मिर्जापुर के विंध्याचल स्थित मां विंध्यवासिनी धाम में एक पत्रकार के साथ कथित मारपीट की घटना से जिले के पत्रकारों में गहरा आक्रोश है। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल होने के बाद मामले ने तूल पकड़ लिया है, जिससे निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग तेज हो गई है। जानकारी के अनुसार, स्थानीय पत्रकार रामलाल साहनी अपनी वैवाहिक वर्षगांठ के उपलक्ष्य में मां विंध्यवासिनी के दर्शन के लिए मंदिर पहुंचे थे। आरोप है कि मंदिर परिसर में ड्यूटी पर तैनात एक पुलिसकर्मी ने उन्हें निकास द्वार से प्रवेश करने से रोक दिया, जिसके बाद उन्होंने दूसरे मार्ग से दर्शन किए। कुछ समय बाद, पत्रकार ने देखा कि वही पुलिसकर्मी अपने परिचितों को उसी निकास द्वार से दर्शन के लिए भेज रहा था। पत्रकार ने कथित तौर पर इस घटना का वीडियो बनाना शुरू किया, जिस पर नाराज पुलिसकर्मी ने उनके साथ अभद्र व्यवहार किया और मारपीट की, जिससे पत्रकार घायल हो गए। घायल पत्रकार रामलाल साहनी ने दोषी पुलिसकर्मी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। वहीं, जिले के विभिन्न पत्रकार संगठनों और अन्य पत्रकारों ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए निष्पक्ष जांच और दोषी के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की मांग की है। पत्रकारों ने चिंता व्यक्त की है कि यदि लोकतंत्र के चौथे स्तंभ से जुड़े लोगों के साथ ऐसी घटनाएं होती हैं, तो यह गंभीर विषय है। उन्होंने प्रशासन से मामले को गंभीरता से लेते हुए निष्पक्ष जांच कराने का आग्रह किया है। इस घटना से जुड़ा वीडियो सोशल मीडिया पर व्यापक रूप से वायरल हो रहा है। समाचार लिखे जाने तक पुलिस विभाग की ओर से इस मामले पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया था। फिलहाल, मामले की जांच जारी है और जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की संभावित कार्रवाई का इंतजार है।
मिर्जापुर के विंध्याचल स्थित मां विंध्यवासिनी धाम में एक पत्रकार के साथ कथित मारपीट की घटना से जिले के पत्रकारों में गहरा आक्रोश है। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल होने के बाद मामले ने तूल पकड़ लिया है, जिससे निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग तेज हो गई है। जानकारी के अनुसार, स्थानीय पत्रकार रामलाल साहनी अपनी वैवाहिक वर्षगांठ के उपलक्ष्य में मां विंध्यवासिनी के दर्शन के लिए मंदिर पहुंचे थे। आरोप है कि मंदिर परिसर में ड्यूटी पर तैनात एक पुलिसकर्मी ने उन्हें निकास द्वार से प्रवेश करने से रोक दिया, जिसके बाद उन्होंने दूसरे मार्ग से दर्शन किए। कुछ समय बाद, पत्रकार ने देखा कि वही पुलिसकर्मी अपने परिचितों को उसी निकास द्वार से दर्शन के लिए भेज रहा था। पत्रकार ने कथित तौर पर इस घटना का वीडियो बनाना शुरू किया, जिस पर नाराज पुलिसकर्मी ने उनके साथ अभद्र व्यवहार किया और मारपीट की, जिससे पत्रकार घायल हो गए। घायल पत्रकार रामलाल साहनी ने दोषी पुलिसकर्मी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। वहीं, जिले के विभिन्न पत्रकार संगठनों और अन्य पत्रकारों ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए निष्पक्ष जांच और दोषी के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की मांग की है। पत्रकारों ने चिंता व्यक्त की है कि यदि लोकतंत्र के चौथे स्तंभ से जुड़े लोगों के साथ ऐसी घटनाएं होती हैं, तो यह गंभीर विषय है। उन्होंने प्रशासन से मामले को गंभीरता से लेते हुए निष्पक्ष जांच कराने का आग्रह किया है। इस घटना से जुड़ा वीडियो सोशल मीडिया पर व्यापक रूप से वायरल हो रहा है। समाचार लिखे जाने तक पुलिस विभाग की ओर से इस मामले पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया था। फिलहाल, मामले की जांच जारी है और जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की संभावित कार्रवाई का इंतजार है।
- मिर्जापुर के विंध्याचल स्थित मां विंध्यवासिनी धाम में एक पत्रकार के साथ कथित मारपीट की घटना से जिले के पत्रकारों में गहरा आक्रोश है। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल होने के बाद मामले ने तूल पकड़ लिया है, जिससे निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग तेज हो गई है। जानकारी के अनुसार, स्थानीय पत्रकार रामलाल साहनी अपनी वैवाहिक वर्षगांठ के उपलक्ष्य में मां विंध्यवासिनी के दर्शन के लिए मंदिर पहुंचे थे। आरोप है कि मंदिर परिसर में ड्यूटी पर तैनात एक पुलिसकर्मी ने उन्हें निकास द्वार से प्रवेश करने से रोक दिया, जिसके बाद उन्होंने दूसरे मार्ग से दर्शन किए। कुछ समय बाद, पत्रकार ने देखा कि वही पुलिसकर्मी अपने परिचितों को उसी निकास द्वार से दर्शन के लिए भेज रहा था। पत्रकार ने कथित तौर पर इस घटना का वीडियो बनाना शुरू किया, जिस पर नाराज पुलिसकर्मी ने उनके साथ अभद्र व्यवहार किया और मारपीट की, जिससे पत्रकार घायल हो गए। घायल पत्रकार रामलाल साहनी ने दोषी पुलिसकर्मी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। वहीं, जिले के विभिन्न पत्रकार संगठनों और अन्य पत्रकारों ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए निष्पक्ष जांच और दोषी के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की मांग की है। पत्रकारों ने चिंता व्यक्त की है कि यदि लोकतंत्र के चौथे स्तंभ से जुड़े लोगों के साथ ऐसी घटनाएं होती हैं, तो यह गंभीर विषय है। उन्होंने प्रशासन से मामले को गंभीरता से लेते हुए निष्पक्ष जांच कराने का आग्रह किया है। इस घटना से जुड़ा वीडियो सोशल मीडिया पर व्यापक रूप से वायरल हो रहा है। समाचार लिखे जाने तक पुलिस विभाग की ओर से इस मामले पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया था। फिलहाल, मामले की जांच जारी है और जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की संभावित कार्रवाई का इंतजार है।1
- प्रयागराज में एक लड़की के साथ सामूहिक दुष्कर्म का आरोप लगा है। इस गंभीर आरोप पर कार्रवाई की मांग को लेकर लड़की के परिजन स्थानीय थाने पहुंचे हैं।1
- प्रयागराज के फाफामऊ थाना क्षेत्र अंतर्गत बेला कछार के पास सोमवार को एक युवक पर जानलेवा हमला किया गया, जिससे उसकी हालत गंभीर बनी हुई है। घटना की सूचना मिलने पर स्थानीय पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और घायल युवक को उपचार के लिए अस्पताल भेजा। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण कर जांच शुरू कर दी है। इस संबंध में पुलिस उपायुक्त गंगानगर ने जानकारी दी कि उन्हें फाफामऊ क्षेत्र में बेला कछार के पास एक युवक के घायल होने की सूचना मिली थी। पुलिस ने तुरंत मौके पर पहुँचकर घायल को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि युवक पर धारदार या हमलावर तरीके से हमला किया गया है। पुलिस उपायुक्त ने बताया कि घटना के संबंध में साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं, स्थानीय लोगों से पूछताछ की जा रही है, और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की भी जांच की जा रही है। घटना के पीछे के कारणों का पता लगाने और आरोपियों की पहचान करने के लिए पुलिस की कई टीमें गठित की गई हैं। पुलिस ने आश्वस्त किया है कि जल्द ही पूरे मामले का खुलासा कर आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल, पुलिस घटना के सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच कर रही है और क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था भी बढ़ा दी गई है।1
- लखनऊ के अलीगंज इलाके में स्थित एक कोचिंग संस्थान की इमारत में लगी भीषण आग ने 15 लोगों की जान ले ली है, जिनमें ज्यादातर छात्र बताए जा रहे हैं। इस दर्दनाक हादसे में कई छात्र घायल भी हुए हैं, जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। अपनी जान बचाने के लिए कुछ छात्रों ने बाथरूम में छिपने की कोशिश की, लेकिन धुएं के कारण उनका दम घुट गया। वहीं, कुछ अन्य छात्रों ने इमारत से कूदकर अपनी जान बचाने का प्रयास किया, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना की जानकारी मिलते ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपना निर्धारित कार्यक्रम रद्द कर लखनऊ पहुंचे और घटनास्थल का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को घायलों के बेहतर इलाज और पूरे मामले की जांच के लिए आवश्यक निर्देश दिए हैं। इस बीच, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मृतकों के परिजनों को दो-दो लाख रुपये और घायलों को पचास-पचास हजार रुपये की सहायता राशि देने की घोषणा की है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू, राहुल गांधी और मायावती जैसे प्रमुख नेताओं ने भी इस हृदयविदारक घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया है।1
- कौशांबी जिले में पुलिस ने भैंस चोरी की घटनाओं में वांछित ₹25,000 के इनामी बदमाश गुड्डू उर्फ साहिल को एक मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया है। जवाबी फायरिंग में बदमाश के पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे इलाज के लिए जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। आरोपी के कब्जे से तमंचा, कारतूस और नकदी भी बरामद हुई है। यह मामला मंझनपुर थाना क्षेत्र के बंधवा रजबर और भेलखा गांव से 29 और 30 अप्रैल की रात चार भैंसों और एक बच्चे की चोरी से जुड़ा है। इन मुकदमों की जांच के दौरान पुलिस पहले ही छह अन्य आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी थी, जबकि गुड्डू उर्फ साहिल फरार चल रहा था और उस पर ₹25,000 का इनाम घोषित था। पुलिस के मुताबिक, मुखबिर से सूचना मिली थी कि गुड्डू उर्फ साहिल एदिलपुर नहर के पास अपने साथियों का इंतजार कर रहा है और किसी वारदात की फिराक में है। घेराबंदी के दौरान आरोपी ने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। पुलिस की आत्मरक्षा में की गई जवाबी कार्रवाई में उसके पैर में गोली लग गई और उसे गिरफ्तार कर लिया गया। घायल आरोपी की पहचान तूफान अहमद के पुत्र गुड्डू उर्फ साहिल, निवासी रहीमपुर मौलानी, थाना करारी के रूप में हुई है। उसके कब्जे से एक 315 बोर का तमंचा, एक खोखा कारतूस, एक जिंदा कारतूस और ₹3310 बरामद हुए हैं। पूछताछ में आरोपी ने अपने साथियों के साथ बंधवा रजबर और भेलखा गांव से भैंसें चोरी करने की बात स्वीकार की है। पुलिस के अनुसार, चोरी की गई भैंसों को उन्नाव के एक स्लॉटर हाउस में ₹30,000 में बेच दिया गया था, जिसकी रकम इन आरोपियों ने आपस में बांट ली थी। मंझनपुर के सीओ शिवांक सिंह ने बताया कि पुलिस इस मामले में आगे की विधिक कार्रवाई कर रही है।1
- कौशांबी में आयोजित दलित चौपाल के दौरान सामाजिक समरसता पर विशेष जोर दिया गया। इस कार्यक्रम को सांसद अरुण भारती ने संबोधित किया।1
- सूरत ग्रामीण जिला पुलिस ने 'तेरा तुझको अर्पण कार्यक्रम' के तहत चोरी हुए या गुम हुए कुल 222 मोबाइल फोन, जिनकी कीमत ₹42,84,917/- है, CEIR पोर्टल की मदद से बरामद कर उनके आवेदकों को वापस सौंप दिए हैं। यह पहल गुजरात पुलिस द्वारा की गई है, जिसका उद्देश्य लोगों को उनके खोए हुए सामान वापस दिलाना है। यह कार्यक्रम आज 22/06/2026 को सूरत जिले के कामरेज तालुका के वाव गांव स्थित श्री वशिष्ठ विद्यालय में आयोजित किया गया। इसकी अध्यक्षता सूरत रेंज पुलिस विभाग, सूरत के महानिरीक्षक श्री प्रेम वीर सिंह ने की। इस अवसर पर सूरत ग्रामीण जिला पुलिस के पुलिस अधीक्षक श्री राजेश गढिया भी उपस्थित रहे। सूरत ग्रामीण जिले के विभिन्न पुलिस थानों में हाल ही में या कम समय में चोरी या गुम हुए मोबाइल फोन की जानकारी संबंधित पुलिस स्टेशनों से एकत्र की गई थी। सूरत ग्रामीण जिले की LCB की तकनीकी टीम और पुलिस स्टेशनों ने मिलकर CEIR पोर्टल के माध्यम से इन सभी मोबाइल फोन की पहचान की। आज कुल 222 मोबाइल फोन बरामद किए गए और 'तेरा तुझको अर्पण कार्यक्रम' थीम के तहत उनके मालिकों/धारकों को सौंप दिए गए।4