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ब्रैकिग जौरा*शक्कर कारखाना चलाओ संघर्ष समिति, कारखाने को चलवाने को 15 अगस्त से शुरू करेगी जनांदोलन*। *=============* जौरा - शक्कर कारखाना चलाओ संघर्ष समिति की मीटिंग जौरा में सम्पन्न हुई। मीटिंग में जनता को लामवंद कर एकजुट जुझारू आन्दोलन 15 अगस्त को ध्वजारोहण कै बाद शुरू करेगी। इस आंदोलन में धरना प्रदर्शन भूख हड़ताल आमरण अनशन सत्याग्रह जैल भरो किया जाएगा। यह निर्णय सर्वसम्मति से लिया गया। संघर्ष समिति की मीटिंग में सर्व श्री पंकज उपाध्याय विधायक, महेश दत्त मिश्रा पूर्व विधायक, अशोक तिवारी पूर्व नपाध्यक्ष, प्रदेश अध्यक्ष किसान सभा, गयाराम सिंह धाकड़ पुर्व संचालक शक्कर कारखाना माकपा नेता, जगदीश शुक्ला पूर्व अध्यक्ष ब्राह्मण सभा, एल एन त्यागी, रामकुमार शर्मा,सोनू त्यागी आदि शामिल रहे। संघर्ष समिति ने इस बार निर्णायक आन्दोलन चलाने का निर्णय लिया है। इसमें मुख्य रूप से सरकार की वायदा खिलाफी को मुद्दा बनाया जाएगा।

8 hrs ago
user_Lokesh shukla
Lokesh shukla
कैलारस, मुरैना, मध्य प्रदेश•
8 hrs ago

ब्रैकिग जौरा*शक्कर कारखाना चलाओ संघर्ष समिति, कारखाने को चलवाने को 15 अगस्त से शुरू करेगी जनांदोलन*। *=============* जौरा - शक्कर कारखाना चलाओ संघर्ष समिति की मीटिंग जौरा में सम्पन्न हुई। मीटिंग में जनता को लामवंद कर एकजुट जुझारू आन्दोलन 15 अगस्त को ध्वजारोहण कै बाद शुरू करेगी। इस आंदोलन में धरना प्रदर्शन भूख हड़ताल आमरण अनशन सत्याग्रह जैल भरो किया जाएगा। यह निर्णय सर्वसम्मति से लिया गया। संघर्ष समिति की मीटिंग में सर्व श्री पंकज उपाध्याय विधायक, महेश दत्त मिश्रा पूर्व विधायक, अशोक तिवारी पूर्व नपाध्यक्ष, प्रदेश अध्यक्ष किसान सभा, गयाराम सिंह धाकड़ पुर्व संचालक शक्कर कारखाना माकपा नेता, जगदीश शुक्ला पूर्व अध्यक्ष ब्राह्मण सभा, एल एन त्यागी, रामकुमार शर्मा,सोनू त्यागी आदि शामिल रहे। संघर्ष समिति ने इस बार निर्णायक आन्दोलन चलाने का निर्णय लिया है। इसमें मुख्य रूप से सरकार की वायदा खिलाफी को मुद्दा बनाया जाएगा।

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  • ब्रैकिग मुरैना*अम्बाह में अवैध कब्जों के विरुद्ध लगातार कार्रवाई, 41 बीघा से अधिक भूमि मुक्त कराकर वास्तविक भूमिस्वामियों को दिलाया कब्जा* *वर्ष 2003 में आवंटित पट्टों पर 23 वर्ष बाद मिला अधिकार, कलेक्टर के निर्देशन में जारी है अभियान* मुरैना, 31 जुलाई 2026/मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मंशानुरूप गरीब एवं पात्र भूमिस्वामियों को उनकी भूमि का वास्तविक अधिकार दिलाने के लिए जिले में अवैध कब्जों के विरुद्ध अभियान निरंतर जारी है। इसी क्रम में कलेक्टर श्री लोकेश कुमार जांगिड़ के निर्देशन एवं अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) अम्बाह श्रीमती प्रतिज्ञा शर्मा के मार्गदर्शन में तहसील अम्बाह के ग्राम लुधावली में राजस्व विभाग द्वारा कार्रवाई करते हुए 41 बीघा से अधिक भूमि को अवैध कब्जे से मुक्त कराकर वास्तविक पट्टाधारियों को कब्जा दिलाया गया। कलेक्टर लोकेश कुमार जांगिड़ के निर्देशानुसार गठित राजस्व दल द्वारा ग्राम लुधावली स्थित सर्वे क्रमांक 302 एवं 306 की भूमि का सीमांकन कर कुल 8 पट्टाधारियों की 41 बीघा से अधिक भूमि को अवैध कब्जे से मुक्त कराया गया। कार्रवाई तहसीलदार श्री नरेश शर्मा के नेतृत्व एवं राजस्व निरीक्षक राजकुमार शर्मा की उपस्थिति में संपादित की गई। सीमांकन उपरांत नियमानुसार संबंधित वास्तविक भूमिस्वामियों को उनकी भूमि का कब्जा सौंपा गया। कार्रवाई में राजस्व निरीक्षक राजकुमार शर्मा के साथ पटवारी संजीव शर्मा, भोला शर्मा, प्रवीण सिंह जादौन एवं पुष्पेन्द्र कुमार शर्मा शामिल रहे। उल्लेखनीय है कि इससे पूर्व 23 जुलाई 2026 को भी ग्राम लुधावली में राजस्व विभाग द्वारा 14 पट्टाधारियों को सीमांकन उपरांत उनकी भूमि का कब्जा दिलाया गया था। शुक्रवार को जिन हितग्राहियों को उनकी भूमि का अधिकार प्राप्त हुआ, उनमें कदुमी, कैलाशी, ओमप्रकाश, आशाराम, रामबरन, करूआ, इतवारी, मुन्नालाल सिंह, रामसेवक, बंटी एवं मुकेश सहित ग्राम लुधावली के पात्र पट्टाधारी एवं उनके वैधानिक उत्तराधिकारी शामिल हैं। राजस्व अधिकारियों ने बताया कि इन हितग्राहियों को वर्ष 2003 में शासन द्वारा आजीविका के उद्देश्य से भूमि के पट्टे आवंटित किए गए थे, लेकिन अवैध कब्जों के कारण वे वर्षों तक अपनी भूमि का उपयोग नहीं कर सके। कई मूल पट्टाधारियों का इस दौरान निधन हो चुका था, इसलिए उनके वैधानिक वारिसों का सीमांकन कर उन्हें भूमि का विधिवत कब्जा सौंपा गया। तहसीलदार द्वारा बताया गया कि तहसील अम्बाह में गरीब, भूमिहीन एवं असहाय पात्र हितग्राहियों की भूमि पर किए गए अवैध कब्जों को हटाने की कार्रवाई प्राथमिकता के आधार पर निरंतर जारी रहेगी, ताकि प्रत्येक पात्र भूमिस्वामी को उसका वैधानिक अधिकार सुनिश्चित किया जा सके।
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    ब्रैकिग मुरैना*अम्बाह में अवैध कब्जों के विरुद्ध लगातार कार्रवाई, 41 बीघा से अधिक भूमि मुक्त कराकर वास्तविक भूमिस्वामियों को दिलाया कब्जा*

*वर्ष 2003 में आवंटित पट्टों पर 23 वर्ष बाद मिला अधिकार, कलेक्टर के निर्देशन में जारी है अभियान*

मुरैना, 31 जुलाई 2026/मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मंशानुरूप गरीब एवं पात्र भूमिस्वामियों को उनकी भूमि का वास्तविक अधिकार दिलाने के लिए जिले में अवैध कब्जों के विरुद्ध अभियान निरंतर जारी है। इसी क्रम में कलेक्टर श्री लोकेश कुमार जांगिड़ के निर्देशन एवं अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) अम्बाह श्रीमती प्रतिज्ञा शर्मा के मार्गदर्शन में तहसील अम्बाह के ग्राम लुधावली में राजस्व विभाग द्वारा कार्रवाई करते हुए 41 बीघा से अधिक भूमि को अवैध कब्जे से मुक्त कराकर वास्तविक पट्टाधारियों को कब्जा दिलाया गया।

कलेक्टर लोकेश कुमार जांगिड़ के निर्देशानुसार गठित राजस्व दल द्वारा ग्राम लुधावली स्थित सर्वे क्रमांक 302 एवं 306 की भूमि का सीमांकन कर कुल 8 पट्टाधारियों की 41 बीघा से अधिक भूमि को अवैध कब्जे से मुक्त कराया गया। कार्रवाई तहसीलदार श्री नरेश शर्मा के नेतृत्व एवं राजस्व निरीक्षक  राजकुमार शर्मा की उपस्थिति में संपादित की गई। सीमांकन उपरांत नियमानुसार संबंधित वास्तविक भूमिस्वामियों को उनकी भूमि का कब्जा सौंपा गया।

कार्रवाई में राजस्व निरीक्षक  राजकुमार शर्मा के साथ पटवारी  संजीव शर्मा, भोला शर्मा, प्रवीण सिंह जादौन एवं पुष्पेन्द्र कुमार शर्मा शामिल रहे।

उल्लेखनीय है कि इससे पूर्व 23 जुलाई 2026 को भी ग्राम लुधावली में राजस्व विभाग द्वारा 14 पट्टाधारियों को सीमांकन उपरांत उनकी भूमि का कब्जा दिलाया गया था। शुक्रवार को जिन हितग्राहियों को उनकी भूमि का अधिकार प्राप्त हुआ, उनमें कदुमी, कैलाशी, ओमप्रकाश, आशाराम, रामबरन, करूआ, इतवारी, मुन्नालाल सिंह, रामसेवक, बंटी एवं मुकेश सहित ग्राम लुधावली के पात्र पट्टाधारी एवं उनके वैधानिक उत्तराधिकारी शामिल हैं।

राजस्व अधिकारियों ने बताया कि इन हितग्राहियों को वर्ष 2003 में शासन द्वारा आजीविका के उद्देश्य से भूमि के पट्टे आवंटित किए गए थे, लेकिन अवैध कब्जों के कारण वे वर्षों तक अपनी भूमि का उपयोग नहीं कर सके। कई मूल पट्टाधारियों का इस दौरान निधन हो चुका था, इसलिए उनके वैधानिक वारिसों का सीमांकन कर उन्हें भूमि का विधिवत कब्जा सौंपा गया।

तहसीलदार द्वारा  बताया गया कि तहसील अम्बाह में गरीब, भूमिहीन एवं असहाय पात्र हितग्राहियों की भूमि पर किए गए अवैध कब्जों को हटाने की कार्रवाई प्राथमिकता के आधार पर निरंतर जारी रहेगी, ताकि प्रत्येक पात्र भूमिस्वामी को उसका वैधानिक अधिकार सुनिश्चित किया जा सके।
    user_Lokesh shukla
    Lokesh shukla
    कैलारस, मुरैना, मध्य प्रदेश•
    1 hr ago
  • शक्कर कारखाना चलाओ संघर्ष समिति, कारखाने को चलवाने को 15 अगस्त से शुरू करेगी जनांदोलन। *शक्कर कारखाना चलाओ संघर्ष समिति, कारखाने को चलवाने को 15 अगस्त से शुरू करेगी जनांदोलन*। *=============* जौरा - शक्कर कारखाना चलाओ संघर्ष समिति की मीटिंग जौरा में सम्पन्न हुई। मीटिंग में जनता को लामवंद कर एकजुट जुझारू आन्दोलन 15 अगस्त को ध्वजारोहण कै बाद शुरू करेगी। इस आंदोलन में धरना प्रदर्शन भूख हड़ताल आमरण अनशन सत्याग्रह जैल भरो किया जाएगा। यह निर्णय सर्वसम्मति से लिया गया। संघर्ष समिति की मीटिंग में सर्व श्री पंकज उपाध्याय विधायक, महेश दत्त मिश्रा पूर्व विधायक, अशोक तिवारी पूर्व नपाध्यक्ष, प्रदेश अध्यक्ष किसान सभा, गयाराम सिंह धाकड़ पुर्व संचालक शक्कर कारखाना माकपा नेता, जगदीश शुक्ला पूर्व अध्यक्ष ब्राह्मण सभा, एल एन त्यागी, रामकुमार शर्मा,सोनू त्यागी आदि शामिल रहे। संघर्ष समिति ने इस बार निर्णायक आन्दोलन चलाने का निर्णय लिया है। इसमें मुख्य रूप से सरकार की वायदा खिलाफी को मुद्दा बनाया जाएगा। प्रेषक अशोक तिवारी प्रदेश अध्यक्ष मध्य प्रदेश किसान सभा
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    शक्कर कारखाना चलाओ संघर्ष समिति,
कारखाने को चलवाने को 15 अगस्त से शुरू करेगी जनांदोलन।
*शक्कर कारखाना चलाओ संघर्ष समिति,
कारखाने को चलवाने को 15 अगस्त से शुरू करेगी जनांदोलन*।
*=============*
जौरा - शक्कर कारखाना चलाओ संघर्ष समिति की मीटिंग जौरा में सम्पन्न हुई। मीटिंग में जनता को लामवंद कर एकजुट जुझारू आन्दोलन 15 अगस्त को ध्वजारोहण कै बाद शुरू करेगी। इस आंदोलन में धरना प्रदर्शन भूख हड़ताल आमरण अनशन सत्याग्रह जैल भरो किया जाएगा। यह निर्णय सर्वसम्मति से लिया गया। 
संघर्ष समिति की मीटिंग में सर्व श्री पंकज उपाध्याय विधायक, महेश दत्त मिश्रा पूर्व विधायक, अशोक तिवारी पूर्व नपाध्यक्ष, प्रदेश अध्यक्ष किसान सभा,
गयाराम सिंह धाकड़ पुर्व संचालक शक्कर कारखाना माकपा नेता, जगदीश शुक्ला पूर्व अध्यक्ष ब्राह्मण सभा, एल एन त्यागी, रामकुमार शर्मा,सोनू त्यागी आदि शामिल रहे।
संघर्ष समिति ने इस बार निर्णायक आन्दोलन चलाने का निर्णय लिया है।
इसमें मुख्य रूप से सरकार की वायदा खिलाफी को मुद्दा बनाया जाएगा।
प्रेषक 
अशोक तिवारी 
प्रदेश अध्यक्ष मध्य प्रदेश किसान सभा
    user_Mahesh singh
    Mahesh singh
    Local News Reporter जौरा, मुरैना, मध्य प्रदेश•
    7 hrs ago
  • 85वें दिन भी जनहित सत्याग्रह जारी 17 दिसंबर को अध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव के बाद भी नगर पालिका में भुगतान और टेंडर प्रक्रिया जारी रहने का आरोप ICICI बैंक से कथित 50 85वें दिन भी जनहित सत्याग्रह जारी 17 दिसंबर को अध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव के बाद भी नगर पालिका में भुगतान और टेंडर प्रक्रिया जारी रहने का आरोप ICICI बैंक से कथित 50 करोड़ रुपये के भुगतान की उच्चस्तरीय जांच की मांग, जनता के पैसों का बैंक स्टेटमेंट सार्वजनिक करने की मांग कलेक्टर को पार्षदों ने सौंपा सामूहिक पत्र, 42.67 लाख रुपये के निरस्त टेंडर फार्म में कथित भुगतान और फर्जी हस्ताक्षर से ठहराव प्रस्ताव बनाए जाने पर उठाए सवाल सबलगढ़। नगर पालिका परिषद सबलगढ़ में कथित भ्रष्टाचार, वित्तीय अनियमितताओं और पारदर्शिता की मांग को लेकर शुरू किया गया जनहित सत्याग्रह 85वें दिन भी जारी रहा। इस दौरान पार्षदों ने नगर पालिका की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाते हुए जिला कलेक्टर मुरैना को सामूहिक पत्र सौंपकर कथित बड़े वित्तीय घोटालों, भुगतान और टेंडर प्रक्रियाओं की उच्चस्तरीय एवं निष्पक्ष जांच की मांग की। पार्षदों ने कहा कि नगर पालिका अध्यक्ष के खिलाफ 17 दिसंबर 2025 को अविश्वास प्रस्ताव की प्रक्रिया की जा चुकी है। इसके बाद मामले में माननीय उच्च न्यायालय, ग्वालियर द्वारा भी शासन को निर्धारित समय-सीमा में आदेश का पालन करने के निर्देश दिए गए हैं। पार्षदों का आरोप है कि इसके बावजूद नगर पालिका में भुगतान और टेंडर संबंधी प्रक्रियाएं लगातार जारी हैं। “अविश्वास प्रस्ताव के बाद आंखें मूंदकर किए जा रहे बड़े भुगतान” पार्षदों का आरोप है कि अध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव और न्यायालय के निर्देशों के बावजूद नगर पालिका में जिम्मेदार अधिकारी कथित अनियमितताओं पर आंखें मूंदे बैठे हैं। उनका कहना है कि इसी कारण नगर पालिका में बड़े स्तर पर वित्तीय अनियमितताओं और कथित घोटालों को अंजाम दिए जाने की आशंका है। पार्षदों ने आरोप लगाया कि नगर पालिका के ICICI बैंक खाते से करीब 50 करोड़ रुपये के कथित भुगतान की उच्चस्तरीय जांच आवश्यक है। उन्होंने मांग की कि संबंधित बैंक खातों के स्टेटमेंट, भुगतान की पूरी सूची, बिल-वाउचर, स्वीकृति, ठहराव प्रस्ताव और भुगतान की पूरी प्रक्रिया की जांच कराई जाए। साथ ही जनता के पैसों से संबंधित बैंक खाते का स्टेटमेंट सार्वजनिक किया जाए, ताकि जनता को भी नगर पालिका के वित्तीय लेन-देन की वास्तविक जानकारी मिल सके। 42.67 लाख रुपये के कथित भुगतान पर उठाए सवाल पार्षदों ने जिला कलेक्टर को दिए सामूहिक पत्र में आरोप लगाया कि जिला कलेक्टर की TL बैठक में निरस्त किए गए विद्युत सामग्री टेंडर से संबंधित करीब 42.67 लाख रुपये का कथित भुगतान बाद में किया गया। पार्षदों का सवाल है कि यदि संबंधित टेंडर निरस्त किया जा चुका था तो उसके आधार पर भुगतान किस नियम, किस प्रक्रिया और किस सक्षम स्वीकृति के तहत किया गया? पार्षदों ने इस मामले से जुड़े दस्तावेज भी जिला प्रशासन को सौंपे और मांग की कि निरस्त टेंडर से लेकर भुगतान तक की पूरी प्रक्रिया की निष्पक्ष जांच की जाए। पार्षदों का कहना है कि इस मामले में जिम्मेदारी तय होना आवश्यक है और यदि किसी स्तर पर अनियमितता पाई जाती है तो संबंधित जिम्मेदारों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जानी चाहिए। “हमारे फर्जी हस्ताक्षर कर बनाए जा रहे ठहराव प्रस्ताव” पार्षदों ने एक और गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि उनके कथित फर्जी हस्ताक्षर कर ठहराव प्रस्ताव तैयार किए जा रहे हैं और बिना विधिवत ठहराव प्रस्ताव के भुगतान एवं नए टेंडर लगाए जाने की शिकायत सामने आई है। पार्षदों ने मांग की कि नगर पालिका में पिछले समय में पारित सभी ठहराव प्रस्तावों की जांच कराई जाए तथा उनमें लगे हस्ताक्षरों का संबंधित पार्षदों से सत्यापन कराया जाए। यदि किसी दस्तावेज पर फर्जी हस्ताक्षर पाए जाते हैं तो जिम्मेदार व्यक्तियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए। 50 करोड़ रुपये के कथित घोटाले की उच्चस्तरीय जांच की मांग पार्षदों ने आरोप लगाया कि नगर पालिका में पिछले समय से करीब 50 करोड़ रुपये के कथित घोटाले और वित्तीय अनियमितताओं की शिकायतें सामने आ रही हैं। ऐसे में केवल एक-दो मामलों की जांच पर्याप्त नहीं है, बल्कि नगर पालिका के सभी बैंक खातों, ऑनलाइन एवं ऑफलाइन भुगतानों, टेंडर, ठहराव प्रस्ताव, निर्माण कार्यों और बिल-वाउचर की व्यापक जांच कराई जानी चाहिए। पार्षदों ने कहा कि जनता के पैसों से जुड़े मामलों में पूरी पारदर्शिता आवश्यक है। उन्होंने जिला कलेक्टर मुरैना से मांग की कि पूरे मामले की किसी स्वतंत्र एवं उच्चस्तरीय जांच एजेंसी से जांच कराई जाए और जांच पूरी होने तक संदिग्ध भुगतानों एवं प्रक्रियाओं की भी समीक्षा की जाए। पार्षदों ने स्पष्ट कहा कि जनहित सत्याग्रह नगर पालिका में पारदर्शिता, जवाबदेही और जनता के धन की सुरक्षा के लिए है। उनका कहना है कि उनके पास कथित अनियमितताओं से संबंधित दस्तावेज मौजूद हैं और वे सभी दस्तावेज जांच एजेंसी के समक्ष प्रस्तुत करने को तैयार हैं। पार्षदों ने कहा—“17 दिसंबर को अध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव की प्रक्रिया किए जाने और माननीय उच्च न्यायालय के निर्देशों के बावजूद यदि नगर पालिका में बड़े भुगतान और टेंडर प्रक्रिया जारी है, तो इसकी निष्पक्ष जांच जरूरी है। जनता के पैसों का हिसाब जनता के सामने आना चाहिए।” पार्षदों ने मांग की कि ICICI बैंक से हुए कथित भुगतान, निरस्त टेंडर, ऑनलाइन एवं ऑफलाइन भुगतान, टेंडर प्रक्रिया और कथित फर्जी ठहराव प्रस्तावों की निष्पक्ष जांच कराई जाए। पार्षदों ने कहा कि जब तक नगर पालिका में कथित वित्तीय अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच नहीं होती और जनता के पैसों का पूरा हिसाब सामने नहीं आता, तब तक उनका जनहित सत्याग्रह जारी रहेगा।
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    85वें दिन भी जनहित सत्याग्रह जारी
17 दिसंबर को अध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव के बाद भी नगर पालिका में भुगतान और टेंडर प्रक्रिया जारी रहने का आरोप
ICICI बैंक से कथित 50
85वें दिन भी जनहित सत्याग्रह जारी
17 दिसंबर को अध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव के बाद भी नगर पालिका में भुगतान और टेंडर प्रक्रिया जारी रहने का आरोप
ICICI बैंक से कथित 50 करोड़ रुपये के भुगतान की उच्चस्तरीय जांच की मांग, जनता के पैसों का बैंक स्टेटमेंट सार्वजनिक करने की मांग
कलेक्टर को पार्षदों ने सौंपा सामूहिक पत्र, 42.67 लाख रुपये के निरस्त टेंडर फार्म में कथित भुगतान और फर्जी हस्ताक्षर से ठहराव प्रस्ताव बनाए जाने पर उठाए सवाल
सबलगढ़। नगर पालिका परिषद सबलगढ़ में कथित भ्रष्टाचार, वित्तीय अनियमितताओं और पारदर्शिता की मांग को लेकर शुरू किया गया जनहित सत्याग्रह 85वें दिन भी जारी रहा। इस दौरान पार्षदों ने नगर पालिका की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाते हुए जिला कलेक्टर मुरैना को सामूहिक पत्र सौंपकर कथित बड़े वित्तीय घोटालों, भुगतान और टेंडर प्रक्रियाओं की उच्चस्तरीय एवं निष्पक्ष जांच की मांग की।
पार्षदों ने कहा कि नगर पालिका अध्यक्ष के खिलाफ 17 दिसंबर 2025 को अविश्वास प्रस्ताव की प्रक्रिया की जा चुकी है। इसके बाद मामले में माननीय उच्च न्यायालय, ग्वालियर द्वारा भी शासन को निर्धारित समय-सीमा में आदेश का पालन करने के निर्देश दिए गए हैं। पार्षदों का आरोप है कि इसके बावजूद नगर पालिका में भुगतान और टेंडर संबंधी प्रक्रियाएं लगातार जारी हैं।
“अविश्वास प्रस्ताव के बाद आंखें मूंदकर किए जा रहे बड़े भुगतान”
पार्षदों का आरोप है कि अध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव और न्यायालय के निर्देशों के बावजूद नगर पालिका में जिम्मेदार अधिकारी कथित अनियमितताओं पर आंखें मूंदे बैठे हैं। उनका कहना है कि इसी कारण नगर पालिका में बड़े स्तर पर वित्तीय अनियमितताओं और कथित घोटालों को अंजाम दिए जाने की आशंका है।
पार्षदों ने आरोप लगाया कि नगर पालिका के ICICI बैंक खाते से करीब 50 करोड़ रुपये के कथित भुगतान की उच्चस्तरीय जांच आवश्यक है। उन्होंने मांग की कि संबंधित बैंक खातों के स्टेटमेंट, भुगतान की पूरी सूची, बिल-वाउचर, स्वीकृति, ठहराव प्रस्ताव और भुगतान की पूरी प्रक्रिया की जांच कराई जाए। साथ ही जनता के पैसों से संबंधित बैंक खाते का स्टेटमेंट सार्वजनिक किया जाए, ताकि जनता को भी नगर पालिका के वित्तीय लेन-देन की वास्तविक जानकारी मिल सके।
42.67 लाख रुपये के कथित भुगतान पर उठाए सवाल
पार्षदों ने जिला कलेक्टर को दिए सामूहिक पत्र में आरोप लगाया कि जिला कलेक्टर की TL बैठक में निरस्त किए गए विद्युत सामग्री टेंडर से संबंधित करीब 42.67 लाख रुपये का कथित भुगतान बाद में किया गया। पार्षदों का सवाल है कि यदि संबंधित टेंडर निरस्त किया जा चुका था तो उसके आधार पर भुगतान किस नियम, किस प्रक्रिया और किस सक्षम स्वीकृति के तहत किया गया?
पार्षदों ने इस मामले से जुड़े दस्तावेज भी जिला प्रशासन को सौंपे और मांग की कि निरस्त टेंडर से लेकर भुगतान तक की पूरी प्रक्रिया की निष्पक्ष जांच की जाए। पार्षदों का कहना है कि इस मामले में जिम्मेदारी तय होना आवश्यक है और यदि किसी स्तर पर अनियमितता पाई जाती है तो संबंधित जिम्मेदारों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जानी चाहिए।
“हमारे फर्जी हस्ताक्षर कर बनाए जा रहे ठहराव प्रस्ताव”
पार्षदों ने एक और गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि उनके कथित फर्जी हस्ताक्षर कर ठहराव प्रस्ताव तैयार किए जा रहे हैं और बिना विधिवत ठहराव प्रस्ताव के भुगतान एवं नए टेंडर लगाए जाने की शिकायत सामने आई है।
पार्षदों ने मांग की कि नगर पालिका में पिछले समय में पारित सभी ठहराव प्रस्तावों की जांच कराई जाए तथा उनमें लगे हस्ताक्षरों का संबंधित पार्षदों से सत्यापन कराया जाए। यदि किसी दस्तावेज पर फर्जी हस्ताक्षर पाए जाते हैं तो जिम्मेदार व्यक्तियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए।
50 करोड़ रुपये के कथित घोटाले की उच्चस्तरीय जांच की मांग
पार्षदों ने आरोप लगाया कि नगर पालिका में पिछले समय से करीब 50 करोड़ रुपये के कथित घोटाले और वित्तीय अनियमितताओं की शिकायतें सामने आ रही हैं। ऐसे में केवल एक-दो मामलों की जांच पर्याप्त नहीं है, बल्कि नगर पालिका के सभी बैंक खातों, ऑनलाइन एवं ऑफलाइन भुगतानों, टेंडर, ठहराव प्रस्ताव, निर्माण कार्यों और बिल-वाउचर की व्यापक जांच कराई जानी चाहिए।
पार्षदों ने कहा कि जनता के पैसों से जुड़े मामलों में पूरी पारदर्शिता आवश्यक है। उन्होंने जिला कलेक्टर मुरैना से मांग की कि पूरे मामले की किसी स्वतंत्र एवं उच्चस्तरीय जांच एजेंसी से जांच कराई जाए और जांच पूरी होने तक संदिग्ध भुगतानों एवं प्रक्रियाओं की भी समीक्षा की जाए।
पार्षदों ने स्पष्ट कहा कि जनहित सत्याग्रह नगर पालिका में पारदर्शिता, जवाबदेही और जनता के धन की सुरक्षा के लिए है। उनका कहना है कि उनके पास कथित अनियमितताओं से संबंधित दस्तावेज मौजूद हैं और वे सभी दस्तावेज जांच एजेंसी के समक्ष प्रस्तुत करने को तैयार हैं।
पार्षदों ने कहा—“17 दिसंबर को अध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव की प्रक्रिया किए जाने और माननीय उच्च न्यायालय के निर्देशों के बावजूद यदि नगर पालिका में बड़े भुगतान और टेंडर प्रक्रिया जारी है, तो इसकी निष्पक्ष जांच जरूरी है। जनता के पैसों का हिसाब जनता के सामने आना चाहिए।”
पार्षदों ने मांग की कि ICICI बैंक से हुए कथित भुगतान, निरस्त टेंडर, ऑनलाइन एवं ऑफलाइन भुगतान, टेंडर प्रक्रिया और कथित फर्जी ठहराव प्रस्तावों की निष्पक्ष जांच कराई जाए।
पार्षदों ने कहा कि जब तक नगर पालिका में कथित वित्तीय अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच नहीं होती और जनता के पैसों का पूरा हिसाब सामने नहीं आता, तब तक उनका जनहित सत्याग्रह जारी रहेगा।
    user_धर्मेद्र गौड़
    धर्मेद्र गौड़
    सबलगढ़, मुरैना, मध्य प्रदेश•
    5 hrs ago
  • Mahadev aaj dusra din hai har har mahadev shambhu Kashi Vishwanath bhole ✨🖇️🎯
    1
    Mahadev aaj dusra din hai 
har har mahadev shambhu Kashi Vishwanath bhole ✨🖇️🎯
    user_ adv poonam Singhal
    adv poonam Singhal
    Lawyer बारी, धौलपुर, राजस्थान•
    2 hrs ago
  • सरमथुरा महाकालेश्वर मंदिर पर सर्व समाज की मीटिंग की गई आयोजित सरमथुरा महाकालेश्वर मंदिर पर सर्व समाज की मीटिंग की गई आयोजित
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    सरमथुरा महाकालेश्वर मंदिर पर सर्व समाज की मीटिंग की गई आयोजित
सरमथुरा महाकालेश्वर मंदिर पर सर्व समाज की मीटिंग की गई आयोजित
    user_Bahid Khan
    Bahid Khan
    Local News Reporter सरमथुरा, धौलपुर, राजस्थान•
    3 hrs ago
  • ब्रैकिग मुरैना*अम्बाह में अवैध कब्जों के विरुद्ध लगातार कार्रवाई, 41 बीघा से अधिक भूमि मुक्त कराकर वास्तविक भूमिस्वामियों को दिलाया कब्जा* *वर्ष 2003 में आवंटित पट्टों पर 23 वर्ष बाद मिला अधिकार, कलेक्टर के निर्देशन में जारी है अभियान* मुरैना, 31 जुलाई 2026/मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मंशानुरूप गरीब एवं पात्र भूमिस्वामियों को उनकी भूमि का वास्तविक अधिकार दिलाने के लिए जिले में अवैध कब्जों के विरुद्ध अभियान निरंतर जारी है। इसी क्रम में कलेक्टर श्री लोकेश कुमार जांगिड़ के निर्देशन एवं अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) अम्बाह श्रीमती प्रतिज्ञा शर्मा के मार्गदर्शन में तहसील अम्बाह के ग्राम लुधावली में राजस्व विभाग द्वारा कार्रवाई करते हुए 41 बीघा से अधिक भूमि को अवैध कब्जे से मुक्त कराकर वास्तविक पट्टाधारियों को कब्जा दिलाया गया। कलेक्टर लोकेश कुमार जांगिड़ के निर्देशानुसार गठित राजस्व दल द्वारा ग्राम लुधावली स्थित सर्वे क्रमांक 302 एवं 306 की भूमि का सीमांकन कर कुल 8 पट्टाधारियों की 41 बीघा से अधिक भूमि को अवैध कब्जे से मुक्त कराया गया। कार्रवाई तहसीलदार श्री नरेश शर्मा के नेतृत्व एवं राजस्व निरीक्षक राजकुमार शर्मा की उपस्थिति में संपादित की गई। सीमांकन उपरांत नियमानुसार संबंधित वास्तविक भूमिस्वामियों को उनकी भूमि का कब्जा सौंपा गया। कार्रवाई में राजस्व निरीक्षक राजकुमार शर्मा के साथ पटवारी संजीव शर्मा, भोला शर्मा, प्रवीण सिंह जादौन एवं पुष्पेन्द्र कुमार शर्मा शामिल रहे। उल्लेखनीय है कि इससे पूर्व 23 जुलाई 2026 को भी ग्राम लुधावली में राजस्व विभाग द्वारा 14 पट्टाधारियों को सीमांकन उपरांत उनकी भूमि का कब्जा दिलाया गया था। शुक्रवार को जिन हितग्राहियों को उनकी भूमि का अधिकार प्राप्त हुआ, उनमें कदुमी, कैलाशी, ओमप्रकाश, आशाराम, रामबरन, करूआ, इतवारी, मुन्नालाल सिंह, रामसेवक, बंटी एवं मुकेश सहित ग्राम लुधावली के पात्र पट्टाधारी एवं उनके वैधानिक उत्तराधिकारी शामिल हैं। राजस्व अधिकारियों ने बताया कि इन हितग्राहियों को वर्ष 2003 में शासन द्वारा आजीविका के उद्देश्य से भूमि के पट्टे आवंटित किए गए थे, लेकिन अवैध कब्जों के कारण वे वर्षों तक अपनी भूमि का उपयोग नहीं कर सके। कई मूल पट्टाधारियों का इस दौरान निधन हो चुका था, इसलिए उनके वैधानिक वारिसों का सीमांकन कर उन्हें भूमि का विधिवत कब्जा सौंपा गया। तहसीलदार द्वारा बताया गया कि तहसील अम्बाह में गरीब, भूमिहीन एवं असहाय पात्र हितग्राहियों की भूमि पर किए गए अवैध कब्जों को हटाने की कार्रवाई प्राथमिकता के आधार पर निरंतर जारी रहेगी, ताकि प्रत्येक पात्र भूमिस्वामी को उसका वैधानिक अधिकार सुनिश्चित किया जा सके।
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    ब्रैकिग मुरैना*अम्बाह में अवैध कब्जों के विरुद्ध लगातार कार्रवाई, 41 बीघा से अधिक भूमि मुक्त कराकर वास्तविक भूमिस्वामियों को दिलाया कब्जा*

*वर्ष 2003 में आवंटित पट्टों पर 23 वर्ष बाद मिला अधिकार, कलेक्टर के निर्देशन में जारी है अभियान*

मुरैना, 31 जुलाई 2026/मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मंशानुरूप गरीब एवं पात्र भूमिस्वामियों को उनकी भूमि का वास्तविक अधिकार दिलाने के लिए जिले में अवैध कब्जों के विरुद्ध अभियान निरंतर जारी है। इसी क्रम में कलेक्टर श्री लोकेश कुमार जांगिड़ के निर्देशन एवं अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) अम्बाह श्रीमती प्रतिज्ञा शर्मा के मार्गदर्शन में तहसील अम्बाह के ग्राम लुधावली में राजस्व विभाग द्वारा कार्रवाई करते हुए 41 बीघा से अधिक भूमि को अवैध कब्जे से मुक्त कराकर वास्तविक पट्टाधारियों को कब्जा दिलाया गया।

कलेक्टर लोकेश कुमार जांगिड़ के निर्देशानुसार गठित राजस्व दल द्वारा ग्राम लुधावली स्थित सर्वे क्रमांक 302 एवं 306 की भूमि का सीमांकन कर कुल 8 पट्टाधारियों की 41 बीघा से अधिक भूमि को अवैध कब्जे से मुक्त कराया गया। कार्रवाई तहसीलदार श्री नरेश शर्मा के नेतृत्व एवं राजस्व निरीक्षक  राजकुमार शर्मा की उपस्थिति में संपादित की गई। सीमांकन उपरांत नियमानुसार संबंधित वास्तविक भूमिस्वामियों को उनकी भूमि का कब्जा सौंपा गया।

कार्रवाई में राजस्व निरीक्षक  राजकुमार शर्मा के साथ पटवारी  संजीव शर्मा, भोला शर्मा, प्रवीण सिंह जादौन एवं पुष्पेन्द्र कुमार शर्मा शामिल रहे।

उल्लेखनीय है कि इससे पूर्व 23 जुलाई 2026 को भी ग्राम लुधावली में राजस्व विभाग द्वारा 14 पट्टाधारियों को सीमांकन उपरांत उनकी भूमि का कब्जा दिलाया गया था। शुक्रवार को जिन हितग्राहियों को उनकी भूमि का अधिकार प्राप्त हुआ, उनमें कदुमी, कैलाशी, ओमप्रकाश, आशाराम, रामबरन, करूआ, इतवारी, मुन्नालाल सिंह, रामसेवक, बंटी एवं मुकेश सहित ग्राम लुधावली के पात्र पट्टाधारी एवं उनके वैधानिक उत्तराधिकारी शामिल हैं।

राजस्व अधिकारियों ने बताया कि इन हितग्राहियों को वर्ष 2003 में शासन द्वारा आजीविका के उद्देश्य से भूमि के पट्टे आवंटित किए गए थे, लेकिन अवैध कब्जों के कारण वे वर्षों तक अपनी भूमि का उपयोग नहीं कर सके। कई मूल पट्टाधारियों का इस दौरान निधन हो चुका था, इसलिए उनके वैधानिक वारिसों का सीमांकन कर उन्हें भूमि का विधिवत कब्जा सौंपा गया।

तहसीलदार द्वारा  बताया गया कि तहसील अम्बाह में गरीब, भूमिहीन एवं असहाय पात्र हितग्राहियों की भूमि पर किए गए अवैध कब्जों को हटाने की कार्रवाई प्राथमिकता के आधार पर निरंतर जारी रहेगी, ताकि प्रत्येक पात्र भूमिस्वामी को उसका वैधानिक अधिकार सुनिश्चित किया जा सके।
    user_Lokesh shukla
    Lokesh shukla
    कैलारस, मुरैना, मध्य प्रदेश•
    1 hr ago
  • श्योपुर में प्राइवेट कोचिंग संस्थान के वाहन ने तीन बहनों के भाई को रौंदा, 7 वर्षीय बालक घर के बाहर खेल रहा था उसी समय हुआ हादसा -श्योपुर के विजयपुर से एक ऐसी दर्दनाक खबर जिसने हर किसी को झकझोर कर रख दिया है। तेज रफ्तार और लापरवाही ने तीन बहनों के भाई की जिंदगी छीन ली है। विजयपुर थाना क्षेत्र के ग्राम हीरापुरा में एक निजी कोचिंग संस्थान से जुड़ा वाहन 7 वर्षीय मासूम अरुण कुशवाह को उस समय कुचल गया, जब वह अपने ही घर के बाहर खेल रहा था।सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि जिस वाहन से हादसा हुआ, उसमें एक दर्जन से अधिक स्कूली बच्चे भी सवार बताए जा रहे हैं। अगर वाहन अनियंत्रित होकर पलट जाता, तो यह हादसा और भी भयावह हो सकता था। ग्रामीणों का आरोप है कि चालक तेज रफ्तार में वाहन चला रहा था। हादसे के बाद गंभीर रूप से घायल मासूम को विजयपुर अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टर उसे बचा नहीं सके। तीन बहनों का भाई हमेशा के लिए दुनिया छोड़ गया और परिवार की खुशियां पलभर में मातम में बदल गईं।फिलहाल विजयपुर थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। इस मामले में जिम्मेदार लोगों पर सख्त कार्रवाई होगी या यह मामला भी समय के साथ ठंडे बस्ते में चला जाएगा। अब इस हादसे ने कई बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं..... निजी कोचिंग संस्थानों द्वारा विद्यार्थियों के परिवहन के लिए इस्तेमाल किए जा रहे वाहनों की क्या कोई निगरानी है...क्या इन वाहनों की नियमित जांच होती है...क्या संबंधित विभाग कभी यह देखने निकलते हैं कि बच्चों को किन परिस्थितियों में ढोया जा रहा है...यदि ग्रामीणों के आरोप सही हैं कि वाहन तेज रफ्तार और लापरवाही से चलाया जा रहा था, तो आखिर इसकी जिम्मेदारी किसकी है.... सिर्फ चालक पर कार्रवाई होगी, या परिवहन व्यवस्था की भी जांच होगी...
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    श्योपुर में प्राइवेट कोचिंग संस्थान के वाहन ने तीन बहनों के भाई को रौंदा, 7 वर्षीय बालक  घर के बाहर खेल रहा था उसी समय हुआ हादसा 
-श्योपुर के विजयपुर से एक ऐसी दर्दनाक खबर जिसने हर किसी को झकझोर कर रख दिया है। तेज रफ्तार और  लापरवाही ने तीन बहनों के भाई की जिंदगी छीन ली है। विजयपुर थाना क्षेत्र के ग्राम हीरापुरा में एक निजी कोचिंग संस्थान से जुड़ा वाहन 7 वर्षीय मासूम अरुण कुशवाह को उस समय कुचल गया, जब वह अपने ही घर के बाहर खेल रहा था।सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि जिस वाहन से हादसा हुआ, उसमें एक दर्जन से अधिक स्कूली बच्चे भी सवार बताए जा रहे हैं। अगर वाहन अनियंत्रित होकर पलट जाता, तो यह हादसा और भी भयावह हो सकता था।
ग्रामीणों का आरोप है कि चालक तेज रफ्तार में वाहन चला रहा था। हादसे के बाद गंभीर रूप से घायल मासूम को विजयपुर अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टर उसे बचा नहीं सके। तीन बहनों का भाई हमेशा के लिए दुनिया छोड़ गया और परिवार की खुशियां पलभर में मातम में बदल गईं।फिलहाल विजयपुर थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।  इस मामले में जिम्मेदार लोगों पर सख्त कार्रवाई होगी या यह मामला भी समय के साथ ठंडे बस्ते में चला जाएगा।
अब इस हादसे ने कई बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं..... निजी कोचिंग संस्थानों द्वारा विद्यार्थियों के परिवहन के लिए इस्तेमाल किए जा रहे वाहनों की क्या कोई निगरानी है...क्या इन वाहनों की नियमित जांच होती है...क्या संबंधित विभाग कभी यह देखने निकलते हैं कि बच्चों को किन परिस्थितियों में ढोया जा रहा है...यदि ग्रामीणों के आरोप सही हैं कि वाहन तेज रफ्तार और लापरवाही से चलाया जा रहा था, तो आखिर इसकी जिम्मेदारी किसकी है.... सिर्फ चालक पर कार्रवाई होगी, या परिवहन व्यवस्था की भी जांच होगी...
    user_Dileep kushwah
    Dileep kushwah
    Court reporter विजयपुर, श्योपुर, मध्य प्रदेश•
    1 hr ago
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