मांडू के चतुर्भुज राम मंदिर में विशेष लाइटिंग: वास्तु के अनुसार गर्भ गृह में एलईडी लाइटें लगाई गईं, राम नवमी पर दिखेगी अलग छटा मांडू के चतुर्भुज राम मंदिर में विशेष लाइटिंग: वास्तु के अनुसार गर्भ गृह में एलईडी लाइटें लगाई गईं, राम नवमी पर दिखेगी अलग छटा राहुल सेन मांडव मो 9669141814 मांडू न्यूज/मांडू के चतुर्भुज राम मंदिर परिसर और भगवान के गर्भ गृह में नई प्रकाश व्यवस्था की गई है। महामंडलेश्वर पीठाधीश्वर डॉ. नरसिंह दास महाराज ने श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए मंदिर को दिव्य और शांत बनाने के उद्देश्य से यह पहल की है। इस नई व्यवस्था में वार्म व्हाइट एलईडी नियॉन लाइट्स, स्ट्रिप लाइट्स और कलर-चेंजिंग बल्ब का उपयोग किया जा रहा है। ये ऊर्जा-कुशल लाइटें ऐक्रेलिक सामग्री के साथ मंदिर का आकर्षण बढ़ा रही हैं और इनकी लंबी अवधि तक चलने की उम्मीद है। वास्तु के अनुसार, महंत ने सकारात्मक ऊर्जा और शांति बढ़ाने के लिए सफेद, क्रीम या हल्के पीले रंगों के प्रकाश का चयन किया है। मंदिर को पहले एक समस्या का सामना करना पड़ता था। गर्भ गृह में पूजा कक्ष की मंद रोशनी अक्सर पवित्र मूर्तियों पर छाया डालती थी, जिससे श्रद्धालुओं और पर्यटकों को भगवान का स्वरूप स्पष्ट दिखाई नहीं देता था।इस समस्या को हल करने और आध्यात्मिक जुड़ाव को बढ़ाने के लिए महंत नरसिंह दास ने विशेष वास्तु-अनुरूप लाइट डेकोरेशन और मंदिर के कुछ हिस्सों का कायाकल्प किया है। आकर्षक वास्तु से जुड़ी लाइटें और पीवी की ग्रिल का कार्य मंदिर की छत और दीवारों पर विशेष रूप से करवाया गया है। ये लाइट्स पूजा कक्षों के आध्यात्मिक वातावरण को बढ़ाने के लिए डिज़ाइन की गई हैं, जो एक जीवंत और सुखदायक चमक प्रदान करेंगी। यह पहल पूरे मंदिर क्षेत्र में भक्तिमय अनुभव को उन्नत करेगी और श्रद्धालुओं के लिए आकर्षण का केंद्र बनेगी, जिससे उन्हें भगवान के चार हाथों और पूरी प्रतिमा का स्पष्ट दर्शन हो सकेगा।एलईडी लाइटें एक समान, चमकदार और सुखदायक प्रकाश प्रदान करेंगी जहां यह लगाई जा रही है,, जिससे मंदिर का हर कोना अच्छी तरह से रोशन होगा, और भगवान राम लक्ष्मण सीता और अन्य देवी देवताओं की मूर्तियों और सजावट को और बेहतर निखार देगा। उल्लेखनीय था। तेज, फिर भी शांत प्रकाश ने न केवल उनके आध्यात्मिक स्थान को बेहतर बनाया, बल्कि मंदिर का हर कोना आकर्षण का केंद्र बिंदु भी बन रहा है। लाइटों ने हमारे पूजा कक्ष में एक नई ऊर्जा ला दी है। ऐसा लगता है जैसे अब ईश्वर की उपस्थिति अधिक स्पष्ट रूप से महसूस हो रही है।" यह लाइट आध्यात्मिक वातावरण को किस प्रकार बेहतर बना सकती हैं। यह लगने के बाद ही मंदिर में समझ में आने लगा है।सांस्कृतिक धरोहर का संरक्षण इस तरह की आधुनिक प्रकाश व्यवस्था के साथ प्राचीन वास्तुकला को संरक्षित करते हुए उसे एक नया और आकर्षक रूप दिया जा रहा है। ये सजावट न केवल धार्मिक स्थलों को सुंदर बना रही है, बल्कि मंदिर में आने वाले लाखों श्रद्धालु और मांडू आने वाले पर्यटकों बढ़ावा देने में भी यह पहल सहायक होगी कार्य के पूर्ण होने के बाद। जिससे मंदिर क्षेत्र के सिद्ध क्षेत्र की भव्यता बढ़ गई है, और यह दूर से भी आकर्षित कर रहा है। मंदिर पर श्रद्धालुओं का आना जाना लगा हुआ है। देर रात इसकी आभा देखते ही बन रही है।
मांडू के चतुर्भुज राम मंदिर में विशेष लाइटिंग: वास्तु के अनुसार गर्भ गृह में एलईडी लाइटें लगाई गईं, राम नवमी पर दिखेगी अलग छटा मांडू के चतुर्भुज राम मंदिर में विशेष लाइटिंग: वास्तु के अनुसार गर्भ गृह में एलईडी लाइटें लगाई गईं, राम नवमी पर दिखेगी अलग छटा राहुल सेन मांडव मो 9669141814 मांडू न्यूज/मांडू के चतुर्भुज राम मंदिर परिसर और भगवान के गर्भ गृह में नई प्रकाश व्यवस्था की गई है। महामंडलेश्वर पीठाधीश्वर डॉ. नरसिंह दास महाराज ने श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए मंदिर को दिव्य और शांत बनाने के उद्देश्य से यह पहल की है। इस नई व्यवस्था में वार्म व्हाइट एलईडी नियॉन लाइट्स, स्ट्रिप लाइट्स और कलर-चेंजिंग बल्ब का उपयोग किया जा रहा है। ये ऊर्जा-कुशल लाइटें ऐक्रेलिक सामग्री के साथ मंदिर का आकर्षण बढ़ा रही हैं और इनकी लंबी अवधि तक चलने की उम्मीद है। वास्तु के अनुसार, महंत ने सकारात्मक ऊर्जा और शांति बढ़ाने के लिए सफेद, क्रीम या हल्के पीले रंगों के प्रकाश का चयन किया है। मंदिर को पहले एक समस्या का सामना करना पड़ता था। गर्भ गृह में पूजा कक्ष की मंद रोशनी
अक्सर पवित्र मूर्तियों पर छाया डालती थी, जिससे श्रद्धालुओं और पर्यटकों को भगवान का स्वरूप स्पष्ट दिखाई नहीं देता था।इस समस्या को हल करने और आध्यात्मिक जुड़ाव को बढ़ाने के लिए महंत नरसिंह दास ने विशेष वास्तु-अनुरूप लाइट डेकोरेशन और मंदिर के कुछ हिस्सों का कायाकल्प किया है। आकर्षक वास्तु से जुड़ी लाइटें और पीवी की ग्रिल का कार्य मंदिर की छत और दीवारों पर विशेष रूप से करवाया गया है। ये लाइट्स पूजा कक्षों के आध्यात्मिक वातावरण को बढ़ाने के लिए डिज़ाइन की गई हैं, जो एक जीवंत और सुखदायक चमक प्रदान करेंगी। यह पहल पूरे मंदिर क्षेत्र में भक्तिमय अनुभव को उन्नत करेगी और श्रद्धालुओं के लिए आकर्षण का केंद्र बनेगी, जिससे उन्हें भगवान के चार हाथों और पूरी प्रतिमा का स्पष्ट दर्शन हो सकेगा।एलईडी लाइटें एक समान, चमकदार और सुखदायक प्रकाश प्रदान करेंगी जहां यह लगाई जा रही है,, जिससे मंदिर का हर कोना अच्छी तरह से रोशन होगा, और भगवान राम लक्ष्मण सीता और अन्य देवी देवताओं की मूर्तियों और सजावट को और बेहतर निखार देगा। उल्लेखनीय था। तेज, फिर भी शांत
प्रकाश ने न केवल उनके आध्यात्मिक स्थान को बेहतर बनाया, बल्कि मंदिर का हर कोना आकर्षण का केंद्र बिंदु भी बन रहा है। लाइटों ने हमारे पूजा कक्ष में एक नई ऊर्जा ला दी है। ऐसा लगता है जैसे अब ईश्वर की उपस्थिति अधिक स्पष्ट रूप से महसूस हो रही है।" यह लाइट आध्यात्मिक वातावरण को किस प्रकार बेहतर बना सकती हैं। यह लगने के बाद ही मंदिर में समझ में आने लगा है।सांस्कृतिक धरोहर का संरक्षण इस तरह की आधुनिक प्रकाश व्यवस्था के साथ प्राचीन वास्तुकला को संरक्षित करते हुए उसे एक नया और आकर्षक रूप दिया जा रहा है। ये सजावट न केवल धार्मिक स्थलों को सुंदर बना रही है, बल्कि मंदिर में आने वाले लाखों श्रद्धालु और मांडू आने वाले पर्यटकों बढ़ावा देने में भी यह पहल सहायक होगी कार्य के पूर्ण होने के बाद। जिससे मंदिर क्षेत्र के सिद्ध क्षेत्र की भव्यता बढ़ गई है, और यह दूर से भी आकर्षित कर रहा है। मंदिर पर श्रद्धालुओं का आना जाना लगा हुआ है। देर रात इसकी आभा देखते ही बन रही है।
- कृषि उपज मंडी के लहसुन व्यापारी को लगा चुना,42 रुपए की हुई व्यापारी से ठगी देखे खबर नेशनल टीवी चैनल inh24×7 पर धार जिला ब्यूरो चीफ निलेश शर्मा1
- मांडू के चतुर्भुज राम मंदिर में विशेष लाइटिंग: वास्तु के अनुसार गर्भ गृह में एलईडी लाइटें लगाई गईं, राम नवमी पर दिखेगी अलग छटा राहुल सेन मांडव मो 9669141814 मांडू न्यूज/मांडू के चतुर्भुज राम मंदिर परिसर और भगवान के गर्भ गृह में नई प्रकाश व्यवस्था की गई है। महामंडलेश्वर पीठाधीश्वर डॉ. नरसिंह दास महाराज ने श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए मंदिर को दिव्य और शांत बनाने के उद्देश्य से यह पहल की है। इस नई व्यवस्था में वार्म व्हाइट एलईडी नियॉन लाइट्स, स्ट्रिप लाइट्स और कलर-चेंजिंग बल्ब का उपयोग किया जा रहा है। ये ऊर्जा-कुशल लाइटें ऐक्रेलिक सामग्री के साथ मंदिर का आकर्षण बढ़ा रही हैं और इनकी लंबी अवधि तक चलने की उम्मीद है। वास्तु के अनुसार, महंत ने सकारात्मक ऊर्जा और शांति बढ़ाने के लिए सफेद, क्रीम या हल्के पीले रंगों के प्रकाश का चयन किया है। मंदिर को पहले एक समस्या का सामना करना पड़ता था। गर्भ गृह में पूजा कक्ष की मंद रोशनी अक्सर पवित्र मूर्तियों पर छाया डालती थी, जिससे श्रद्धालुओं और पर्यटकों को भगवान का स्वरूप स्पष्ट दिखाई नहीं देता था।इस समस्या को हल करने और आध्यात्मिक जुड़ाव को बढ़ाने के लिए महंत नरसिंह दास ने विशेष वास्तु-अनुरूप लाइट डेकोरेशन और मंदिर के कुछ हिस्सों का कायाकल्प किया है। आकर्षक वास्तु से जुड़ी लाइटें और पीवी की ग्रिल का कार्य मंदिर की छत और दीवारों पर विशेष रूप से करवाया गया है। ये लाइट्स पूजा कक्षों के आध्यात्मिक वातावरण को बढ़ाने के लिए डिज़ाइन की गई हैं, जो एक जीवंत और सुखदायक चमक प्रदान करेंगी। यह पहल पूरे मंदिर क्षेत्र में भक्तिमय अनुभव को उन्नत करेगी और श्रद्धालुओं के लिए आकर्षण का केंद्र बनेगी, जिससे उन्हें भगवान के चार हाथों और पूरी प्रतिमा का स्पष्ट दर्शन हो सकेगा।एलईडी लाइटें एक समान, चमकदार और सुखदायक प्रकाश प्रदान करेंगी जहां यह लगाई जा रही है,, जिससे मंदिर का हर कोना अच्छी तरह से रोशन होगा, और भगवान राम लक्ष्मण सीता और अन्य देवी देवताओं की मूर्तियों और सजावट को और बेहतर निखार देगा। उल्लेखनीय था। तेज, फिर भी शांत प्रकाश ने न केवल उनके आध्यात्मिक स्थान को बेहतर बनाया, बल्कि मंदिर का हर कोना आकर्षण का केंद्र बिंदु भी बन रहा है। लाइटों ने हमारे पूजा कक्ष में एक नई ऊर्जा ला दी है। ऐसा लगता है जैसे अब ईश्वर की उपस्थिति अधिक स्पष्ट रूप से महसूस हो रही है।" यह लाइट आध्यात्मिक वातावरण को किस प्रकार बेहतर बना सकती हैं। यह लगने के बाद ही मंदिर में समझ में आने लगा है।सांस्कृतिक धरोहर का संरक्षण इस तरह की आधुनिक प्रकाश व्यवस्था के साथ प्राचीन वास्तुकला को संरक्षित करते हुए उसे एक नया और आकर्षक रूप दिया जा रहा है। ये सजावट न केवल धार्मिक स्थलों को सुंदर बना रही है, बल्कि मंदिर में आने वाले लाखों श्रद्धालु और मांडू आने वाले पर्यटकों बढ़ावा देने में भी यह पहल सहायक होगी कार्य के पूर्ण होने के बाद। जिससे मंदिर क्षेत्र के सिद्ध क्षेत्र की भव्यता बढ़ गई है, और यह दूर से भी आकर्षित कर रहा है। मंदिर पर श्रद्धालुओं का आना जाना लगा हुआ है। देर रात इसकी आभा देखते ही बन रही है।3
- देपालपुर में लोक अदालत का आयोजन1
- इंदौर के महू क्षेत्र से एक हैरान कर देने वाला सड़क हादसा सामने आया है। जहाँ तेज रफ्तार डंपर ने एक एक्टिवा सवार को जोरदार टक्कर मार दी। बताया जा रहा है कि यह घटना महू के पीगडंबर इलाके में शुक्रवार को हुई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार डंपर की रफ्तार काफी तेज थी और उसने अचानक एक्टिवा सवार को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि डंपर चालक एक्टिवा सवार को कई फीट तक घसीटते हुए ले गया। हादसे में एक्टिवा सवार गंभीर रूप से घायल हो गया। घटना के बाद मौके पर लोगों की भीड़ जमा हो गई। स्थानीय लोगों ने तुरंत घायल को बाहर निकालकर इलाज के लिए अस्पताल भिजवाया। फिलहाल इस घटना के बाद क्षेत्र में आक्रोश का माहौल है और पुलिस पूरे मामले की जांच में जुट गई है।1
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- बिना सूचना ब्लास्टिंग से उड़े घरों के टीन-पतरे: धार के चिचोड़िया गांव में धमाके से मकानों में आई दरारें, ग्रामीण दहशत में राहुल सेन मांडव मो 9669141814 धार न्यूज/धार जिले की सरदारपुर तहसील के ग्राम चिचोड़िया में गुरुवार दोपहर इंदौर-दाहोद रेलवे लाइन निर्माण के दौरान की गई ब्लास्टिंग से कई मकानों को क्षति पहुंची है। इस धमाके से कुछ घरों की छतों के टीन-पतरे उड़ गए और दीवारों में दरारें आ गई हैं, जिससे ग्रामीण दहशत में हैं और प्रशासन से मुआवजे की मांग कर रहे हैं। यह धमाका चिचोड़िया गांव के पास चल रहे इंदौर-दाहोद रेलवे लाइन परियोजना के तहत पुलिया निर्माण कार्य के दौरान हुआ। निर्माण कंपनी द्वारा जमीन के अंदर विस्फोटक लगाकर यह ब्लास्टिंग की गई थी। ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि ब्लास्टिंग से पहले उन्हें किसी भी प्रकार की सूचना या चेतावनी नहीं दी गई थी।घरों के उड़े टीन-पतरे, जमीन में हुआ कंपन धमाका इतना तीव्र था कि गांव के कई मकानों को क्षति पहुंची। कुछ घरों की छतों के टीन-पतरे उड़ गए। इसके साथ ही कई मकानों की दीवारों में दरारें आ गईं। धमाके के समय जमीन में कंपन महसूस हुआ। ग्रामीणों के अनुसार इस धमाके की आवाज दूर-दूर तक सुनाई दी, जिससे गांव में कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया। ग्रामीण बोले- पहले बताते तो सुरक्षित स्थान पर चले जाते ग्रामीणों ने ब्लास्टिंग से पहले सूचना न दिए जाने पर कड़ी नाराजगी व्यक्त की है। ग्रामीण चुन्नीलाल मारू ने कहा, "यदि पहले चेतावनी दी जाती तो लोग सुरक्षित स्थानों पर चले जाते।" गांव के उमेश रावल, सीताराम कालू और रामलाल दागी के मकानों में दरारें आने की जानकारी मिली है। सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल, मुआवजे की मांग इस घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में धमाके की तेज आवाज और लोगों की घबराहट साफ दिखाई दे रही है। धमाके के बाद कई ग्रामीण दहशत में अपने घरों से बाहर निकल आए और स्थिति का जायजा लेते दिखे। प्रभावित ग्रामीणों ने प्रशासन से इस मामले की जांच करने और मकानों में हुए नुकसान के लिए मुआवजे की मांग की है2