अमेरिका की सुपरमेसी बर्दाश्त नहीं हो सकती, भाजपा क्यों खामोश... संदीप सांख्यान प्रदेश कांग्रेस के पूर्व मीडिया कॉर्डिनेटर संदीप सांख्यान ने केंद्र सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा है कि एक तरफ केंद्र सरकार हिमाचल जैसे छोटे राज्यों को कुचलने के प्रयास कर रही है वहीं दूसरी तरह देश के किसानों के हितों से खिलवाड़ करके अमेरिका जैसे देशों के साथ ट्रेड डील कर रही है है। उन्होंने कहा कि भाजपा के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार ने तथाकथित अंतरिम व्यापार समझौते में संयुक्त राज्य अमेरिका को व्यापक रियायतें दी हैं, जिसमें फल, कपास, मेवे, सोयाबीन तेल और अन्य खाद्य उत्पादों जैसे कई अमेरिकी कृषि निर्यातों के लिए शून्य टैरिफ पर पहुँचा दिया है, जबकि अमेरिका में बेचे जाने वाले भारतीय कृषि उत्पादों पर 18 प्रतिशत टैरिफ लगेगा और अमेरिका जब चाहे इस समझौते को रद्द भी कर सकता है। संदीप सांख्यान ने कहा कि यह ट्रेड डील एकतरफा है और इससे देश की गरिमा को ठेस पहुंची है। उन्होंने कहा कि विश्वगुरु के नाम से अपने आप को प्रमोट करने वाले, विकसित भारत के नारा देने वाले, विश्व में अपने आप को चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था कहने वाले आज अमेरिका जैसे देशों के आगे घुटने टेकने को मजबूर हो चुके हैं। संदीप सांख्यान ने प्रश्न खड़ा करते हुए कहा कि क्या यह ‘एपस्टीन फाइल्स का डर है जो आज अमेरिका के आगे सरेंडर किया गया। संदीप सांख्यान ने कहा कि रूस से तेल खरीदने की वजह से अमेरिका ने भारत पर 25% टैरिफ लगाया था और अब जब भारत ने प्रतिबद्धता जताई है कि वो रूस से तेल नहीं खरीदेगा, तो क्या अब अमेरिका बताएगा कि भारत क्या करेगा या क्या नहीं करेगा। उन्होंने कहा कि भारत अमेरिका ट्रेड डील के बाद फ्रेमवर्क तक 18 फीसदी रेसिप्रॉकल टैरिफ, अमेरिका ने रेसिप्रॉकल टैरिफ 25 फीसदी से घटाकर 18 फीसद कर दिया है। तो इसका साफ मतलब है कि भारत पर अमेरिका की दादागिरी चलेगी जबकि अमेरिका की तरफ से कहा गया है कि भारत अब रूस से तेल की आपूर्ति बंद करेगा और दूसरी तरफ अमेरिकी कृषि उत्पादों के लिए 140 करोड़ की आबादी वाला बड़ा बाजार खोल दिया गया है, यह कौन सी विश्वगुरु की परिभाषा में आता है और आज इस मसले पर भाजपा का कोई भी नेता नहीं बोल पा रहा है।
अमेरिका की सुपरमेसी बर्दाश्त नहीं हो सकती, भाजपा क्यों खामोश... संदीप सांख्यान प्रदेश कांग्रेस के पूर्व मीडिया कॉर्डिनेटर संदीप सांख्यान ने केंद्र सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा है कि एक तरफ केंद्र सरकार हिमाचल जैसे छोटे राज्यों को कुचलने के प्रयास कर रही है वहीं दूसरी तरह देश के किसानों के हितों से खिलवाड़ करके अमेरिका जैसे देशों के साथ ट्रेड डील कर रही है है। उन्होंने कहा कि भाजपा के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार ने तथाकथित अंतरिम व्यापार समझौते में संयुक्त राज्य अमेरिका को व्यापक रियायतें दी हैं, जिसमें फल, कपास, मेवे, सोयाबीन तेल और अन्य खाद्य उत्पादों जैसे कई अमेरिकी कृषि निर्यातों के लिए शून्य टैरिफ पर पहुँचा दिया है, जबकि अमेरिका में बेचे जाने वाले भारतीय कृषि उत्पादों पर 18 प्रतिशत टैरिफ लगेगा और अमेरिका जब चाहे इस समझौते को रद्द भी कर सकता है। संदीप सांख्यान ने कहा कि यह ट्रेड डील एकतरफा है और इससे देश की गरिमा को ठेस पहुंची है। उन्होंने कहा कि विश्वगुरु के नाम से अपने आप को प्रमोट करने वाले, विकसित भारत के नारा देने वाले, विश्व में अपने आप को चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था कहने वाले आज अमेरिका जैसे देशों के आगे घुटने टेकने को मजबूर हो चुके हैं। संदीप सांख्यान ने प्रश्न खड़ा करते हुए कहा कि क्या यह ‘एपस्टीन फाइल्स का डर है जो आज अमेरिका के आगे सरेंडर किया गया। संदीप सांख्यान ने कहा कि रूस से तेल खरीदने की वजह से अमेरिका ने भारत पर 25% टैरिफ लगाया था और अब जब भारत ने प्रतिबद्धता जताई है कि वो रूस से तेल नहीं खरीदेगा, तो क्या अब अमेरिका बताएगा कि भारत क्या करेगा या क्या नहीं करेगा। उन्होंने कहा कि भारत अमेरिका ट्रेड डील के बाद फ्रेमवर्क तक 18 फीसदी रेसिप्रॉकल टैरिफ, अमेरिका ने रेसिप्रॉकल टैरिफ 25 फीसदी से घटाकर 18 फीसद कर दिया है। तो इसका साफ मतलब है कि भारत पर अमेरिका की दादागिरी चलेगी जबकि अमेरिका की तरफ से कहा गया है कि भारत अब रूस से तेल की आपूर्ति बंद करेगा और दूसरी तरफ अमेरिकी कृषि उत्पादों के लिए 140 करोड़ की आबादी वाला बड़ा बाजार खोल दिया गया है, यह कौन सी विश्वगुरु की परिभाषा में आता है और आज इस मसले पर भाजपा का कोई भी नेता नहीं बोल पा रहा है।
- har har Mahadev 🙏🙏1
- कुनिहार स्थित अनादि कालीन शिव तांडव गुफा में शिव महापुराण कथा का आठवाँ दिवस भक्तिभाव से सम्पन्न हुआ1
- चार नए लेबर कोड के विरोध में CITU ने शिमला में सरकार के खिलाफ विरोध रैली निकाली. इस विरोध प्रदर्शन में 10 ट्रेड यूनियन शामिल हुए. रैली में चार नए लेबर कोड का विरोध जताते हुए प्रदर्शनकारियों ने सरकार के खिलाफ हल्ला बोला. सरकार के खिलाफ विरोध जताते हुए पंचायत भवन से डीसी ऑफिस तक विरोध मार्च किया गया. VO -- CITU के प्रदेश अध्यक्ष विजेंद्र मेहरा ने कहा कि सरकार मजदूरों को बंधुआ मजदूरी की तरफ़ धकेलने की कोशिश कर रही है. उन्होंने कहा कि यह मजदूरों के अधिकारों की लड़ाई है. देश में पूंजीपतियों को फायदा पहुँचाने का काम हो रहा है. विरोध रैली में आउट सोर्स और आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं के लिए नीति बनाने की मांग की गई. मनरेगा ख़त्म करने का भी विरोध किया गया. इस दौरान प्रदर्शनकारियों ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की. उन्होंने कहा कि सरकार को मजदूरों के अधिकारों की रक्षा करनी चाहिए. विजेंद्र मेहरा ने कहा कि सरकार को अपनी नीतियों में बदलाव करना होगा. उन्होंने कहा कि मजदूरों के अधिकारों की रक्षा करना सरकार की जिम्मेदारी है. उन्होंने कहा कि जब तक सरकार अपनी नीतियों में बदलाव नहीं करती, तब तक वे विरोध ज़ारी रखेंगे. बाइट -- विजेंद्र मेहरा, राज्य अध्यक्ष CITU2
- कल सूखा था हैंडपंप, आज बहने लगा पानी – प्रशासन की त्वरित कार्रवाई! वीडियो हुआ वायरल और अगले ही दिन मिला समाधान! गांव की आवाज़ बनी ताकत – एक दिन में पानी की समस्या खत्म! सोशल मीडिया की त"कल तक गांव में पानी की बड़ी समस्या थी 💧 हैंडपंप सूखा पड़ा था। वीडियो डालते ही अगले दिन समाधान हो गया 🙏 धन्यवाद उन सभी को जिन्होंने साथ दिया। आवाज़ उठाइए, बदलाव ज़रूर आता है!"#BreakingNews #GoodNews #GaonKiJeet #PaniKaSamadhan #SocialMediaPower #VillageUpdate #PositiveNews #AwazKiTakat #GraminVikas1
- हमीरपुर कृषि उपज मंडी समिति (एपीएमसी) हमीरपुर के अध्यक्ष अजय शर्मा ने बुधवार को कृषि और उद्यान विभाग के उच्च अधिकारियों के साथ कुठेड़ा क्षेत्र का दौरा किया। उन्होंने क्षेत्र के प्रगतिशील किसान एवं शिक्षा विभाग से उपनिदेशक के पद से सेवानिवृत्त हुए देशराज शर्मा के बागीचे का जायजा लिया। देशराज शर्मा के कार्यों की सराहना करते हुए अजय शर्मा ने कहा कि इन्होंने कृषि-बागवानी के क्षेत्र में एक नई मिसाल पेश की है। इन्होंने कम ऊंचाई वाले क्षेत्र में भी सेब की फसल तैयार करके दिखाई है और पिछले सीजन में लगभग चार क्विंटल सेब बाजार में बेचा है। इसके अलावा लगभग 70 हजार रुपये की मक्की, आलू और मूली इत्यादि भी बाजार में बेची। उनके बागीचे में सेब, अमरूद, अंगूर, किन्नू, गलगल, अंजीर और लीची इत्यादि की भी अच्छी पैदावार हो रही है। अजय शर्मा ने कहा कि देशराज शर्मा के सफल प्रयोग को देखते हुए कुठेड़ा क्षेत्र को उद्यान विभाग की एचपीशिवा परियोजना के अंतर्गत लाने के लिए त्वरित कदम उठाए जाएंगे। इससे यहां बड़े पैमाने पर बागवानी को बढ़ावा मिलेगा। एपीएमसी अध्यक्ष ने कहा कि किसानों, बागवानों और पशुपालकों की आय बढ़ाने के लिए मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने कई बड़े निर्णय लिए हैं। प्राकृतिक खेती से तैयार मक्की, गेहूं और हल्दी के लिए मुख्यमंत्री ने अलग से उच्च दाम निर्धारित किए हैं। प्रदेश सरकार इस विधि से उगाई गई मक्की को 40 रुपये प्रति किलोग्राम, गेहूं को 60 रुपये और कच्ची हल्दी को 90 रुपये प्रति किलोग्राम की दर से खरीद रही है। दूध के दाम में भी रिकॉर्ड वृद्धि की गई है। किसानों-बागवानों को प्रदेश सरकार की इन योजनाओं का लाभ उठाना चाहिए। इस अवसर पर उद्यान विभाग के उपनिदेशक राजेश्वर परमार, कृषि विभाग के उपनिदेशक डॉ. शशिपाल अत्री, एपीएमसी के सचिव गोपाल कृष्ण और अन्य अधिकारियों ने क्षेत्र के किसानों को विभागीय योजनाओं की जानकारी दी तथा इन योजनाओं का लाभ उठाने की अपील की।1
- उपमंडल बंगाणा क्षेत्र के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला तलमेहड़ा स्कूल में स्कूल के प्रधानाचार्य अनिल कुमार की अध्यक्षता में एक दिवसीय जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करवाया गया। जिसमें रोड़ सेफ्टी क्लब के अध्यक्ष मोहन लाल की देखरेख में स्कूल में एक दिवसीय यातायात नियमों के प्रति जागरूकता कार्यक्रम आयोजित करवाया गया। जिसमें स्कूली छात्र छात्राओं को जागरूक करते हुए बताया कि 18साल से पहले कोई भी नाबालिक बाहन न चलाएं।बहीं पर 18साल की उम्र पुरी होने के बाद पहले अपना लर्निंग लाइसेंस जारी होने के बाद ही सड़क पर वाहन चलाना चाहिए।बहीं पर इसके बाद सभी छात्र छात्राओं ने स्कूल ग्राउंड से तलमेहडा बाजार चौक होते हुए पंचायत घर उसके बाद दा रौनखर कापरेटिव सोसायटी तक एक जागरूकता रैली निकाली तथा लोगों को भी यातायात नियमों के प्रति जागरूक किया और बताया कि दो पहिया वाहन हैल्मेट तथा चार पहिया वाहन सीट बेल्ट लगा कर ही वाहन चलाना चाहिए। बहीं पर बौद्धिक सत्र में रोड़ सेफ्टी क्लब के अध्यक्ष मोहन लाल की अध्यक्षता में एक प्रतियोगिता करवाई गई जिसमें चार ग्रुप में चार चार छात्र छात्राओं को शामिल किया गया।इस प्रतियोगिता में सभी टीमों से दस दस प्रश्न पुछे गए जिसमें प्रथम स्थान पर ग्रुप बी रहा जिसमें पयूश,नमन धीमान,अजय,बंश राणा तथा द्वितिय स्थान पर ग्रुप ए रहा जिसमें मानसी राणा,काजल शर्मा,वंश धीमान,अमन धीमान रहे बहीं पर तृतीय स्थान पर ग्रुप सी रहा जिसमें दिव्यांशी राणा,अंविका ठाकुर,कनिका धीमान,राधीका ठाकुर रही। इस मौके पर सभी विजेताओं को पुरस्कार देकर सम्मानित किया गया। इस मौके पर स्कूल के प्रधानाचार्य अनिल कुमार, रोड सेफ्टी क्लब के अध्यक्ष मोहन लाल, डीपीई आदि मौजूद रहे1
- ऊना। आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े 108 और 102 एंबुलेंस कर्मचारियों ने अपनी लंबित मांगों को लेकर अब आंदोलन को निर्णायक चरण में पहुंचा दिया है। वीरवार से शुरू हुई पांच दिवसीय हड़ताल के तहत कर्मचारी चार दिन तक ऊना जिला मुख्यालय में धरना-प्रदर्शन करेंगे, जबकि पांचवें दिन शिमला में ‘धावा’ बोलकर सरकार का ध्यान आकर्षित करेंगे। कर्मचारियों का आरोप है कि वर्षों से उन्हें कम वेतन पर 12-12 घंटे ड्यूटी करनी पड़ रही है, लेकिन ओवरटाइम का भुगतान नहीं किया जा रहा। न्यायालय के आदेशों के बावजूद कंपनी द्वारा उन्हें लागू न करना भी आक्रोश का बड़ा कारण बना हुआ है। कर्मचारियों ने स्पष्ट कर दिया है कि यदि इस पांच दिवसीय आंदोलन के दौरान सरकार और संचालन कंपनी ने वार्ता कर समाधान नहीं निकाला तो वे अनिश्चितकालीन हड़ताल का रास्ता अपनाने से पीछे नहीं हटेंगे। इस मौके पर प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों ने हिमाचल प्रदेश सरकार और संचालक कंपनी के खिलाफ जमकर नारेबाजी भी की।1
- "कल तक गांव में पानी की बड़ी समस्या थी 💧 हैंडपंप सूखा पड़ा था। वीडियो डालते ही अगले दिन समाधान हो गया 🙏 धन्यवाद उन सभी को जिन्होंने साथ दिया। आवाज़ उठाइए, बदलाव ज़रूर आता है!"9