भरतपुर शहर में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए दो पटवारियों को 30 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। यह ट्रैप कार्रवाई चौबुर्जा के पास एसीबी की टीम द्वारा अंजाम दी गई। पकड़े गए आरोपियों की पहचान प्रदीप सिंह और दिगंबर सिंह के रूप में हुई है, जो भू-प्रबंधन (सेटलमेंट) विभाग में तैनात हैं। एसीबी के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अमित सिंह के नेतृत्व में की गई यह कार्रवाई एक परिवादी की शिकायत के बाद हुई। शिकायतकर्ता का आरोप था कि उसकी कृषि भूमि का सीमाज्ञान और निशानदेही करने के बदले में ये दोनों पटवारी रिश्वत की मांग कर रहे थे। शुरुआती तौर पर आरोपियों ने 50 हजार रुपये मांगे थे, जो बाद में 30 हजार रुपये में तय हुए। शिकायत के सत्यापन के बाद एसीबी ने जाल बिछाया और दोनों को रंगे हाथों पकड़ लिया। फिलहाल एसीबी दोनों आरोपियों से पूछताछ कर रही है और मामले में आगामी कार्रवाई जारी है।
भरतपुर शहर में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए दो पटवारियों को 30 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। यह ट्रैप कार्रवाई चौबुर्जा के पास एसीबी की टीम द्वारा अंजाम दी गई। पकड़े गए आरोपियों की पहचान प्रदीप सिंह और दिगंबर सिंह के रूप में हुई है, जो भू-प्रबंधन (सेटलमेंट) विभाग में तैनात हैं। एसीबी के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अमित सिंह के नेतृत्व में की गई यह कार्रवाई एक परिवादी की शिकायत के बाद हुई। शिकायतकर्ता का आरोप था कि उसकी कृषि भूमि का सीमाज्ञान और निशानदेही करने के बदले में ये दोनों पटवारी रिश्वत की मांग कर रहे थे। शुरुआती तौर पर आरोपियों ने 50 हजार रुपये मांगे थे, जो बाद में 30 हजार रुपये में तय हुए। शिकायत के सत्यापन के बाद एसीबी ने जाल बिछाया और दोनों को रंगे हाथों पकड़ लिया। फिलहाल एसीबी दोनों आरोपियों से पूछताछ कर रही है और मामले में आगामी कार्रवाई जारी है।
- राजस्थान के धौलपुर जिले के सपऊ क्षेत्र स्थित ग्राम पंचायत टेहला में राज्य सरकार के ग्रामीण सेवा शिविर अभियान के तहत एक विशेष शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में 22 विभागों के अधिकारियों और कर्मचारियों ने एक ही छत के नीचे उपस्थित होकर आमजन की समस्याओं का मौके पर समाधान किया। संभागीय आयुक्त शक्ति सिंह ने शिविर का निरीक्षण किया और विभिन्न विभागों के स्टॉलों का अवलोकन कर दी जा रही सेवाओं की जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों को शिविर में आने वाले प्रत्येक व्यक्ति की समस्या का समाधान संवेदनशीलता और प्राथमिकता के आधार पर करने के स्पष्ट निर्देश दिए। शिविर के दौरान पात्र लाभार्थियों को गृह स्वामित्व के पट्टे वितरित किए गए। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा गर्भवती महिलाओं की गोद भराई की रस्म पूरी कराई गई और बच्चों का जन्मदिन मनाकर मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता का संदेश दिया गया। शिविर में चिकित्सा, पशुपालन, कृषि, जलदाय, बिजली, वन, आयुर्वेद, राजीविका, राजस्थान पथ परिवहन निगम, जल जीवन मिशन और महिला एवं बाल विकास विभाग सहित विभिन्न विभागों ने अपने स्टॉल लगाए थे। कार्यक्रम में तहसीलदार अशोक कुमार, नायब तहसीलदार रामचंद्र भंवरिया, विकास अधिकारी भंवरलाल सिंघाड़िया, सहायक विकास अधिकारी नंदकिशोर टाक, ब्लॉक मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. राजेंद्र चौधरी, प्रशासक धनाराम लांच, राजस्व निरीक्षक छोटाराम गोदारा, पटवारी राकेश गुर्जर, रिछपाल हरडू और महिपाल चौयल सहित संबंधित विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। विकास अधिकारी भंवरलाल सिंघाड़िया ने बताया कि एक ही स्थान पर सभी सेवाएं उपलब्ध होने से जरूरतमंदों की समस्याओं का त्वरित निस्तारण संभव हो सका है और पात्र लोगों तक योजनाओं का लाभ पहुँचाया गया है।2
- भरतपुर के रूपवास क्षेत्र के गांव जटमासी में स्थित राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय के प्रधानाचार्य का स्थानांतरण किए जाने के विरोध में सैकड़ों ग्रामीणों और छात्र-छात्राओं ने विद्यालय गेट पर ताला लगाकर धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया। ग्रामीणों और छात्रों का यह प्रदर्शन करीब तीन घंटे तक जारी रहा, जिसके बाद सीबीईओ (CBEO) के आश्वासन मिलने पर इस प्रदर्शन को समाप्त किया गया।1
- औरैया के जिलाधिकारी बृजेश कुमार ने जनसुनवाई (जनता दर्शन) के दौरान एक दिव्यांग बालिका दीपिका की समस्या सुनकर तुरंत नई ट्राई-साइकिल उपलब्ध करा दी है। अजीतमल ब्लॉक के नबले का पूर्वा की रहने वाली दीपिका अपने घर से करीब 2 किलोमीटर दूर स्थित स्कूल जाने के लिए परेशान थी। उसकी पढ़ाई के प्रति लगन देखकर जिलाधिकारी का दिल पिघल गया और उन्होंने मौके पर ही पूरी प्रक्रिया करवाकर मदद मुहैया करा दी। इस मामले में दीपिका के पिता जितेंद्र कुमार ने जिलाधिकारी से मदद की गुहार लगाई थी, जिसके बाद जिलाधिकारी ने खुद परीक्षण कराया और बालिका को ट्राई-साइकिल सौंप दी। इस दौरान जिलाधिकारी ने कहा कि पात्र दिव्यांगजनों को सरकारी योजनाओं का लाभ समय पर मिलना चाहिए और यह उनकी प्राथमिकता है। इस त्वरित मदद पर दीपिका और उसके परिवार ने जिलाधिकारी के प्रति अपना आभार जताया है। अब इस घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है, जिसमें जिलाधिकारी और अन्य अधिकारी दीपिका को ट्राई-साइकिल देते हुए दिखाई दे रहे हैं। इसे अच्छे प्रशासन और मानवीय संवेदनशीलता की एक बड़ी मिसाल माना जा रहा है, क्योंकि ऐसी छोटी-छोटी और त्वरित मदद से आम लोगों का विश्वास व्यवस्था में बढ़ता है। ऐसे संवेदनशील जिलाधिकारी बृजेश कुमार को सलाम!1
- आगरा पहुंचे कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव और पूर्व उपमुख्यमंत्री सचिन पायलट ने राम मंदिर चढ़ावा मामले को लेकर केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार पर तीखे सवाल उठाए हैं। उन्होंने सरकार और जांच एजेंसियों पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि SIT केवल छोटे लोगों पर एक्शन ले रही है, जबकि बड़े लोग इस मामले में बच रहे हैं। इस पूरे विवाद को लेकर सचिन पायलट ने मामले की निष्पक्ष जांच कराने और राम मंदिर ट्रस्ट को तत्काल भंग करने की मांग उठाई है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि पूरे प्रकरण की जांच सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में कराई जानी चाहिए। हालांकि, सचिन पायलट के इन आरोपों पर संबंधित पक्ष की ओर से तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।1
- आगरा दौरे पर पहुंचे कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव और राजस्थान के पूर्व डिप्टी सीएम सचिन पायलट ने राम मंदिर चंदा और कथित जमीन घोटाले को लेकर केंद्र और प्रदेश सरकार पर बड़ा हमला बोला है। सरकार को घेरते हुए उन्होंने इस पूरे मामले की सुप्रीम कोर्ट के सिटिंग जज से जांच कराने की मांग की है। इसके साथ ही सचिन पायलट ने मंदिर समिति को भंग करने और इस मामले में जिम्मेदार लोगों पर सख्त कार्रवाई करने की भी पुरजोर मांग की है।1
- भरतपुर की अनिरुद्ध नगर कॉलोनी निवासी अजीत सिंह चाहर के पुत्र और एयरफोर्स में सीपीएल आकाश चाहर ड्यूटी के दौरान हार्ट अटैक आने से शहीद हो गए। वह आगरा एयरफोर्स में तैनात थे। शहीद आकाश चाहर का अंतिम संस्कार नई मंडी मोक्षधाम में गमगीन माहौल के बीच सैन्य सम्मान के साथ किया गया। इस दौरान एयरफोर्स के अधिकारियों व जवानों सहित बड़ी संख्या में मौजूद लोगों ने शहीद आकाश चाहर को भावभीनी श्रद्धांजलि दी।1
- भरतपुर में भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने गुरुवार को बड़ी कार्रवाई करते हुए भू-प्रबंध विभाग में तैनात दो पटवारियों को रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपियों की पहचान प्रदीप सिंह और दिगंबर सिंह के रूप में हुई है। ये दोनों आरोपी पटवारी एक परिवादी से भूमि के सीमांकन के एवज में 50 हजार रुपये की रिश्वत की मांग कर रहे थे। एसीबी ने जाल बिछाकर दोनों को 30 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए धर दबोचा। पकड़े जाने के बाद आरोपियों के सिर कैमरे के सामने झुके हुए नजर आए।1