बेमेतरा जिले के देवरबीजा चौकी अंतर्गत आबादीपारा निवासी रोमन पाण्डेय (36) ने 30 जून 2026 को एक रिपोर्ट दर्ज कराई, जिसमें उन्होंने बताया कि 29 जून 2026 की शाम मंदिर की पूजा के बाद वे अन्नपूर्णा कृषि केंद्र देवरबीजा के पास बैठे थे। तभी रात करीब 8:30 बजे कोदवा की तरफ से तेज गति से आ रही एक पिकअप को उन्होंने रोका। वाहन (क्रमांक सीजी-09-जे.टी.-6387) के डाले में 5 बछड़े निर्दयतापूर्वक ठूंस-ठूंसकर भरे हुए थे, जिन्हें न चारा दिया गया था और न पानी, जिससे वे भूखे-प्यासे शारीरिक पीड़ा और यातना झेल रहे थे। पिकअप के अंदर बैठे चार लोगों से पूछताछ करने पर गौवंश मालिक ने अपना नाम बलराम वर्मा, ग्राम दैहानडीह, थाना सहसपुर लोहारा, जिला कबीरधाम बताया। अन्य तीन लोगों ने अपने नाम होम सिंह वर्मा (आमगांव स. लोहारा), घुर सिंह वर्मा और राजेंद्र वर्मा (दोनों ग्राम दैहानडीह स. लोहारा, जिला कबीरधाम से) बताए। ये सभी गौवंश को कत्ल करने के लिए कत्लखाना ले जा रहे थे। आरोपियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ कृषक पशु परीक्षण अधिनियम 2004 की धारा 4, 6, 10 और पशुओं के प्रति क्रूरता का निवारण अधिनियम 1960 की धारा 11 (क) (घ) के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना शुरू की गई। घटना की सूचना वरिष्ठ अधिकारियों को दिए जाने पर पुलिस उप महानिरीक्षक (DIG) श्री रामकृष्ण साहू (भा.पु.से.) ने तत्काल आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। इसके बाद अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री हरीश कुमार यादव एवं एसडीओपी बेमेतरा श्री भूषण एक्का के मार्गदर्शन में चौकी प्रभारी देवरबीजा उप निरीक्षक योगेश अग्रवाल को चौकी स्टाफ के साथ अपराध विवेचना हेतु लगाया गया। विवेचना के दौरान 5 बछड़ों और घटना में प्रयुक्त पिकअप वाहन क्रमांक सीजी-09-जे.टी.-6387 को जब्त किया गया। इस प्रकरण में सभी चारों आरोपी बलराम वर्मा (49, निवासी ग्राम दैहहानडीह), होम सिंह वर्मा (45, निवासी आमगांव), घुर सिंह वर्मा (30, निवासी ग्राम दैहानडीह) और राजेंद्र वर्मा (52, निवासी ग्राम दैहानडीह) को 30 जून 2026 को विधिवत गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय में न्यायिक रिमांड पर प्रस्तुत किया गया। इस पूरी कार्रवाई में चौकी प्रभारी देवरबीजा उप निरीक्षक योगेश अग्रवाल, प्रधान आरक्षक नंदलाल चतुर्वेदी, नरेंद्र ठाकुर, अवधेश सिंह, आरक्षक मुकेश सिंह, रवि साहू, छोटूराम टेम्बुकर, पुरुषोत्तम पटेल, साबित गोयल और चौकी के समस्त स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
बेमेतरा जिले के देवरबीजा चौकी अंतर्गत आबादीपारा निवासी रोमन पाण्डेय (36) ने 30 जून 2026 को एक रिपोर्ट दर्ज कराई, जिसमें उन्होंने बताया कि 29 जून 2026 की शाम मंदिर की पूजा के बाद वे अन्नपूर्णा कृषि केंद्र देवरबीजा के पास बैठे थे। तभी रात करीब 8:30 बजे कोदवा की तरफ से तेज गति से आ रही एक पिकअप को उन्होंने रोका। वाहन (क्रमांक सीजी-09-जे.टी.-6387) के डाले में 5 बछड़े निर्दयतापूर्वक ठूंस-ठूंसकर भरे हुए थे, जिन्हें न चारा दिया गया था और न पानी, जिससे वे भूखे-प्यासे शारीरिक पीड़ा और यातना झेल रहे थे। पिकअप के अंदर बैठे चार लोगों से पूछताछ करने पर गौवंश मालिक ने अपना नाम बलराम वर्मा, ग्राम दैहानडीह, थाना सहसपुर लोहारा, जिला कबीरधाम बताया। अन्य तीन लोगों ने अपने नाम होम सिंह वर्मा (आमगांव स. लोहारा), घुर सिंह वर्मा और राजेंद्र वर्मा (दोनों ग्राम दैहानडीह स. लोहारा, जिला कबीरधाम से) बताए। ये सभी गौवंश को कत्ल करने के लिए कत्लखाना ले जा रहे थे। आरोपियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ कृषक पशु परीक्षण अधिनियम 2004 की धारा 4, 6, 10 और पशुओं के प्रति क्रूरता का निवारण अधिनियम 1960 की धारा 11 (क) (घ) के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना शुरू की गई। घटना की सूचना वरिष्ठ अधिकारियों को दिए जाने पर पुलिस उप महानिरीक्षक (DIG) श्री रामकृष्ण साहू (भा.पु.से.) ने तत्काल आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। इसके बाद अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री हरीश कुमार यादव एवं एसडीओपी बेमेतरा श्री भूषण एक्का के मार्गदर्शन में चौकी प्रभारी देवरबीजा उप निरीक्षक योगेश अग्रवाल को चौकी स्टाफ के साथ अपराध विवेचना हेतु लगाया गया। विवेचना के दौरान 5 बछड़ों और घटना में प्रयुक्त पिकअप वाहन क्रमांक सीजी-09-जे.टी.-6387 को जब्त किया गया। इस प्रकरण में सभी चारों आरोपी बलराम वर्मा (49, निवासी ग्राम दैहहानडीह), होम सिंह वर्मा (45, निवासी आमगांव), घुर सिंह वर्मा (30, निवासी ग्राम दैहानडीह) और राजेंद्र वर्मा (52, निवासी ग्राम दैहानडीह) को 30 जून 2026 को विधिवत गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय में न्यायिक रिमांड पर प्रस्तुत किया गया। इस पूरी कार्रवाई में चौकी प्रभारी देवरबीजा उप निरीक्षक योगेश अग्रवाल, प्रधान आरक्षक नंदलाल चतुर्वेदी, नरेंद्र ठाकुर, अवधेश सिंह, आरक्षक मुकेश सिंह, रवि साहू, छोटूराम टेम्बुकर, पुरुषोत्तम पटेल, साबित गोयल और चौकी के समस्त स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
- बेमेतरा जिले के देवरबीजा चौकी अंतर्गत आबादीपारा निवासी रोमन पाण्डेय (36) ने 30 जून 2026 को एक रिपोर्ट दर्ज कराई, जिसमें उन्होंने बताया कि 29 जून 2026 की शाम मंदिर की पूजा के बाद वे अन्नपूर्णा कृषि केंद्र देवरबीजा के पास बैठे थे। तभी रात करीब 8:30 बजे कोदवा की तरफ से तेज गति से आ रही एक पिकअप को उन्होंने रोका। वाहन (क्रमांक सीजी-09-जे.टी.-6387) के डाले में 5 बछड़े निर्दयतापूर्वक ठूंस-ठूंसकर भरे हुए थे, जिन्हें न चारा दिया गया था और न पानी, जिससे वे भूखे-प्यासे शारीरिक पीड़ा और यातना झेल रहे थे। पिकअप के अंदर बैठे चार लोगों से पूछताछ करने पर गौवंश मालिक ने अपना नाम बलराम वर्मा, ग्राम दैहानडीह, थाना सहसपुर लोहारा, जिला कबीरधाम बताया। अन्य तीन लोगों ने अपने नाम होम सिंह वर्मा (आमगांव स. लोहारा), घुर सिंह वर्मा और राजेंद्र वर्मा (दोनों ग्राम दैहानडीह स. लोहारा, जिला कबीरधाम से) बताए। ये सभी गौवंश को कत्ल करने के लिए कत्लखाना ले जा रहे थे। आरोपियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ कृषक पशु परीक्षण अधिनियम 2004 की धारा 4, 6, 10 और पशुओं के प्रति क्रूरता का निवारण अधिनियम 1960 की धारा 11 (क) (घ) के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना शुरू की गई। घटना की सूचना वरिष्ठ अधिकारियों को दिए जाने पर पुलिस उप महानिरीक्षक (DIG) श्री रामकृष्ण साहू (भा.पु.से.) ने तत्काल आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए। इसके बाद अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री हरीश कुमार यादव एवं एसडीओपी बेमेतरा श्री भूषण एक्का के मार्गदर्शन में चौकी प्रभारी देवरबीजा उप निरीक्षक योगेश अग्रवाल को चौकी स्टाफ के साथ अपराध विवेचना हेतु लगाया गया। विवेचना के दौरान 5 बछड़ों और घटना में प्रयुक्त पिकअप वाहन क्रमांक सीजी-09-जे.टी.-6387 को जब्त किया गया। इस प्रकरण में सभी चारों आरोपी बलराम वर्मा (49, निवासी ग्राम दैहहानडीह), होम सिंह वर्मा (45, निवासी आमगांव), घुर सिंह वर्मा (30, निवासी ग्राम दैहानडीह) और राजेंद्र वर्मा (52, निवासी ग्राम दैहानडीह) को 30 जून 2026 को विधिवत गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय में न्यायिक रिमांड पर प्रस्तुत किया गया। इस पूरी कार्रवाई में चौकी प्रभारी देवरबीजा उप निरीक्षक योगेश अग्रवाल, प्रधान आरक्षक नंदलाल चतुर्वेदी, नरेंद्र ठाकुर, अवधेश सिंह, आरक्षक मुकेश सिंह, रवि साहू, छोटूराम टेम्बुकर, पुरुषोत्तम पटेल, साबित गोयल और चौकी के समस्त स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही।1
- गरियाबंद पुलिस ने अवैध गांजा तस्करी के खिलाफ एक बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने चार अलग-अलग मामलों में कुल 81.374 किलोग्राम गांजा जब्त किया है, जिसकी अनुमानित बाजार कीमत 40 लाख रुपये से अधिक बताई जा रही है। इस कार्रवाई के दौरान, पुलिस ने नौ आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। इसके अतिरिक्त, अभियान में दो कार, दो मोटरसाइकिल और तेरह मोबाइल फोन भी जब्त किए गए। यह संयुक्त कार्रवाई देवभोग, इंदागांव और पायलीखंड थाना पुलिस द्वारा मिलकर अंजाम दी गई। अब गरियाबंद पुलिस इस पूरे तस्करी नेटवर्क की विस्तृत जांच में जुटी हुई है।1
- छत्तीसगढ़ में चॉइस सेंटरों की आड़ में आधार आधारित बैंकिंग सेवाओं के जरिए धोखाधड़ी के गंभीर आरोप सामने आए हैं। कुछ लोगों का दावा है कि आधार के माध्यम से पैसे निकालते समय उनसे कई बार फिंगरप्रिंट लिए गए, जिसके कारण उनके लेनदेन में गड़बड़ी हुई। इन पीड़ितों ने इस मामले में शिकायत दर्ज कराते हुए तत्काल कार्रवाई की मांग की है। इस तरह की धोखाधड़ी से बचने के लिए, आधार के जरिए पैसे निकालने वाले सभी उपयोगकर्ताओं को सलाह दी गई है कि वे प्रत्येक ट्रांजैक्शन की रसीद अवश्य लें, SMS अलर्ट पर ध्यान दें, और किसी भी प्रकार की अनियमितता या गड़बड़ी पाए जाने पर तुरंत बैंक और पुलिस में शिकायत करें।1
- नकटी गांव में गरीब और असहाय लोग गहरे दर्द में डूबे हुए हैं। वहां की स्थिति इतनी दयनीय है कि लोग अपनी पीड़ा में रोते-बिलखते देखे जा सकते हैं, जो उनकी असहनीय असहायता को उजागर करता है।1
- कबीरधाम जिले की पेंड्रा ग्राम पंचायत में हुए एक ढलाई कार्य की गुणवत्ता पर स्थानीय लोगों द्वारा गंभीर सवाल उठाए जा रहे हैं। पोस्ट में इस ढलाई कार्य को देखकर इसकी गुणवत्ता पर सवाल खड़े किए गए हैं, जिसमें पूछा गया है कि ऐसी ढलाई कौन करता है और यह कितने दिन तक चलेगी। यह चिंता जाहिर की गई है कि काम की खराब गुणवत्ता के कारण यह ज्यादा समय तक टिक नहीं पाएगा।1
- खैरागढ़ छुईखदान गंडई जिले के गंडई क्षेत्र में 1 जुलाई, बुधवार को सुबह 6 बजे से शुरू हुई बारिश का सिलसिला रात करीब 9 बजे तक लगातार जारी रहा। दिनभर आसमान घने बादलों से ढका रहा और रुक-रुक कर तेज बारिश होती रही, जिससे पूरे क्षेत्र का मौसम सुहावना बना रहा। इस लगातार बारिश से लोगों को उमस और गर्मी से बड़ी राहत मिली है। वहीं, खेतों में पर्याप्त नमी पहुंचने से किसानों के चेहरे खिल उठे हैं और खरीफ फसलों की बुआई सहित कृषि कार्यों में तेजी आई है। इसके साथ ही, कई ग्रामीण क्षेत्रों में निचले स्थानों पर पानी भरने की स्थिति भी देखने को मिली। मौसम विभाग के अनुसार, केसीजी जिले में मानसून पूरी तरह सक्रिय बना हुआ है। विभाग ने जिले में गरज-चमक के साथ मध्यम से भारी बारिश की संभावना जताई है और आकाशीय बिजली गिरने तथा तेज हवाएं चलने की आशंका को देखते हुए येलो अलर्ट जारी किया है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि आगामी दिनों में भी क्षेत्र में बारिश का दौर जारी रह सकता है। प्रशासन ने नागरिकों से खराब मौसम के दौरान सावधानी बरतने और आकाशीय बिजली की चेतावनी को गंभीरता से लेने की अपील की है।1
- पूर्व विधानसभा अध्यक्ष एवं बिल्हा विधायक धरमलाल कौशिक ने नगर पंचायत सरगाँव की नवनिर्वाचित उपाध्यक्ष पूजा कमल कौशिक को उनकी जीत पर बधाई और शुभकामनाएं दीं। यह जानकारी बुधवार शाम 6:46 बजे बिल्हा विधायक धरमलाल कौशिक के निज सचिव द्वारा जारी प्रेस विज्ञप्ति से मिली। पूजा कमल कौशिक नगर पंचायत सरगाँव में भाजपा प्रत्याशी के तौर पर उपाध्यक्ष पद पर निर्वाचित हुई हैं। इस अवसर पर श्री कौशिक ने ईश्वर से पूजा कमल कौशिक के सफल, यशस्वी और उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए कहा कि जनता जिन उम्मीदों के साथ जनादेश देती है, उन पर पूरी निष्ठा से काम करना सभी निर्वाचित प्रतिनिधियों का कर्तव्य है। उन्होंने आशा व्यक्त की कि नवनिर्वाचित उपाध्यक्ष पूजा कमल का नेतृत्व, समर्पण और जन सेवा का भाव नगर पंचायत सरगाँव में विकास, सुशासन और जनकल्याण के नए आयाम स्थापित करेगा। श्री कौशिक ने आगे कहा कि "ट्रिपल इंजन" सरकार बनने के साथ ही निकायों के अंतर्गत सभी पंचायतों में समुचित विकास लगातार हो रहा है। उन्होंने सभी की सहभागिता से गाँव से लेकर शहर तक विकास की गंगा बहाने की बात कही। उन्होंने यह भी बताया कि विष्णु देव साय सरकार के नेतृत्व में नगर पंचायत सरगाँव के चहुंमुखी विकास के लिए हरसंभव सहयोग दिया जाएगा। इसके साथ ही, उन्होंने सरगाँव नगर पंचायत को स्वच्छ और सुंदर बनाने पर विशेष जोर देते हुए कहा कि इस कार्य के लिए सभी को मिलकर काम करना होगा।1
- बेमेतरा जिले के खम्हरिया थाना क्षेत्र में पुलिस टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए सोने की चेन लूटने और लूटी गई संपत्ति खरीदने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने लगभग 3 तोला 20 मिलीग्राम वजनी सोने की चेन बरामद की है, जिसकी कीमत करीब 3,60,000/- रुपये बताई जा रही है। यह मामला तब सामने आया जब गढ़ुवा निवासी 70 वर्षीय प्रार्थीया पार्वती लोधी ने 01.07.2026 को शिकायत दर्ज कराई। उन्होंने बताया कि 30.06.2026 को दोपहर 12 बजे जब वह अपने घर के बाड़ी में बोर चालू करके नहा रही थीं, तभी गांव का भुलउ नाउ उनके घर में घुसकर हाथ धोने के लिए पानी मांगने लगा। पानी देने के बाद उसने कोई कपड़ा उनके मुंह पर फेंका और सिर व पीठ पर मारपीट कर उन्हें गिरा दिया, जिससे वे कुछ क्षण के लिए अचेत हो गईं। इसी दौरान आरोपी ने उनके गले में पहनी तीन तोले की सोने की चेन खींचकर फरार हो गया। इस रिपोर्ट पर धारा 309(6) और 331(2) BNS के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना शुरू की गई। घटना के संबंध में वरिष्ठ अधिकारियों को अवगत कराया गया, जिसके बाद पुलिस उप महानिरीक्षक (DIG) श्री रामकृष्ण साहू (भा.पु.से.) ने तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री हरीश यादव और एसडीओपी बेमेतरा श्री भूषण एक्का के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी खम्हरिया उप निरीक्षक ओंकार साहू को स्टाफ के साथ विवेचना में लगाया गया। विवेचना के दौरान, गढ़ुवा निवासी आरोपी भुलउ सेन (उम्र 19 वर्ष) को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई, जिसने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। उसने बताया कि उसने लूटी गई सोने की चेन को देवरबीजा निवासी धर्मेन्द्र निर्मलकर को गिरवी रखकर 5,000/- रुपये लिए थे, जिसे उसने दोस्तों के साथ खाने-पीने में खर्च कर दिया। इस प्रकरण में लूटी गई संपत्ति खरीदने के आरोप में धर्मेन्द्र निर्मलकर के विरुद्ध धारा 317(2) भी जोड़ी गई। दोनों आरोपियों की संयुक्त पेशी पर लूटी गई करीब 3 तोला 20 मिलीग्राम सोने की चेन, जिसकी कीमत 3,60,000/- रुपये है, जब्त कर बरामद कर ली गई। आरोपी आनंद सेन उर्फ भुलउ (पिता छगन लाल सेन, उम्र 19 वर्ष, निवासी गढ़ुवा) और धर्मेन्द्र निर्मलकर (पिता हेमंत निर्मलकर, उम्र 18 वर्ष, निवासी देवरबीजा) को 01.07.2026 को विधिवत गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय में न्यायिक रिमांड पर प्रस्तुत किया गया। इस पूरी कार्रवाई में थाना प्रभारी खम्हरिया उप निरीक्षक ओंकार साहू, प्रशिक्षु उपनिरीक्षक सुरेश चौहान, आरक्षक अशरफी खान, बलदेव निषाद, मुकेश चंद्रवंशी सहित अन्य खम्हरिया स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही।1