logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…
  • Latest News
  • News
  • Politics
  • Elections
  • Viral
  • Astrology
  • Horoscope in Hindi
  • Horoscope in English
  • Latest Political News
logo
Shuru
Apke Nagar Ki App…

बालीपुर चौराहे पर बीते 15 दिनों से एक गड्ढे को नहीं भरा गया है, जिसके परिणामस्वरूप अब एक बड़ा कंटेनर उसमें फंस गया है। प्रशासन की इस गंभीर अनदेखी और निष्क्रियता को देखते हुए, यह आरोप लगाया जा रहा है कि संबंधित अधिकारी सीधे तौर पर एक बड़ी दुर्घटना को दावत दे रहे हैं।

1 hr ago
user_JOURNALIST PANKAJ SINGH
JOURNALIST PANKAJ SINGH
Teacher हंडिया, प्रयागराज, उत्तर प्रदेश•
1 hr ago

बालीपुर चौराहे पर बीते 15 दिनों से एक गड्ढे को नहीं भरा गया है, जिसके परिणामस्वरूप अब एक बड़ा कंटेनर उसमें फंस गया है। प्रशासन की इस गंभीर अनदेखी और निष्क्रियता को देखते हुए, यह आरोप लगाया जा रहा है कि संबंधित अधिकारी सीधे तौर पर एक बड़ी दुर्घटना को दावत दे रहे हैं।

More news from उत्तर प्रदेश and nearby areas
  • बालीपुर चौराहे पर बीते 15 दिनों से एक गड्ढे को नहीं भरा गया है, जिसके परिणामस्वरूप अब एक बड़ा कंटेनर उसमें फंस गया है। प्रशासन की इस गंभीर अनदेखी और निष्क्रियता को देखते हुए, यह आरोप लगाया जा रहा है कि संबंधित अधिकारी सीधे तौर पर एक बड़ी दुर्घटना को दावत दे रहे हैं।
    1
    बालीपुर चौराहे पर बीते 15 दिनों से एक गड्ढे को नहीं भरा गया है, जिसके परिणामस्वरूप अब एक बड़ा कंटेनर उसमें फंस गया है। प्रशासन की इस गंभीर अनदेखी और निष्क्रियता को देखते हुए, यह आरोप लगाया जा रहा है कि संबंधित अधिकारी सीधे तौर पर एक बड़ी दुर्घटना को दावत दे रहे हैं।
    user_JOURNALIST PANKAJ SINGH
    JOURNALIST PANKAJ SINGH
    Teacher हंडिया, प्रयागराज, उत्तर प्रदेश•
    1 hr ago
  • प्रयागराज के हंडिया थाना क्षेत्र के बनपुरवा सराय पीथा गांव में इंद्रजीत के पुत्र सुनील कुमार (उम्र 32 वर्ष) का शव घर में फंदे से लटका मिला है। परिजनों ने इसे हत्या करार दिया है। गौरतलब है कि लगभग 20 दिन पहले सुनील के 30 वर्षीय भाई संतोष का शव भी इसी तरह फंदे पर लटका मिला था, जिससे एक महीने के भीतर दो सगे भाइयों की मौत को संदिग्ध माना जा रहा है। परिवार का आरोप है कि जमीनी विवाद को लेकर उनके परिवार के लोगों की हत्या की जा रही है, और उन्होंने समाजवादी पार्टी के हंडिया विधायक हकीम लाल बिंद पर इन हत्याओं को अंजाम दिलाने का गंभीर आरोप लगाया है। इस घटना के बाद इलाके में भारी आक्रोश फैल गया है। एक उग्र भीड़ ने धनुपुर मार्ग को जाम कर दिया है और मांग कर रही है कि जब तक जिलाधिकारी और डीसीपी गंगानगर मौके पर नहीं आते, तब तक वे मृतक का शव नहीं उठाने देंगे, जो अभी भी फंदे से लटका हुआ है। घटनास्थल पर एसीपी हंडिया सहित भारी पुलिस बल मौजूद है और स्थिति को संभालने का प्रयास कर रहा है। बाद में डीसीपी कुलदीप, पुष्कर वर्मा और एडीएम प्रयागराज भी कई थानों की फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। परिजनों की मांग पर पुलिस ने हंडिया विधायक पर मुकदमा दर्ज कर लिया है। इस कार्रवाई के बाद हंडिया विधायक की मुश्किलें और बढ़ सकती हैं।
    1
    प्रयागराज के हंडिया थाना क्षेत्र के बनपुरवा सराय पीथा गांव में इंद्रजीत के पुत्र सुनील कुमार (उम्र 32 वर्ष) का शव घर में फंदे से लटका मिला है। परिजनों ने इसे हत्या करार दिया है। गौरतलब है कि लगभग 20 दिन पहले सुनील के 30 वर्षीय भाई संतोष का शव भी इसी तरह फंदे पर लटका मिला था, जिससे एक महीने के भीतर दो सगे भाइयों की मौत को संदिग्ध माना जा रहा है। परिवार का आरोप है कि जमीनी विवाद को लेकर उनके परिवार के लोगों की हत्या की जा रही है, और उन्होंने समाजवादी पार्टी के हंडिया विधायक हकीम लाल बिंद पर इन हत्याओं को अंजाम दिलाने का गंभीर आरोप लगाया है।

इस घटना के बाद इलाके में भारी आक्रोश फैल गया है। एक उग्र भीड़ ने धनुपुर मार्ग को जाम कर दिया है और मांग कर रही है कि जब तक जिलाधिकारी और डीसीपी गंगानगर मौके पर नहीं आते, तब तक वे मृतक का शव नहीं उठाने देंगे, जो अभी भी फंदे से लटका हुआ है। घटनास्थल पर एसीपी हंडिया सहित भारी पुलिस बल मौजूद है और स्थिति को संभालने का प्रयास कर रहा है। बाद में डीसीपी कुलदीप, पुष्कर वर्मा और एडीएम प्रयागराज भी कई थानों की फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे।

परिजनों की मांग पर पुलिस ने हंडिया विधायक पर मुकदमा दर्ज कर लिया है। इस कार्रवाई के बाद हंडिया विधायक की मुश्किलें और बढ़ सकती हैं।
    user_Kewala Prasad Gautam News pray
    Kewala Prasad Gautam News pray
    Photographer हंडिया, प्रयागराज, उत्तर प्रदेश•
    7 hrs ago
  • Post by Raju Yadav
    1
    Post by Raju Yadav
    user_Raju Yadav
    Raju Yadav
    Artist Handia, Prayagraj•
    9 hrs ago
  • उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने राज्य के बिजली उपभोक्ताओं के लिए एक महत्वपूर्ण राहत की घोषणा की है, जिसके तहत पात्र उपभोक्ताओं को अब 100 यूनिट तक बिजली सिर्फ 3 रुपये प्रति यूनिट की दर से उपलब्ध कराई जाएगी। इस योजना के अंतर्गत, राज्य सरकार प्रति यूनिट 3.75 रुपये की सब्सिडी का भार स्वयं वहन करेगी। इस पहल का मुख्य लाभ घरेलू उपभोक्ताओं, किसानों और छोटे व्यापारियों सहित अन्य पात्र श्रेणियों को मिलेगा। सरकार का उद्देश्य 'राहत भी, बचत भी' की नीति के तहत आम जनता को किफायती बिजली प्रदान करना है।
    1
    उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने राज्य के बिजली उपभोक्ताओं के लिए एक महत्वपूर्ण राहत की घोषणा की है, जिसके तहत पात्र उपभोक्ताओं को अब 100 यूनिट तक बिजली सिर्फ 3 रुपये प्रति यूनिट की दर से उपलब्ध कराई जाएगी। इस योजना के अंतर्गत, राज्य सरकार प्रति यूनिट 3.75 रुपये की सब्सिडी का भार स्वयं वहन करेगी। इस पहल का मुख्य लाभ घरेलू उपभोक्ताओं, किसानों और छोटे व्यापारियों सहित अन्य पात्र श्रेणियों को मिलेगा। सरकार का उद्देश्य 'राहत भी, बचत भी' की नीति के तहत आम जनता को किफायती बिजली प्रदान करना है।
    user_Mohammad Afzal
    Mohammad Afzal
    Local News Reporter फूलपुर, प्रयागराज, उत्तर प्रदेश•
    1 hr ago
  • उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ दिनांक 6 जुलाई, 2026 को प्रयागराज का दौरा करेंगे। उनका आगमन अपराह्न 2:50 बजे प्रयागराज में निर्धारित है। अपने भ्रमण के दौरान, मुख्यमंत्री यमुना बैंक रोड स्थित वोट क्लब कार्यक्रम स्थल पर नवनिर्मित महान विभूतियों की प्रतिमाओं का अनावरण करेंगे और एक जनसभा को संबोधित करेंगे। इसके उपरांत, अपराह्न 4:10 बजे से मुख्यमंत्री मेला ऑफिस सभागार में प्रयागराज मंडल के लोक निर्माण विभाग (PWD) के पुराने कार्यों की समीक्षा करेंगे और नई कार्य योजना के संबंध में एक बैठक की अध्यक्षता करेंगे। मुख्यमंत्री शाम 5:50 बजे प्रयागराज से प्रस्थान करेंगे।
    1
    उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ दिनांक 6 जुलाई, 2026 को प्रयागराज का दौरा करेंगे। उनका आगमन अपराह्न 2:50 बजे प्रयागराज में निर्धारित है।

अपने भ्रमण के दौरान, मुख्यमंत्री यमुना बैंक रोड स्थित वोट क्लब कार्यक्रम स्थल पर नवनिर्मित महान विभूतियों की प्रतिमाओं का अनावरण करेंगे और एक जनसभा को संबोधित करेंगे।

इसके उपरांत, अपराह्न 4:10 बजे से मुख्यमंत्री मेला ऑफिस सभागार में प्रयागराज मंडल के लोक निर्माण विभाग (PWD) के पुराने कार्यों की समीक्षा करेंगे और नई कार्य योजना के संबंध में एक बैठक की अध्यक्षता करेंगे। मुख्यमंत्री शाम 5:50 बजे प्रयागराज से प्रस्थान करेंगे।
    user_Rahul Mishra Ak News
    Rahul Mishra Ak News
    Photographer मेजा, प्रयागराज, उत्तर प्रदेश•
    1 hr ago
  • प्रयागराज के मेजा थाना क्षेत्र की मेजारोड पुलिस चौकी अंतर्गत समहन गाँव निवासी 18 वर्षीय अनीश कुमार, पुत्र छोटू, रविवार दोपहर टोंस नदी में नहाने गया था। गहरे पानी में चले जाने के कारण वह डूबकर लापता हो गया। साथ मौजूद लोगों ने उसे बचाने का प्रयास किया, लेकिन वे सफल नहीं हो सके। घटना की जानकारी मिलते ही पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया। सूचना पाकर मेजारोड चौकी प्रभारी हरिओम सिंह अपनी पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुँचे और तुरंत स्थानीय गोताखोरों की मदद से तलाश अभियान शुरू करवाया। कई घंटों तक चले सघन तलाशी अभियान के बावजूद युवक का कोई सुराग नहीं मिल पाया। चौकी प्रभारी ने बताया कि गहरे पानी और तेज बहाव के कारण खोजबीन में काफी कठिनाई आ रही है। युवक की तलाश के लिए शहर से जल पुलिस को भी बुलाया गया है, ताकि आधुनिक संसाधनों के उपयोग से सर्च अभियान को तेज किया जा सके। खबर लिखे जाने तक नदी में युवक की तलाश जारी थी। इस दुखद घटना की सूचना से परिजनों में कोहराम मच गया है, और माँ-बाप सहित अन्य परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। घटनास्थल पर ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई, और सभी युवक के सकुशल मिलने की दुआ करते दिखाई दिए। ग्रामीणों ने बताया कि टोंस नदी का यह हिस्सा काफी गहरा है और पहले भी यहाँ हादसे हो चुके हैं, बावजूद इसके सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं हैं। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि नदी किनारे चेतावनी बोर्ड लगाए जाएँ और सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि भविष्य में ऐसे हादसों को रोका जा सके।
    1
    प्रयागराज के मेजा थाना क्षेत्र की मेजारोड पुलिस चौकी अंतर्गत समहन गाँव निवासी 18 वर्षीय अनीश कुमार, पुत्र छोटू, रविवार दोपहर टोंस नदी में नहाने गया था। गहरे पानी में चले जाने के कारण वह डूबकर लापता हो गया। साथ मौजूद लोगों ने उसे बचाने का प्रयास किया, लेकिन वे सफल नहीं हो सके।

घटना की जानकारी मिलते ही पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया। सूचना पाकर मेजारोड चौकी प्रभारी हरिओम सिंह अपनी पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुँचे और तुरंत स्थानीय गोताखोरों की मदद से तलाश अभियान शुरू करवाया। कई घंटों तक चले सघन तलाशी अभियान के बावजूद युवक का कोई सुराग नहीं मिल पाया। चौकी प्रभारी ने बताया कि गहरे पानी और तेज बहाव के कारण खोजबीन में काफी कठिनाई आ रही है। युवक की तलाश के लिए शहर से जल पुलिस को भी बुलाया गया है, ताकि आधुनिक संसाधनों के उपयोग से सर्च अभियान को तेज किया जा सके। खबर लिखे जाने तक नदी में युवक की तलाश जारी थी।

इस दुखद घटना की सूचना से परिजनों में कोहराम मच गया है, और माँ-बाप सहित अन्य परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। घटनास्थल पर ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई, और सभी युवक के सकुशल मिलने की दुआ करते दिखाई दिए। ग्रामीणों ने बताया कि टोंस नदी का यह हिस्सा काफी गहरा है और पहले भी यहाँ हादसे हो चुके हैं, बावजूद इसके सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं हैं। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि नदी किनारे चेतावनी बोर्ड लगाए जाएँ और सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि भविष्य में ऐसे हादसों को रोका जा सके।
    user_राजेश कुमार
    राजेश कुमार
    रिपोर्टर मेजा, प्रयागराज, उत्तर प्रदेश•
    3 hrs ago
  • सूरत के कडोदरा में एक भयावह बाल मजदूरी घोटाला सामने आया है, जहाँ 'जैसल सिल्क मिल लिमिटेड' के धधकते बॉयलर अनुभाग में मासूम बच्चों से जान जोखिम में डालकर काम करवाया जा रहा है। जिस उम्र में बच्चों को पढ़ाई-लिखाई करनी चाहिए, उस उम्र में उन्हें दिन-रात खतरनाक परिस्थितियों में काम करने को मजबूर किया जा रहा है, जिससे कानून की खुलेआम धज्जियाँ उड़ाई जा रही हैं। इस मामले में जागरूक नागरिकों द्वारा सूरत कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक (SP) तक ठोस सबूतों के साथ लिखित शिकायत दर्ज कराई गई है, जिससे मिल मालिकों में हड़कंप मच गया है। यह घटना टेक्स्टाइल हब माने जाने वाले सूरत के ग्रामीण इलाकों में उद्योगपतियों द्वारा सस्ते मजदूरों के लालच में कानूनों का खुलेआम उल्लंघन करने का एक ज्वलंत उदाहरण है। शिकायत के अनुसार, फैक्ट्री का बॉयलर अनुभाग अत्यंत गर्म, गैस और विस्फोट के खतरे वाला क्षेत्र है, जहाँ बड़े भी काम करने से कतराते हैं, वहाँ छोटे बच्चों को फँसाया गया है। 'बाल श्रम प्रतिबंध अधिनियम, 1986' और 'किशोर न्याय अधिनियम' (Juvenile Justice Act) के तहत ऐसे खतरनाक वातावरण में बच्चों को रखना एक गैर-जमानती अपराध है। बच्चों को बचाने और मिल मालिकों के खिलाफ कार्रवाई के लिए जिला कलेक्टर कार्यालय सूरत, मुख्य श्रम आयुक्त/जिला बाल संरक्षण अधिकारी, एसपी कार्यालय (सूरत ग्रामीण), और कडोदरा पुलिस स्टेशन को एक साथ शिकायतें भेजी गई हैं। शिकायतकर्ताओं ने स्पष्ट और कड़े शब्दों में मांग की है कि केवल कागजी कार्रवाई करने के बजाय तुरंत कार्रवाई की जाए। इसमें 'जैसल सिल्क मिल' पर पुलिस और श्रम विभाग द्वारा संयुक्त रूप से औचक छापा मारने, बॉयलर रूम में बंद सभी मासूमों को सुरक्षित बाहर निकालने और मिल मालिकों व प्रबंधन के खिलाफ केवल जुर्माना वसूलने के बजाय आपराधिक धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार करने की मांग की गई है। यह एक ज्वलंत प्रश्न उठाता है कि कब तक चकाचौंध से भरी सिल्क मिलों के पीछे मासूमों की जिंदगी दांव पर लगती रहेगी। शिकायतकर्ताओं ने सूरत प्रशासन से आग्रह किया है कि इन बच्चों को न्याय दिलाने के लिए 'जैसल सिल्क मिल' पर 'बुलडोजर जैसी' कानूनी कार्रवाई करने की हिम्मत दिखाई जाए।
    4
    सूरत के कडोदरा में एक भयावह बाल मजदूरी घोटाला सामने आया है, जहाँ 'जैसल सिल्क मिल लिमिटेड' के धधकते बॉयलर अनुभाग में मासूम बच्चों से जान जोखिम में डालकर काम करवाया जा रहा है। जिस उम्र में बच्चों को पढ़ाई-लिखाई करनी चाहिए, उस उम्र में उन्हें दिन-रात खतरनाक परिस्थितियों में काम करने को मजबूर किया जा रहा है, जिससे कानून की खुलेआम धज्जियाँ उड़ाई जा रही हैं। इस मामले में जागरूक नागरिकों द्वारा सूरत कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक (SP) तक ठोस सबूतों के साथ लिखित शिकायत दर्ज कराई गई है, जिससे मिल मालिकों में हड़कंप मच गया है।

यह घटना टेक्स्टाइल हब माने जाने वाले सूरत के ग्रामीण इलाकों में उद्योगपतियों द्वारा सस्ते मजदूरों के लालच में कानूनों का खुलेआम उल्लंघन करने का एक ज्वलंत उदाहरण है। शिकायत के अनुसार, फैक्ट्री का बॉयलर अनुभाग अत्यंत गर्म, गैस और विस्फोट के खतरे वाला क्षेत्र है, जहाँ बड़े भी काम करने से कतराते हैं, वहाँ छोटे बच्चों को फँसाया गया है। 'बाल श्रम प्रतिबंध अधिनियम, 1986' और 'किशोर न्याय अधिनियम' (Juvenile Justice Act) के तहत ऐसे खतरनाक वातावरण में बच्चों को रखना एक गैर-जमानती अपराध है।

बच्चों को बचाने और मिल मालिकों के खिलाफ कार्रवाई के लिए जिला कलेक्टर कार्यालय सूरत, मुख्य श्रम आयुक्त/जिला बाल संरक्षण अधिकारी, एसपी कार्यालय (सूरत ग्रामीण), और कडोदरा पुलिस स्टेशन को एक साथ शिकायतें भेजी गई हैं। शिकायतकर्ताओं ने स्पष्ट और कड़े शब्दों में मांग की है कि केवल कागजी कार्रवाई करने के बजाय तुरंत कार्रवाई की जाए। इसमें 'जैसल सिल्क मिल' पर पुलिस और श्रम विभाग द्वारा संयुक्त रूप से औचक छापा मारने, बॉयलर रूम में बंद सभी मासूमों को सुरक्षित बाहर निकालने और मिल मालिकों व प्रबंधन के खिलाफ केवल जुर्माना वसूलने के बजाय आपराधिक धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार करने की मांग की गई है।

यह एक ज्वलंत प्रश्न उठाता है कि कब तक चकाचौंध से भरी सिल्क मिलों के पीछे मासूमों की जिंदगी दांव पर लगती रहेगी। शिकायतकर्ताओं ने सूरत प्रशासन से आग्रह किया है कि इन बच्चों को न्याय दिलाने के लिए 'जैसल सिल्क मिल' पर 'बुलडोजर जैसी' कानूनी कार्रवाई करने की हिम्मत दिखाई जाए।
    user_SURAT PUBLIC ISSUE(ALL INDIA
    SURAT PUBLIC ISSUE(ALL INDIA
    Local News Reporter Handia, Prayagraj•
    11 hrs ago
View latest news on Shuru App
Download_Android
  • Terms & Conditions
  • Career
  • Privacy Policy
  • Blogs
Shuru, a product of Close App Private Limited.