प्रयागराज के हंडिया थाना क्षेत्र के धनुपुर में 35 वर्षीय राजेंद्र कुमार उर्फ डब्लू, जो किशोरी लाल के पुत्र थे, ने संदिग्ध परिस्थितियों में फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। इस दुखद घटना की जानकारी मिलते ही उनके परिवार में कोहराम मच गया, और परिजनों की चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग तुरंत मौके पर पहुंचे जिन्होंने पुलिस को सूचित किया। सूचना पाकर घटनास्थल पर पहुंची पुलिस ने मौका-मुआयना किया, शव को अपने कब्जे में लेकर पंचनामा भरा और उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस फिलहाल आत्महत्या के कारणों की गहनता से जांच कर रही है, हालांकि अभी तक किसी सुसाइड नोट के संबंध में कोई जानकारी सामने नहीं आई है। पुलिस का कहना है कि आत्महत्या के वास्तविक कारण स्पष्ट नहीं हो सके हैं और पोस्टमार्टम रिपोर्ट तथा जांच के निष्कर्षों के आधार पर ही आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। मृतक राजेंद्र कुमार मजदूरी करके अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे। उनकी शादी सैदाबाद क्षेत्र के खपटिहा गांव निवासी बबीता देवी से हुई थी, और उनके परिवार में पत्नी बबीता देवी के साथ बड़ी बेटी नैना और छोटी बेटी अंजलि शामिल हैं। मृतक के भाई श्यामा बिहारी ने बताया कि राजेंद्र कुमार की अचानक हुई इस मौत से पूरे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। पत्नी और दोनों बेटियों का रो-रोकर बुरा हाल है, वहीं मृतक के मायके पक्ष में भी घटना की सूचना मिलते ही शोक की लहर दौड़ गई है।
प्रयागराज के हंडिया थाना क्षेत्र के धनुपुर में 35 वर्षीय राजेंद्र कुमार उर्फ डब्लू, जो किशोरी लाल के पुत्र थे, ने संदिग्ध परिस्थितियों में फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। इस दुखद घटना की जानकारी मिलते ही उनके परिवार में कोहराम मच गया, और परिजनों की चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग तुरंत मौके पर पहुंचे जिन्होंने पुलिस को सूचित किया। सूचना पाकर घटनास्थल पर पहुंची पुलिस ने मौका-मुआयना किया, शव को अपने कब्जे में लेकर पंचनामा भरा और उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस फिलहाल आत्महत्या के कारणों की गहनता से जांच कर रही है, हालांकि अभी तक किसी सुसाइड नोट के संबंध में कोई जानकारी सामने नहीं आई है। पुलिस का कहना है कि आत्महत्या के वास्तविक
कारण स्पष्ट नहीं हो सके हैं और पोस्टमार्टम रिपोर्ट तथा जांच के निष्कर्षों के आधार पर ही आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। मृतक राजेंद्र कुमार मजदूरी करके अपने परिवार का भरण-पोषण करते थे। उनकी शादी सैदाबाद क्षेत्र के खपटिहा गांव निवासी बबीता देवी से हुई थी, और उनके परिवार में पत्नी बबीता देवी के साथ बड़ी बेटी नैना और छोटी बेटी अंजलि शामिल हैं। मृतक के भाई श्यामा बिहारी ने बताया कि राजेंद्र कुमार की अचानक हुई इस मौत से पूरे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। पत्नी और दोनों बेटियों का रो-रोकर बुरा हाल है, वहीं मृतक के मायके पक्ष में भी घटना की सूचना मिलते ही शोक की लहर दौड़ गई है।
- बालीपुर चौराहे पर बीते 15 दिनों से एक गड्ढे को नहीं भरा गया है, जिसके परिणामस्वरूप अब एक बड़ा कंटेनर उसमें फंस गया है। प्रशासन की इस गंभीर अनदेखी और निष्क्रियता को देखते हुए, यह आरोप लगाया जा रहा है कि संबंधित अधिकारी सीधे तौर पर एक बड़ी दुर्घटना को दावत दे रहे हैं।1
- प्रयागराज के हंडिया थाना क्षेत्र के बनपुरवा सराय पीथा गांव में इंद्रजीत के पुत्र सुनील कुमार (उम्र 32 वर्ष) का शव घर में फंदे से लटका मिला है। परिजनों ने इसे हत्या करार दिया है। गौरतलब है कि लगभग 20 दिन पहले सुनील के 30 वर्षीय भाई संतोष का शव भी इसी तरह फंदे पर लटका मिला था, जिससे एक महीने के भीतर दो सगे भाइयों की मौत को संदिग्ध माना जा रहा है। परिवार का आरोप है कि जमीनी विवाद को लेकर उनके परिवार के लोगों की हत्या की जा रही है, और उन्होंने समाजवादी पार्टी के हंडिया विधायक हकीम लाल बिंद पर इन हत्याओं को अंजाम दिलाने का गंभीर आरोप लगाया है। इस घटना के बाद इलाके में भारी आक्रोश फैल गया है। एक उग्र भीड़ ने धनुपुर मार्ग को जाम कर दिया है और मांग कर रही है कि जब तक जिलाधिकारी और डीसीपी गंगानगर मौके पर नहीं आते, तब तक वे मृतक का शव नहीं उठाने देंगे, जो अभी भी फंदे से लटका हुआ है। घटनास्थल पर एसीपी हंडिया सहित भारी पुलिस बल मौजूद है और स्थिति को संभालने का प्रयास कर रहा है। बाद में डीसीपी कुलदीप, पुष्कर वर्मा और एडीएम प्रयागराज भी कई थानों की फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। परिजनों की मांग पर पुलिस ने हंडिया विधायक पर मुकदमा दर्ज कर लिया है। इस कार्रवाई के बाद हंडिया विधायक की मुश्किलें और बढ़ सकती हैं।1
- Post by Raju Yadav1
- उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ दिनांक 6 जुलाई, 2026 को प्रयागराज का दौरा करेंगे। उनका आगमन अपराह्न 2:50 बजे प्रयागराज में निर्धारित है। अपने भ्रमण के दौरान, मुख्यमंत्री यमुना बैंक रोड स्थित वोट क्लब कार्यक्रम स्थल पर नवनिर्मित महान विभूतियों की प्रतिमाओं का अनावरण करेंगे और एक जनसभा को संबोधित करेंगे। इसके उपरांत, अपराह्न 4:10 बजे से मुख्यमंत्री मेला ऑफिस सभागार में प्रयागराज मंडल के लोक निर्माण विभाग (PWD) के पुराने कार्यों की समीक्षा करेंगे और नई कार्य योजना के संबंध में एक बैठक की अध्यक्षता करेंगे। मुख्यमंत्री शाम 5:50 बजे प्रयागराज से प्रस्थान करेंगे।1
- प्रयागराज के मेजा थाना क्षेत्र की मेजारोड पुलिस चौकी अंतर्गत समहन गाँव निवासी 18 वर्षीय अनीश कुमार, पुत्र छोटू, रविवार दोपहर टोंस नदी में नहाने गया था। गहरे पानी में चले जाने के कारण वह डूबकर लापता हो गया। साथ मौजूद लोगों ने उसे बचाने का प्रयास किया, लेकिन वे सफल नहीं हो सके। घटना की जानकारी मिलते ही पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया। सूचना पाकर मेजारोड चौकी प्रभारी हरिओम सिंह अपनी पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुँचे और तुरंत स्थानीय गोताखोरों की मदद से तलाश अभियान शुरू करवाया। कई घंटों तक चले सघन तलाशी अभियान के बावजूद युवक का कोई सुराग नहीं मिल पाया। चौकी प्रभारी ने बताया कि गहरे पानी और तेज बहाव के कारण खोजबीन में काफी कठिनाई आ रही है। युवक की तलाश के लिए शहर से जल पुलिस को भी बुलाया गया है, ताकि आधुनिक संसाधनों के उपयोग से सर्च अभियान को तेज किया जा सके। खबर लिखे जाने तक नदी में युवक की तलाश जारी थी। इस दुखद घटना की सूचना से परिजनों में कोहराम मच गया है, और माँ-बाप सहित अन्य परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। घटनास्थल पर ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई, और सभी युवक के सकुशल मिलने की दुआ करते दिखाई दिए। ग्रामीणों ने बताया कि टोंस नदी का यह हिस्सा काफी गहरा है और पहले भी यहाँ हादसे हो चुके हैं, बावजूद इसके सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं हैं। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि नदी किनारे चेतावनी बोर्ड लगाए जाएँ और सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि भविष्य में ऐसे हादसों को रोका जा सके।1
- प्रयागराज के बारा तहसील क्षेत्र अंतर्गत ग्राम पंचायत धरा के मौजा बांकीपुर में आकाशीय बिजली गिरने से एक भैंस की मौके पर ही मौत हो गई। ग्राम बांकीपुर निवासी प्रदीप मिश्रा की यह भैंस खेत में चरने गई थी, तभी अचानक बिजली गिरी और उसकी जान चली गई। इस घटना की जानकारी प्रदीप मिश्रा द्वारा तुरंत हल्के के लेखपाल और पशु चिकित्सक को दी गई है। अब लेखपाल द्वारा पंचनामा व क्षति आंकलन की कार्रवाई की जाएगी, जिसके बाद आपदा मुआवजे की प्रक्रिया शुरू होगी। किसानों को सलाह दी गई है कि वे बारिश, आंधी और बिजली के समय मवेशियों को खुले खेत में न छोड़ें, बल्कि उन्हें पेड़, खंभे और खुले स्थानों से दूर सुरक्षित शेड में रखें।1
- सूरत के कडोदरा में एक भयावह बाल मजदूरी घोटाला सामने आया है, जहाँ 'जैसल सिल्क मिल लिमिटेड' के धधकते बॉयलर अनुभाग में मासूम बच्चों से जान जोखिम में डालकर काम करवाया जा रहा है। जिस उम्र में बच्चों को पढ़ाई-लिखाई करनी चाहिए, उस उम्र में उन्हें दिन-रात खतरनाक परिस्थितियों में काम करने को मजबूर किया जा रहा है, जिससे कानून की खुलेआम धज्जियाँ उड़ाई जा रही हैं। इस मामले में जागरूक नागरिकों द्वारा सूरत कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक (SP) तक ठोस सबूतों के साथ लिखित शिकायत दर्ज कराई गई है, जिससे मिल मालिकों में हड़कंप मच गया है। यह घटना टेक्स्टाइल हब माने जाने वाले सूरत के ग्रामीण इलाकों में उद्योगपतियों द्वारा सस्ते मजदूरों के लालच में कानूनों का खुलेआम उल्लंघन करने का एक ज्वलंत उदाहरण है। शिकायत के अनुसार, फैक्ट्री का बॉयलर अनुभाग अत्यंत गर्म, गैस और विस्फोट के खतरे वाला क्षेत्र है, जहाँ बड़े भी काम करने से कतराते हैं, वहाँ छोटे बच्चों को फँसाया गया है। 'बाल श्रम प्रतिबंध अधिनियम, 1986' और 'किशोर न्याय अधिनियम' (Juvenile Justice Act) के तहत ऐसे खतरनाक वातावरण में बच्चों को रखना एक गैर-जमानती अपराध है। बच्चों को बचाने और मिल मालिकों के खिलाफ कार्रवाई के लिए जिला कलेक्टर कार्यालय सूरत, मुख्य श्रम आयुक्त/जिला बाल संरक्षण अधिकारी, एसपी कार्यालय (सूरत ग्रामीण), और कडोदरा पुलिस स्टेशन को एक साथ शिकायतें भेजी गई हैं। शिकायतकर्ताओं ने स्पष्ट और कड़े शब्दों में मांग की है कि केवल कागजी कार्रवाई करने के बजाय तुरंत कार्रवाई की जाए। इसमें 'जैसल सिल्क मिल' पर पुलिस और श्रम विभाग द्वारा संयुक्त रूप से औचक छापा मारने, बॉयलर रूम में बंद सभी मासूमों को सुरक्षित बाहर निकालने और मिल मालिकों व प्रबंधन के खिलाफ केवल जुर्माना वसूलने के बजाय आपराधिक धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार करने की मांग की गई है। यह एक ज्वलंत प्रश्न उठाता है कि कब तक चकाचौंध से भरी सिल्क मिलों के पीछे मासूमों की जिंदगी दांव पर लगती रहेगी। शिकायतकर्ताओं ने सूरत प्रशासन से आग्रह किया है कि इन बच्चों को न्याय दिलाने के लिए 'जैसल सिल्क मिल' पर 'बुलडोजर जैसी' कानूनी कार्रवाई करने की हिम्मत दिखाई जाए।4