह अस्पताल आकार ले पाया है। प्रस्तावित व्यवस्था के अनुसार, यह 50 बिस्तरीय सर्वसुविधायुक्त सामुदायिक अस्पताल अत्याधुनिक चिकित्सा सुविधाओं से सुसज्जित किया जा रहा है। यहाँ एमआरआई, सीटी स्कैन, डिजिटल एक्स-रे, आधुनिक पैथोलॉजी लैब, विशेषज्ञ चिकित्सकों की सेवाएँ, आधुनिक ऑपरेशन थिएटर, आपातकालीन चिकित्सा सुविधा, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य इकाई, नवजात शिशु देखभाल इकाई, ऑक्सीजन युक्त वार्ड तथा अन्य आधुनिक चिकित्सा उपकरण एवं सेवाएँ उपलब्ध कराने की योजना है। यदि यह परियोजना नियोजित स्वरूप में पूर्ण होती है, तो इसे मध्यप्रदेश के पहले ऐसे 50 बिस्तरीय सामुदायिक अस्पताल के रूप में विकसित करने का लक्ष्य है, जहाँ एक ही परिसर में इतनी व्यापक आधुनिक चिकित्सा सुविधाएँ उपलब्ध होंगी। यह उपलब्धि गंगेव क्षेत्र के लिए गौरव का विषय होगी तथा आसपास के हजारों ग्रामीण परिवारों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएँ अपने क्षेत्र में ही प्राप्त होंगी। अस्पताल के प्रारंभ होने के बाद गंभीर बीमारियों की जाँच एवं उपचार के लिए लोगों को दूर-दराज़ के बड़े शहरों पर निर्भरता कम होगी, जिससे समय पर गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सेवाएँ स्थानीय स्तर पर उपलब्ध हो सकेंगी। जनपद पंचायत गंगेव के अध्यक्ष श्री विकास तिवारी का स्पष्ट संकल्प है कि जनपद क्षेत्र का प्रत्येक नागरिक आधुनिक स्वास्थ्य, शिक्षा, सड़क, पेयजल एवं अन्य मूलभूत सुविधाओं का लाभ अपने ही क्षेत्र में प्राप्त करे। उनका लक्ष्य है कि जनपद पंचायत गंगेव प्रदेश की अग्रणी जनपद पंचायतों में अपनी विशिष्ट पहचान स्थापित करे तथा शासन की प्रत्येक जनकल्याणकारी योजना का लाभ अंतिम पंक्ति में खड़े पात्र हितग्राही तक पारदर्शिता एवं समयबद्धता के साथ पहुँचे। श्री विकास तिवारी के नेतृत्व में जनपद पंचायत गंगेव निरंतर विकास कार्यों की समीक्षा, नई परियोजनाओं की स्वीकृति, आधारभूत सुविधाओं के विस्तार तथा ग्रामीणों की समस्याओं के समाधान के लिए सक्रिय रूप से कार्य कर रही है। जनपद पंचायत गंगेव का उद्देश्य केवल विकास कार्यों का निर्माण कराना नहीं, बल्कि ग्रामीण जीवन को सुविधासंपन्न, सुरक्षित और आत्मनिर्भर बनाना है। स्वास्थ्य, शिक्षा, पेयजल, सड़क, आवास, स्वच्छता एवं सामाजिक अधोसंरचना के क्षेत्र में निरंतर कार्य करते हुए जनपद पंचायत गंगेव ग्रामीण विकास का एक सशक्त मॉडल बनने की दिशा में आगे बढ़ रही है। उनका संकल्प है कि वे प्रत्येक पात्र हितग्राही तक शासन की योजनाओं का लाभ पहुँचाएँ, ग्रामीण क्षेत्रों में आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार करें, विकास कार्यों में गुणवत्ता, पारदर्शिता एवं समयबद्धता सुनिश्चित करें, प्रत्येक ग्राम पंचायत को आधारभूत सुविधाओं से सशक्त बनाएँ और जनपद पंचायत गंगेव को विकास, जनसेवा एवं सुशासन के क्षेत्र में प्रदेश की अग्रणी जनपद पंचायत के रूप में स्थापित करें। जनपद पंचायत गंगेव का मानना है कि "विकास हमारी प्रतिबद्धता, जनसेवा हमारी पहचान और जनता का विश्वास हमारी सबसे बड़ी ताकत" है।
जनपद पंचायत गंगेव ग्रामीण अंचल में स्वास्थ्य सेवाओं में एक नई क्रांति की ओर अग्रसर है, जहाँ क्षेत्रवासियों को सर्वसुविधायुक्त 50 बिस्तरीय सामुदायिक अस्पताल की ऐतिहासिक सौगात मिलने जा रही है। इस अस्पताल का निर्माण कार्य पूर्णता की ओर है और इसका भव्य शुभारंभ शीघ्र प्रस्तावित है। यह पहल 'स्वस्थ नागरिक ही समृद्ध समाज की सबसे बड़ी पूंजी है' के संकल्प के साथ जनपद पंचायत गंगेव के स्वास्थ्य, शिक्षा, सड़क, पेयजल और आधारभूत सुविधाओं के विस्तार के लिए किए जा रहे निरंतर प्रयासों का परिणाम है, जिससे यह गंगेव क्षेत्र के लिए स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में एक नई पहचान बनेगा। यह महत्वपूर्ण स्वास्थ्य परियोजना प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के "सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास" के संकल्प तथा मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने के प्रयासों को आगे बढ़ाते हुए साकार हुई है। मनगवां विधानसभा के लोकप्रिय विधायक श्री नरेंद्र प्रजापति के मार्गदर्शन एवं सहयोग तथा जनपद पंचायत गंगेव के अध्यक्ष श्री विकास तिवारी की सक्रिय पहल एवं सतत प्रयासों से यह अस्पताल आकार ले पाया है। प्रस्तावित व्यवस्था के अनुसार, यह 50 बिस्तरीय सर्वसुविधायुक्त सामुदायिक अस्पताल अत्याधुनिक चिकित्सा सुविधाओं से सुसज्जित किया जा रहा है। यहाँ एमआरआई, सीटी स्कैन, डिजिटल एक्स-रे, आधुनिक पैथोलॉजी लैब, विशेषज्ञ चिकित्सकों की सेवाएँ, आधुनिक ऑपरेशन थिएटर, आपातकालीन चिकित्सा सुविधा, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य इकाई, नवजात शिशु देखभाल इकाई, ऑक्सीजन युक्त वार्ड तथा अन्य आधुनिक चिकित्सा उपकरण एवं सेवाएँ उपलब्ध कराने की योजना है। यदि यह परियोजना नियोजित स्वरूप में पूर्ण होती है, तो इसे मध्यप्रदेश के पहले ऐसे 50 बिस्तरीय सामुदायिक अस्पताल के रूप में विकसित करने का लक्ष्य है, जहाँ एक ही परिसर में इतनी व्यापक आधुनिक चिकित्सा सुविधाएँ उपलब्ध होंगी। यह उपलब्धि गंगेव क्षेत्र के लिए गौरव का विषय होगी तथा आसपास के हजारों ग्रामीण परिवारों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएँ अपने क्षेत्र में ही प्राप्त होंगी। अस्पताल के प्रारंभ होने के बाद गंभीर बीमारियों की जाँच एवं उपचार के लिए लोगों को दूर-दराज़ के बड़े शहरों पर निर्भरता कम होगी, जिससे समय पर गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा सेवाएँ स्थानीय स्तर पर उपलब्ध हो सकेंगी। जनपद पंचायत गंगेव के अध्यक्ष श्री विकास तिवारी का स्पष्ट संकल्प है कि जनपद क्षेत्र का प्रत्येक नागरिक आधुनिक स्वास्थ्य, शिक्षा, सड़क, पेयजल एवं अन्य मूलभूत सुविधाओं का लाभ अपने ही क्षेत्र में प्राप्त करे। उनका लक्ष्य है कि जनपद पंचायत गंगेव प्रदेश की अग्रणी जनपद पंचायतों में अपनी विशिष्ट पहचान स्थापित करे तथा शासन की प्रत्येक जनकल्याणकारी योजना का लाभ अंतिम पंक्ति में खड़े पात्र हितग्राही तक पारदर्शिता एवं समयबद्धता के साथ पहुँचे। श्री विकास तिवारी के नेतृत्व में जनपद पंचायत गंगेव निरंतर विकास कार्यों की समीक्षा, नई परियोजनाओं की स्वीकृति, आधारभूत सुविधाओं के विस्तार तथा ग्रामीणों की समस्याओं के समाधान के लिए सक्रिय रूप से कार्य कर रही है। जनपद पंचायत गंगेव का उद्देश्य केवल विकास कार्यों का निर्माण कराना नहीं, बल्कि ग्रामीण जीवन को सुविधासंपन्न, सुरक्षित और आत्मनिर्भर बनाना है। स्वास्थ्य, शिक्षा, पेयजल, सड़क, आवास, स्वच्छता एवं सामाजिक अधोसंरचना के क्षेत्र में निरंतर कार्य करते हुए जनपद पंचायत गंगेव ग्रामीण विकास का एक सशक्त मॉडल बनने की दिशा में आगे बढ़ रही है। उनका संकल्प है कि वे प्रत्येक पात्र हितग्राही तक शासन की योजनाओं का लाभ पहुँचाएँ, ग्रामीण क्षेत्रों में आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार करें, विकास कार्यों में गुणवत्ता, पारदर्शिता एवं समयबद्धता सुनिश्चित करें, प्रत्येक ग्राम पंचायत को आधारभूत सुविधाओं से सशक्त बनाएँ और जनपद पंचायत गंगेव को विकास, जनसेवा एवं सुशासन के क्षेत्र में प्रदेश की अग्रणी जनपद पंचायत के रूप में स्थापित करें। जनपद पंचायत गंगेव का मानना है कि "विकास हमारी प्रतिबद्धता, जनसेवा हमारी पहचान और जनता का विश्वास हमारी सबसे बड़ी ताकत" है।
- रीवा नगर निगम में एक महिला पार्षद ने शहर में हुई पहली बारिश के बाद की स्थिति को देखकर नाराजगी जताई है। इस घटनाक्रम में, उन्होंने महापौर और नगर निगम आयुक्त को चूड़ियां भेंट कीं, जो शहर के मौजूदा हालातों पर उनकी गहरी चिंता और प्रतीकात्मक विरोध को दर्शाता है।1
- सेमरिया विधानसभा क्षेत्र के सिरमौर जनपद पंचायत के अंतर्गत आने वाले ग्राम भड़रिया में पिछले तीन साल से सड़क न बनने के कारण ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। किसानों द्वारा अपनी निजी भूमि सरकार को सौंपने के बावजूद, गांव तक सड़क का निर्माण अभी तक नहीं हो पाया है, जिसका गंभीर परिणाम दो मौतों के रूप में सामने आया है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि सेमरिया विधायक द्वारा विधायक निधि से सड़क निर्माण के लिए राशि स्वीकृत की गई थी, लेकिन तीन वर्ष बीत जाने के बाद भी कार्य शुरू नहीं हो सका है। बरसात के मौसम में गांव का संपर्क मुख्य मार्ग से पूरी तरह कट जाता है, जिससे न तो कोई निजी वाहन और न ही एंबुलेंस गांव तक पहुंच पाती है। गांव के युवा शुभम द्विवेदी ने बताया कि कुछ वर्ष पूर्व आकाशीय बिजली गिरने से प्रजापति परिवार के दो बच्चों की समय पर उपचार न मिलने के कारण मौत हो गई थी, और एक अन्य बच्चा गंभीर हालत में अस्पताल ले जाया गया था। शुभम द्विवेदी ने अफसोस जताते हुए कहा कि, "यदि गांव तक पक्की सड़क होती तो शायद उन बच्चों की जान बचाई जा सकती थी।" भड़रिया के ग्रामीणों ने अब शासन, प्रशासन और जनप्रतिनिधियों से मांग की है कि मुख्य मार्ग से भड़रिया गांव को जोड़ने वाली सड़क का पीसीसी कार्य अविलंब शुरू किया जाए। शुभम द्विवेदी के नेतृत्व में समस्त ग्रामवासियों ने कड़ी चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र सड़क निर्माण शुरू नहीं किया गया, तो वे धरना प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे, जिसकी पूरी जिम्मेदारी शासन, प्रशासन और जनप्रतिनिधियों की होगी।1
- मध्य प्रदेश जनसंपर्क ने भोपाल, रीवा, जबलपुर, उज्जैन, इंदौर और अनूपपुर सहित राज्य के विभिन्न जिलों से संबंधित खबरें जारी की हैं। इन जनसंपर्क खबरों में भोपाल और रीवा के साथ-साथ अन्य सभी जिलों से जुड़ी सूचनाएं शामिल हैं।1
- मध्य प्रदेश में सरकारी विभागों में लाखों पद रिक्त होने के बावजूद केवल आंतरिक पदोन्नति (प्रमोशन) की प्रक्रिया जारी होने पर गंभीर चिंता व्यक्त की गई है। समाचार पत्रों में प्रकाशित खबरों का हवाला देते हुए कहा गया है कि यह स्थिति युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ है और राज्य में नई नियुक्तियों की धीमी गति पर सवाल उठाए गए हैं। यह बताया गया है कि आंतरिक पदोन्नति से निचले स्तर पर बड़ी संख्या में पद खाली हो जाएंगे। यदि इन रिक्त पदों पर नई भर्तियां नहीं की गईं, तो सरकारी कार्यालयों में कर्मचारियों की कमी और बढ़ेगी, जिससे कामकाज और जनता को मिलने वाली सेवाओं पर सीधा असर पड़ेगा। प्रदेश में वर्षों से लाखों पद रिक्त पड़े हैं, जबकि नई नियुक्तियों की गति बेहद धीमी है और कर्मचारी लगातार सेवानिवृत्त हो रहे हैं। कई सरकारी कार्यालय अब आउटसोर्स कर्मचारियों के भरोसे चल रहे हैं, जिससे दक्षता प्रभावित हो रही है। इसका सबसे अधिक नुकसान मध्य प्रदेश के लाखों योग्य युवाओं को हो रहा है, जो वर्षों से स्थायी रोजगार के अवसरों की तलाश में हैं। आरोप लगाया गया है कि चुनाव के दौरान बड़े-बड़े रोजगार के वादे किए जाते हैं, लेकिन युवाओं को केवल घोषणाओं की नहीं, बल्कि वास्तविक नियुक्तियों की आवश्यकता है। इस गंभीर स्थिति को देखते हुए, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव जी से आग्रह किया गया है कि वे सभी विभागों में रिक्त पदों का पारदर्शी आकलन कराकर शीघ्र ही नियमित भर्ती प्रक्रिया शुरू करें। स्पष्ट किया गया है कि केवल पदोन्नति से व्यवस्था नहीं चल सकती, नई नियुक्तियाँ भी उतनी ही आवश्यक हैं। ऐसा करने से युवाओं को रोजगार मिलेगा, सरकारी कार्यालयों की कार्यक्षमता बढ़ेगी और प्रदेश का विकास भी तेजी से होगा। इस पूरे मामले पर सवाल उठाया गया है कि 'युवाओं को अधिकार चाहिए, केवल आश्वासन नहीं', और 'मध्य प्रदेश में रिक्त पदों पर भर्ती कब होगी', यह सवाल प्रदेश का युवा लगातार पूछ रहा है।1
- रेवा-मऊगंज इलाके को एमडी ड्रग्स का अड्डा बताया गया है, जहाँ से हाल ही में 10 करोड़ रुपये की एमडी ड्रग्स की एक बड़ी खेप जब्त की गई है। इस महत्वपूर्ण कार्रवाई के परिणामस्वरूप, एक बड़े ड्रग नेटवर्क का पर्दाफाश हुआ है।1
- रीवा के चिरहुला मंदिर में राष्ट्रीय बजरंग दल द्वारा अंतर्राष्ट्रीय हिंदू दिवस का आयोजन किया गया। इस अवसर पर एक भंडारे का भी आयोजन किया गया।2
- अपनी शानदार कार्यशैली के लिए खासे चर्चित रीवा संभाग के पुलिस महानिरीक्षक (IG) गौरव राजपूत से एक महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त की जा सकती है। उनसे सीधे पूरी जानकारी सुनने का अवसर मिलेगा।1
- मैहर के पास NH-30 पर एक भीषण सड़क हादसे में 5 लोगों की जान चली गई है। इस दर्दनाक दुर्घटना के पीछे एक खड़े ट्रक और सड़क की खस्ताहाल स्थिति को मुख्य कारण बताया जा रहा है। इस घटना ने राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) की कार्यप्रणाली और सड़क रखरखाव को लेकर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।1