विश्व प्रसिद्ध गंगोत्री और यमुनोत्री धाम में देश-विदेश से पहुँच रहे श्रद्धालु माँ गंगा और माँ यमुना के दर्शन कर पुण्य लाभ अर्जित कर रहे हैं। अब तक दोनों धामों में कुल 9 लाख 5 हज़ार 498 से अधिक श्रद्धालुओं ने दर्शन किए हैं। इन दिनों ऊँचाई वाले क्षेत्रों में मौसम में बदलाव के चलते रुक-रुक कर बारिश हो रही है, जिससे गंगोत्री धाम के तापमान में गिरावट भी दर्ज की गई है। इसके बावजूद, श्रद्धालुओं के उत्साह में कोई कमी नहीं दिख रही है। गंगोत्री धाम में भक्त बारिश के बीच बरसाती ओढ़कर अपनी बारी का इंतज़ार करते हुए माँ गंगा के दर्शन के लिए लंबी कतारों में खड़े दिख रहे हैं, जहाँ आस्था और प्रकृति का यह अद्भुत संगम सभी को भावविभोर कर रहा है। श्रद्धालुओं का कहना है कि विषम मौसम भी उनकी श्रद्धा को नहीं डिगा सकता और माँ गंगा के दर्शन उनके जीवन का सौभाग्य है। जनपद उत्तरकाशी में मौसम के लगातार बदलते मिज़ाज़ के बावजूद भी गंगोत्री धाम में प्रतिदिन 10 से 12 हज़ार श्रद्धालु माँ गंगा के दर्शन कर रहे हैं, जो चारधाम यात्रा के प्रति उनकी अटूट आस्था को दर्शाता है।
विश्व प्रसिद्ध गंगोत्री और यमुनोत्री धाम में देश-विदेश से पहुँच रहे श्रद्धालु माँ गंगा और माँ यमुना के दर्शन कर पुण्य लाभ अर्जित कर रहे हैं। अब तक दोनों धामों में कुल 9 लाख 5 हज़ार 498 से अधिक श्रद्धालुओं ने दर्शन किए हैं। इन दिनों ऊँचाई वाले क्षेत्रों में मौसम में बदलाव के चलते रुक-रुक कर बारिश हो रही है, जिससे गंगोत्री धाम के तापमान में गिरावट भी दर्ज की गई है। इसके बावजूद, श्रद्धालुओं के उत्साह में कोई कमी नहीं दिख रही है। गंगोत्री धाम में भक्त बारिश के बीच बरसाती ओढ़कर अपनी
बारी का इंतज़ार करते हुए माँ गंगा के दर्शन के लिए लंबी कतारों में खड़े दिख रहे हैं, जहाँ आस्था और प्रकृति का यह अद्भुत संगम सभी को भावविभोर कर रहा है। श्रद्धालुओं का कहना है कि विषम मौसम भी उनकी श्रद्धा को नहीं डिगा सकता और माँ गंगा के दर्शन उनके जीवन का सौभाग्य है। जनपद उत्तरकाशी में मौसम के लगातार बदलते मिज़ाज़ के बावजूद भी गंगोत्री धाम में प्रतिदिन 10 से 12 हज़ार श्रद्धालु माँ गंगा के दर्शन कर रहे हैं, जो चारधाम यात्रा के प्रति उनकी अटूट आस्था को दर्शाता है।
- विश्व प्रसिद्ध गंगोत्री और यमुनोत्री धाम में देश-विदेश से पहुँच रहे श्रद्धालु माँ गंगा और माँ यमुना के दर्शन कर पुण्य लाभ अर्जित कर रहे हैं। अब तक दोनों धामों में कुल 9 लाख 5 हज़ार 498 से अधिक श्रद्धालुओं ने दर्शन किए हैं। इन दिनों ऊँचाई वाले क्षेत्रों में मौसम में बदलाव के चलते रुक-रुक कर बारिश हो रही है, जिससे गंगोत्री धाम के तापमान में गिरावट भी दर्ज की गई है। इसके बावजूद, श्रद्धालुओं के उत्साह में कोई कमी नहीं दिख रही है। गंगोत्री धाम में भक्त बारिश के बीच बरसाती ओढ़कर अपनी बारी का इंतज़ार करते हुए माँ गंगा के दर्शन के लिए लंबी कतारों में खड़े दिख रहे हैं, जहाँ आस्था और प्रकृति का यह अद्भुत संगम सभी को भावविभोर कर रहा है। श्रद्धालुओं का कहना है कि विषम मौसम भी उनकी श्रद्धा को नहीं डिगा सकता और माँ गंगा के दर्शन उनके जीवन का सौभाग्य है। जनपद उत्तरकाशी में मौसम के लगातार बदलते मिज़ाज़ के बावजूद भी गंगोत्री धाम में प्रतिदिन 10 से 12 हज़ार श्रद्धालु माँ गंगा के दर्शन कर रहे हैं, जो चारधाम यात्रा के प्रति उनकी अटूट आस्था को दर्शाता है।2
- भिलंग मोटरमार्ग पर पयांकोटी जब्लाधार तोक में लोक निर्माण विभाग (PWD) की कथित लापरवाही के कारण ग्रामीणों को गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। बताया गया है कि सड़क का सही निर्माण न होने और पानी की निकासी की कोई उचित व्यवस्था न होने के कारण सड़क पर पानी जमा हो जाता है। यह जमा हुआ पानी ग्राम पंचायत की जमीन और आसपास के घरों को लगातार नुकसान पहुँचा रहा है। समस्या के संबंध में PWD को सूचना दिए जाने के बावजूद, घनसाली के मुख्य अधिकारी ने कथित तौर पर ‘दादागिरी’ दिखाते हुए कहा कि वे सिर्फ सड़क निर्माण ही करेंगे। पयांकोटी के ग्राम प्रधान प्रवेश प्रसाद घिल्डियाल ने बताया कि जब वे PWD अधिकारियों से मिलने गए, तो उनकी बात को अनसुना कर दिया गया। ग्रामीण अब यह सवाल उठा रहे हैं कि PWD की इस लापरवाही से हुए नुकसान की भरपाई कौन करेगा और इसकी जिम्मेदारी कौन लेगा।1
- हाजीपुर के बिदुपुर थाना क्षेत्र में 46 वर्षीय अमन कुमार को उनकी पत्नी गुंजन कुमारी से कथित तौर पर गहरा आघात पहुँचा है। अमन कुमार की पत्नी ने बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC TRE-2) की परीक्षा उत्तीर्ण कर सरकारी शिक्षिका का पद प्राप्त किया, लेकिन नौकरी मिलते ही उन्होंने अपने पति से अलग रहने का निर्णय लेते हुए उनसे सभी संबंध तोड़ लिए। रिपोर्ट के अनुसार, अमन कुमार ने अपनी पत्नी को पढ़ाने और सरकारी शिक्षिका बनाने के लिए दिन-रात मजदूरी की और यहाँ तक कि अपनी जमीन तक बेच दी थी। इसके बावजूद, अब गुंजन कुमारी अपने पूर्व प्रेमी से मिल रही हैं और वर्तमान में उसके साथ एक अलग किराए के कमरे में रह रही हैं।1
- देहरादून के रायपुर हाथीखाना चौक पर सड़क खोदे जाने के बाद अभी तक उसकी मरम्मत नहीं की गई है। मूल जानकारी के अनुसार, 'सिविल लाइन वालों' द्वारा खोदी गई इस सड़क के कारण लोगों को प्रतिदिन भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। नागरिकों ने संबंधित अधिकारियों से इस सड़क को जल्द से जल्द बनाने का आग्रह किया है, ताकि उनकी दैनिक समस्याओं का समाधान हो सके।1
- Post by Ranjeet Kumar1
- यह पोस्ट पैसे को आकर्षित करने के तरीकों के बारे में सवाल उठाती है। इसमें पूछा गया है कि पैसे को कैसे आकर्षित किया जाता है और इसके क्या उपाय हैं।1
- चम्पावत के ऐतिहासिक श्री रीठा साहिब गुरुद्वारा में आयोजित जोड़ मेले के दौरान एक बड़ा हादसा टल गया, जहाँ लगातार बारिश के कारण लदिया और रतिया नदियों का जलस्तर अचानक बढ़ने से 50 से अधिक श्रद्धालु उफनती नदी के बीच फंस गए थे। मौके पर पहले से तैनात एसडीआरएफ टीम ने उप निरीक्षक दीपक सामंत के नेतृत्व में तुरंत मोर्चा संभालते हुए, तेज बहाव और चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों के बावजूद सभी श्रद्धालुओं को सुरक्षित बाहर निकाला। इस बचाव अभियान में नदी क्षेत्र में फंसे वाहनों को भी सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाया गया। पुलिस, ट्रैफिक पुलिस और प्रशासन के समन्वित प्रयासों से स्थिति को सफलतापूर्वक नियंत्रित की गई और किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई। एसडीआरएफ सेनानायक अर्पण यदुवंशी ने टीम की सतर्कता और अग्रिम तैनाती की सराहना करते हुए कहा कि इन्हीं कारणों से समय रहते प्रभावी कार्रवाई संभव हो सकी। प्रशासन ने लगातार बारिश की स्थिति को देखते हुए लोगों से नदी-नालों और संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष सावधानी बरतने की अपील की है।1