गोगरी प्रखंड क्षेत्र के जमालपुर बाईपास के निकट नो एंट्री के कारण घंटे भर लग रहा जाम, स्थानीय लोगों को आवागवन में हुई काफी परेशानी गोगरी थाना क्षेत्र के जमालपुर बाईपास के निकट शनिवार को नो-एंट्री के कारण करीब एक घंटे तक भीषण जाम लग गया। दोपहर करीब एक बजे तक सड़क पर वाहनों की लंबी कतार लगी रही, जिससे आम लोगों को आवागमन में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। स्थानीय लोगों के अनुसार, अचानक लगाए गए नो-एंट्री और वाहनों के अनियंत्रित परिचालन के कारण स्थिति बिगड़ गई। जाम में फंसे लोगों को काफी देर तक इंतजार करना पड़ा, वहीं कई जरूरी काम से जा रहे लोगों को भी देरी हुई। हालांकि बाद में स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और कड़ी मशक्कत के बाद जाम को हटाया गया, जिससे यातायात सामान्य हो सका। लोगों का कहना है कि जमालपुर बाजार में अतिक्रमण और सड़क किनारे बेतरतीब तरीके से खड़े वाहनों के कारण अक्सर जाम की समस्या बनी रहती है। इसके बावजूद नगर परिषद के पदाधिकारी इस समस्या को लेकर मौन बने हुए हैं, जिससे स्थानीय लोगों में नाराजगी देखी जा रही है। स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से अतिक्रमण हटाने और यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाने की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की समस्या से निजात मिल सके।
गोगरी प्रखंड क्षेत्र के जमालपुर बाईपास के निकट नो एंट्री के कारण घंटे भर लग रहा जाम, स्थानीय लोगों को आवागवन में हुई काफी परेशानी गोगरी थाना क्षेत्र के जमालपुर बाईपास के निकट शनिवार को नो-एंट्री के कारण करीब एक घंटे तक भीषण जाम लग गया। दोपहर करीब एक बजे तक सड़क पर वाहनों की लंबी कतार लगी रही, जिससे आम लोगों को आवागमन में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। स्थानीय लोगों के अनुसार, अचानक लगाए गए नो-एंट्री और वाहनों के अनियंत्रित परिचालन के कारण स्थिति बिगड़ गई। जाम में फंसे लोगों को काफी देर तक इंतजार करना पड़ा, वहीं कई जरूरी काम से जा रहे लोगों को भी देरी हुई। हालांकि बाद में स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और कड़ी मशक्कत के बाद जाम को हटाया गया, जिससे यातायात सामान्य हो सका। लोगों का कहना है कि जमालपुर बाजार में अतिक्रमण और सड़क किनारे बेतरतीब तरीके से खड़े वाहनों के कारण अक्सर जाम की समस्या बनी रहती है। इसके बावजूद नगर परिषद के पदाधिकारी इस समस्या को लेकर मौन बने हुए हैं, जिससे स्थानीय लोगों में नाराजगी देखी जा रही है। स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से अतिक्रमण हटाने और यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाने की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की समस्या से निजात मिल सके।
- गोगरी नगर परिषद के सभी टेंपो स्टैंड का डाक सम्पन्न, 20 लाख 100 रुपये पर अंतिम बोली गोगरी। गोगरी नगर परिषद क्षेत्र अंतर्गत सभी टेंपो स्टैंडों के लिए शनिवार को नगर परिषद कार्यालय में डाक प्रक्रिया शांतिपूर्ण एवं कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच सम्पन्न हुई। शाम पांच बजे तक चली इस प्रक्रिया में कुल तीन बोलीदाताओं ने भाग लिया। डाक के दौरान प्रतिस्पर्धा के बीच अंतिम बोली 20 लाख 100 रुपये पर जाकर रुकी, जिस पर ऋषभ कुमार ने बाजी मारते हुए टेंपो स्टैंड का ठेका अपने नाम किया। डाक प्रक्रिया के दौरान पूरे परिसर में प्रशासन की ओर से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे, ताकि किसी प्रकार की अव्यवस्था न हो। इस मौके पर नगर परिषद की कार्यपालक पदाधिकारी सोनी कुमारी, उप सभापति राजेश कुमार पंडित सहित कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी उपस्थित रहे। सभी की निगरानी में पूरी प्रक्रिया पारदर्शी ढंग से संपन्न कराई गई। बताया जाता है कि नगर परिषद को इस डाक से अच्छी राजस्व प्राप्ति होने की उम्मीद है, जिससे शहर के विकास कार्यों में तेजी लाई जा सकेगी।1
- nigryugjskwso sanak ka facial. haha good morning 🌅🌄 hai mereb ksjajsj. kkahsfw ja Raha hoon main lyrics and music video 📸📸📷 bhais ka matalab hai mere bhai1
- Ticket No.: 29442 मुख्यमंत्री के प्रस्तावित दौरे से पहले मुंगेर हाई अलर्ट, मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने लिया तैयारियों का जायजा1
- मुंगेर में बिहार सरकार के मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने संभावित मुख्यमंत्री दौरे की तैयारी का जायजा लिया। मुख्यमंत्री के प्रस्तावित कार्यक्रम के तहत विश्व प्रसिद्ध योग आश्रम में पादुका दर्शन जाएंगे जहां तिरुपति बालाजी की उत्सव मूर्ति के पहुंचने पर आयोजित कार्यक्रम में भाग लेंगे।1
- Post by Adv Pranav Kumar1
- सेवा में, श्री बबलू मंडल (माननीय विधायक), श्री राजेश वर्मा (माननीय सांसद), एवं श्री हेमंत कुमार (माननीय मुखिया जी)। विषय: वार्ड नंबर 1, गाछी टोला में कच्चे रास्ते की जगह नई पक्की सड़क बनवाने हेतु आवेदन। महोदय, सविनय निवेदन यह है कि हम बछौता पंचायत, खगड़िया के वार्ड नंबर 1, गाछी टोला के निवासी हैं। हमारे टोले में अभी तक कोई पक्की सड़क नहीं बनी है, बल्कि यहाँ केवल एक कच्चा रास्ता है। इस कच्चे रास्ते के कारण हम सभी को आने-जाने में भारी कठिनाई होती है। विशेष रूप से बरसात के मौसम में यह रास्ता कीचड़ में तब्दील हो जाता है, जिससे यहाँ चलना लगभग असंभव हो जाता है। इसका सबसे बुरा असर हम विद्यार्थियों पर पड़ता है, जिन्हें पढ़ने-लिखने के लिए स्कूल या कॉलेज जाने में बहुत ज़्यादा दिक्कत होती है। रास्ते की इस बदहाली के कारण हमारी पढ़ाई का काफी नुकसान हो रहा है। अतः आपसे विनम्र अनुरोध है कि हमारी इस समस्या को देखते हुए इस कच्चे रास्ते की जगह जल्द से जल्द एक नई पक्की सड़क (पीसीसी या पिच) का निर्माण करवाने की कृपा करें। इसके लिए हम सभी ग्रामवासी आपके सदैव आभारी रहेंगे। धन्यवाद। भवदीय, समस्त ग्रामवासी (गाछी टोला, वार्ड नंबर 1) नाम: [ MD Saqib ] पता: बछौता, खगड़िया1
- भागलपुर से बड़ी खबर सामने आ रही है, जहां कथित फेक एनकाउंटर मामले में रामधनी यादव के छोटे बेटे अंकित यादव ने बड़ा बयान दिया है। अंकित यादव का कहना है कि, “मेरे पिता का एनकाउंटर पूरी तरह से फर्जी है। उन्हें पहले से ही पुलिस ने हिरासत में लिया था और बाद में कहानी बनाकर एनकाउंटर दिखाया गया। हमें न्याय चाहिए और इस मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।” उन्होंने आगे आरोप लगाया कि परिवार पर दबाव बनाया जा रहा है और मीडिया में सच्चाई सामने नहीं आने दी जा रही है। परिवार ने राज्य सरकार और उच्च अधिकारियों से इस पूरे मामले की CBI या न्यायिक जांच की मांग की है, ताकि सच्चाई सामने आ सके और दोषियों पर कार्रवाई हो।1
- गोगरी थाना क्षेत्र के जमालपुर बाईपास के निकट शनिवार को नो-एंट्री के कारण करीब एक घंटे तक भीषण जाम लग गया। दोपहर करीब एक बजे तक सड़क पर वाहनों की लंबी कतार लगी रही, जिससे आम लोगों को आवागमन में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। स्थानीय लोगों के अनुसार, अचानक लगाए गए नो-एंट्री और वाहनों के अनियंत्रित परिचालन के कारण स्थिति बिगड़ गई। जाम में फंसे लोगों को काफी देर तक इंतजार करना पड़ा, वहीं कई जरूरी काम से जा रहे लोगों को भी देरी हुई। हालांकि बाद में स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और कड़ी मशक्कत के बाद जाम को हटाया गया, जिससे यातायात सामान्य हो सका। लोगों का कहना है कि जमालपुर बाजार में अतिक्रमण और सड़क किनारे बेतरतीब तरीके से खड़े वाहनों के कारण अक्सर जाम की समस्या बनी रहती है। इसके बावजूद नगर परिषद के पदाधिकारी इस समस्या को लेकर मौन बने हुए हैं, जिससे स्थानीय लोगों में नाराजगी देखी जा रही है। स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से अतिक्रमण हटाने और यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाने की मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की समस्या से निजात मिल सके।1